Connect with us

कोरबा

कोरबा पुलिस की निर्धारित सीमा से अधिक आवाज में डी.जे . बजा रहे डीजे संचालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई

Published

on

पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी के मार्गदर्शन में निर्धारित सीमा से अधिक तेज आवाज में डीजे बजाने पर थाना दीपक & बाकीमोंगरा में डीजे संचालकों के विरुद्ध कार्रवाई, वाहन सहित डीजे साउंड सिस्टम जब्त

कोरबा। कोरबा पुलिस द्वारा ध्वनि प्रदूषण एवं तेज आवाज में डीजे बजाने वालों के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। न्यायालयों के निर्देशों, एनजीटी की गाइडलाइन तथा कोलाहल अधिनियम के प्रावधानों के तहत निर्धारित ध्वनि सीमा का उल्लंघन करने वाले डीजे संचालकों पर पुलिस द्वारा सख्ती बरती जा रही है।

इसी क्रम में थाना दीपका क्षेत्र में 02 डीजे संचालकों 1.नवरतन कुमार (निवासी-कसई पाली) & 2. रवि कुमार (निवासी-धुरेना) द्वारा निर्धारित ध्वनि सीमा से अधिक तेज आवाज में डीजे/ध्वनि विस्तारक यंत्र बजाते पाए जाने पर कार्रवाई की गई।

थाना बाकी मोंगरा क्षेत्र में 01 डीजे संचालक भूवन पाल ( निवासी कुरैना) के विरुद्ध निर्धारित ध्वनि सीमा से अधिक आवाज में डीजे बजाने पर कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान डीजे के साउंड सिस्टम/ध्वनि विस्तारक यंत्रों को जब्त किया गया है। संबंधित डीजे संचालकों के विरुद्ध कोलाहल अधिनियम के तहत वैधानिक कार्रवाई करते हुए जब्त डीजे उपकरणों को माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है।

कोरबा पुलिस की स्पष्ट अपील

कोरबा पुलिस द्वारा सभी डीजे संचालकों एवं आयोजन समितियों को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया गया है कि निर्धारित ध्वनि सीमा एवं माननीय न्यायालय/एनजीटी के निर्देशों का अनिवार्य रूप से पालन करें। नियमों का उल्लंघन कर तेज आवाज में डीजे बजाने पर डीजे उपकरण जब्त कर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

कोरबा पुलिस — कानून व्यवस्था एवं आमजन की शांति बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध।

Continue Reading

कोरबा

दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण एवं दिव्यांगता प्रमाण पत्र उपलब्ध कराने जनपदवार शिविरों का आयोजन

