बुजुर्गों की सेवा और सम्मान ही सच्चे संस्कारों की पहचान – लायन अग्रवाल
कोरबा। मानव सेवा ईश्वर सेवा ध्येय वाक्य के तहत् दिनांक 08 अक्टूबर 2026 को दुरपा रोड सर्वमंगला मंदिर के पास स्थित प्रशांति वृद्धाश्रम में लायंस क्लब कोरबा गुरुकुल एवं नितेश कुमार मेमोरियल लायंस पब्लिक स्कूल के संयुक्त तत्वाधान में वृद्धजनो´ को आवश्यक सामाग्रियो´ का वितरण रीजन चेयरमेन एमजेएफ लायन पवन अग्रवाल के मुख्य आतिथ्य में किया गया। कार्यक्रम में पीएमजेएफ लायन डाॅ.राजकुमार अग्रवाल (पूर्व प्रान्तपाल) एवं प्रशांति वृद्धाश्रम के अध्यक्ष सादिक खान बतौर विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित थे।

सर्वप्रथम क्लब अध्यक्ष लायन दर्शन अग्रवाल के द्वारा वृद्धाश्रम में निवासरत सभी वृद्धजनो´ का स्वागत किया। तत्पश्चात् क्लब मार्गदर्शक पीएमजेएफ लायन डाॅ. राजकुमार अग्रवाल ने अपने उद्बोधन में कहा कि वृद्धजनों की सेवा और सम्मान करना हम सभी का नैतिक एवं सामाजिक दायित्व है। उन्होंने कहा कि बुजुर्ग हमारे परिवार और समाज की अमूल्य धरोहर हैं। उनके अनुभव हमारे जीवन के लिए मार्गदर्शक हैं और हमें उनके अनुभवों से सीख लेकर आगे बढ़ना चाहिए। रीजन चेयरमेन एमजेएफ लायन पवन अग्रवाल ने कहा कि सेवा कार्य किसी एक दिन या अवसर तक सीमित नहीं होना चाहिए। हमें अपनी क्षमता के अनुसार निरंतर सेवा एवं परोपकार के कार्य करते रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि हम सभी को अपने जीवन में सेवा का कोई न कोई माध्यम अवश्य खोजना चाहिए और जरूरतमंदों की सहायता के लिए सदैव आगे आना चाहिए। उन्होंने उपस्थित सभी लोगों को मानव सेवा के लिए प्रेरित किया।
उद्बोधन पश्चात् लायन सदस्यो द्वारा प्रशांति वृद्धाश्रम में निवासरत वृद्धजनो´ को उनकी दैनिक आवश्यकताओं में उपयोगी विभिन्न सामग्री प्रदान की गईं तथा उनका सम्मान करते हुए उनके साथ आत्मीय संवाद किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य वरिष्ठजनों के प्रति सम्मान, संवेदना और सेवा की भावना को समाज में और अधिक मजबूत करना था।
प्रशांति वृद्धाश्रम के अध्यक्ष सादिक खान ने उपस्थित लायन सदस्यो´, शिक्षको´ को संबोधित करते हुए कहा कि यदि हम अपने बच्चों को बचपन से ही माता-पिता एवं बुजुर्गों का सम्मान करना सिखाएं, तो परिवार में ऐसी परिस्थितियां उत्पन्न ही नहीं होंगी, जिनके कारण किसी वरिष्ठजन को वृद्धाश्रम का सहारा लेना पड़े। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि बुजुर्गों की बातों को धैर्यपूर्वक सुनें, उनकी भावनाओं का सम्मान करें और उनके अनुभवों को परिवार की अमूल्य विरासत मानें।
उक्त कार्यक्रम में लायन प्रेमलता अग्रवाल, लायन किरण अग्रवाल, लायन सुरेन्द्र कुमार डनसेना, लायन सुभाष चंद अनंत, लायन पार्वती दास सहित अन्य लायन सदस्य उपस्थित थें।
