जयपुर, एजेंसी। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) प्रवक्ता आशुतोष रांका और उनके साथियों पर जयपुर में हमला हुआ है। रांका शुक्रवार सुबह 10 बजे सीतापुरा के राजकीय प्राथमिक स्कूल रामपुरा कंवरपुरा का निरीक्षण करने पहुंचे थे। तभी ग्रामीणों ने उन्हें पीटकर वहां से खदेड़ दिया। उनकी गाड़ियों पर भी पथराव किया गया। रांका के साथ मौजूद महिला समर्थकों पर गांव की महिलाओं ने मिट्टी फेंकी।
रांका ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर मारपीट का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा- हमले में गाड़ियों के शीशे और मोबाइल तोड़े गए, एक महिला से मारपीट हुई और उनकी शर्ट फाड़ दी गई। टीम के एक सदस्य का हाथ फ्रैक्चर हुआ है।
रांका ने कहा- आज पूरे देश ने भाजपा की गुंडागर्दी लाइव देखी है। ये शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के कहने पर हुआ है। 48 घंटे का अल्टीमेटम दे रहे हैं। हमलावरों की गिरफ्तारी हो और स्कूल निरीक्षण रोकने का आदेश वापस लिया जाए। ऐसा नहीं हुआ तो पूरे राजस्थान में आंदोलन करेंगे और दिलावर के इस्तीफे की मांग करेंगे।’
CJP के फाउंडर अभिजीत दीपके ने कहा- अगर अगले 48 घंटों में स्कूल की मरम्मत का काम शुरू नहीं हुआ और उन गुंडों को गिरफ्तार नहीं किया गया, तो मैं जयपुर आऊंगा और स्कूल के सामने बैठा रहूंगा, जब तक स्कूल को ठीक कराने का काम नहीं किया जाता है।
इससे पहले सुबह करीब 8 बजे CJP के कुछ कार्यकर्ताओं से ग्रामीणों की धक्का-मुक्की हुई थी। ग्रामीणों ने उन्हें गांव से बाहर निकाल दिया। CJP के विरोध में नारे लगाते हुए ग्रामीण सरकारी स्कूल के बाहर धरने पर बैठ गए। उन्होंने गांव के मुख्य रास्ते पर ट्रैक्टर-ट्रॉली खड़ी कर घेराबंदी कर दी और आने-जाने वाली गाड़ियों की जांच शुरू कर दी।
जानकारी के अनुसार, आशुतोष सहित CJP के 5 कार्यकर्ता गंभीर घायल हुए हैं। 7 के चोट लगी है। उन्हें इलाज के लिए SMS हॉस्पिटल लाया गया। CJP का वाटिका रोड पर भट्टा वाला राजकीय सरकारी स्कूल का निरीक्षण करने का भी प्लान था, जिसे अब कैंसिल कर दिया।
कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि हमला करने वाले ग्रामीण नहीं, बीजेपी कार्यकर्ता थे। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने कहा- बच्चों की शिक्षा में व्यवधान कौन बर्दाश्त करेगा। इसलिए विरोध हुआ।
CJP कार्यकर्ताओं से मारपीट केफोटोज…
ग्रामीणों ने CJP प्रवक्ता आशुतोष रांका (लाल गोले में) और उनके साथियों को पीट-पीटकर भगा दिया।
ग्रामीणों ने CJP कार्यकर्ताओं को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा।
ग्रामीणों (लाल घेरे में) ने CJP कार्यकर्ताओं पर पथराव किया।
मारपीट के बाद बचने के लिए भाग रहे CJP कार्यकर्ताओं पर पत्थर फेंकते हुए।
लोगों का विरोध और स्कूल के हालात
CJP की महिला समर्थकों पर गांव की महिलाओं ने मिट्टी फेंकी।
मारपीट और हाथापाई के दौरान हाथ में आई चोट दिखाता CJP कार्यकर्ता संजू वर्मा।
CJP के विरोध में रामपुरा गांव के लोग स्कूल के बाहर धरने पर बैठ गए।
रामपुरा गांव में CJP कार्यकर्ताओं को धक्का देकर निकालते लोग।
बगरू में राजकीय प्राथमिक स्कूल रामपुरा कंवरपुरा के बच्चे बाड़ेनुमा घर में टीनशेड के नीचे पढ़ाई करते हैं।
यह बगरू में राजकीय प्राथमिक स्कूल रामपुरा कंवरपुरा है। बिल्डिंग जर्जर होने के कारण स्कूल को बंद कर दिया है। बच्चों को दूसरी जगह पढ़ाया जा रहा है।
जर्जर बिल्डिंग के कारण स्कूल बंद, टीनशेड के नीचे पढ़ रहे बच्चे
