Connect with us

देश

काशी में मोदी बोले- सिंदूर के बदले का वचन पूरा

Published

on

टैरिफ वॉर के बीच कहा- वही खरीदेंगे-बेचेंगे जिसे बनाने में भारतीय का पसीना बहा

वाराणसी,एजेंसी। पीएम नरेंद्र मोदी ने काशी में कहा- मैंने बेटियों के सिंदूर का बदला लेने के लिए जो वचन दिया था, वो पूरा हो गया। ये महादेव के आशीर्वाद से ही पूरा हुआ। मैं ऑपरेशन सिंदूर की सफलता को उनके चरणों में समर्पित करता हूं। अगर पाकिस्तान ने फिर कोई पाप किया तो हमारी मिसाइलें आतंकियों को तबाह कर देंगीं।

उन्होंने कहा- भारत पर वार करने वाला दुश्मन पाताल में भी नहीं बचेगा। ऑपरेशन सिंदूर में भारत के स्वेदशी हथियारों की ताकत पूरी दुनिया ने देखीं। ड्रोन, मिसाइलें, एयर डिफेंस ने आत्मनिर्भर भारत की ताकत को साबित किया है। पाकिस्तान में तो इतना खौफ है कि ब्रह्मोस की आवाज भी आ जाए तो पाकिस्तान को नींद नहीं आती है।

पीएम ने अमेरिका का बिना नाम लिए टैरिफ पर भी बयान दिया। कहा- हम उन चीजों को खरीदेंगे, जिसे बनाने में किसी न किसी भारतीय का पसीना बहा है। हमें वोकल फॉर लोकल मंत्र को अपनाना होगा। हम संकल्प लें कि मेक इन इंडिया प्रोडक्ट को बढ़ावा देंगे।

हमारे घर में जो भी नया सामान आया, वो स्वदेशी ही होगा। ये जिम्मेदारी हर नागरिक को ही लेनी होगी। मैं दुकानदार भाइयों से आग्रह करता हूं, जब दुनिया इस तरह की अस्थिरता से गुजर रही है तो हम सिर्फ स्वदेशी माल ही बेचेंगे।

पीएम ने 54 मिनट तक जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने काशी में 2,200 करोड़ रुपए के 52 प्रोजेक्ट लॉन्च किए। साथ ही देशभर के किसानों के लिए सम्मान निधि की 20वीं किस्त के 20,500 करोड़ रुपए जारी किए। यह मोदी का प्रधानमंत्री रहते 51वां और तीसरे कार्यकाल में तीसरा दौरा है।

जन-सभास्थल पर सीएम योगी ने पीएम का वेलकम किया।

जन-सभास्थल पर सीएम योगी ने पीएम का वेलकम किया।

पीएम की 5 बड़ी बातें-

1- कांग्रेस ने ऑपरेशन सिंदूर को तमाशा कहा

कांग्रेस ने ऑपरेशन सिंदूर को तमाशा कहा है। क्या सिंदूर को कोई तमाशा कह सकता है। हमारी सेना का पराक्रम और बहनों के सिंदूर का बदला… तमाशा कहने की ये हिम्मत…ये निर्लज्जता…वोट बैंक और तुष्टीकरण की इस राजनीति में सपा भी पीछे नहीं है।

सपा के नेता संसद में कह रहे थे कि पहलगाम के आतंकियों को अभी क्यों मारा? अब बताइए, मैं फोन करके इनसे पूछूं। ये वही लोग हैं जब यूपी में सत्ता में थे तो आतंकियों को क्लीनचिट देते थे। बम धमाके करने वालों से मुकदमे वापस लेते थे।

2- ये नया भारत, दुश्मनों के लिए काल भैरव बन जाता है

मैं काशी की धरती से कहना चाहता हूं। ये नया भारत है। भोलेनाथ को भी पूजता है। दुश्मनों के सामने काल भैरव भी बन जाता है। विरोधी संसद में कह रहे थे कि पहलगाम के आतंकियों को क्यों मारा? क्या सपा वालों को फोन करूं क्या? क्या आतंकियों को भागने का मौका देना चाहिए था?

3- कांग्रेस-सपा वाले आतंकियों की हालत देखकर रोते हैं…

पाकिस्तान के कई सारे एयरबेस आज भी ICU में पड़े हैं। पाकिस्तान दुखी है। ये तो सब कोई समझ सकता है, लेकिन पाकिस्तान का ये दुख सपा और कांग्रेस से सहन नहीं हो रहा। उधर, आतंक का आका रोता है। इधर कांग्रेस-सपा वाले आतंकियों की हालत देखकर रोते हैं। कांग्रेस हमारी सेनाओं के पराक्रम का लगातार अपमान कर रही है।

4- लखपति दीदी का आंकड़ा सुनकर सपा वाले साइकिल लेकर भाग जाएंगे

मोदी ने कहा-हमारा देश में तीन करोड़ लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य है। अब तक डेढ़ करोड़ से ज्यादा लखपति दीदी बन चुकी हैं। लक्ष्य का आधा काम पूरा कर लिया। ये आंकड़ा सुनकर सपा वाले साइकिल लेकर भाग जाएंगे। सरकार के ड्रोन दीदी अभियान ने लाखों लोगों की आय बढ़ाई है।

5- पाकिस्तान ने फिर पाप किया तो मिसाइलें आतंकियों को तबाह करेंगी

अगर पाकिस्तान ने फिर कोई पाप किया तो यूपी में बनी मिसाइलें आतंकियों को तबाह कर देंगीं। आज यूपी इतनी तेजी से विकास कर रहा है। सपा के समय में यूपी में अपराधी बेखौफ थे। निवेशक यूपी आने से डरते थे। भाजपा की सरकार में अपराधियों में खौफ है। आज निवेशक यूपी में भरोसा देख रहे हैं।

