DivyaAkash: Your Daily Source for Hindi News

शेयर बाजार के लिए अहम खबर, कल से ट्रेडिंग होगी महंगी, सरकार ने बढ़ाया STT

मुंबई, एजेंसी। शेयर बाजार में एक्टिव ट्रेडर्स के लिए 1 अप्रैल 2026 से बड़ा बदलाव लागू होने जा रहा है। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) के सर्कुलर के अनुसार, सिक्योरिटीज ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) की दरों में बढ़ोतरी की गई है, जिसका सबसे ज्यादा असर फ्यूचर्स और ऑप्शंस (F&O) सेगमेंट में ट्रेड करने वालों पर पड़ेगा। सरकार ने फाइनेंस एक्ट 2026 के तहत बदलाव किया है।

क्या बदला है?

नए नियमों के तहत ऑप्शन सेल पर STT 0.10% से बढ़ाकर 0.15% कर दिया गया है। वहीं, एक्सरसाइज किए गए ऑप्शन पर टैक्स 0.125% से बढ़कर 0.15% हो गया है। फ्यूचर्स ट्रेडिंग पर भी STT 0.02% से बढ़ाकर 0.05% कर दिया गया है। इससे डेरिवेटिव ट्रेडिंग पहले से महंगी हो जाएगी।

इक्विटी निवेशकों को राहत

कैश मार्केट में निवेश करने वालों के लिए राहत की खबर है। शेयर की डिलीवरी पर STT 0.1% ही रहेगा और इसमें कोई बदलाव नहीं किया गया है। इसके अलावा इक्विटी म्यूचुअल फंड यूनिट्स की बिक्री पर भी टैक्स दर 0.001% ही बनी रहेगी।

क्यों लिया गया फैसला?

सरकार का उद्देश्य डेरिवेटिव सेगमेंट में तेजी से बढ़ रही ट्रेडिंग गतिविधियों को नियंत्रित करना और टैक्स कलेक्शन बढ़ाना है। पिछले कुछ वर्षों में F&O में रिटेल निवेशकों की भागीदारी काफी बढ़ी है, जिससे जोखिम भी बढ़ा है।

ट्रेडर्स पर क्या असर पड़ेगा?

विशेषज्ञों के मुताबिक, इंट्राडे और ऑप्शन ट्रेडर्स के लिए ट्रेडिंग लागत बढ़ेगी, जिससे प्रॉफिट मार्जिन पर असर पड़ सकता है। खासकर हाई-फ्रीक्वेंसी ट्रेडर्स और छोटे निवेशकों के लिए ब्रेक-ईवन हासिल करना मुश्किल हो सकता है।

Exit mobile version