रामपुरा गांव के सरकारी स्कूल की बिल्डिंग जर्जर हो गई है। स्कूल को बच्चों के लिए बंद कर दिया गया है। छत पर लोहे के एंगल लगाए गए हैं। स्कूल को 50 मीटर दूर एक बाड़े में शिफ्ट कर दिया गया है। बच्चे टीनशेड के नीचे पढ़ाई कर रहे हैं। बच्चे जहां पढ़ रहे हैं, उसके पास पशुओं का चारा भरा है। दीवारों की ईंटें गिर गई हैं।
ग्रामीण बोला- 250 लोग सरिए-आरी लेकर आए
ग्रामीण जुगल किशोर शर्मा ने कहा- ‘हमने कुछ नहीं किया। वे सरिए-आरी लेकर आए। कम से कम 200-250 लोग आए थे। हमने उन्हें कोई चोट नहीं पहुंचाई। उन्होंने खुद अपनी गाड़ी तोड़ ली। हम यहां भाजपा या कांग्रेस के अलावा किसी को घुसने नहीं देंगे।’
ग्रामीण बोले- किसी बाहरी को घुसने नहीं देंगे
ग्रामीणों और भाजपा कार्यकर्ताओं का कहना है, ‘हम इस स्कूल को अपने स्तर पर ठीक करवा लेंगे। सरकार ने 12.50 लाख रुपए स्वीकृत भी कर दिए हैं। हम किसी भी बाहरी व्यक्ति को यहां नहीं आने देंगे। कॉकरोच यहां आकर गंदगी करना चाहते हैं, जिसे हम किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेंगे।’
2 महीने पहले CJP फाउंडर पर हुआ था हमला
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के फाउंडर अभिजीत दीपके पर भी 15 जून 2026 को जयपुर में हमला हुआ था। अभिजीत नीट पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था, बेरोजगारी और युवाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रदर्शन में शामिल होने आए थे। यहां कुछ युवकों ने उन्हें थप्पड़ मारे थे। इसके बाद सीजेपी कार्यकर्ताओं ने उन्हें पकड़कर पीट दिया था।
15 जून को जयपुर में प्रदर्शन के दौरान CJP फाउंडर अभिजीत दीपके को कुछ युवकों ने थप्पड़ जड़ दिए थे।
वाराणसी, एजेंसी। पीएम मोदी ने रविवार को वाराणसी के नमो घाट पर एयर शो देखा। शो में 100 विमानों ने हिस्सा लिया। इनमें राफेल और सुखोई जैसे 52 लड़ाकू विमान भी शामिल थे। पीएम मोदी के साथ रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और सीएम योगी ने भी एयर शो देखा।
एयरशो में राफेल विमान ने कम ऊंचाई पर कलाबाजियां दिखाईं। विमान ऊपर जाते-जाते अचानक नीचे मुड़ जाता तो कभी गोल चक्कर लगाने लगता। ऐसे ही सुखोई-30 MKI विमान ने कम ऊंचाई पर हवाई करतब दिखाए। चेतक हेलिकॉप्टर ने फूल बरसाए।
C-17 ग्लोबमास्टर और नौ सूर्यकिरण हौक विमान एक साथ उड़ान भरते हुए मंच के ऊपर से गुजरे। सूर्यकिरण टीम के विमानों ने आसमान में शानदार कलाबाजियां दिखाईं।
राफेल, सुखोई, जगुआर, मिराज-2000, तेजस और मिग-29 ने तीर की नोक के आकार में उड़ान भरी। यह ऑपरेशन सिंदूर जैसा नजारा रहा। करीब 15 लाख लोगों ने वायुसेना की ताकत देखी। एयर शो भारतीय वायुसेना के 94वें स्थापना दिवस पर आयोजित किया गया। इसे ‘विंग्स ओवर गंगा’ नाम दिया गया था।
पीएम मोदी ने इससे पहले रूपापुर में 100 करोड़ रुपए की अरविंद टेक्सटाइल मिल का उद्घाटन किया। फिर पुलिस लाइन से 7 किमी. लंबा रोड शो कर नमो घाट पहुंचे।
C-17 ग्लोबमास्टर और नौ सूर्यकिरण हौक विमानों ने एक साथ उड़ान भरते हुए दशाश्व फॉर्मेशन बनाई।
चिनूक विमान ने अलकनंदा फार्मेशन बनाया। गंगा नदी के पास पहुंचकर नमन किया।
वायुसेना के विमानों ने आकाश में तिरंगा बनाते हुए कलाबाजियां दिखाईं।
सूर्यकिरण टीम के विमानों ने शानदार करतब दिखाए। आसमान को तिरंगे के रंग में रंग दिया।
एक C-295 और दो डोर्नियर विमान विजय के प्रतीक के आकार में मंच के सामने से गुजरकर भैरव फॉर्मेशन बनाया।
100 करोड़ की टेक्सटाइल यूनिट का उद्घाटन किया
PM मोदी सुबह 10 बजे वाराणसी एयरपोर्ट पहुंचे। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और सीएम योगी ने उनका स्वागत किया। इसके बाद मोदी ने मिर्जामुराद स्थित खोचवां गांव के पास अरविंद लिमिटेड की नई कपड़ा निर्माण इकाई का उद्घाटन किया।
