एसडीएम ने कहा- होगी जांच
कोरबा/भिलाईबाजार। सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा का मामला प्रकाश में तो आते रहता है, लेकिन अब ग्रामीण सरकारी भवनों में भी अवैध कब्जा कर रहे हैं। ऐसा ही एक मामला भिलाईबाजार में सामने आया है। शांतिनगर भिलाईबाजार में ग्रामसेवक के लिए निवास स्थान बना हुआ था, जो वर्षों पुराना होने के कारण खण्डहर तब्दिल हो गया था, जिसे गांव के ही एक ग्रामीण द्वारा मरम्मत करा कर बिल्डिंग बनाई जा रही है। इसके अलावा प्राथमिक शाला स्कूल के समीप शिक्षकों के लिए चार-पांच क्वार्टर बने हुए हैं, ये भी करीब 30-40 वर्ष पुराना होने के कारण टूट-टूट कर गिर रहे थे और खिड़की दरवाजे भी गायब हो गए थे। इन्हें भी मरम्मत करा कर ग्रामीणों द्वारा अवैध ढंग से बिल्डिंग बनाई जा रही है।

रसूखदारों की करतूत
पुष्ट सूत्रों ने जो जानकारी उपलब्ध कराई है, उसके मुताबिक गांव के ही दबंग रसूखदारों द्वारा शासकीय भवनों में अवैध कब्जा कर बिल्ंिडग बनाई जा रही है। कुछ ग्रामीणों द्वारा अवैध कब्जा का विरोध किया गया, लेकिन रसूखदार के सामने उनकी कुछ औकात नहीं चली।
चार-पांच शिक्षकों का आवास लापरवाही की भेंट चढ़ा
सरकारी सिस्टम इस कदर लचर है कि शासकीय सेवक ही शासकीय सामानों की कोई कद्र नहीं करते। कुछ टूट-फूट होने पर मरम्मत तक नहीं कराते, जबकि स्कूलों के पास मरम्मत के लिए पर्याप्त राशि होती है और यदि नहीं भी होती तो प्रस्ताव बनाकर भेजने से राशि अवश्य मिलती है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी विमूढ़ होकर सरकारी सामान की रक्षा तक नहीं कर पाते। प्राथमिक शाला भिलाईबाजार शांतिनगर के पास शिक्षकों के आवासों की बदहाली इसी का दुष्परिणाम है।
ग्राम सेवक आवास/कार्यालय भी सरकारी सिस्टम की भेंट चढ़गई और इन्हें अब बेजाकब्जा कर लिया गया।
एसडीएम कटघोरा ने कहा-जांच कराएंगे
इस संबंध में प्रतिक्रिया लेने पर कटघोरा एसडीएम रोहित सिंह ने कहा कि अवैध कब्जे का संज्ञान लेकर जांच कराई जाएगी और सही पाए जाने पर अवैध कब्जा हटाया जाएगा।
