कोरबा :– हाल ही में नोनबिर्रा और हरदीबाजार के दो किसानों ने प्रशासन से प्रताड़ित होकर जहर का सेवन कर आत्महत्या का प्रयास किया जिससे आक्रोशित होकर जिला युवा कांग्रेस के प्रदेश सचिव नवीन कुकरेजा और समस्त जिला युवा कांग्रेसियों ने कलेक्टर कार्यालय के सामने कफ़न ओड कर किया धरना प्रदर्शन।
जमकर नारेबाजी कर किया गया विरोध प्रदर्शन।
प्रदेश सचिव नवीन कुकरेजा ने बताया कि आदिवासी ग्रामीणों द्वारा प्रशासन से प्रताड़ित होकर जहर सेवन कर आत्महत्या की कोशिश करने जैसा कृत्य के जिम्मेदार सरकारी प्रशासनिक विफलता और संबंधित अधिकारीगण है।
भविष्य में आदिवासी ग्रामीणों किसानों के ऊपर इस तरह के अत्याचार पर अंकुश लगाया जाए और साथ ही इस घटना के जिम्मेदार अधिकारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर जल्द से जल्द कार्यवाही किया जाना चाहिए। कार्यवाही नहीं होने पर युवा कांग्रेस आगे और भी बड़ी लड़ाई लड़ने लिए तैयार है कहते हुए चेतावनी दी जिसके जिम्मेदार संबंधित अधिकारियों को होगी।
धरना प्रदर्शन में प्रमुख रूप से युवा कांग्रेस के प्रदेश सचिव नवीन कुकरेजा, प्रदेश महासचिव लक्ष्मी कंवर, ग्रामीण जिलाध्यक्ष विकास सिंह, कटघोरा विधानसभा अध्यक्ष रहमान खान, शहर जिला अध्यक्ष पंकज, बाकीमोगरा नगर पालिका परिषद नेता प्रतिपक्ष मधुसूदन, जिला उपाध्यक्ष ग्रामीण आकिब व विवेक श्रीवास, जिला महासचिव बालेंद्र सिंह व भरत मिश्रा और जिला युवा कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी व सदस्यगण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कोरबा/पाली। छत्तीसगढ़ विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत एवं कोरबा सांसद श्रीमती ज्योत्सना महंत का सुपुत्र सूरज महंत का 01 सितम्बर को जन्म दिन था और इस साल उनके जन्म दिन को पाली के कांग्रेस नेताओं ने ऐतिहासिक बना दिया। प्रमुख रूप से प्रदेश कांग्रेस महासचिव एवं सांसद प्रतिनिधि प्रशांत मिश्रा के आयोजकत्व में सूरज महंत के जन्म दिन को खास और ऐतिहासिक बनाया गया।
सूरज महंत राजनीति का एक उभरता सितारा है और वे अपने पिता डॉ. चरणदास महंत, माता सांसद श्रीमती ज्योत्सना महंत की विरासत को आगे बढ़ाने अब अपने माता-पिता से राजनीति के गुर सिख रहे हैं। इस बार सांसद श्रीमती महंत ने अपने पुत्र के जन्मोत्सव कार्यक्रम को पाली में रखने का मन बनाया। पाली के कांग्रेस नेताओं के अनुनय पर सूरज का जन्मोत्सव पाली में भव्य रूप से मनाया गया। सूरज के जन्म दिन को खास बनाने में प्रशांत मिश्रा के नेतृत्व की महत्वपूर्ण भूमिका रही। लिया भोलेनाथ का आशीर्वाद
सूरज महंत का 01 सितम्बर की पहली सुबह माँ ज्योत्सना के श्रीचरणों को प्रणाम करने के बाद उनका पग भगवान भोलेनाथ पाली के ऐतिहासिक शिव मंदिर की ओर बढ़ा और वहां पहुंचकर भगवान शिव की पूजा-अर्चना की और क्षेत्र की समृद्धि के लिए प्रार्थना की। सूरज के साथ पाली के कांग्रेस नेता बड़ी संख्या में मौजूद थे। सीएचसी में फल वितरण, मरीजों का जाना हालचाल मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद सूरज महंत का काफिला सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पाली पहुंचा, जहां पर सूरज महंत एवं कांग्रेस नेताओं ने मरीजों के बीच पहुंचकर फल वितरण किया। सूरज महंत ने मरीजों का हालचाल जाना और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। सूरज महंत एवं कांग्रेस नेताओं ने सीएचसी के संसाधनों का भी अवलोकन किया। मंगल भवन में जुटे हजारों कार्यकर्ता
