रायपुर,एजेंसी। छत्तीसगढ़ भाजपा में प्रदेश अध्यक्ष को लेकर सियासी हलचल फिर तेज हो गई है। मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव सड़क हादसे में घायल हैं। जिसके चलते संगठनात्मक गतिविधियों में उनकी सक्रियता सीमित होने के बीच नए अध्यक्ष को लेकर पार्टी के भीतर चर्चा शुरू हो गई है।
इस रेस में केंद्रीय मंत्री और बिलासपुर सांसद तोखन साहू और पूर्व विधायक शिवरतन शर्मा का नाम सबसे आगे चल रहा है। इसके अलावा कुरुद विधायक अजय चंद्राकर, राजनांदगांव सांसद संतोष पांडेय और रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल के नाम भी संभावित दावेदारों के रूप में चर्चा में हैं। ऐसे में अंतिम फैसला भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व ही करेगा।

CM साय के साथ लगातार बैठकों में शामिल हो रहे तोखन
तोखन साहू पिछले करीब एक सप्ताह से मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के साथ संगठन और सरकार से जुड़ी महत्वपूर्ण बैठकों में लगातार नजर आ रहे हैं। उनकी बढ़ती सक्रियता को प्रदेश संगठन में नई जिम्मेदारी मिलने की संभावनाओं से जोड़कर देखा जा रहा है। पार्टी के भीतर इसे लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।
OBC समीकरण भी अहम
तोखन साहू वर्तमान में केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार में मंत्री हैं और बिलासपुर लोकसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं। उनके नाम पर चर्चा के पीछे OBC समीकरण को भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। साहू समाज का प्रदेश की राजनीति में प्रभाव है। ऐसे में भाजपा संगठन की जिम्मेदारी उन्हें देकर सामाजिक समीकरण को साधने की कोशिश कर सकती है।
बिलासपुर संभाग में बढ़ेगा फोकस
भाजपा बस्तर और सरगुजा में मजबूत मानी जाती है, जबकि बिलासपुर संभाग में संगठन को और मजबूत करने की गुंजाइश है। तोखन साहू के अध्यक्ष बनने से पार्टी को इस क्षेत्र में अपना जनाधार बढ़ाने का लाभ मिल सकता है।
फिलहाल पांचों नामों को लेकर चर्चाएं हैं, लेकिन अंतिम फैसला केंद्रीय नेतृत्व के हाथ में है। पार्टी की ओर से औपचारिक घोषणा होने के बाद ही तस्वीर साफ होगी।
