रायपुर, एजेंसी। छत्तीसगढ़ में करीब 36 घंटे हुई लगातार बारिश के बाद अब बारिश थम गई है। रायपुर समेत कई हिस्सों में पानी भर गया है। महादेवघाट पुल से 2 फीट ऊपर पानी बह रहा है। घाट किनारे बसे 120 परिवारों का रेस्क्यू किया गया है। हालात को देखते हुए यहां आज मूर्ति विसर्जन पर रोक लगा दी गई है। कल सुबह फिर विसर्जन किया जाएगा।
इधर बिलासपुर की अरपा नदी में गणेश विसर्जन के दौरान 2 बच्चे बह गए, जिनकी तलाश की जा रही है। रायपुर के इंद्रप्रस्थ कॉलोनी फेस-2 के EWS B ब्लॉक में पूरा इलाका पानी में डूब गया है। सुरक्षा के चलते बिजली काटी गई है।
दक्षिण छत्तीसगढ़ बारिश से सबसे ज्यादा प्रभावित है। जगदलपुर के चिवनी, भाटी और लालबाग इलाकों में बाढ़ से लोगों के घरों का राशन बह गया। 100 से ज्यादा प्रभावितों को राहत शिविर में रखा गया है। बस्तर में सड़कें डूबी हुई हैं। 6 ट्रेनें और एक फ्लाइट कैंसिल की गई हैं। जगदलपुर से रायपुर रास्ता डायवर्ट किया गया है।
धमतरी में पानी भरे पुल को पार करते समय एक कार तेज बहाव में बह गई। कार में सवार दो लोगों ने कांच तोड़कर बाहर निकलकर जान बचाई। गंगरेल डैम के 14 गेट से पानी छोड़ा जा रहा है। हालात को देखते हुए प्रदेशभर के सभी स्कूलों में आज छुट्टी कर दी गई है।
खारून नदी उफान पर है और महादेवघाट पुल के ऊपर से पानी बह रहा है। ड्रोन से वीडियो फोटोग्राफर प्रवीण देवांगन ने लिया है।
चित्रकोट वाटरफॉल अपने पूरे शबाब पर है।
इससे पहले साल 2019 में महादेवघाट में इस तरह के हालात बने थे।