आध्यात्मिक एवं सामाजिक सेवा कार्यों के बाद मंगल भवन में सामूहिक कार्यक्रम रखा गया, जहां हजारों की संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता एवं शुभचिंतक उपस्थित हुए। सूरज महंत एवं सांसद श्रीमती ज्योत्सना महंत के कार्यक्रम में पहुंचने के साथ उनका भव्य स्वागत किया गया और फूल वर्षा के साथ महामाला से पुत्र-माँ का आत्मीय स्वागत किया गया। स्वागत से सूरज-ज्योत्सना अभिभूत हुए और सभी का अभिवादन किया। विशाल केक काटा गया और सभी का मंूह मीठा किया गया। सूरज का भव्य जन्म दिन कार्यक्रम को ऐतिहासिक रूप दिया गया। कार्यक्रम में प्रमुख हस्तियों में प्रशांत मिश्रा (प्रदेश महासचिव, प्रदेश कांग्रेस कमेटी छत्तीसगढ़), मोहित राम केरकेट्टा (पूर्व विधायक, पाली-तानाखार), नवीन सिंह (पूर्व सदस्य, श्रम कल्याण), दुलेश्वरी सिदार (पूर्व विधायक प्रत्याशी), मनोज चौहान (जिला अध्यक्ष, ग्रामीण कोरबा), कौशल सिंह नेटी (जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि), यशवंत लाल (पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष, पाली), सत्यनारायण पैकरा (ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष, पाली), दीपक जायसवाल (पूर्व पार्षद / मंडल अध्यक्ष, पाली), तनवीर अहमद (प्रदेश सचिव), अनिल गुप्ता (जिला महामंत्री), जुनैद खान (जिला महामंत्री), अमित भदौरिया (सांसद प्रतिनिधि), जफर खान (सांसद प्रतिनिधि), सत्यनारायण श्रीवास (जिला उपाध्यक्ष), अमरनाथ केंवट (जिला उपाध्यक्ष), अजय सैनी (जिला सचिव), डी.के. आदिले (जिला सचिव), भोला गोस्वामी (ब्लॉक अध्यक्ष, पूरी), जगत पाल (ब्लॉक अध्यक्ष, असम), सुकालू पटेल (मंडल अध्यक्ष), त्रिभुवन पैकरा (मंडल अध्यक्ष, लाफा), निलेश यादव (मंडल अध्यक्ष, रजकम्मा), डॉली डिक्सेना (उपसरपंच), गिरजा पैकरा (सरपंच, केराझरिया), रामकुमार मरावी (सरपंच) के अलावा रामनारायण कश्यप, सुखलाल जायसवाल, सुरेश गुप्ता, सावित्री श्रीवास, दिलीप सिंह, बृजपाल राज, अशोक मिश्रा, प्रशांति सिंह, सरवन दास, श्यामू सलाम, आमोद भारिया सहित ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अनेक पदाधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं पाली-तानाखार विधानसभा क्षेत्र के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में मौजूद लोगों ने सूरज के जन्म दिन को खास बना दिया। जनता का दुलार महंत परिवार की सबसे बड़ी पूंजी-सूरज
स्वयं के जन्मोत्सव को खास बनाने वाले कार्यकर्ताओं आभार व्यक्त करते हुए सूरज महंत ने कहा कि महंत परिवार जनता के सुख-दुख में हमेशा से साथ रहा है। यही कारण है कि जनता का दुलार और विश्वास महंत परिवार का बना रहा है और महंत परिवार के लिए यह सबसे बड़ी पंूजी है। भविष्य में भी महंत परिवार पर जनता का विश्वास और दुलार बना रहे, यही मेरी कामना है। यशस्वी और तेजस्वी बने सूरज महंत-प्रशांत मिश्रा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव एवं जिले के कद्दावर नेता तथा चरणदास महंत का राइट हैण्ड कहे जाने वाले प्रशांत मिश्रा ने सूरज महंत के जन्मदिन पर अपना शुभकामना संदेश में कहा और सूरज को बधाई प्रेषित करते हुए कहा कि सूरज यशस्वी और तेजस्वी बने और क्षेत्र की सेवा के लिए ईश्वर उन्हें नई ऊर्जा के साथ राजनीति में शिखर प्रदान करे।
