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इलाहाबाद हाईकोर्ट बोला- स्कूल में हिजाब पहनने की इजाजत नहीं:सेक्युलरिज्म के लिए यूनिफॉर्म जरूरी, नाबालिग छात्रा की याचिका खारिज

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प्रयागराज, एजेंसी। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने स्कूलों में हिजाब पहनने की इजाजत देने से इनकार कर दिया है। कोर्ट ने सोमवार को कहा स्कूल में यूनिफॉर्म के नियम का पालन करना जरूरी है। इससे बच्चों में बराबरी की भावना रहती है। स्कूल की अपनी पहचान भी बनती है।

हाईकोर्ट ने कहा, यूनिफॉर्म की बदौलत बिना किसी धार्मिक भेदभाव वाला माहौल बना रहता है। इसलिए कोई भी छात्र या छात्रा स्कूल के तय किए गए ड्रेस कोड को बदलने की जिद नहीं कर सकती।

कोर्ट ने कहा-

स्कूल में व्यक्तिगत आधार पर हिजाब पहनने की अनुमति नहीं दी जा सकती है। यह यूनिफॉर्म के विचार के खिलाफ होगा। इससे स्कूल के अनुशासन को तय करने का अधिकार संस्थान के बजाय अलग-अलग छात्रों के हाथ में चला जाएगा।

जस्टिस जेजे मुनीर और जस्टिस इंद्रजीत शुक्ला की डिविजन बेंच ने इसके साथ ही नाबालिग छात्रा की याचिका खारिज कर दी। इसमें स्कूल के तय ड्रेस कोड के साथ हिजाब पहनकर कक्षा में बैठने की अनुमति मांगी गई थी।

स्कूलों में हिजाब विवाद कर्नाटक से शुरू हुआ

कर्नाटक में हिजाब विवाद जनवरी 2022 में उडुपी के एक सरकारी कॉलेज से शुरू हुआ। कुछ मुस्लिम छात्राओं ने हिजाब पहनकर कक्षा में बैठने की मांग की, जबकि कॉलेज प्रशासन ने इसे यूनिफॉर्म नियम के खिलाफ बताया। इसके बाद विरोध दूसरे कॉलेजों तक पहुंचा और कुछ जगह भगवा शॉल पहनकर जवाबी प्रदर्शन हुए।

15 मार्च 2022 को कर्नाटक हाईकोर्ट ने छात्राओं की याचिका खारिज करते हुए कहा कि हिजाब इस्लाम की अनिवार्य धार्मिक प्रथा नहीं है और स्कूल के तय ड्रेस कोड का पालन कराया जा सकता है।

हिजाब पर सुप्रीम कोर्ट में मामला अभी पेंडिंग

हिजाब विवाद पर 13 अक्टूबर 2022 को सुप्रीम कोर्ट की दो जजों की बेंच का फैसला एकमत नहीं था। दोनों जजों की राय अलग रही।

जस्टिस हेमंत गुप्ता ने कर्नाटक हाईकोर्ट का फैसला बरकरार रखा। उनके मुताबिक स्कूल का ड्रेस कोड सभी छात्रों पर समान रूप से लागू होता है और हिजाब को इस्लाम की अनिवार्य धार्मिक प्रथा साबित नहीं किया गया।

वहीं जस्टिस सुधांशु धूलिया ने कहा कि इस मामले में यह तय करना जरूरी ही नहीं है कि हिजाब अनिवार्य धार्मिक प्रथा है या नहीं। उनके मुताबिक छात्रा की आस्था और पसंद को अनुच्छेद 19 और 25 के तहत देखा जाना चाहिए।

अनुच्छेद 19: अभिव्यक्ति की आजादी देता है। पहनावे को भी अभिव्यक्ति से जोड़कर अधिकार का दावा किया जा सकता है, लेकिन इस पर उचित प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं।

अनुच्छेद 25: धर्म मानने और उसका पालन करने की आजादी देता है, लेकिन यह अधिकार पूरी तरह असीमित नहीं है।

इसके बाद मामले को CJI की बैंच में भेजा गया था। हालांकि, 4 साल से सुनवाई नहीं हुई है।

इस्लाम में हिजाब की बात कहां से आई?

