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भाजपा बोली-कांग्रेस देश में अराजकता फैलाने की कोशिश कर रही:सक्ती में सच्चिदानंद उपासने बोले- राहुल गांधी पहले इंदिरा गांधी का राजनीतिक इतिहास पढ़ें

सक्ती। सक्ती जिले के चंद्रपुर विधानसभा क्षेत्र के डभरा में भारतीय जनता पार्टी के देशव्यापी अभियान ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ के तहत 31 अक्टूबर को विशाल संगोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में पहुंचे भाजपा के वरिष्ठ नेता सच्चिदानंद उपासने ने कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा।

उन्होंने आरोप लगाया कि लंबे समय तक सत्ता में रहने वाली कांग्रेस अब सत्ता से बाहर होने के बाद देश में अराजकता और भ्रम फैलाने का प्रयास कर रही है। वोट चोरी और लोकतंत्र खतरे में होने के कांग्रेस के आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए उन्होंने राहुल गांधी को अपनी दादी और पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के राजनीतिक इतिहास का अध्ययन करने की सलाह दी।

इंदिरा गांधी के चुनाव को हाईकोर्ट ने किया था अवैध घोषित

उपासने ने कहा कि कांग्रेस ने अपने शासनकाल में सत्ता बचाने के लिए कई बार संविधान में संशोधन किए और चुनावी प्रक्रिया में सरकारी तंत्र के दुरुपयोग के आरोपों का सामना किया। उन्होंने 1971 के रायबरेली लोकसभा चुनाव का जिक्र करते हुए कहा कि इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग और चुनावी अनियमितताओं के आधार पर तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के चुनाव को अवैध घोषित किया था।

उन्होंने कहा कि जिस पार्टी के शासनकाल में इस तरह के विवाद सामने आए, वही आज लोकतंत्र और चुनावी पारदर्शिता पर सवाल उठा रही है।

SIR को बताया चुनाव आयोग की नियमित प्रक्रिया

मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर विपक्ष के विरोध पर उपासने ने कहा कि यह निर्वाचन आयोग की नियमित और पारदर्शी प्रक्रिया है। इसके तहत मृत, पलायन कर चुके और फर्जी मतदाताओं के नाम हटाए जाते हैं। वहीं, 18 साल की आयु पूरी कर चुके नए मतदाताओं के नाम सूची में जोड़े जाते हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक दल मतदाता सूची में सुधार की प्रक्रिया का विरोध इसलिए कर रहे हैं, क्योंकि इससे फर्जी मतदाताओं के नाम हटने की संभावना है। उन्होंने कहा कि इस प्रक्रिया का उद्देश्य मतदाता सूची को अधिक शुद्ध और पारदर्शी बनाना है। कांग्रेस के शासनकाल में भी मतदाता सूचियों का पुनरीक्षण होता रहा है। ऐसे में अब इसका विरोध करना राजनीतिक विरोधाभास है।

चुनाव आयोग की नियुक्ति और EVM पर कांग्रेस को घेरा

सच्चिदानंद उपासने ने मुख्य चुनाव आयुक्त की नियुक्ति प्रक्रिया का जिक्र करते हुए कहा कि केंद्र की मोदी सरकार ने तीन सदस्यीय चयन समिति के माध्यम से नियुक्ति व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाने का काम किया है।

उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि चुनाव में जीत मिलने पर उसे EVM और मतदाता सूची पर भरोसा रहता है, लेकिन हार मिलने पर वही चुनावी व्यवस्था पर सवाल उठाने लगती है और बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग करती है। उन्होंने हाल ही में हुए विधान परिषद चुनावों का भी उल्लेख करते हुए कांग्रेस की चुनावी रणनीति पर सवाल उठाए।

भाजपा की विचारधारा और मोदी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं

उपासने ने भाजपा की वैचारिक यात्रा का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी और पंडित दीनदयाल उपाध्याय के विचारों और बलिदानों के आधार पर भाजपा ने शून्य से शिखर तक का सफर तय किया है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत वैश्विक स्तर पर अपनी मजबूत पहचान बना रहा है। देश की सेना स्वदेशी हथियारों से सशक्त हो रही है और भारत विश्वगुरु बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।

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