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आपके घर का पुराना खिलौना, किसी बच्चे की नई मुस्कान बन सकता है

बच्चों में साझा करने और संवेदनशीलता की भावना जगाने 23 सितंबर को नगर निगम क्षेत्र में निकलेगा ‘खिलौना दान रथ’
कोरबा, 21 सितंबर 2026। किसी बच्चे के लिए खिलौना सिर्फ एक वस्तु नहीं होता, उसमें उसकी छोटी-सी दुनिया, उसकी कल्पनाएं और उसकी मुस्कान छिपी होती है। घर में रखा कोई पुराना खिलौना भले ही अब आपके बच्चे के लिए उपयोगी न हो, लेकिन वही खिलौना किसी दूसरे बच्चे के लिए खुशी का एक अनमोल कारण बन सकता है। इसी भावना को साकार करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन एवं महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा 23 सितंबर 2026 को नगर निगम क्षेत्र में ‘खिलौना दान रथ’ निकाला जाएगा।
इस अभिनव पहल के माध्यम से जिले के परिवारों से अपील की गई है कि बच्चों के बड़े हो जाने अथवा उपयोग में नहीं आने वाले साफ-सुथरे, सुरक्षित और उपयोग योग्य खिलौनों को घर में पड़े रहने देने के बजाय आंगनबाड़ी केंद्रों के बच्चों तक पहुंचाएं। आपका दिया हुआ एक खिलौना किसी बच्चे के लिए खेल का साधन ही नहीं, बल्कि उसके चेहरे पर खिलने वाली एक नई मुस्कान और मन में जगने वाली नई कल्पना बन सकता है।
एक खिलौना दीजिए, एक मुस्कान जोड़िए
परिवार अपने घरों में उपलब्ध ऐसे खिलौने दान कर सकते हैं, जिनका उपयोग अब नहीं हो रहा है और जो बच्चों के लिए सुरक्षित एवं उपयोग योग्य हैं। इनमें गुड़िया, कार, गेंद, ब्लॉक, पहेली, खिलौना सेट तथा शैक्षणिक और रचनात्मक गतिविधियों से जुड़े अन्य खिलौने शामिल हैं।
यह अभियान केवल खिलौने दान करने तक सीमित नहीं है, बल्कि बच्चों में साझा करने, दूसरों की खुशी को अपनी खुशी समझने और समाज के प्रति संवेदनशील बनने की भावना विकसित करने का भी अवसर है। अभिभावकों से विशेष आग्रह किया गया है कि वे अपने बच्चों को भी इस पहल से जोड़ें और उन्हें बताएं कि जिस खिलौने ने कभी उनके बचपन को खुशियों से भरा था, वही खिलौना किसी दूसरे बच्चे के बचपन में भी रंग भर सकता है।
आपके घर में रखा खिलौना, किसी और के बचपन की कहानी बन सकता है
कई घरों में ऐसे खिलौने रखे होते हैं, जिन्हें बच्चे अब नहीं खेलते। समय के साथ वे खिलौने अलमारी या संदूक के किसी कोने में भले ही भुला दिए जाएं, लेकिन किसी जरूरतमंद बच्चे के लिए वही खिलौना नई खुशी, नई जिज्ञासा और नई कल्पना का संसार खोल सकता है।
इसी सोच के साथ जिला प्रशासन ने जिले वासियों से संवेदनशील भागीदारी की अपील की है। 23 सितंबर को ‘खिलौना दान रथ’ जब आपके क्षेत्र से गुजरे, तो घर से एक खिलौना जरूर निकालें। हो सकता है आपका दिया हुआ वह छोटा-सा खिलौना किसी बच्चे के लिए बहुत बड़ी खुशी बन जाए।
आइए, अपने घर की एक छोटी-सी खुशी किसी और बच्चे के बचपन के नाम करें।
एक खिलौना दान करें और किसी चेहरे पर मुस्कान लाने का माध्यम बनें।

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