कुरान में महिलाओं के पहनावे और पर्दे से जुड़ी सबसे अहम बातें सूरह अन-नूर की आयत 31 और सूरह अल-अहजाब की आयत 59 में मिलती हैं।

सूरह अन-नूर 24:31: महिलाओं से निगाहें नीची रखने, पाकदामनी की हिफाजत करने और अपनी सजावट न दिखाने को कहा गया है। इसी आयत में ‘खुमुर’ यानी सिर ढंकने वाले कपड़े को सीने पर डालने की बात कही गई है।

कुरान में इसके पीछे की वजह क्या थी?

1. पहचान और सुरक्षा

सूरह अल-अहजाब 33:59 में बाहरी कपड़ा डालने की वजह यह बताई गई है कि महिलाओं को पहचाना जाए और उन्हें परेशान न किया जाए। कुरान 33:59

2. निजी जीवन की मर्यादा

सूरह अल-अहजाब 33:53 में पैगंबर की पत्नियों से बात या कुछ मांगने के लिए पर्दे की आड़ रखने की बात कही गई है। इसी आयत में इसे दिलों की पवित्रता के लिए बेहतर बताया गया है। कुरान 33:53

3. सिर्फ महिलाओं के लिए नियम नहीं

कुरान की सूरह अन-नूर 24:30 में पहले पुरुषों को निगाहें नीची रखने और अपनी पाकदामनी की हिफाजत करने का निर्देश दिया गया है।

अब सिलसिलेवार पूरा मामला

  • याचिका लगाने वाली छात्रा ने प्रयागराज के एक निजी स्कूल में 11वीं कक्षा में पढ़ती है। उसने अपनी मां के जरिए हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। छात्रा का तर्क था कि वह कक्षा 6 से 10 तक हिजाब पहनकर ही स्कूल में पढ़ाई करती रही है। कभी कोई आपत्ति नहीं जताई गई। छात्रा ने याचिका के साथ पुराने पहचान पत्र और स्कूल की ग्रुप फोटो भी लगाई थी।
  • छात्रा ने कहा- वह 11वीं कक्षा में भी हिजाब पहनकर ही स्कूल जाना चाहती है, लेकिन परमिशन नहीं मिल रही। हमने डीएम से भी शिकायत की, जिस पर जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) ने रिपोर्ट मांगी। स्कूल प्रिंसिपल ने साफ किया कि यह शिक्षा संस्थान है, जहां सभी छात्रों के लिए एक समान ड्रेस कोड है। किसी एक छात्रा को अलग छूट देने से स्कूल की व्यवस्था प्रभावित होगी।
  • याचिकाकर्ता ने तर्क दिया कि हिजाब पहनना उसकी धार्मिक मान्यता से जुड़ा है। इसे पहनने से उसे निजता, व्यक्तिगत आजादी और बोलने की आजादी जैसे मौलिक अधिकार प्राप्त होते हैं। ऐसे में स्कूल को निर्देश दिया जाए कि उसे हिजाब पहनने से न रोके।
  • कोर्ट बोला- ड्रेस तय करने का हक सिर्फ स्कूल प्रशासन के पास
  • कोर्ट ने कहा- जब तक स्कूल का ड्रेस कोड सभी बच्चों के लिए एक जैसा है, सही मंशा से बनाया गया है और किसी के साथ भेदभाव नहीं करता, तब तक ड्रेस क्या होगी यह तय करने का पूरा हक सिर्फ स्कूल प्रशासन के पास है। अगर स्कूल ने पहले कभी हेडस्कार्फ (हिजाब) पहनने की छूट दी भी थी, तो इसका मतलब यह नहीं है कि यह छात्राओं का हमेशा के लिए पक्का अधिकार बन गया। स्कूल प्रशासन अपने नियमों में बदलाव करने के लिए स्वतंत्र है। वह पुरानी छूट को जारी रखने के लिए मजबूर नहीं है।
  • कोर्ट ने कहा- हिजाब पहनना इस्लाम का जरूरी हिस्सा नहीं
  • कोर्ट ने कहा- जहां भी यह मुद्दा उठा है, हाईकोर्ट की राय एक रही है कि महिलाओं के लिए हिजाब पहनना इस्लाम का कोई जरूरी हिस्सा नहीं है। ऐसा नहीं है कि इसके बिना धर्म खतरे में पड़ जाएगा या इसे न पहनने पर महिला धर्म से बाहर हो जाएगी। इसे साबित करने के लिए कोई तथ्य या सबूत भी पेश नहीं किए गए हैं।
  • कोर्ट ने कहा- आस्था पर रोक नहीं, नियमों के पालन की उम्मीद कर रहे
  • इलाहाबाद हाईकोर्ट ने केरल, बॉम्बे और कर्नाटक हाईकोर्ट के पुराने फैसले का जिक्र किया। ‘फातिमा तस्नीम बनाम केरल राज्य’ के मामले में कोर्ट ने कहा था कि एक तरफ छात्र या छात्रा का अपनी पसंद के कपड़े पहनने का अधिकार है, तो दूसरी तरफ स्कूल या संस्था का अपना नियम-कानून चलाने का अधिकार है। जब इन दोनों अधिकारों के बीच टकराव या विवाद होता है, तो व्यक्तिगत पसंद के बजाय संस्था के बड़े हित और अनुशासन को ज्यादा महत्व दिया जाएगा।
  • सुप्रीम कोर्ट में ‘आयशा शिफा बनाम कर्नाटक राज्य’ मामले में दो जजों की राय बंटी हुई थी, इसलिए इस मुद्दे पर अभी कोई अंतिम फैसला नहीं आया है। कोर्ट ने कहा कि स्कूल छात्रा की आस्था पर कोई रोक नहीं लगा रहा, बल्कि केवल संस्थागत अनुशासन और यूनिफॉर्म के पालन की अपेक्षा कर रहा है। इसके बाद कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी।

