जगदलपुर,एजेंसी। छत्तीसगढ़ में पहली बार SZCM यानी स्पेशल जोनल कमेटी मेंबर कैडर के किसी नक्सली ने आत्मसमर्पण किया है। इस कैडर के नक्सली भले ही छत्तीसगढ़ के ही क्यों न हो लेकिन वे पड़ोसी राज्य तेलंगाना में सरेंडर करते थे। 24 जुलाई बस्तर के 5 जिलों के कुल 66 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया, जिन पर 2 करोड़ 54 लाख रुपए का इनाम घोषित है।
बीजापुर में 25 लाख रुपए के इनामी और SZCM कैडर के नक्सली रामन्ना इरपा उर्फ जगदीश उर्फ विकेश ने सरेंडर किया है। ये बीजापुर जिले का ही रहना वाला है। वहीं, साल 2002 से नक्सल संगठन में सक्रिय था। ये ओडिशा राज्य कमेटी सदस्य, कंपनी नंबर 8 इंचार्ज और कमांडर, ओडिशा पूर्वी सब जोनल ब्यूरो कमांडर इन चीफ समेत अन्य कैडर में रहा है।
सरेंडर नक्सली जगदीश की फोटो।
छोटी उम्र में बन गया था नक्सली
बीजापुर में सरेंडर के बाद इसने कहा कि, छोटी उम्र में ही नक्सलवाद की विचारधारा से प्रभावित होकर नक्सल संगठन में भर्ती हो गया। पहले नक्सली जल-जंगल-जमीन की बात करते थे। इसे बचाने की बात करते थे। लेकिन अब उनकी विचारधारा बदल गई है। उनकी दोहरी नीति है। हम विकास चाहते हैं इसलिए हथियार डाल दिए।
कई घटनाओं में था शामिल
दरअसल, रामन्ना उर्फ जगदीश छत्तीसगढ़ और ओडिशा में कई नक्सल घटनाओं में भी शामिल रहा है। छत्तीसगढ़ में ट्रेनिंग देने के बाद नक्सली इसे पड़ोसी राज्य ओडिशा भेज दिए थे। यहीं इसने ज्यादा समय बिताया है। वहीं तेलंगाना, ओडिशा, छत्तीसगढ़ और आंध्र प्रदेश के बड़े कैडर्स के साथ काम कर चुका है। ऐसे में पुलिस को कई अहम सुराग मिल सकते हैं।
IG, DIG और SP ने प्रेसवार्ता ली।
इन जिलों में इतने नक्सलियों ने किया सरेंडर
बस्तर में एक ही दिन में 5 अलग-अलग जिले में कुल 66 नक्सलियों ने सरेंडर किया है। इनपर कुल 2 करोड़ 54 लाख रुपए का इनाम घोषित है। बीजापुर जिले में सरेंडर किए 25 नक्सलियों में से 23 पर 1 करोड़ 15 लाख का इनाम है। जबकि कांकेर में 13 नक्सलियों पर 62 लाख और नारायणपुर में सरेंडर किए 8 नक्सलियों पर 33 लाख रुपए का इनाम घोषित है।
वहीं, दंतेवाड़ा में 16 नक्सलियों में से 5 पर 17 लाख रुपए का इनाम है। सुकमा जिले में भी 5 इनामी नक्सलियों ने सरेंडर किया है। सरेंडर करने वाले नक्सलियों में से मिलिट्री कंपनी नंबर 1 का कमांडर से लेकर DVCM, ACM रैंक के नक्सली हैं।
सभी को प्रोत्साहन राशि दी गई।
पुलिस का नया अभियान पुनर्वास से पुनर्जीवन
दरअसल, बस्तर संभाग में पुलिस नक्सलियों के खिलाफ पूना मारगेम यानी पुनर्वाव से पुनर्जीवन अभियान चला रही है। पिछले 2-3 दिन पहले ही इस नए अभियान की शुरुआत हुई है। जिसका फायदा मिला और बस्तर संभाग में एक साथ एक ही दिन में 2 करोड़ 27 लाख रुपए के इनामी नक्सलियों ने हिंसा का रास्ता छोड़ दिया।
बस्तर IG सुंदरराज पी ने कहा कि, ये नक्सल संगठन पर बड़ी चोट है। बड़े कैडर्स के नक्सलियों का सरेंडर हुआ है। IG ने कहा कि नक्सलियों से अपील है कि हिंसा का रास्ता छोड़ दें, मुख्य धारा में लौट आएं। योजनाओं का फायदा भी मिलेगा।
