नई दिल्ली,एजेंसी। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच भारत सरकार ने देशवासियों को ईंधन सप्लाई को लेकर जनता को भरोसा दिलाया है कि देश में पेट्रोल, डीजल गैस की कोई कमी नहीं है इस बीच पैनिक बायिंग से बचे।

पीटीआई की एक रिपोर्ट के अनुसार, पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने एक आधिकारिक संदेश जारी करते हुए लोगों से अपील की है कि वे पेट्रोल, डीजल या रसोई गैस की कमी की अफवाहों पर ध्यान न दें और घबराहट में आकर जरूरत से ज्यादा खरीदारी (पैनिक बायिंग) न करें। सरकार ने स्पष्ट किया है कि भले ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर होर्मुज स्ट्रेट जैसे महत्वपूर्ण समुद्री रास्तों पर संकट के बादल मंडरा रहे हों, लेकिन भारत के पास पेट्रोलियम उत्पादों और कुकिंग गैस का पर्याप्त भंडार मौजूद है। मंत्रालय की ओर से साफ कहा गया है कि सिर्फ आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें और ऊर्जा को बचाएं।
सरकार की ओर से यह भी बताया गया है कि ईंधन की सप्लाई चेन को बिना किसी रुकावट के चालू रखने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। घरेलू उपभोक्ताओं, अस्पतालों और अन्य अनिवार्य सेवाओं के लिए रसोई गैस और PNG की सप्लाई को प्राथमिकता दी गई है। बाजार में मांग और आपूर्ति का संतुलन बनाए रखने के लिए रिफाइनरियों में उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं और LPG रिफिलिंग की प्रक्रिया को भी सुधारा गया है ताकि हर किसी को समय पर सिलेंडर मिल सके।
जमाखोरी या कालाबाजारी पर सख्त एक्शन
इसी बीच प्रशासन उन लोगों पर भी सख्त नजर रख रहा है जो इस स्थिति का फायदा उठाकर जमाखोरी या कालाबाजारी करने की कोशिश कर रहे हैं। अब तक देशभर में 3,700 से अधिक जगहों पर छापेमारी की गई है और नियमों का उल्लंघन करने वाले 27 गैस वितरकों व डीलरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए उनके लाइसेंस निलंबित किए गए हैं। इशके अलावा एलपीजी डिस्ट्रिब्यूटर्स को लगभग 1,000 कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं।