Published

on

25 सितंबर तक जिले के पांचों जनपद पंचायत क्षेत्रों में लगेंगे विशेष शिविर

कोरबा, 21 सितंबर 2026। कलेक्टर कुणाल दुदावत के निर्देशानुसार जिले के दिव्यांगजनों को आवश्यक सहायक उपकरण उपलब्ध कराने तथा दिव्यांगता प्रमाण पत्र एवं यूडीआईडी कार्ड बनाने के लिए जनपद पंचायतवार विशेष मूल्यांकन एवं परीक्षण शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इन शिविरों के माध्यम से दिव्यांगजनों को स्वास्थ्य परीक्षण, आवश्यक दस्तावेजों की प्रक्रिया तथा पात्रतानुसार सहायक उपकरण उपलब्ध कराने की सुविधा एक ही स्थान पर प्रदान की जाएगी।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार जनपद पंचायत कटघोरा में 23 सितंबर, जनपद पंचायत पोड़ी-उपरोड़ा में 24 सितंबर तथा जनपद पंचायत कोरबा में 25 सितंबर 2026 को शिविर आयोजित किए जाएंगे। शिविर संबंधित मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत द्वारा चयनित स्थान पर आयोजित होंगे।
शिविर में दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण हेतु उपस्थित कराने, दिव्यांगता प्रमाण पत्र एवं यूडीआईडी कार्ड के लिए पंजीयन कराने, शिविर स्थल तक दिव्यांगजनों को लाने-ले जाने की व्यवस्था करने तथा आवश्यक प्रचार-प्रसार की जिम्मेदारी संबंधित जनपद पंचायतों को सौंपी गई है। नगर पालिका, नगर पंचायत एवं नगर पंचायत क्षेत्रों के अधिकारियों को भी अपने क्षेत्र के दिव्यांगजनों की शिविर में उपस्थिति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए हैं।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा शिविर स्थल पर चिकित्सकीय दल एवं विशेषज्ञों की ड्यूटी लगाकर चलित चिकित्सा इकाई के माध्यम से आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। समाज कल्याण विभाग द्वारा दिव्यांगजनों के लिए आवश्यक प्रपत्रों की व्यवस्था तथा सहायक उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। जिला परियोजना समन्वयक, समग्र शिक्षा द्वारा शिविर में पंजीयन एवं आवश्यक समन्वय की व्यवस्था की जाएगी। जनसंपर्क विभाग द्वारा शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा।
शिविर में आने वाले दिव्यांगजनों को दो रंगीन पासपोर्ट आकार के फोटो, आधार कार्ड एवं पेन कार्ड की छायाप्रति तथा दिव्यांगता प्रमाण पत्र की छायाप्रति साथ लाना होगा। दिव्यांगजनों से अपील की गई है कि वे निर्धारित तिथि को संबंधित शिविर में उपस्थित होकर शासन की सुविधाओं का लाभ उठाएं।
दिव्यांगजनों के लिए यह शिविर प्रमाण पत्र से लेकर आवश्यक सहायक उपकरण तक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।

Continue Reading

कोरबा

प्रतिभा को प्रोत्साहन, सपनों को संबल-स्वामी विवेकानंद शिक्षा प्रोत्साहन योजना से विद्यार्थियों को मिल रही मदद

Published

on

सुश्री ज्योति कंवर को मिली उच्च शिक्षा के लिए रूपये 53 हजार 500 की आर्थिक सहायता
कलेक्टर
कुणाल दुदावत ने बढ़ाया मेधावी छात्रा का हौसला

कोरबा, 21 सितंबर 2026। कोरबा जिले के खनन प्रभावित क्षेत्रों के मेधावी विद्यार्थियों के उच्च शिक्षा के सपनों को साकार करने की दिशा में जिला प्रशासन द्वारा निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देशानुसार जिले में खनन प्रभावित क्षेत्रों के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए आर्थिक सहयोग प्रदान किया जा रहा है, ताकि आर्थिक परिस्थितियां उनकी प्रतिभा और लक्ष्य के मार्ग में बाधा न बनें।
कैबिनेट मंत्री लखन लाल देवांगन एवं कलेक्टर कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन में डीएमएफटी कोरबा अंतर्गत स्वामी विवेकानंद जिला खनिज न्यास शिक्षा प्रोत्साहन योजना के माध्यम से जिले के अनेक मेधावी विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए आवश्यक आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। योजना का उद्देश्य विद्यार्थियों को उनकी प्रतिभा के अनुरूप बेहतर शिक्षा के अवसर उपलब्ध कराना और उन्हें अपने निर्धारित लक्ष्य तक पहुंचने के लिए आवश्यक सहयोग प्रदान करना है।
इसी क्रम में आज विकासखंड पाली अंतर्गत ग्राम मुड़कछार निवासी सुश्री ज्योति कंवर को उच्च शिक्षा के लिए रूपये 53 हजार 500 की आर्थिक सहायता प्रदान की गई। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने ज्योति कंवर को सहायता राशि का चेक प्रदान करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी और उन्हें अपने लक्ष्य के प्रति निरंतर मेहनत एवं समर्पण के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया।
सुश्री ज्योति कंवर ने कक्षा 12वीं की शिक्षा प्रयास आवासीय विद्यालय से पूर्ण करने के बाद राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा में सफलता हासिल की। उनकी मेहनत और प्रतिभा के परिणामस्वरूप उनका चयन शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय, महासमुंद में हुआ है। चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने के उनके इस सपने को पूरा करने में डीएमएफटी की शिक्षा प्रोत्साहन योजना के तहत मिली आर्थिक सहायता महत्वपूर्ण साबित होगी।
आर्थिक सहयोग प्राप्त होने पर सुश्री ज्योति कंवर ने जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सहायता उन्हें अपनी उच्च शिक्षा जारी रखने और अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ने में महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान करेगी।