कोरबा। आरजीआई पोर्टल से आनलाईन जन्म-मृत्यु पंजीयन हेतु 13 फरवरी को जनपद पंचायत पोंड़ी उपरोड़ा के सभाकक्ष में प्रातः 11 बजे से अपरांह 01 बजे तक तथा दोपहर 02 बजे से 04 बजे तक प्रशिक्षण का आयोजन किया गया है। प्रशिक्षण जिला योजना एवं सांख्यिकी कार्यालय के अधिकारियों द्वारा दिया जायेगा। जिला योजना एवं सांख्यिकी अधिकारी ने बताया कि प्रातः 11 बजे से अपरांह 01 बजे तक आयोजित प्रशिक्षण में जनपद पंचायत पोंड़ीउपरोड़ा अंतर्गत सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पोंड़ीउपरोड़ा, समस्त प्राथमिक एवं उप स्वास्थ्य केंद्र शामिल रहेंगे और दोपहर 02 बजे से 04 बजे तक आयोजित प्रशिक्षण में जनपद पंचायत पोंड़ीउपरोड़ा अंतर्गत समस्त ग्राम पंचायत सचिवों को प्रशिक्षण दिया जायेगा।
कोरबा। कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ,जिला कोरबा द्वारा जारी राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत विभिन्न रिक्त संविदा पदों पर पात्र इच्छुक अभ्यर्थियों से 27 फरवरी शाम 5.30 बजे तक आवेदन पत्र आमंत्रित किये गये हैं। इस संबंध में विस्तृत जानकारी कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के सूचना पटल पर देखा जा सकता है एवं जिला कोरबा के बेबसाईट www.korba.gov. in में उपलब्ध है जिसका अवलोकन किया जा सकता है।
रोजगार मूलक ट्रेड प्रारंभ कर प्रशिक्षण आयोजित करने के दिए निर्देश
कोरबा। भारत निर्वाचन आयोग नई दिल्ली तथा मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी छत्तीसगढ़ के निर्देशानुसार जिले के सभी मतदान केंद्रों, सभी हायर सेकेण्डरी स्कूलों, कॉलेजों, उच्च शैक्षणिक संस्थानों में इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब गठित की जा रही हैं। इसी कड़ी में आज 11 फरवरी को शासकीय नवीन महाविद्यालय पाली में सहायक जिला स्वीप नोडल अधिकारी सतीश प्रकाश सिंह की उपस्थिति में इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब (ई.एल.सी) का गठन किया गया। इस अवसर पर मतदाता साक्षरता क्लब (ई.एल.सी.) एवं विशेष गहन पुनरीक्षण (एस.आई.आर) के महत्व पर केंद्रित कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में उपस्थित ई.एल.सी. क्लब के मेंबर्स, युवा छात्र -छात्राओं को सम्बोधित करते हुए सहायक जिला स्वीप नोडल अधिकारी सतीश प्रकाश सिंह ने मतदाता साक्षरता क्लब के गठन के उद्देश्यों के बारें में बताया। उन्होंने विशेष गहन पुनरीक्षण (एस.आई.आर.) के महत्व के बारें में जानकारी देते हुए मज़बूत लोकतंत्र के निर्माण में युवाओं को एक मतदाता के रूप में पंजीकृत होकर अपनी जिम्मेदारी पूरी करने के लिए प्रेरित किये। सहायक जिला स्वीप नोडल अधिकारी ने नवीन मतदाता के रूप में पहली बार मतदाता बनने जा रहें सभी युवाओं को राष्ट्र के प्रति अपने कर्त्तव्य को निभाने के लिए एक मतदाता के रूप में अनिवार्य रूप से अपना नाम पंजीकृत करवाने के लिए अपील की।
इस अवसर पर डॉ. हर्ष पांडेय प्राध्यापक समाजशास्त्र एवं मतदाता साक्षरता क्लब के मेम्बर्स छात्र -छात्राओं ने भी अपने विचार प्रस्तुत किये। महाविद्यालय की छात्राओं के द्वारा आकर्षक रंगोली बनाई गई एवं हाथों में मेंहदी सजाकर मतदाता साक्षरता क्लब एवं एस.आई.आर.के महत्व को प्रदर्शित किया गया। कार्यक्रम का संचालन श्रीमती रीता पटेल महाविद्यालयीन स्वीप नोडल अधिकारी के द्वारा किया गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण – टी.आर. कश्यप, डॉ.शेख तस्लीम अहमद, डॉ. कविता ठक्कर, संत राम खांडेकर, वर्षा लकड़ा सहित बड़ी संख्या में महाविद्यालय के छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।