संवाददाता साबीर अंसारी
बांकी मोगरा :– लगातार चरमराई बिजली व्यवस्था और उपभोक्ताओं की बढ़ती शिकायतों के बीच विद्युत विभाग के डीई राजेश चौहान ने शनिवार देर रात बांकीमोंगरा सब स्टेशन का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर मौजूद कर्मचारियों और स्थानीय लोगों से सीधे चर्चा कर बिजली आपूर्ति में आ रही बाधाओं की जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान लोगों ने विभाग की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताते हुए स्टाफ की कमी, संसाधनों के अभाव और लगातार बिजली कटौती की समस्याओं को खुलकर रखा।
सब स्टेशन में कर्मचारियों ने अधिकारी डीई को बताया कि यहां केवल एक सीढ़ी उपलब्ध है, जिसे दूसरे क्षेत्र में कार्य के लिए भेज दिया गया था। ऐसे में विद्युत लाइन पर सुधार कार्य समय पर नहीं हो सका। इस पर डीई राजेश चौहान ने तत्काल संज्ञान लेते हुए दो दिनों के भीतर दो नई सीढ़ियां उपलब्ध कराने का भरोसा दिया।
निरीक्षण के दौरान स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि पहले अलग-अलग फीडरों के लिए लगाए गए एबी (AB) स्विच खराब हो चुके हैं। इसके कारण किसी एक क्षेत्र में मरम्मत कार्य करने के लिए पूरे इलाके की बिजली बंद करनी पड़ती है। डीई ने आश्वस्त किया कि एक सप्ताह के भीतर नया एबी स्विच स्थापित किया जाएगा, जिससे फीडरवार बिजली संचालन संभव हो सकेगा और अनावश्यक कटौती से राहत मिलेगी।
सब स्टेशन में नियमित कर्मचारियों की कमी का मुद्दा भी जोरदार तरीके से उठाया गया। लोगों ने बताया कि जहां तीन नियमित कर्मचारियों की आवश्यकता है, वहां केवल एक कर्मचारी पदस्थ है। वहीं आउटसोर्स कर्मचारी बिना नियमित सीएसईबी कर्मचारी की मौजूदगी के पोल पर चढ़कर कार्य करने को मजबूर हैं। इस पर डीई ने कहा कि सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए जल्द अतिरिक्त कर्मचारियों की व्यवस्था की जाएगी।
जर्जर ट्रांसफार्मरों की स्थिति पर भी अधिकारियों का ध्यान आकर्षित कराया गया। डीई राजेश चौहान ने कहा कि सभी ट्रांसफार्मरों का सर्वे कराया जाएगा और आवश्यक मरम्मत कार्य प्राथमिकता के आधार पर कराया जाएगा, ताकि बार-बार होने वाली तकनीकी खराबियों से छुटकारा मिल सके।
उपभोक्ताओं ने विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा फोन नहीं उठाने की शिकायत भी की। इस पर डीई ने स्पष्ट कहा कि यदि किसी स्तर पर लापरवाही होती है या फोन रिसीव नहीं किया जाता है तो उपभोक्ता सीधे उनसे संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि हर शिकायत का त्वरित निराकरण किया जाएगा।
इसी दौरान गेवरा क्षेत्र से पहुंचे कई ग्रामीणों ने दो दिनों से बिजली आपूर्ति बाधित रहने पर आक्रोश जताया। उनका कहना था कि बिजली नहीं रहने से पानी की समस्या खड़ी हो गई है और भीषण गर्मी में लोगों का जीवन प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि विभागीय कर्मचारी लगातार आने का आश्वासन देते रहे, लेकिन सुधार कार्य शुरू नहीं किया गया।
लोगों की शिकायतें सुनने के बाद डीई राजेश चौहान ने स्वीकार किया कि स्टाफ और संसाधनों की कमी के कारण सुधार कार्यों में देरी हुई है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि दो दिनों के भीतर सभी लंबित कार्य पूरे कर लिए जाएंगे तथा भविष्य में बांकीमोंगरा की बिजली व्यवस्था को अधिक सुदृढ़ और व्यवस्थित बनाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