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बिहार में 50 लाख लोग बाढ़ में घिरे:उत्तराखंड के पिथौरागढ़ में लैंडस्लाइड, यूपी के लखीमपुर में 7 मकान नदी में बहे, MP-राजस्थान में अलर्ट

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नई दिल्ली, एजेंसी। बिहार के 15 जिलों की 575 पंचायतों में करीब 50 लाख की आबादी अभी भी बाढ़ के पानी से घिरी हुई है। कटिहार में सरकारी स्कूल और कोचिंग सेंटर बाढ़ के पानी में डूब गए हैं। बच्चे नाव में बैठकर पढ़ रहे हैं। प्रदेश के 26 जिलों बारिश का यलो अलर्ट है। आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी भी जारी की गई है।

यूपी में बारिश से नदियां उफान पर हैं। 26 जिलों में बाढ़ के हालात हैं। करीब 4 लाख की आबादी प्रभावित है। वहीं, लखीमपुर में शारदा नदी का कटान तेज होने से 24 घंटे में 7 मकान नदी में समा गए हैं।

उत्तराखंड के पिथौरागढ़ के आदि कैलाश मार्ग पर दोबाट में लैंडस्लाइड से सड़क फिर बंद हो गई। रुद्रप्रयाग में केदारनाथ पैदल मार्ग पर चीरबासा के पास सुरक्षा के मद्देनजर यात्रियों को हेलमेट पहनाकर भेजा जा रहा है। चार दिन पहले लैंडस्लाइड में कई घोड़े-खच्चर मारे गए थे। रास्ते में पड़े शवों से बदबू और सांस लेने में परेशानी की शिकायतें सामने आ रही हैं।