करीब 100 करोड़ रुपए की लागत से बनी इस यूनिट में लगभग 1000 महिलाओं को रोजगार मिलने की उम्मीद है। यहां स्पोर्ट्स वियर और अंडरगारमेंट का उत्पादन होगा। यूनिट में 300 मशीनें लगाई गई हैं और करीब 300 महिलाओं को प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
अरविंद समूह की शुरुआत वर्ष 1931 में गुजरात के अहमदाबाद में हुई थी। यह समूह डेनिम (जींस बनाने में इस्तेमाल होने वाला कपड़ा), सूती और लिनेन के कपड़े, सूट फैब्रिक, स्पोर्ट्सवियर और औद्योगिक उपयोग के विशेष कपड़ों को बनाने और कारोबार के लिए जाना जाता है।
PM मोदी ने अरविंद लिमिटेड की नई कपड़ा निर्माण इकाई का उद्घाटन किया।
पुलिस लाइन से नमोघाट तक 7 किमी रोड शो किया
टेक्सटाइल यूनिट के उद्घाटन के बाद मोदी ने दोपहर करीब 12 बजे पुलिस लाइन से नमो घाट तक करीब 7 किलोमीटर का रोड शो किया। कार्यकर्ता और स्थानीय लोगों ने गुलाब की पंखुड़ियां बरसाईं। मोदी ने कार से बाहर निकलकर लोगों का अभिवादन स्वीकार किया।
पीएम मोदी ने वाराणसी में 7 किमी. लंबा रोड शो किया।
नई दिल्ली, एजेंसी। चुनाव आयोग ने स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के दौरान वोटर लिस्ट में गड़बड़ियां पहचानने के लिए इस्तेमाल किए गए सॉफ्टवेयर की जानकारी देने से इनकार कर दिया है।
हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, आयोग ने RTI के जवाब में कहा- यह जानकारी ट्रेड सीक्रेट और इंटलेक्चुअल प्रॉपर्टी से जुड़ी है। इसे RTI कानून के तहत सार्वजनिक नहीं किया जा सकता।
आयोग ने यह भी साफ नहीं किया कि वोटर लिस्ट में गड़बड़ियां पहचानने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) या मशीन लर्निंग का इस्तेमाल किया गया था या नहीं।
5 सवालों पर चुनाव आयोग के जवाब
1. सॉफ्टवेयर का नाम और वर्जन: आयोग ने नाम और वर्जन बताने से इनकार किया। RTI कानून की धारा 8(1)(d) के तहत ट्रेड सीक्रेट का हवाला दिया। साथ ही कहा कि SIR के लिए नया सॉफ्टवेयर न बनाया गया, न खरीदा गया।
2. क्या सॉफ्टवेयर खुद गड़बड़ियां पहचानता है: आयोग ने स्पष्ट जवाब नहीं दिया। उसने इसे स्पष्टीकरण मांगने वाला सवाल बताते हुए RTI कानून की धारा 2(f) का हवाला दिया।
3. AI या मशीन लर्निंग का इस्तेमाल पर: आयोग ने स्पष्ट नहीं किया कि वोटर लिस्ट की जांच में AI, मशीन लर्निंग या प्रेडिक्टिव एनालिटिक्स का इस्तेमाल हुआ या नहीं।
4. सॉफ्टवेयर से खुद नाम हटाने के सवाल पर: आयोग ने कहा कि वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने या हटाने का फैसला संबंधित क्षेत्र का ERO तथ्यों और रिकॉर्ड के आधार पर करता है। आयोग ने सॉफ्टवेयर की भूमिका के बारे में अलग से जानकारी नहीं दी।
5. चिह्नित रिकॉर्ड की समीक्षा और मंजूरी के सवाल पर: चुनाव आयोग ने RTI कानून की धारा 8(1)(g) का हवाला दिया। साथ ही बताया कि जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 13B(1) और 13B(2) के तहत संबंधित विधानसभा क्षेत्र के निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ERO) की वोटर लिस्ट तैयार करने और उसमें संशोधन की जिम्मेदारी होती है।
कांग्रेस का आरोप- सॉफ्टवेयर की जानकारी छिपा रहा आयोग
वहीं, कांग्रेस ने चुनाव आयोग पर ECINET सॉफ्टवेयर से जुड़ी जानकारी छिपाने का आरोप लगाया। जयराम रमेश ने सवाल उठाया कि इस सॉफ्टवेयर को टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) ने विकसित किया, इसकी जानकारी आयोग ने खुद सार्वजनिक क्यों नहीं की। उन्होंने SIR और मतदाता सूची में संशोधन के दौरान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के इस्तेमाल और उससे जुड़े सुरक्षा उपायों पर भी सवाल उठाए।
