कलेक्टर ने अधिकारियों को दी सख्त चेतावनी, जनसमस्याओं के त्वरित निराकरण के निर्देश
एग्रीस्टेक पोर्टल में किसानों का मई तक शत-प्रतिशत पंजीयन कराने के दिए निर्देश
समय-सीमा की बैठक
कोरबा। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने आज समय-सीमा की बैठक लेकर विभिन्न विभागों के अंतर्गत लंबित प्रकरणों, मुख्यमंत्री जनदर्शन और सुशासन तिहार के अंतर्गत आयोजित जनसमस्या निवारण शिविरों में प्राप्त आवेदनों के निराकरण की समीक्षा की।
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे सुशासन तिहार के आवेदनों का गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करें। उन्होंने अधिकारियों को शिविर स्थल पर निर्धारित समय तक अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने तथा आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित समाधान करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री दुदावत ने कहा कि सुशासन तिहार केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह शासन और आम जनता के बीच सीधे संवाद, विश्वास और समाधान का एक सशक्त माध्यम है। शासन की मंशा है कि आमजन को अपनी समस्याओं के लिए कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, बल्कि प्रशासन स्वयं गांवों और शिविर स्थलों तक पहुंचकर उनकी समस्याएं सुने और मौके पर ही प्रभावी कार्रवाई करे। उन्होंने निर्देश दिए कि शिविर में आने वाले प्रत्येक नागरिक की बात को गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुना जाए और जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी जन-जन तक पहुंचाया जाए ताकि पात्र हितग्राही लाभान्वित हो सकें। कलेक्टर ने सुशासन तिहार में प्राप्त आवेदनों की समीक्षा के दौरान, शिविर संपन्न होने के कई दिनों बाद भी आवेदनों का निराकरण नहीं करने पर जनपद सीईओ करतला को शोकॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने विद्युत विभाग को विशेष निर्देश दिए कि बिजली बिल सुधार और खराब ट्रांसफार्मर की शिकायतों का निराकरण 7 दिनों के भीतर सुनिश्चित किया जाए। अन्य आवेदनों के लिए उन्होंने 15 दिनों की समय-सीमा निर्धारित की। साथ ही, सभी एसडीएम को राशन कार्ड, मनरेगा जाॅब कार्ड, पेंशन, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, पर्यवेक्षक और ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी से संबंधित शिकायतों पर गंभीरता से कार्रवाई करने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर ने ग्राम पंचायतों के विकास कार्यों की राशि का गबन करने वाले सरपंचों से वसूली का प्रकरण दर्ज कर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जिले में राशन भंडारण और वितरण की समीक्षा करते हुए उन्होंने शहरी क्षेत्रों में पार्षदों और निगम कर्मचारियों तथा ग्रामीण क्षेत्रों में पटवारी, सरपंच, सचिव और कोटवारों के माध्यम से वितरण में तेजी लाने को कहा। उन्होंने तहसीलदार को मॉनिटरिंग करने और प्रगति कम होने पर संबंधित खाद्य निरीक्षकों को नोटिस जारी करने के निर्देश देते हुए प्रतिदिन 10 प्रतिशत वितरण की प्रगति लाने का लक्ष्य दिया। मुख्यमंत्री की घोषणाओं की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने शासन स्तर पर लंबित कार्यों के लिए उच्चाधिकारियों से समन्वय करने को कहा। उन्होंने निर्माण पोर्टल पर स्पष्ट फोटोग्राफ अपलोड करने और जिला खनिज न्यास संस्थान के अंतर्गत स्वीकृत कार्यों की आगामी तीन माह में प्रशासकीय स्वीकृति जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने निर्माण एजेंसियों को मई तक तकनीकी प्राक्कलन और जून तक शत-प्रतिशत प्रशासकीय स्वीकृति पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही यह सुनिश्चित करने को कहा कि कार्य गुणवत्तापूर्ण हों और भुगतान लंबित न रहे।
कलेक्टर ने मुख्यमंत्री जनदर्शन अंतर्गत विभिन्न विभागों में लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए सभी सम्बंधित अधिकारियों को दो दिवस के भीतर प्रकरण का निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने शासन द्वारा जारी ई-डिस्ट्रिक्ट (सेवा सेतु पोर्टल) में उपलब्ध सेवाओं का लाभ आवेदक को समय सीमा के भीतर में देने, आगामी दिनों से प्रारंभ होने वाले सीएम हेल्पलाइन में संबंधित विभागों के प्रकरण प्राप्त होने पर त्वरित निराकरण के निर्देश दिए। कलेक्टर ने ऐग्रिस्टेक पोर्टल की समीक्षा करते हुए एसडीएम को मॉनिटरिंग करने और पटवारी, वीएलई, आरएईओ के माध्यम से मई माह तक शतप्रतिशत किसानों का पंजीयन के निर्देश दिये। उन्होंने सीसीबी नोडल और उप पंजीयक सहकारिता को राजस्व विभाग के साथ समन्वय बनाकर ऐग्रिस्टेक पूर्ण कराने के निर्देश दिये। कलेक्टर ने इसकी प्रतिदिन मोनिटरिंग के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर ने राजस्व प्रकरणों की समीक्षा भी की। उन्होंने तहसीलदार को अविवादित, विवादित नामांतरण, खाता विभाजन, सीमांकन, वृक्ष कटाई, किसान किताब सहित अन्य प्रकरणों को समय सीमा में निराकरण करने के निर्देश दिए।
