अंबिकापुर/दुर्ग-भिलाई, एजेंसी। छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में दुर्ग के ASI और कॉन्स्टेबल शराब के नशे में बेसुध होकर जमीन पर पड़े मिले। ASI की सर्विस राइफल (इंसास) उनके पास लावारिस पड़ी थी। बताया जा रहा है कि एक बंदी को अंबिकापुर सेंट्रल जेल में शिफ्ट करने के लिए दोनों को भेजा गया था।
बंदी को सेंट्रल जेल में शिफ्ट करने के बाद दोनों पुलिसकर्मी दुर्ग लौटने के लिए प्रतीक्षा बस स्टैंड पहुंचे। सोमवार सुबह दोनों बस स्टैंड के बाहर एक ठेले के पास नशे की हालत में पड़े हुए थे। लोगों की सूचना पर अंबिकापुर पुलिस मौके पर पहुंची और राइफल को अपने कब्जे में लिया।
इसके बाद मामले की जानकारी सरगुजा SSP राजेश अग्रवाल ने दुर्ग SSP विजय अग्रवाल को दी। इस दौरान मौके पर मौजूद लोगों ने नशे में धुत पुलिसकर्मियों का वीडियो बना लिया, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
वीडियो में ASI वर्दी में नजर आ रहा है। वहीं कॉन्स्टेबल सिविल ड्रेस में दिखाई दे रहा है। हालांकि, इस मामले में दुर्ग SSP ने दोनों पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया है। मामला अंबिकापुर कोतवाली थाना क्षेत्र का है।
ASI वर्दी में जमीन पर बेसुध होकर पड़ा रहा।
ASI की सर्विस राइफल बेंच पर पड़ी हुई थी।
बेंच के नीचे डिस्पोजल गिलास मिला, जिसमें शराब पी गई थी।
बंदी को अंबिकापुर सेंट्रल जेल शिफ्ट करने गए थे
ASI का नाम जीवन प्रकाश एक्का और कॉन्स्टेबल का नाम ऋषिकांत त्रिपाठी है। जानकारी के मुताबिक 17 अक्टूबर को दुर्ग से एक बंदी को अंबिकापुर सेंट्रल जेल शिफ्ट करने की जिम्मेदारी ASI प्रकाश एक्का और कांस्टेबल ऋषिकांत त्रिपाठी को दी गई थी। दोनों अपना काम पूरा करने के बाद दुर्ग लौटने के लिए निकले थे, लेकिन नशे की हालत में मिले।
कॉन्स्टेबल भी नशे में पड़ा हुआ मिला।
मौके पर मौजूद लोगों ने बनाया वीडियो
मामले की जानकारी मिलने पर अंबिकापुर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और राइफल को अपने कब्जे लिया। इसके बाद सरगुजा एसएसपी राजेश अग्रवाल को घटना की जानकारी दी गई। उन्होंने दुर्ग एसएसपी विजय अग्रवाल को इसकी सूचना दी।
मौके पर मौजूद लोगों ने नशे की हालत में दिख रहे पुलिसकर्मियों का वीडियो बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

दुर्ग SSP ने दोनों पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया।
दुर्ग SSP ने दोनों पुलिसकर्मियों को किया सस्पेंड
मामले की गंभीरता को देखते हुए दुर्ग SSP विजय अग्रवाल ने ASI जीवन प्रकाश एक्का और कॉस्टेबल ऋषिकांत त्रिपाठी को सस्पेंड कर दिया है। दोनों पुलिसकर्मियों को रक्षित केंद्र अटैच किया गया है। वहीं, रक्षित निरीक्षक को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्हें 5 दिनों के भीतर जांच रिपोर्ट सौंपनी होगी।