04 सितम्बर को कृष्ण जन्माष्टमी: तैयारी पूर्ण कोरबा/पाली। कोरबा जिले के पाली क्षेत्र के ख्यातिलब्ध समाजसेवी एवं कद्दावर नेता प्रशांत मिश्रा के नेतृत्व में पाली ब्लाक मुख्यालय में नव निर्मित राधा-कृष्ण धाम में भाद्र कृष्ण पक्ष अष्टमी विक्रम संवत् 2083 04 सितम्बर दिन शुक्रवार को कृष्ण जन्माष्टमी के पावन पर्व पर पहली बार भगवान कृष्ण का जन्मोत्सव भव्य रूप से मनाया जाएगा।
प्रशांत मिश्रा ने बताया कि पाली के लिए ऐतिहासिक राधा-कृष्ण धाम का लोकार्पण एवं प्राण प्रतिष्ठा 19 जुलाई आषाढ़ शुक्ल पंचमी को दिव्य मंत्रोच्चार एवं हवन-पूजन के साथ सम्पन्न हुई थी। 04 सितम्बर को कृष्ण जन्माष्टमी का पावन पर्व धूमधाम एवं दिव्यता के साथ मनाने का फैसला किया गया है और इस धाम में पहली बार भगवान कृष्ण का जन्मोत्सव मनाया जाएगा। श्री मिश्रा ने बताया कि पाली के मंगल भवन के पास स्थित राधा-कृष्ण धाम में 04 सितम्बर को गोधूली बेला में मटका फोड़ का आयोजन बड़े स्तर पर किया जाएगा। रात्रि 8.30 बजे से भजन संध्या का कार्यक्रम रखा गया है। रात्रि 11.00 बजे से पूजा-अनुष्ठान प्रारंभ होगा। रात्रि 12.00 बजे भगवान कृष्ण के जन्म के समय भगवान कृष्ण का जन्मोत्सव उल्लास, उमंग और मनोभाव से मनाया जाएगा। भगवान कृष्ण का जन्मोत्सव प्रारंभ होते ही भव्य रूप से आतिशबाजी की जाएगी और फिर प्रसाद/भोग का वितरण किया जाएगा। कृष्ण जन्मोत्सव में धर्मानुरागियों को सादर आमंत्रण
राधा-कृष्ण धाम पाली के प्रमुख प्रशांत मिश्रा ने इस विराट कृष्ण जन्मोत्सव में पाली, कोरबा जिला सहित प्रदेश के धर्मानुरोगियों को सादर आमंत्रित करते हुए कहा है कि भगवान कृष्ण के इस विराट जन्मोत्सव कार्यक्रम में अधिक से अधिक धर्म प्रेमी पधारें और पुण्य लाभ लें। श्री मिश्रा ने बताया कि जन्मोत्सव के इस धार्मिक आयोजन का लक्ष्य क्षेत्र में सनातन धर्म को आगे बढ़ाने के साथ सामाजिक सद्भाव, एकता और मानवीय संवेदनाओं का संचार करना है, ताकि कार्यक्रम के जरिए लोगों में भाईचारा का विकास हो।
कोरबा। वार्ड क्रमांक 19 स्थित झूला ग्राउंड, सीएसईबी कॉलोनी कोरबा पूर्व में माताओं ने संतान की दीर्घायु, अच्छे स्वास्थ्य और सुख-समृद्धि की कामना को लेकर श्रद्धापूर्वक कमरछठ (हलषष्ठी) व्रत रखा। इस अवसर पर महिलाओं ने पूरे दिन निर्जला व्रत रखकर विधि-विधान से षष्ठी माता की पूजा-अर्चना की और अपने पुत्रों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। कमरछठ का पर्व मातृत्व की आस्था और संतान के प्रति समर्पण का प्रतीक माना जाता है। व्रत रखने वाली माताएं इस दिन बिना अन्न-जल ग्रहण किए उपवास करती हैं। पूजा में विशेष रूप से भैंस के दूध तथा पसहर चावल का उपयोग किया जाता है। महिलाओं ने पारंपरिक रूप से पूजा की थाली सजाकर षष्ठी माता की आराधना की तथा परिवार की सुख-शांति के लिए प्रार्थना की।
धार्मिक मान्यता के अनुसार कमरछठ पर्व भगवान श्रीकृष्ण के बड़े भाई भगवान बलराम के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। भगवान बलराम का प्रमुख अस्त्र हल माना जाता है, जिसके कारण इस पर्व को हलषष्ठी या हलछठ भी कहा जाता है। इस दिन माताएं भगवान शिव-पार्वती और षष्ठी माता की पूजा-अर्चना कर संतान की लंबी आयु और निरोगी जीवन की कामना करती हैं। झूला ग्राउंड में आयोजित पूजा के दौरान महिलाओं में पर्व को लेकर विशेष उत्साह और श्रद्धा देखने को मिली। महिलाओं ने सामूहिक रूप से पूजा-अर्चना कर पारंपरिक रीति-रिवाजों का पालन किया। पूरे परिसर में भक्तिमय वातावरण बना रहा। माताओं ने एक-दूसरे को पर्व की शुभकामनाएं देते हुए संतान की खुशहाली और परिवार की समृद्धि की कामना की।