बैठक में कलेक्टर ने जनगणना 2027 के अंतर्गत कार्य की समीक्षा कर चार्ज अधिकारियों को प्रगति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी को शैक्षणिक सत्र प्रारंभ होने से पूर्व विद्यार्थियों का बायो मैट्रिक अनिवार्य रूप से पूर्ण करने के निर्देश भी दिए। इस दौरान डीएफओ निशांत कुमार, प्रेमलता यादव, निगमायुक्त आशुतोष पांडेय, सीईओ दिनेश नाग अपर कलेक्टर देवेंद्र पटेल, ओंकार यादव सहित सभी अधिकारी उपस्थित रहे।
बिलासपुर/कोरबा। एसईसीएल मुख्यालय, बिलासपुर में आज दिनांक 07 नवंबर 2026 (शनिवार) को दीपावली के पावन पर्व के उपलक्ष्य में प्रशासनिक भवन के कैश कक्ष में माँ लक्ष्मी की विधिवत पूजा-अर्चना की गई।
इस अवसर पर निदेशक (वित्त) डारला सुनील कुमार सहित वित्त विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
पूजन उपरांत प्रसाद वितरण किया गया। सभी ने एक-दूसरे को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ देते हुए सुख, शांति, समृद्धि एवं उज्ज्वल भविष्य की मंगलकामना की।
कोरबा। छत्तीसगढ़ विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत एवं कोरबा लोकसभा क्षेत्र की सांसद श्रीमती ज्योत्सना चरणदास महंत ने दीपावली के पावन पर्व पर प्रदेशवासियों एवं क्षेत्र की जनता को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।
उन्होंने अपने शुभकामना संदेश में कहा कि दीपावली प्रकाश, खुशहाली और आपसी प्रेम एवं सद्भाव का पर्व है। यह पर्व सभी के जीवन में नई उमंग, ऊर्जा और सकारात्मकता का संचार करे। उन्होंने माता लक्ष्मी एवं भगवान श्रीगणेश से सभी के सुख, समृद्धि, उत्तम स्वास्थ्य एवं खुशहाल जीवन की कामना की है।
कोरबा। कोरबा जिले के खैरभवना गांव में दशहरा कार्यक्रम के दौरान एक युवक की गर्दन पर धारदार हथियार से हमला कर दिया गया। गंभीर हालत में उसे पहले मेडिकल कॉलेज अस्पताल और फिर सिम्स बिलासपुर रेफर किया गया है। पुलिस ने अज्ञात हमलावर के खिलाफ मामला दर्ज कर तलाश शुरू कर दी है।
घटना लेमरू थाना क्षेत्र के सतरेंगा के खैरभवना गांव की है। दीपावली से पहले यहां गुरुवार रात रावण दहन के बाद सांस्कृतिक कार्यक्रम रखा गया था। सतरेंगा निवासी राकेश कंवर अपने भाई राजू कंवर के साथ कार्यक्रम देखने पहुंचा था।
रात करीब 2 बजे कार्यक्रम के दौरान अचानक लाइट चली गई। इसी दौरान राकेश स्टेज के पीछे अंधेरे में गया। तभी किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसकी गर्दन पर धारदार हथियार से हमला कर दिया और मौके से भाग निकला।
पुलिसकर्मी ने घायल हालत में देखा
हमले में राकेश गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा। कार्यक्रम स्थल पर लेमरू थाना पुलिस की तैनाती थी। एक आरक्षक की नजर उस पर पड़ी तो वह उसे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लेमरू ले गया।
प्राथमिक इलाज के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए मेडिकल कॉलेज अस्पताल रेफर किया गया। वहां से डॉक्टरों ने उसे सिम्स बिलासपुर भेज दिया। फिलहाल उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है।
भाई बोला- किसी से विवाद नहीं हुआ था
राकेश के छोटे भाई ने बताया कि रावण दहन या सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान किसी से कोई विवाद नहीं हुआ था। उसे यह भी पता नहीं चल पाया कि उसके भाई पर कब, कैसे और किसने हमला किया।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लखन पटले ने बताया कि रावण दहन के बाद सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान युवक की गर्दन पर हमला किया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अज्ञात हमलावर की तलाश की जा रही है।
दशहरा मैदान में चाकू से हमले में हुई थी युवक की मौत
इससे पहले कोरबा के मानिकपुर चौकी क्षेत्र स्थित दशहरा मैदान में भी रावण दहन कार्यक्रम के दौरान चाकू से हमला हुआ था। उस घटना में एक युवक की मौत हो गई थी। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था।