Continue Reading

कोरबा

सेवा संकल्प अभियान को जनभागीदारी का व्यापक अभियान बनाने के निर्देश

Published

on

सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत संचालित गतिविधियों की समीक्षा की
मुख्य सचिव ने कलेक्टर्स के साथ की वीडियो कॉन्फ्रेंस
सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत संचालित गतिविधियों की समीक्षा की

कोरबा  21 सितंबर 2026। मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन से राज्य के सभी जिलों के कलेक्टरों से वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत संचालित गतिविधियों की समीक्षा की गई।
    प्रदेश में सेवा संकल्प अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर 2026 तक संचालित किया जा रहा है। वीडियो कॉन्फ्रेंस में मुख्य सचिव ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान को केवल एक आयोजन के रूप में नहीं लेकर इसे जनभागीदारी और एक-दूसरे की मदद की संस्कृति को मजबूत करने के अवसर के रूप में लिया जाना चाहिए। उन्होंने कलेक्टरों एवं अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले में अभियान की गतिविधियों को प्रभावी ढंग से आयोजित करते हुए ज्यादा से ज्यादा लोगों, स्वयंसेवी संस्थाओं और सामाजिक संगठनों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए।
मुख्य सचिव ने कलेक्टरों से कहा कि जिलों में प्रभारी मंत्री के मार्गदर्शन में ब्लाक एवं तहसील स्तर पर सेवा संकल्प अभियान के दौरान आयोजित होने वाले शिविरों में लोगों को भागीदार बनाकर उनकी समस्याओं का त्वरित निराकरण किया जाए। इस संबंध में माननीय मंत्रीगणों से आवश्यक बैठक एवं चर्चा सुनिश्चित करें। मुख्य सचिव ने कहा कि शिविरों में केन्द्र शासन की चिन्हित 26 प्रमुख योजनाओं को शामिल किया जाना है। इस संबंध में योजनाओं के हितग्राहियों की जानकारी अद्यतन कर ली जाए। मुख्य सचिव ने कलेक्टर्स को फसल गिरदावरी सर्वे, जल जीवन मिशन और स्वच्छ भारत मिशन के कार्यों के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

सेवा मेरा योगदान के तहत विभिन्न गतिविधियां-

    23 से 25 सितंबर तक सभी जिलों के नगरीय निकाय क्षेत्रों में तथा 2 से 8 अक्टूबर तक प्रदेशभर में सेवा मेरा योगदान के अंतर्गत विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इनमें सेवा एवं स्वच्छता, अन्न एवं वस्त्र दान, विद्या दान एवं शिक्षा सहयोग, कौशल एवं ज्ञान दान, हरित छत्तीसगढ़ एवं पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य एवं रक्तदान, अंगदान एवं देहदान, सामाजिक सुरक्षा एवं जागरूकता तथा स्थानीय उत्पादन एवं महिला सशक्तिकरण जैसी गतिविधियां शामिल हैं। मुख्य सचिव ने कहा कि इन गतिविधियों में एनसीसी, एनएसएस, स्वयंसेवक, स्व-सहायता समूह, सामाजिक संस्थाओं, युवा संगठनों तथा ‘मेरा युवा भारत’ सहित विभिन्न सहयोगी संस्थाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाए। सभी गतिविधियों को माय भारत पोर्टल पर फोटोग्राफ्स सहित अपलोड करने के निर्देश दिए गए।

देहदान, अंग दान करने वाले परिवारों को किया जाए सम्मानित

    मुख्य सचिव ने कलेक्टरों से कहा है कि जिन परिवारों के मृत परिजनों द्वारा देह एवं अंग दान किया जाता है उन परिवारों को सम्मानित किया जाए। मुख्य सचिव ने कहा कि जिन लोगों को दान के अंगों का उपयोग किया गया है। उनके परिवारों को भी कार्यक्रम में शामिल किया जाए एवं उनसे उनकी त्वरित प्रतिक्रिया भी ली जाए। यह कार्यक्रम सिर्फ अभियान तक सीमित न रहे इसके लिए समय-समय पर लोगों के लिए ज्यादा से ज्यादा जागरूकता के कार्यक्रम आयोजित हो, जिससे लोग अंग दान करने सहर्ष तैयार हो एवं आगे आए।

