रायपुर। छत्तीसगढ़ में भारत माला परियोजना में भ्रष्टाचार को लेकर विधानसभा में जमकर हंगामा हुआ। इस दौरान विभागीय मंत्री टंकराम वर्मा ने भ्रष्टाचार होने की बात स्वीकार की। उन्होंने हंगामे के बीच संभागीय आयुक्त से जांच कराने की घोषणा की, लेकिन विपक्ष CBI जांच की मांग पर अड़ा रहा।
इस दौरान CM विष्णुदेव साय ने नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत की मांग पर कहा कि कांग्रेस की सरकार ने तो CBI को बैन किया था। वहीं सदन की कार्यवाही के बाद दोपहर में विधानसभा अध्यक्ष रमन सिंह, सीएम विष्णुदेव साय, नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत और भूपेश बघेल ने एक साथ होली खेली। सभी ने एक-दूसरे को रंग भी लगाया।
राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने मुख मुरली बजाई और छोटे से श्याम कन्हैया का गायन भी किया। विधायक अनुज शर्मा ने तै मोला मोहिनी डाल दिए रे और रंग बरसे गीत गाकर माहौल को और भी खुशनुमा बना दिया। विधायक अजय चंद्राकर और मंत्री अरुण साव ने भी साथ में डांस किया।

छत्तीसगढ़ विधानसभा की कार्यवाही खत्म होने के बाद दोपहर में सीएम साय ने नगाड़ा बजाकर होली खेली।
सदन की कार्यवाही के बाद CM साय, रमन सिंह और भूपेश बघेल ने खेली होली।
सीएम विष्णुदेव साय ने पूर्व सीएम भूपेश बघेल को गुलाल लगाकर होली खेली।
मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा- भारत माला परियोजना में गड़बड़ी हुई
विधानसभा में चर्चा के दौरान राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने स्वीकार किया कि भारतमाला परियोजना में अनियमितताएं हुई हैं। उन्होंने कहा कि अधिसूचना जारी होने के बाद रकबे के टुकड़े कर दिए गए। पहले से अधिकृत भूमि का दोबारा भू-अर्जन किया गया।
नेता प्रतिपक्ष ने CBI जांच की मांग की
नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने सरकार के जवाब पर असंतोष जताया। उन्होंने कहा कि सिर्फ विभागीय जांच से दोषियों को बचने का मौका मिल जाएगा। यह एक बड़ा घोटाला है, जिसमें कई प्रभावशाली लोग शामिल हो सकते हैं। दोनों राजनीतिक दलों के लोग भी इसमें मिले हो सकते हैं।
महंत ने कहा कि सिर्फ निलंबन से कुछ नहीं होगा, बल्कि दोषी अधिकारियों पर FIR दर्ज कर उन्हें जेल भेजना चाहिए। निलंबन एक ऐसी प्रक्रिया है, जिससे दोषी कुछ समय बाद फिर बहाल हो जाते हैं और उसी तरह से काम करते हैं।
