नई दिल्ली, एजेंसी। बिहार के खगड़िया और चंपारण समेत 20 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के मुताबिक, 1 सितंबर तक बारिश का दौर जारी रह सकता है।
वहीं, नेपाल में आई बाढ़ से बिहार के 8 जिलों में हाई अलर्ट है। गंगा और गंडक खतरे के निशान से ऊपर हैं। कोसी और बागमती नदियां भी उफान पर हैं। यहां 50 हजार से ज्यादा घर पानी में डूबे हैं।
उत्तराखंड के 11 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, गुरुवार को चमोली में लैंडस्लाइड से बद्रीनाथ हाईवे कुछ देर के लिए बाधित हुआ।
हिमाचल प्रदेश में एक बार फिर भारी बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है। मौसम विभाग ने 31 अगस्त से 2 सितंबर तक अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। लैंडस्लाइड्स और भारी बारिश के चलते राज्य में 70 सड़कें बंद हैं।
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देशभर से मौसम की तस्वीरें
तस्वीर बिहार के वैशाली की है, जहां गंडक नदी गंगा में मिलती है। यहां देसरी, गनियारी घाट से सटे गांवों में पानी घुसने लगा है।
यूपी के महोबा में गुरुवार सुबह से शाम तक सबसे ज्यादा 131.6 मिमी बारिश दर्ज की गई। सड़कें डूबने से कई जगह जाम लग गया।
मध्य प्रदेश के निवाड़ी में भारी बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं। हाईवे पर ट्रैफिक थम गया है।
राजस्थान में कोटा के नोनेरा डैम के कैचमेंट एरिया में लगातार बारिश हो रही है। इसके चलते डैम के गेट खोल दिए गए हैं।
छत्तीसगढ़ के बलरामपुर के ग्राम तेतरडीह में कृषि विभाग का बांध टूट गया। पानी खेतों में भरने से धान की फसल को नुकसान हुआ है।
ओडिशा: IMD ने 21 जिलों के लिए अलर्ट जारी किया
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने ओडिशा के 19 जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है, जिसमें 28 अगस्त को कई स्थानों पर गरज और बिजली के साथ भारी बारिश का पूर्वानुमान है। क्योंझर और मयूरभंज को भारी से बहुत भारी बारिश के लिए ऑरेंज अलर्ट पर रखा गया है।
यह चेतावनी तब आई है जब उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है। इसके प्रभाव में, 29 अगस्त को पश्चिम बंगाल-उत्तर ओडिशा तट के साथ एक नया कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है, जिससे पूरे राज्य में और अधिक बारिश होगी।
