कोरबा। सर्ववर्गीय जायसवाल समाज पाली का सामाजिक अधिवेशन डड़सेना कलार समाज भवन केराझरिया पाली आयोजित हुआ। मुख्य अतिथि स्वास्थ्य व परिवार कल्याण मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल थे। कलार समाज के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष रामगोपाल डिक्सेना ने अध्यक्षता की।
जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन, अजय जायसवाल नगर पंचायत अध्यक्ष पाली, प्रशांत मिश्रा सांसद प्रतिनिधि विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। अतिथियों ने भगवान सहस्रार्जुन की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। मुख्य अतिथि मंत्री जायसवाल ने कहा कि कलार समाज ने छत्तीसगढ़ के वैभव को संवारा है। राज्य व देश के विकास में इस समाज का योगदान सर्वोपरि है।
पाली परिक्षेत्र डड़सेना समाज के अध्यक्ष बृजमोहन डिक्सेना ने स्वागत भाषण प्रस्तुत किया। रामगोपाल डिक्सेना ने पूर्व में मुख्यमंत्री द्वारा कटघोरा के जडगा मोड़ कसनिया में सहस्रार्जुन चौक के निर्माण की घोषणा के बावजूद अब तक कार्य प्रारंभ नहीं होने पर मुख्य अतिथि का ध्यान आकर्षित कराया। अन्य अतिथियों ने भी अपने विचार रखे। मुख्य अतिथि स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल ने कलचुरी शासकों के महेश्वर से तुमान, रतनपुर, रायपुर प्रवास, शिवनाथ नदी के दोनों छोर के 18-18 गढ़ से छत्तीसगढ़ नामकरण की प्रामाणिकता को बताया। अंग्रेजों द्वारा वैभवशाली कलचुरी संस्कृतियों के विनाश को लार्ड मैकाले की शिक्षा प्रणाली से जोड़ते हुए नालंदा और तक्षशिला के विघटन से समाज को अवगत कराया। उन्होंने समाज भवन के विकास के लिए 25 लाख रुपए देने की घोषणा की और 5 लाख रुपए देने की घोषणा जिला पंचायत अध्यक्ष पवन सिंह ने की। समाज उत्थान के विभिन्न क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए नंदलाल जायसवाल, कीर्ति जायसवाल, दिनेश गुरुजी, देवलाल सहित अन्य सामाजिक बंधुओं को मंत्री ने शॉल-श्रीफल व प्रतीक चिन्ह से सम्मानित किया। पाली परिक्षेत्र की 13 इकाई अध्यक्षों को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में रमेश डिक्सेना, विनोद जायसवाल, डॉ. शकुंतला जायसवाल, मोनिका जायसवाल, राजेन्द्र जायसवाल, रामगोपाल जायसवाल, ओमप्रकाश डिक्सेना, लक्ष्मण डिक्सेना, तिरिथ जायसवाल, सुनील जायसवाल, बेदराम डिक्सेना, कमल जायसवाल, दीपक जायसवाल, अशोक जायसवाल, छेदीलाल जायसवाल, टकेश्वर जायसवाल, मायाराम जायसवाल, कामता डिक्सेना सहित समाज के विभिन्न क्षेत्रों के सामाजिक बंधु उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन सुनील जायसवाल और आभार दिनेश जायसवाल ने किया।