रमेश ने दावा किया कि चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने ECINET सॉफ्टवेयर और चुनाव आयोग के IT डिवीजन को लेकर कई आपत्तियां दर्ज कराई थीं। उनके मुताबिक, ये शिकायतें प्रधानमंत्री के अधीन आने वाले कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) तक भी पहुंची थीं।
दो चुनाव आयुक्तों ने अफसर के कामकाज पर सवाल उठाए
दो दिन पहले RTI एक्टिविस्ट लोकेश के. बत्रा को RTI के तहत मिले जवाब से पता चला कि चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने 29 जुलाई को कैबिनेट सचिव टी.वी. सोमनाथन को अलग-अलग पत्र लिखे थे। इनमें उन्होंने डिप्टी इलेक्शन कमीश्नर मनीष गर्ग के कामकाज पर सवाल उठाए थे।
दोनों आयुक्तों ने अधिकारियों के बीच काम बांटने के एक आदेश पर आपत्ति जताई थी। उनका कहना था कि यह आदेश चुनाव आयोग की मंजूरी के बिना जारी किया गया। RTI से मिले दस्तावेजों के मुताबिक, कैबिनेट सचिवालय ने कहा कि ये पत्र पूरे चुनाव आयोग की ओर से भेजी गई आधिकारिक शिकायतें नहीं थीं। इसलिए उसने खुद कार्रवाई करने के बजाय शिकायतें मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के कार्यालय और कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) को भेज दीं।
कोच्चि, एजेंसी। केरलम के कोच्चि में शनिवार देर रात मर्सिडीज कार ने स्कूटर को पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में 55 साल के स्कूटर सवार की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक, कार चलाने वाला एडिशनल सेशन जज का बेटा है। उसकी उम्र 17 साल है।
कार जज के नाम पर रजिस्टर्ड थी। हादसा रात 2 से 3 बजे के बीच हुआ। घटनास्थल के एक वीडियो में कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त दिखाई दिया।
पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया कि पुलिस स्टेशन में जब उन्होंने नाबालिग को कार चलाने देने पर सवाल उठाया, तो जज ने उनसे अपमानजनक लहजे में बात की।
जज के बेटे की कार का आगे का हिस्सा पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया।
कार एडिशनल सेशन जज के नाम पर रजिस्टर्ड है।
30 साल से चला रहे थे खाने का स्टॉल, घर लौटते समय हादसा
हादसे में जान गंवाने शख्स की पहचान जयबालकृष्णन के रूप में हुई है। वह करीब 30 साल से अपनी पत्नी मंजू के साथ सड़क किनारे खाने का स्टॉल चला रहे थे।
रिपोर्ट के मुताबिक, जयबालकृष्णन ने शनिवार रात चित्तूर मंदिर के पास अपना स्टॉल बंद किया था। वह रोज शाम करीब 4 बजे दुकान खोलते थे और वहां मुख्य रूप से डोसा सहित शाकाहारी खाना बेचते थे।
जयबालकृष्णन और उनकी पत्नी रोज स्कूटी से करीब 20 किलोमीटर का सफर तय करके दुकान पहुंचते थे। उनकी पत्नी वैरिकोज वेन्स के इलाज के कारण एक सप्ताह की छुट्टी पर थीं। हादसे के समय जयबालकृष्णन अकेले घर लौट रहे थे।
जयबालकृष्णन अपनी पत्नी के साथ (फाइल फोटो)
आरोपी जज की परमीशन के बिना कार लेकर निकला
पुलिस के मुताबिक, आरोपी अलुवा में रहता है और अपने माता-पिता की जानकारी के बिना मर्सिडीज-बेंज लेकर निकला था। कार वल्लारपदम से कलामस्सेरी की ओर जा रही थी, तभी उसने जयबालकृष्णन की स्कूटी को टक्कर मार दी।
चेरानेल्लूर पुलिस ने किशोर को घटनास्थल से हिरासत में लिया और कार जब्त कर ली। मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 281 और 106(1) के तहत केस दर्ज किया गया है। ये धाराएं सार्वजनिक रास्ते पर लापरवाही से वाहन चलाने और लापरवाही से मौत होने से संबंधित हैं।
पुलिस ने शुरुआती जांच के आधार पर बताया कि हादसे के समय नाबालिग चालक नशे में नहीं था। हालांकि, आगे की जांच के लिए उसके ब्लड सैंपल लिए गए हैं।