कोरबा । कर्मचारी भविष्य निधि संगठन ने कोरबा के 21 फर्मों के खाते को सीज करने नोटिस जारी किया है। पीएफ राशि की वसूली के लिए इन कंपनियों के बैंक अकाउंट को भी अटैच कर दिए गए हैं। इनसे 2.36 करोड़ की वसूली की जानी है।
संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर फर्म संचालकों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। कोरबा शहर में छोटी बड़ी करीब 1211 स्थापनाएं हैं। जो कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) में पंजीकृत है। इन स्थापनाओं को हर महीने कर्मचारियों के वेतन का 12 फीसदी हिस्सा ईपीएफओ में जमा करना होता है।
इतना ही पैसा कंपनी के तरफ से भी इस खाते में जमा किया जाता है। ऑनलाइन व्यवस्था होने के कारण ईपीएफओ की ओर से कंपनियों पर लगातार नजर रखी जा रही है। अब वसूली के लिए स्क्वायड बनाए गए हैं। जिन्हें वसूली का लक्ष्य दिया गया है। स्थापनाओं से बकाया भविष्य निधि ,अंशदान, क्षतिपूर्ति और ब्याज की वसूली किए जाने के संबंध में पीएफ कार्यालय ने जनवरी 2025 तक अभियान चलाने का निर्णय लिया है। इन कंपनियों में कोरबा के 21 फार्मो ने राशि जमा ही नहीं की है। इसकी वजह से ही सभी को नोटिस जारी कर राशि जमा करने कहा गया है। उनके बैंक अकाउंट भी अटैच कर दिए गए हैं।
