कोलकाता, एजेंसी। पश्चिम बंगाल के सेंट्रल कोलकाता स्थित सुरेंद्रनाथ कॉलेज (Surendranath College) से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। मानसून की शुरुआत से पहले कॉलेज में चल रहे एक सफाई अभियान के दौरान मंगलवार को छात्र संघ (union) के कमरे से दो सूटकेस बरामद हुए, जिसमें दीमक लगे नोटों के ढेर सारे बंडल भरे हुए थे। इस बरामदगी के बाद से इलाके में हड़कंप मच गया है और इस पर राजनीतिक विवाद भी शुरू हो गया है।
बरामद किए गए कैश में ज्यादातर 100 रुपये और 500 रुपये के नोट शामिल हैं, जो बेहद खराब स्थिति में हैं। कुछ दावों के मुताबिक, यह रकम 1 करोड़ रुपये से अधिक हो सकती है, जिससे अब यह बड़ा सवाल खड़ा हो गया है कि इतनी बड़ी रकम कॉलेज परिसर के भीतर किसने और क्यों छिपाकर रखी थी।

अलमारी के अंदर छिपे थे दो पुराने सूटकेस
नागरिक अधिकारियों (Civic Authorities) की सलाह पर शैक्षणिक संस्थानों को बारिश का मौसम शुरू होने से पहले अपना कैंपस साफ करने के निर्देश दिए गए थे। इसी सफाई अभियान के दौरान जब कर्मचारी यूनियन रूम में दाखिल हुए, तो उन्हें वहां रखी एक अलमारी के अंदर दो पुराने सूटकेस मिले।
Muchipara Police Station के एक सीनियर अधिकारी ने बताया, “जब कॉलेज अधिकारियों की मौजूदगी में उन सूटकेसों को खोला गया, तो अंदर दीमक द्वारा बुरी तरह नष्ट किए जा चुके करेंसी नोटों के बंडल मिले। नोट काफी पुराने लग रहे हैं और बेहद जर्जर हालत में हैं।”
पुलिस ने जब्त किए सूटकेस और दस्तावेज
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस की एक टीम तुरंत मौके पर पहुंची और सूटकेस के साथ-साथ वहां से मिले कुछ दस्तावेजों को अपने कब्जे में ले लिया। यह सूटकेस कॉलेज के Day और Evening दोनों सेक्शन के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में खोले गए थे।
पुलिस अधिकारी ने आगे कहा, फिलहाल हम यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि बरामद की गई रकम सटीक रूप से कितनी है और ये सूटकेस कितने समय से वहां पड़े थे। हम इस बात की भी जांच कर रहे हैं कि उस कमरे तक किसकी पहुंच थी और यह कैश वहां कैसे आया।
मामले पर गरमाई राजनीति, TMC पर आरोप
इस घटना ने देखते ही देखते राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। भाजपा विधायक सजल घोष ने इसमें बड़े भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए गहन जांच की मांग की है। उन्होंने सवाल उठाया कि किसी की जानकारी के बिना कॉलेज यूनियन के कमरे के अंदर इतनी बड़ी रकम कैसे रखी रह सकती है?
भाजपा ने इस बरामदगी के तार तृणमूल कांग्रेस के छात्र संगठन के एक नेता से जुड़े होने का आरोप लगाया है। इस बीच, प्रशासन ने एहतियात के तौर पर बगल के एक और यूनियन रूम को खुलवाकर उसके अंदर के सभी लॉकरों की जांच शुरू कर दी है।