राजस्थान के 26 जिलों में 17 सितंबर तक बारिश का यलो अलर्ट है। मंगलवार को अजमेर, पाली समेत कुछ अन्य जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। वहीं, मध्य प्रदेश के पश्चिमी इलाकों में 17 से 19 सितंबर तक और 18 से 21 सितंबर तक पूर्वी हिस्से में बारिश हो सकती है।

सैटेलाइट मैप में देखें मानसूनी बादलों की स्थिति

देशभर से मौसम की तस्वीरें

गुजरात के ऊना जिले में चार घंटे में 8 इंच से अधिक बारिश हुई, जिससे 200 से अधिक घरों में पानी भर गया।

गुजरात के ऊना जिले में चार घंटे में 8 इंच से अधिक बारिश हुई, जिससे 200 से अधिक घरों में पानी भर गया।

बिहार के कटिहार में बाढ़ के पानी में स्कूल डूबे हैं। गांव के टीचर नाव पर ही बच्चों को पढ़ा रहे हैं।

बिहार के कटिहार में बाढ़ के पानी में स्कूल डूबे हैं। गांव के टीचर नाव पर ही बच्चों को पढ़ा रहे हैं।

बिहार में भोजपुर के ज्वइनिया गांव में एक्ट्रेस अक्षरा सिंह ने बाढ़ पीड़ितो को राहत सामग्री बांटी।

बिहार में भोजपुर के ज्वइनिया गांव में एक्ट्रेस अक्षरा सिंह ने बाढ़ पीड़ितो को राहत सामग्री बांटी।

केदारनाथ पैदल मार्ग पर हेलमेट पहनाकर यात्रियों को आगे भेजा जा रहा।

केदारनाथ पैदल मार्ग पर हेलमेट पहनाकर यात्रियों को आगे भेजा जा रहा।

यूपी के सिद्धार्थनगर में बारिश के बीच दीवार भरभराकर गिर गई।

यूपी के सिद्धार्थनगर में बारिश के बीच दीवार भरभराकर गिर गई।

यूपी के सहारनपुर में प्रसिद्ध सिद्धपीठ मां शाकंभरी देवी मंदिर के पास नदी में बाढ़ आ गई। पुलिस ने श्रद्धालुओं को अलर्ट कर दिया था।

यूपी के सहारनपुर में प्रसिद्ध सिद्धपीठ मां शाकंभरी देवी मंदिर के पास नदी में बाढ़ आ गई। पुलिस ने श्रद्धालुओं को अलर्ट कर दिया था।

छत्तीसगढ़ : बारिश थमने से चढ़ा पारा, राजनांदगांव में 35° तापमान

छत्तीसगढ़ में आज कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश का अलर्ट है। कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की आशंका भी है। पिछले 24 घंटे में रायपुर, दुर्ग और बस्तर संभाग के कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। बारिश की गतिविधियां कम होने के साथ अब तापमान बढ़ने लगा है। राजनांदगांव सबसे गर्म रहा, यहां पारा 35 डिग्री तक पहुंच गया।

गुजरात: कच्छ के मांडवी में 7 इंच बारिश

गुजरात में पिछले 24 घंटे में 110 में बारिश हुई। कच्छ के मांडवी में सबसे ज्यादा 7 इंच बारिश दर्ज की गई। सुबह 6 बजे से दोपहर 12 बजे तक हुई बारिश से कई जगह सड़कों पर पानी भर गया।

जूनागढ़, गिर सोमनाथ, राजकोट, अमरेली, आनंद और मेहसाणा के कुछ इलाकों में भी सुबह हल्की बारिश हुई। राज्य में अब तक 84.74% बारिश हुई है, लेकिन करीब 15% बारिश की कमी है।

यूपी: 26 जिलों में बाढ़ से 4 लाख लोग प्रभावित, लखीमपुर में 7 मकान नदी में बहे

यूपी में मानसून अभी सक्रिय है। मौसम विभाग ने बुधवार को 56 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं, बारिश से नदियां उफान पर हैं। 26 जिलों में बाढ़ के हालात हैं। करीब 4 लाख की आबादी प्रभावित है। सिद्धार्थनगर में बारिश के बीच दीवार भरभराकर गिर गई।

