मुंगेली,एजेंसी। छत्तीसगढ़ के चर्चित रामावतार जग्गी हत्याकांड मामले में जेसीसीजे प्रमुख अमित जोगी को बिलासपुर हाईकोर्ट द्वारा उम्रकैद की सजा सुनाए जाने के बाद अब इस पर पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव का बयान सामने आया है। मुंगेली के लोरमी में एक दिवसीय दौरे पर पहुंचे सिंहदेव ने कहा कि अमित जोगी ने बिलासपुर हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील की है।
सिंहदेव ने बताया कि उन्होंने सुना है कि यह अपील किसी तकनीकी आधार पर की गई है। उन्होंने कहा कि यह देखना होगा कि सुप्रीम कोर्ट इस बात को स्वीकार कर राहत देगा या नहीं, यह सुप्रीम कोर्ट के फैसले से ही पता चलेगा।

गौरतलब है कि रामावतार जग्गी हत्याकांड में बिलासपुर हाईकोर्ट ने पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के बेटे अमित जोगी को उम्रकैद की सजा सुनाई है। कोर्ट ने अपने फैसले में कहा था कि जब सभी आरोपियों पर एक ही अपराध में शामिल होने का आरोप हो, तो किसी एक आरोपी के साथ जानबूझकर अलग व्यवहार नहीं किया जा सकता।
अदालत ने यह भी स्पष्ट किया था कि जब सभी आरोपियों के खिलाफ एक जैसे सबूत हों, तो किसी एक को बरी कर देना और बाकी को उन्हीं सबूतों के आधार पर दोषी ठहराना सही नहीं है, जब तक कि उसे छोड़ने का कोई ठोस और अलग कारण साबित न हो। यह फैसला चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस अरविंद वर्मा की स्पेशल डिविजनल बेंच ने सुनाया था।
अमित जोगी को भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 302 (हत्या) और 120-बी (आपराधिक साजिश) के तहत दोषी ठहराते हुए उम्रकैद और 1000 रुपए जुर्माने की सजा दी गई है। जुर्माना न देने पर उन्हें 6 महीने की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
हालांकि, सुप्रीम कोर्ट से अमित जोगी को फिलहाल कोई राहत नहीं मिली है। सुप्रीम कोर्ट ने मामले को सुनवाई के लिए स्वीकार कर लिया है और इसकी अगली सुनवाई 20 अप्रैल को निर्धारित की गई है।
जोगी की ओर से सुप्रीम कोर्ट में दो आदेशों को चुनौती दी गई है। पहला, वह आदेश जिसमें सीबीआई को अपील करने की अनुमति दी गई थी, और दूसरा, हाईकोर्ट का वह फैसला जिसमें उन्हें हत्या का दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। सुप्रीम कोर्ट ने इन दोनों मामलों को एक साथ सुनवाई के लिए सूचीबद्ध किया है।
