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राजकुमार हो या छबिलाल, सरकार की योजना से हुए खुशहाल

रियायती दरों पर समय पर मिला खाद-बीज, किसान राजकुमार के लिए बना राहत की राह

कोरबा।  मेघों की गूंज के संग गूँज उठे खेतों के गीत, हर बूँद में छुपा था परिश्रम का संगीत, इधर बारिश ने राह दिखाई, उधर सरकार ने राहत पहुँचाई। कोरबा जिले के करतला विकासखंड अंतर्गत ग्राम चोरभट्टी के मेहनती किसान राजकुमार ने खरीफ फसल की शुरुआत आत्मविश्वास और उत्साह के साथ की है। यह संभव हो पाया है सरकार द्वारा किसानों को दी जा रही रियायती दरों पर खाद और बीज की समय पर आपूर्ति के कारण।

राज्य शासन द्वारा किसानों को रियायती दरों पर खाद-बीज की समय पर आपूर्ति सुनिश्चित करने की पहल अब जमीनी स्तर पर सकारात्मक परिणाम देने लगी है। राजकुमार ने हाल ही में सहकारी समिति करतला से 4 बोरी यूरिया, डीएपी एवं उन्नत किस्म के बीज समय पर प्राप्त किए। वे बताते हैं कि शासन द्वारा दी जा रही इस सुविधा ने उनकी खेती को संबल प्रदान किया है। अब उन्हें खाद-बीज के लिए बाजार की दौड़ नहीं लगानी पड़ती और महंगे दामों से भी राहत मिली है। समय पर खाद और बीज मिल जाने से हमें खेती की शुरुआत में कोई दिक्कत नहीं हुई। बाहर महंगे दामों पर खरीदने की जरूरत नहीं पड़ी। इससे न केवल समय की बचत हुई, बल्कि पैसों की भी।
राज्य शासन के निर्देशों के अनुरूप जिले की सभी प्राथमिक सहकारी समितियों में खरीफ सीजन हेतु पर्याप्त मात्रा में खाद और बीज का भंडारण सुनिश्चित किया गया है। सहकारी समिति करतला भी इस दिशा में सक्रिय भूमिका निभा रही है। समिति द्वारा किसानों की जरूरतों को देखते हुए उर्वरकों एवं बीजों का सुचारु वितरण किया जा रहा है। राजकुमार जैसे किसान अब योजना का लाभ उठाकर अपने खेतों की तैयारी समय से कर पा रहे हैं। शासन की इस पहल से खेती की लागत घट रही है और उत्पादन बढ़ने की संभावना भी बन रही है।
जिला प्रशासन कोरबा द्वारा समितियों को निर्देशित किया गया है कि किसानों को कोई कठिनाई न हो और उन्हें उचित मात्रा में खाद-बीज समय पर प्राप्त हो। मॉनिटरिंग की नियमित व्यवस्था की गई है जिससे वितरण प्रक्रिया पारदर्शी बनी रहे।
राजकुमार कहते हैं, “पहले बाजार में भटकना पड़ता था, अब समिति में सब कुछ आसानी से मिल जाता है। सरकार की यह व्यवस्था हमें आत्मनिर्भर बना रही है मैं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आभारी हूं जो उन्होंने हमारी इतनी फिक्र की है।

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