रायगढ़,एजेंसी। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में भारी बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर हैं। जलस्तर बढ़ने से केलो डैम के 3 गेट खोल दिए गए हैं। वहीं गरज-चमक के कारण कई बिजली खंभों के पिन इंसुलेटर फट गए हैं। जिसके कारण 10 से अधिक गांवों में बिजली सप्लाई ठप है।
दरअसल, मंगलवार को ग्रामीण क्षेत्रों में बारिश के कारण डैम का जलस्तर बढ़ते गया। इसे देखते हुए दोपहर को ही डैम के 2 गेट को खोले गए। लेकिन शाम से पूरे जिले में तेज बारिश होने लगी। ऐसे में बढ़ते जलस्तर को देखते हुए रात को 1 गेट खोल गया।
बताया जा रहा है कि अभी पानी लेबल में है, लेकिन गरज-चमक और बारिश की वजह से बिजली व्यवस्था काफी हद तक प्रभावित हुई है। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के बिजली पोल में लगे कई पिन इंसुलेटर फट गए हैं। इसके बाद से खरसिया ब्लाॅक के कई गांव और रायगढ़ के महापल्ली क्षेत्र 10 से अधिक गांव में बिजली सप्लाई बंद है।

डैम का गेट खोलने से केलो नदी का जलस्तर बढ़ गया है।
कई गांव में बिजली व्यवस्था ठप
बताया जा रहा है कि खरसिया क्षेत्र के किरोड़ीमल नगर के सिंघनपुर सबस्टेशन के नहरपाली फिडर से जुड़े नहरपाली, गिंडोला, दर्रामुड़ा, मांझीडीपा, बिंजकोट, भगोराडीह और झीटीपाली गांवों में पिछले 10-12 घंटों से बिजली बंद है। इसके अलावा महापल्ली, लोईंग, सियारपाली समेत अन्य गांव में भी रात से बिजली नहीं है।
मंगलवार से रुक-रुककर तेज बारिश हो रही है।
तेज गरज के कारण आयी समस्या
बिजली विभाग के अधीक्षक यंत्री गुंजन शर्मा ने बताया कि गरज-चमक की वजह से कई खंभों के पिन इंसुलेटर फट गए हैं। इस बार ज्यादा पिन इंसुलेटर को नुकसान हुआ है। लाइन में काम चल रहा है और लगभग काम पूरा होने वाला है। जल्द ही बिजली व्यवस्था पूरी तरह सुधर जाएगी।
डैम में 231.85 मीटर लेबल पानी
केलो परियोजना के ईई एमके गुप्ता ने बताया कि डैम में जलभराव को देखते हुए 3 गेट खोले गए हैं। अभी डैम में पानी का लेबल 231.85 मीटर है। इस वजह से केलो नदी का भी जल स्तर बढ़ा हुआ है। डैम के जलभराव की लगातार मानिटरिंग की जा रही है।
