मिनीमाता कन्या महाविद्यालय में दीक्षारम्भ समारोह में बोले मंत्री, बेटियां जितना पढ़ेंगी, उतना ही सशक्त होगा परिवार, समाज और प्रदेश
कोरबा, 07 सितंबर 2026। शासकीय मिनीमाता कन्या महाविद्यालय, कोरबा में सोमवार को आयोजित दीक्षारम्भ समारोह में नगर विधायक एवं छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट मंत्री लखन लाल देवांगन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम में महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत अतिविशिष्ट अतिथि तथा कलेक्टर कुणाल दुदावत विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

समारोह को संबोधित करते हुए मंत्री लखन लाल देवांगन ने नवप्रवेशित छात्राओं को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि बेटियां दो कुलों का नाम रोशन करती हैं। बेटियां जितना अधिक पढ़ेंगी, उतना ही परिवार, समाज, प्रदेश और देश सशक्त होगा। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के तहत नवप्रवेशित विद्यार्थियों के स्वागत और उन्हें बेहतर शैक्षणिक वातावरण प्रदान करने के उद्देश्य से दीक्षारम्भ समारोह आयोजित किए जा रहे हैं।
इस अवसर पर महाविद्यालय की लगभग 1500 छात्राओं को सीएसआर मद के माध्यम से एजुकेशन किट प्रदान की गई। मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में अधोसंरचना विकास को राज्य सरकार द्वारा प्राथमिकता दी जा रही है। शासकीय मिनीमाता कन्या महाविद्यालय में डीएमएफ मद से विशाल डोम का निर्माण कराया जा रहा है। इसी तर्ज पर जिले के अन्य शासकीय महाविद्यालयों में भी विशाल डोम निर्माण की घोषणा उन्होंने की।
मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के वर्ष 2047 तक छत्तीसगढ़ को विकसित एवं समृद्ध राज्य बनाने के लक्ष्य को साकार करने में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के विकास मॉडल के केंद्र में ज्ञान अर्थात गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी हैं। युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आधुनिक उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल विकास तथा रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए उच्च शिक्षा के क्षेत्र में मिशन मोड पर कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के प्रभावी क्रियान्वयन का सकारात्मक परिणाम सामने आया है। प्रदेश का सकल नामांकन अनुपात वर्ष 2021-22 में 19.6 प्रतिशत था, जो बढ़कर वर्तमान में 27.5 प्रतिशत हो गया है। यह उच्च शिक्षा के प्रति विद्यार्थियों की बढ़ती रुचि और राज्य में शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों का सकारात्मक परिणाम है।
महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि युवा देश का भविष्य हैं और विकसित भारत के निर्माण में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने छात्राओं से कहा कि जीवन में आने वाली चुनौतियों से घबराने के बजाय संघर्ष और मेहनत के साथ निरंतर आगे बढ़ें। उन्होंने कहा कि निरंतर प्रयास और दृढ़ संकल्प से सफलता के शिखर तक पहुंचा जा सकता है।
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने कहा कि जिले में डीएमएफ के कार्यों में शिक्षा को विशेष प्राथमिकता दी गई है। छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करने के साथ उन्हें बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिले का कोई भी छात्र-छात्रा देश के किसी भी शासकीय महाविद्यालय में अध्ययन के लिए जाता है, तो उसकी फीस की राशि जिला प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। विद्यार्थियों के परीक्षा परिणाम में सुधार के साथ उच्च शिक्षा में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों की संख्या में भी लगातार वृद्धि हो रही है।
समारोह में पार्षद श्रीमती वर्षा वैष्णव, नरेंद्र देवांगन, महाविद्यालय की प्राचार्य श्रीमती पापिया चतुर्वेदी, प्रफुल्ल तिवारी, सहित महाविद्यालय के प्राध्यापकगण, छात्राएं एवं अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