मध्य प्रदेश: 19 सितंबर से नया सिस्टम एक्टिव होगा, राज्य में 4.3 इंच कम बारिश हुई

मध्य प्रदेश में भारी बरसात का एक और दौर आ सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक 19 सितंबर के बाद नया सिस्टम एक्टिव होगा। यदि सिस्टम स्ट्रॉन्ग रहा तो प्रदेश की बारिश का कोटा फुल हो सकता है। कोटे के बराबर पहुंचने में 4.3 इंच बारिश की और जरूरत है।

बिहार: सेंट्रल टीम बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा करेगी, 26 जिलों में बारिश का यलो अलर्ट

मौसम विभाग ने बिहार के 26 जिलों में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। 30 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है। पटना समेत बाकी जिलों में मौसम सामान्य रहने का अनुमान है।

राजस्थान: 26 जिलों में बारिश का अलर्ट, 19 सितंबर से मानसून की विदाई

राजस्थान में मानसून अंतिम चरण में है। आज 26 जिलों में बारिश का यलो अलर्ट है। मंगलवार को अजमेर, पाली समेत कुछ अन्य जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। बारिश होने और हवा चलने से कई शहरों में मंगलवार को तापमान में गिरावट हुई।

झारखंड: बिजली गिरने का का यलो अलर्ट, हल्की बारिश की संभावना

राजधानी रांची में अगले पांच दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, 21 सितंबर तक रांची और आसपास के इलाकों में रोजाना एक-दो बार बारिश हो सकती है। इस दौरान कहीं हल्की तो कहीं तेज बारिश होने की संभावना है।

उत्तराखंड: अल्मोड़ा में रामगंगा नदी उफान पर, सभी जिलों में बारिश की चेतावनी

उत्तराखंड के सभी जिलों में आज बारिश की संभावना है। अल्मोड़ा के चौखुटिया क्षेत्र में देर रात मूसलाधार बारिश हुई, जिससे रामगंगा नदी अचानक उफान पर आ गई। पिथौरागढ़ में आदि कैलाश मार्ग पर दोबाट में पहाड़ी दरकने से सड़क फिर बंद हो गई।

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पाकिस्तानी नेवी शिप अरब सागर में भारतीय युद्धपोत से टकराया:दिल्ली में PAK हाईकमिश्नर तलब दोनों, देशों के जंगी जहाज 15 साल पहले भी टकराए थे

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नई दिल्ली, एजेंसी। पाकिस्तानी नौसेना का एक जहाज अरब सागर के अंतरराष्ट्रीय क्षेत्र में भारतीय नौसेना के जहाज से टकरा गया। घटना कब की है, इसकी जानकारी नहीं दी गई है। इससे पहले 2011 में भी दोनों देशों के जहाजों में टक्कर हुई थी।

भारतीय विदेश मंत्रालय के मुताबिक, भारतीय युद्धपोत नियमित निगरानी मिशन पर था। इसी दौरान पाकिस्तानी जहाज तेज रफ्तार में आया और गलत दिशा में मुड़ गया, जिससे दोनों जहाज टकरा गए।

ANI ने सूत्रों के हवाले से बताया कि पाकिस्तानी जहाज का नाम PNS हुनैन है। इसे समुद्री निगरानी और गश्त के लिए इस्तेमाल किया जाता है। टक्कर में इसको नुकसान पहुंचा है। हालांकि, भारतीय नौसेना के जिस जहाज से इसकी टक्कर हुई, इसका पता नहीं चल पाया है।

घटना के बाद भारत ने नई दिल्ली में पाकिस्तान हाई कमीशन के चार्ज डी’अफेयर्स को तलब किया और कड़ा विरोध दर्ज कराया। भारत ने घटना को अस्वीकार्य और गैर-पेशेवर बताया।

