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पूर्व सीएम बोले-छत्तीसगढ़ में वोट चोरी से हारी कांग्रेस:बघेल ने चुनाव आयोग को बताया भाजपा का सहयोगी संगठन,बोले-साय को प्रदेश की कोई चिंता नहीं

बिलासपुर,एजेंसी। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कोटा में विश्व आदिवासी दिवस के कार्यक्रम में शामिल होने के बाद बिलासपुर में मीडिया से बात की। उन्होंने राज्य और केंद्र सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। बघेल ने कहा कि प्रदेश में आज एक आदिवासी मुख्यमंत्री है, लेकिन इसके बावजूद आदिवासियों के अधिकारों का हनन हो रहा है।

नक्सलियों के नाम पर आदिवासियों को जेल में डाला जा रहा है, फर्जी एनकाउंटर हो रहे हैं और सैकड़ों केस बिना कारण उन पर लगाए गए हैं। उन्होंने दावा किया कि बीते 20 महीनों में करीब 35-40 हजार आदिवासी छत्तीसगढ़ छोड़ने को मजबूर हुए हैं।

उन्होंने तमनार और हसदेव के जंगलों का मुद्दा उठाते हुए कहा कि जिन गांवों में हमारी सरकार ने सामुदायिक पट्टे दिए थे, वहां अब उद्योगपतियों के लिए जंगल काटे जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कोयला खनन के लिए जितनी अनुमति मिली थी, उससे ज्यादा खुदाई हो रही है, और कोयला राजस्थान या अदाणी को भेजा जा रहा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि आदिवासी मुख्यमंत्री को आगे रखकर असली एजेंडा जंगल उजाड़ने और उद्योगपतियों को फायदा पहुंचाने का है।

पूर्व सीएम ने कहा- छत्तीसगढ़ में वोट चोरी से कांग्रेस की हार हुई

पूर्व सीएम ने कहा- छत्तीसगढ़ में वोट चोरी से कांग्रेस की हार हुई

बघेल बोले- छत्तीसगढ़ में वोट चोरी से हारे कई सीटें

वोट चोरी के मुद्दे पर बघेल ने कहा कि राहुल गांधी ने आंकड़े ओर तथ्यों के साथ खुलासा किया। लोगों का विश्वास डगमगा गया है। हम लगातार कह रहे थे, वोट चोरी हो रही है। वोटों में बड़ी गड़बड़ियां हुई हैं। छत्तीसगढ़ में भी कई सीटों पर वोट चोरी की वजह से हार हुई है।

उन्होंने कहा, कांकेर में सिर्फ 1800 वोटों से हार हुई, जबकि जनता का पूरा समर्थन था। विधानसभा में भी यही स्थिति थी। इसी तरह पत्थलगांव और अंबिकापुर जैसी सीटों पर भी वोट चोरी के कारण हार हुई और भाजपा ने सरकार बना ली।

बघेल ने कहा, चुनाव आयोग निष्पक्ष नहीं होगा और लोगों के वोट चोरी होंगे, तो ऐसे चुनाव का कोई औचित्य नहीं। बघेल ने चुनाव आयोग को भाजपा का सहयोगी संगठन बताते हुए कहा कि “दाल में काला नहीं, पूरी दाल ही काली है।

DAP-यूरिया की भारी कमी

प्रदेश में खाद की कमी और नकली खाद की बिक्री पर उन्होंने सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि डीएपी और यूरिया की भारी कमी है, लेकिन सरकार कोई कार्रवाई नहीं कर रही। नकली खाद खुलेआम बिक रहा है और किसानों को पानी की भी भारी किल्लत झेलनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि खुड़िया बांध खोलने से पूरे प्रदेश के किसानों की जरूरतें पूरी नहीं हो सकतीं। डिप्टी सीएम अरुण साव पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि वह अब तक एक किलोमीटर सड़क भी नहीं बनवा पाए हैं।

पूर्व सीएम बघेल ने सीएम साय पर भी निशाना साधा

सीएम साय को छत्तीसगढ़ की चिंता नहीं

बघेल ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय पर भी निशाना साधा और कहा कि वे “शेषनाग के सैया में विश्राम कर रहे हैं” और प्रदेश की स्थिति को लेकर गंभीर नहीं हैं। उन्होंने कहा कि स्कूलों में शिक्षक नहीं हैं, बिजली कटौती हो रही है और बिल भी बढ़ रहे हैं। केंद्र सरकार की ओर से संगठन विस्तार के नाम पर उन्हें दिल्ली बुलाया गया था, लेकिन असल में यह बिहार चुनाव की तैयारी थी, छत्तीसगढ़ की कोई चर्चा नहीं हुई।

ईवीएम और चुनाव प्रणाली को लेकर भी उन्होंने सवाल उठाए और कहा कि जिस दिन ईवीएम हाथ में लगेगी, पता चल जाएगा कि उसे कैसे मेनिपुलेट किया जाता है। उन्होंने कहा कि जहां ईवीएम बनती है, वहां बैलेट पेपर से चुनाव होते हैं। हमारा संविधान पर भरोसा है, लेकिन पिछले 10-12 सालों से चुनाव आयोग पर भरोसा डगमगाया है।

भाजपा बहुसंख्यकों को बहलाती, अल्पसंख्यकों को डराती है

पीएम मोदी पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि मोदी जी ने संसद की सीढ़ियों में मत्था टेका था, लेकिन अब वही संसद नहीं रही। उन्होंने भाजपा की राजनीति पर कहा कि वे बहुसंख्यकों को अपने पक्ष में लाकर अल्पसंख्यकों, मुसलमानों, ईसाइयों और आदिवासियों को टारगेट करते हैं। उन्होंने पूछा कि बजरंग दल के लोग अदाणी के गुंडों से सवाल क्यों नहीं करते, जो आदिवासियों को परेशान कर रहे हैं।

नेहरू पर भाजपा के हमले पर उन्होंने कहा कि नेहरू आज भी प्रासंगिक हैं, तभी भाजपा और आरएसएस उन्हें बार-बार निशाना बनाते हैं। ईडी और सीबीआई को लेकर उन्होंने कहा कि अब जनता समझ चुकी है कि इन एजेंसियों का इस्तेमाल विपक्ष को डराने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने साफ किया कि वे भाजपा में शामिल नहीं होंगे और कहा, “मैं हेमंत बिस्वा शर्मा नहीं हूं।”

जनप्रतिनिधियों के साथ अफसरों के व्यवहार पर भी उन्होंने कहा कि अब भाजपा नेताओं को अधिकारी गंभीरता से नहीं लेते। उन्होंने रेणुका सिंह का उदाहरण दिया कि जिनसे अफसर पहले डरते थे, आज वे उन्हें चेंबर से निकाल दे रहे हैं।

महादेव सट्टा और भ्रष्टाचार पर बघेल ने कहा कि अब डबल इंजन सरकार में “प्रोटेक्शन मनी” अमित शाह, विष्णु देव साय और मोदी ले रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अगर भाजपा एकतरफा कार्टून और अपमानजनक बातें कहेगी, तो कांग्रेस भी चुप नहीं बैठेगी।

आगे मोदी-ट्रंप रिश्ते पर उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि दोस्त दोस्त न रहा.. नरेंद्र मोदी की बेइज्जती करे, तो कोई बात नहीं, लेकिन कोई देश के पीएम का अपमान, देश का अपमान करे ये बर्दाश्त नहीं।

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