कोरबा। लायंस क्लब बालको के आयोजकत्व में कोरबा टीपी नगर स्थित ब्लू डायमंड होटल के कांफ्रेंस हाल में रीजन कांफ्रेंस के पूर्व डिस्ट्रिक्ट गवर्नर पीएमजेएफ लायन विजय अग्रवाल एवं रीजन चेयरमेन पीएमजेएफ लायन कैलाशनाथ गुप्ता, क्लब अध्यक्ष विक्रम अग्रवाल, पीडिजी एमजेएफ लायन एमडी माखीजा ने प्रेसवार्ता ली, जिसमें डिस्ट्रिक्ट एवं रीजन में लायंस क्लब कोरबा गुरूकुल का स्थायी प्रोजेक्ट शिक्षा प्रकल्प नितेश कुमार मेमोरियल लायंस पब्लिक स्कूल खरहरकुड़ा को मॉडल बताया और कहा कि लायंस पब्लिक स्कूल खरहरकुड़ा छत्तीसगढ़ को सर्वश्रेष्ठ सीबीएसई अंग्रेजी माध्यम विद्यालय है, जिसे 7स्टार रेटिंग हासिल है, जहां पर कुछ बच्चों को पूर्णत: नि:शुल्क एवं ग्रामीण तथा निर्धन बच्चों को काफी कम फीस लेकर उत्कृष्ट शिक्षा प्रदान की जा रही है, जो लायनवाद का एक उत्कृष्ट उदाहरण है।
लायन विजय अग्रवाल ने कहा कि उनके डिस्ट्रिक्ट गवर्नर कार्यकाल में पूरा छत्तीसगढ़ और मध्यप्रदेश का आधा हिस्सा डिस्ट्रिक्ट 3233 सी के अंतर्गत आता है और डिस्ट्रिक्ट के अंदर संचालित क्लबों द्वारा शिक्षा, पर्यावरण एवं स्वास्थ्य के क्षेत्र में कई स्थायी प्रोजेक्ट सहित सामाजिक सरोकार से जुड़े रचनात्मक कार्य किए जा रहे हैं।

सारागांव में भी लायंस पब्लिक स्कूल खरहरकुड़ा की तर्ज पर खुलेगा विद्यालय
रीजन चेयरपर्सन पीएमजेएफ लायन कैलाशनाथ गुप्ता ने बताया कि रीजन कांफ्रेंस में नया क्लब, लायंस क्लब सारागांव का गठन किया गया है, जिसका शपथग्रहण रीजन कांफ्रेंस में किया गया। लायन गुप्ता ने बताया कि सारागांव में भी लायंस पब्लिक स्कूल खरहरकुड़ा की तर्ज पर विद्यालय खोला जाएगा, इसके लिए लायन सदस्य दीपक अग्रवाल ने 03 एकड़ जमीन दान में दी है।
जल संरक्षण, भूख उन्मुलन, स्कूल डेव्हलपमेंट एवं स्वास्थ्य में विशेष काम
डिस्ट्रिक्ट गवर्नर पीएमजेएफ लायन विजय अग्रवाल ने कहा कि द इंटरनेशनल एसोसिएशन आफ लायंस क्लब्स 8 क्षेत्रों में काम कर रहा है जिसमें दृष्टि, भूख उन्मूलन, पर्यावरण संरक्षण, बचपन का केंसर, मधुमेह नियंत्रण, मानवीय प्रयास एवं आपदा राहत। डिस्ट्रिक्ट में भी इन क्षेत्र में काम किया जा रहा है, लेकिन डिस्ट्रिक्ट में मुख्य रूप से शिक्षा, पर्यावरण एवं स्वास्थ्य के क्षेत्र में बेहतर विजन लेकर कार्य किया जा रहा है, जिसमें स्कील डेव्हलपमेंट को भी प्राथमिक्ता से रखा गया है।
लायन कैलाशनाथ गुप्ता ने कहा कि रीजन कांफ्रेंस का नाम रखा गया है-काव्या। काव्या हमें संवेदना, मानवता सिखाती है और कविता से एकता एवं सद्भाव का संचार होता है। रीजन कांफ्रेंस का भी यही मुख्य ध्येय है। इस अवसर पर अन्य क्लब, जोन के पदाधिकारी उपस्थित थे।