दिशा बदलने के दौरान दोनों की टक्कर हुई

ANI के मुताबिक, भारतीय नौसेना का एक युद्धपोत उत्तर अरब सागर में नियमित निगरानी मिशन पर था। इसी दौरान पाकिस्तानी नौसेना का एक जहाज तेज रफ्तार से भारतीय जहाज के करीब आ गया।

पाकिस्तानी जहाज ने जिस तरह अपनी दिशा बदली, उसे असुरक्षित और गैर-पेशेवर बताया गया है। इसके बाद दोनों जहाजों के बीच दूरी लगातार कम होती गई और आखिर में वे आपस में टकरा गए।

2011 में टकराए थे भारतीय-पाकिस्तानी जहाज

भारत और पाकिस्तान की नौसेनाओं के बीच समुद्र में इस तरह की घटना पहले भी हो चुकी है। 2011 में भारतीय नौसेना के INS दोगावरी और पाकिस्तानी नौसेना के PNS बाबर के बीच भी टक्कर हुई थी।

टक्कर को लेकर पाकिस्तान ने आरोप लगाया था कि भारतीय जहाज ने उसके काम में रुकावट डाली और खतरनाक तरीके से जहाज चलाया।

भारत ने इस आरोप को गलत बताया। भारत के मुताबिक, PNS बाबर ने INS गोदावरी को दाईं तरफ से पार करने की कोशिश की और इसी दौरान उसके हेलिकॉप्टर डेक वाले हिस्से से टकरा गया। इस दौरान हेलिकॉप्टर का जाल क्षतिग्रस्त हुआ था।

भारत ने तब भी 1991 के समझौते के आर्टिकल 10 का हवाला देते हुए पाकिस्तान के सामने विरोध दर्ज कराया था।

साल 2011 में INS दोगावरी और पाकिस्तानी नौसेना के PNS बाबर की टक्कर हो गई थी।

साल 2011 में INS दोगावरी और पाकिस्तानी नौसेना के PNS बाबर की टक्कर हो गई थी।

PNS बाबर, सोमालियाई समुद्री लुटेरों से छुड़ाए गए MV सुएज जहाज को सुरक्षित ले जा रहा था। यह मिस्र के मालिकाना हक वाला जहाज था।

इसे सोमालियाई समुद्री लुटेरों ने बंधक बना लिया था। बाद में करीब 20 लाख डॉलर से ज्यादा की फिरौती दिए जाने के बाद जहाज और उसके 22 सदस्यीय चालक दल को छोड़ा गया था।

भारत ने पाकिस्तान से क्या कहा?

विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तानी चार्ज डी’अफेयर्स से कहा कि वह भारत की आपत्ति पाकिस्तान के संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाएं। भारत ने कहा कि समुद्र में सभी सैन्य जहाजों को सावधानी से काम करना चाहिए और दोनों देशों के बीच हुए समझौतों का पालन करना चाहिए।

भारत ने यह भी कहा कि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए जरूरी कदम उठाए जाने चाहिए। वहीं, इस्लामाबाद में मौजूद भारतीय चार्ज डी’अफेयर्स को भी पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के सामने भारत की ओर से विरोध दर्ज कराने को कहा गया है।

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शुभेंदु अधिकारी के PA की मां नंदीग्राम से उम्मीदवार:बंगाल चुनाव नतीजे के 2 दिन बाद चंद्रनाथ रथ की हत्या हुई थी, CM ने ये सीट छोड़ी

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कोलकाता, एजेंसी। भाजपा ने पश्चिम बंगाल की नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए अपने उम्मीदवारों के नाम घोषित कर दिए हैं। पार्टी ने नंदीग्राम से हसीरानी रथ और रेजीनगर से शाश्वर सरकार को टिकट दिया है।

हसीरानी रथ CM शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की मां हैं। 6 मई की देर रात मध्यमग्राम के पास चंद्रनाथ को गोली मार दी गई थी। गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां बाद में उनकी मौत हो गई।

इस साल अप्रैल-मई में हुए बंगाल विधानसभा चुनाव में भाजपा ने 207 सीटें जीती थीं। तृणमूल कांग्रेस को 80 और कांग्रेस को 2 सीटें मिली थीं। इन नतीजों के बाद ममता बनर्जी 15 साल बाद सत्ता से बाहर हो गईं।