हरित छत्तीसगढ़ अभियान को एक पेड़ मां के नाम’ के साथ शामिल कर किया जाएगा 10 हजार पौधों का रोपण
    हरित छत्तीसगढ़ अभियान के अंतर्गत ‘एक पेड़ मां के नाम’ पहल के तहत स्थानीय प्रजातियों के 10 हजार पौधों का रोपण करने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्य सचिव ने पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी गतिविधियों में व्यापक जनभागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

सेवा मेरा योगदान उत्सव को सेवा संकल्प एवं दान उत्सव रूप में मनाया जाएगा

    सेवा संकल्प एवं दान उत्सव 23 से 25 सितम्बर तक प्रदेश के सभी जिलों के नगरीय निकायों में आयोजित होगा। इसी तैयारी के संबंध में कलेक्टरों से आवश्यक चर्चा की गई। इसी प्रकार इस उत्सव का 2 से 8 अक्टूबर तक प्रदेश भर में उत्सव का भव्य आयोजन किया जाएगा। सेवा संकल्प एवं दान उत्सव के अंतर्गत विविध गतिविधियां आयोजित की जायेंगी। इसमें सेवा एवं स्वच्छता, विद्या दान एवं शिक्षा सहयोग, अन्न एवं वस्त्र दान, कौशल ज्ञान दान एवं प्रशिक्षण की गतिविधियां बड़े स्तर पर की जायेंगी। जल संरक्षण एवं जल स्त्रोतों की साफ-सफाई की जाएगी। पर्यावरण संरक्षण एवं प्लास्टिक अभियान के तहत गतिविधियां आयोजित होगी। राज्यव्यापी अभियान के अंतर्गत महा रक्त दान, मेगा कैम्प एवं निशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित की जाएगी। सामूहिक गतिविधियों के अंतर्गत महा अन्नदान अभियान व गरिमा किट का वितरण होगा। सभी जिलों में बुक ट्री, स्कूल किट एवं वंचित बच्चों हेतु शिक्षा में सहयोग के कार्यक्रम आयोजित होंगे।
    मुख्य सचिव ने आयोजित होने वाले दान उत्सव को प्रभावी ढंग से आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दान उत्सव की गतिविधियों का लाभ अनाथालयों, वृद्धाश्रमों और जरूरतमंद वर्गों तक पहुंचे। सामाजिक संस्थाओं एवं समितियों को भी इसमें सक्रिय रूप से जोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि अभियान में प्रमुख गतिविधियों पर विशेष फोकस कर उनका प्रभावी क्रियान्वयन किया जाए, ताकि इन प्रयासों को आगे भी निरंतर जारी रखते हुए संस्थागत रूप दिया जा सके। उन्होंने दान उत्सव के समापन पर उल्लेखनीय कार्य करने वाले व्यक्तियों एवं संस्थाओं को सम्मानित करने के निर्देश भी दिए।

सेवा सेतु शिविरों में आवेदन का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करें

    मुख्य सचिव ने कहा कि सेवा सेतु शिविरों में प्राप्त आवेदनों को व्यवस्थित रूप से एकत्र कर उनका परीक्षण एवं निराकरण किया जाए। शिविरों में आने वाले प्रत्येक प्रकरण का समय-सीमा में समाधान सुनिश्चित हो। उन्होंने अधिकारियों को प्रोएक्टिव होकर कार्य करने तथा शिविरों को परिणाम आधारित बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने शिविरों में केंद्र सरकार की चिन्हित 26 प्रमुख योजनाओं को शामिल करने तथा पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ दिलाने के निर्देश दिए। साथ ही मुख्यमंत्री हेल्पलाइन और लोक सेवा गारंटी में उपलब्ध शिकायतों की समीक्षा कर उनका समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने को कहा।