नंदीग्राम में TMC के दो गुट भी आमने-सामने

उपचुनाव में तृणमूल कांग्रेस के दोनों गुट भी आमने-सामने हैं। ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी गुट ने नंदीग्राम से मोहम्मद एतेशामुल हक और रेजीनगर से सफीउज्जमान शेख को मैदान में उतारा है। वहीं ममता वाले गुट ने नंदीग्राम से संचिता प्रधान डे और रेजीनगर से पूर्व विधायक रबीउल आलम चौधरी को उम्मीदवार बनाया है।

दोनों गुट खुद को असली TMC बताते हुए ‘जोड़ा घास फूल’ चुनाव चिह्न पर दावा कर रहे हैं। चुनाव आयोग ने दोनों पक्षों से अतिरिक्त दस्तावेज मांगे हैं और 16 सितंबर तक जवाब देने को कहा है। अगर उपचुनाव से पहले आयोग इस विवाद पर फैसला नहीं कर पाता है, तो मौजूदा चुनाव चिह्न फ्रीज किया जा सकता है। ऐसी स्थिति में दोनों गुटों को अलग नाम और चुनाव चिह्न के साथ मैदान में उतरना पड़ सकता है।

कांग्रेस ने नंदीग्राम से मिलन प्रधान और रेजीनगर से मोहम्मद अब्दुल्लाहिल काफी को उम्मीदवार बनाया है। CPI(M) ने रेजीनगर से अधिवक्ता सैयद असद अली को और CPI ने नंदीग्राम से शांति गोपाल गिरी को टिकट दिया है।

नंदीग्राम से शुभेंदु ने ममता को हराया, लगातार दो बार से भाजपा जीत रही

नंदीग्राम लंबे समय से TMC और भाजपा के बीच राजनीतिक संघर्ष का प्रमुख केंद्र रहा है। इस क्षेत्र में 2007 के भूमि अधिग्रहण विरोधी आंदोलन ने ममता बनर्जी और TMC को 2011 में सत्ता तक पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाई थी।

2021 में ममता बनर्जी ने यहीं से बंगाल के मौजूदा सीएम शुभेंदु अधिकारी के खिलाफ चुनाव लड़ा, लेकिन हार गईं। 2026 के विधानसभा चुनाव में शुभेंदु अधिकारी ने नंदीग्राम के साथ भवानीपुर सीट से भी चुनाव लड़ा और दोनों जगह जीत दर्ज की।

बाद में अधिकारी ने भवानीपुर सीट अपने पास रखी और नंदीग्राम से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद नंदीग्राम सीट खाली हुई।

बंगाल सहित 4 राज्यों की 6 सीटों पर उपचुनाव

तमिलनाडु में 2 सीट: मदुरांतकम और धारापुरम- ये दोनों विधानसभा सीटें मरागथम कुमारवेल और पी. सत्यबामा के इस्तीफे के बाद खाली हुई थीं। दोनों सीटों की फाइनल वोटर लिस्ट 23 फरवरी को जारी की गई।

पुडुचेरी की थट्टानचावड़ी सीट: यह सीट एन. रंगासामी के इस्तीफे के बाद खाली हुई है। सीट की मतदाता सूची 14 फरवरी को पब्लिश हुई।

पश्चिम बंगाल की रेजीनगर-नंदीग्राम सीट: रेजीनगर सीट हुमायूं कबीर और नंदीग्राम सीट शुभेंदु अधिकारी के इस्तीफे के बाद खाली हुई। इन सीटों की अंतिम वोटर लिस्ट 28 फरवरी को जारी की गई।

असम की नगांव लोकसभा सीट: असम की नागांव लोकसभा प्रद्युत बोरदोलोई के इस्तीफे के बाद खाली हुई थी। इस सीट की अंतिम मतदाता सूची 10 फरवरी को जारी की गई थी।

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