कलेक्टरों को प्रभावी नेतृत्व के निर्देश

    मुख्य सचिव ने कलेक्टरों से कहा कि “आप जिले के लीडर हैं”, इसलिए अपने-अपने जिलों में सभी अभियानों का प्रभावी नेतृत्व करते हुए बेहतर परिणाम सुनिश्चित करें। उन्होंने सेवा संकल्प अभियान की सभी गतिविधियों की जानकारी गूगल शीट में व्यवस्थित रूप से दर्ज करने के निर्देश दिए, ताकि जिलेवार गतिविधियों और उपलब्धियों की प्रभावी मॉनिटरिंग हो सके।

गिरदावरी सर्वे में शुद्धता और विश्वसनीयता हो सुनिश्चित

    मुख्य सचिव ने कलेक्टरों को अपने जिलों में फसलों की गिरदावरी सर्वे के दौरान शुद्धता एवं विश्वसनीयता पर विशेष ध्यान देने कहा है। इसके लिए तहसीलदारों एवं पटवारियों से कार्य की लगातार मॉनिटरिंग करने कहा गया है।

जल जीवन मिशन और स्वच्छ भारत मिशन की नियमित समीक्षा

    मुख्य सचिव ने जल जीवन मिशन को प्राथमिकता देते हुए सभी जिलों में कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने 15 अक्टूबर तक निर्धारित लक्ष्य के अनुसार नल कनेक्शन तथा नल कनेक्शनों को क्रियाशील करने की प्रगति की नियमित समीक्षा करने को कहा। किसी भी प्रकार की समस्या होने पर लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों से समन्वय कर तत्काल समाधान करने के निर्देश दिए गए। मुख्य सचिव ने कहा कि नल जल योजना एवं जल जीवन मिशन के कार्यों के लिए उपअभियंताओं की कमी नही होना चाहिए। जहाँ कमी हो वहाँ इसके लिए दूसरे निर्माण विभागों के उप अभियंताओं की भी डूयूटी लगायी जाए। उन्होंने कलेक्टरों को साप्ताहिक आधार पर जल जीवन मिशन की समीक्षा करने के निर्देश दिए। साथ ही स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों के लिए निर्धारित लक्ष्यों पर भी विशेष ध्यान देने तथा रिपोर्टिंग मैकेनिज्म को प्रभावी बनाने को कहा। मुख्य सचिव ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान को जनभागीदारी, सेवा भावना और सामाजिक सहयोग का स्थायी माध्यम बनाया जाए। सभी विभाग एवं जिला प्रशासन समन्वय के साथ कार्य करते हुए अभियान को प्रभावी परिणामों तक पहुंचाएं और छत्तीसगढ़ को प्रोएक्टिव एवं फ्रंट रनर राज्य के रूप में आगे ले जाने की दिशा में कार्य करें।

    कलेक्टर कॉन्फ्रेंस के दौरान सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव अविनाश चम्पावत, सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग के सचिव अंकित आनंद, आयुक्त जनसंपर्क रजत बंसल सहित वीडियो कॉन्फ्रेंस से अन्य विभागों के अधिकारी  सभी संभागायुक्त, अन्य विभागों के प्रमुख जिला अधिकारी शामिल हुए।
कोरबा के एनआईसी कक्ष से कलेक्टर कुणाल दुदावत, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत प्रतीक जैन, अपर कलेक्टर देवेंद्र पटेल सहित विभिन्न विभागीय अधिकारी उपस्थित थे। कलेक्टर ने सभी विभागीय अधिकारियों को मुख्य सचिव से प्राप्त निर्देशों का गम्भीरता से पालन करने एवं सेवा संकल्प अभियान के सफलता हेतु  सौंपे गए दायित्वों का जिम्मेदारी पूर्वक निर्वहन करने के निर्देश दिए।

Continue Reading
Advertisement

Trending

Copyright © 2020 Divya Akash | RNI- CHHHIN/2010/47078 | IN FRONT OF PRESS CLUB TILAK BHAVAN TP NAGAR KORBA 495677