पीएम मोदी ने दिव्यांग बबली को चश्मा पहनाया।

पीएम मोदी ने दिव्यांग बबली को चश्मा पहनाया।

काले कपड़े पहनकर आए लोगों की नो-एंट्री पीएम की जनसभा में काली शर्ट पहनकर आए लोगों को एंट्री नहीं मिली। सपा नेता अजय फौजी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर बताया- पुलिस ने मुझे घर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस चौकी पर बैठाया है। इसके अलावा बाबा साहब अम्बेडकर वाहिनी के जिलाध्यक्ष जितेंद्र यादव मलिक को रामनगर पुलिस ने हाउस अरेस्ट किया है।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

देश

खुदरा महंगाई लगातार सातवें महीने बढ़ी, खाने-पीने की चीजें महंगी:जुलाई में 4.45% रही, दूसरे महीने RBI के 4% के अनुमान से ज्यादा

Published

on

मुंबई, एजेंसी। आलू-प्याज जैसे खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ने से रिटेल महंगाई लगातार सातवें महीने बढ़ी है। जुलाई में यह 4.45% रही। एक महीने पहले जून में यह 4.38% पर थी। आज 12 अगस्त को रिटेल महंगाई के आंकड़े जारी किए गए हैं।

खाने-पीने के सामानों की महंगाई यानी फूड इंफ्लेशन जुलाई में बढ़कर 5.52% पर पहुंच गई है। जून में यह आंकड़ा 5.32% पर था।

RBI के 4% टारगेट से लगातार दूसरे महीने ऊपर

रिजर्व बैंक ने रिटेल महंगाई दर का लक्ष्य 4% तय किया है। यह लगातार दूसरा महीना होगा जब रिटेल महंगाई आरबीआई के तय कम्फर्ट जोन 4% से ऊपर दर्ज की गई है।

महंगाई कैसे बढ़ती-घटती है?

महंगाई का बढ़ना-घटना प्रोडक्ट की डिमांड-सप्लाई पर निर्भर करता है। अगर लोगों के पास पैसे ज्यादा होंगे तो वे ज्यादा चीजें खरीदेंगे। इससे चीजों की डिमांड बढ़ेगी और सप्लाई नहीं होने पर इनकी कीमत बढ़ेगी। वहीं अगर डिमांड कम होगी और सप्लाई ज्यादा तो महंगाई कम होगी।

4.45% महंगाई दर का क्या मतलब है?

1. तुलना पिछले साल से होती है (साल-दर-साल)

जब हम कहते हैं कि जूलाई 2026 में महंगाई 4.45% है, तो इसका मतलब है कि हम इसकी तुलना जुलाई 2025 से कर रहे हैं। यह पूरे एक साल का बदलाव है। 4.45% एक औसत नंबर है जिसे ‘कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स’ कहते हैं। इसमें आपके जीवन की सैकड़ों चीजें शामिल हैं:

  • किसी चीज के दाम बहुत ज्यादा बढ़े होंगे।
  • किसी चीज के दाम घटे भी होंगे।
  • जब इन सबको एक साथ मिलाया गया, तो औसतन खर्च 4.45% बढ़ गया।

2. रू.100 की चीज अब रू.104.45 की हो गई

इसका गणित बहुत सीधा है। अगर जुलाई 2025 में आपने कोई सामान जैसे राशन रू.100 में खरीदा था, तो वही सामान जुलाई 2026 में रू.104.45 का हो गया है।

Continue Reading

देश

शाह बोले- स्पीकर चर्चा के लिए घंटे तय करें:मैं सदन में रहूंगा, ओम बिरला को लेटर लिखा, राहुल बोले- हमें लेक्चर नहीं सुनना

Published

on

नई दिल्ली, एजेंसी। गृह मंत्री अमित शाह ने बुधवार को लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को लेटर लिखा। उन्होंने नीट पेपर लीक पर छात्रों के प्रदर्शन के मुद्दे पर चर्चा के लिए समय तय करने की मांग की।

शाह ने लेटर में लिखा, ‘मेरा अनुरोध है कि स्पीकर विपक्ष से चर्चा करें और आपसी सहमति के आधार पर आज से इस मुद्दे पर चर्चा के लिए जितना समय, दिन या घंटे उचित समझें, निर्धारित करें।

मैं तय समय के दौरान सदन में मौजूद रहूंगा और इस मुद्दे पर चर्चा में हिस्सा लेने के लिए तैयार हूं। विपक्ष की ओर से उठाए गए सभी सवालों का जवाब देने के लिए भी मैं तैयार हूं।”

इससे पहले दिन में सदन के बाहर शाह ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि सरकार हर मुद्दे पर चर्चा को तैयार है, लेकिन विपक्ष सदन को चलने दे।

इस पर नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा, ‘हमें उनका लेक्चर नहीं सुनना है। पहले ये बताएं कि जंतर-मंतर पर छात्रों पर गोलियां किसने चलवाईं। उन्होंने आदेश नहीं दिया तो वे इस्तीफा दें।’

इस बीच सरकार ने FCRA संशोधन बिल, 2026 को जॉइंट पार्लियामेंट्री कमेटी यानी JPC के पास भेजने का प्रस्ताव लोकसभा में रखा, जिसे मंजूरी मिल गई। समिति में लोकसभा के 21 और राज्यसभा के 10 सदस्य होंगे।

राहुल बोले- शाह सदन में क्यों नहीं आए

राहुल ने कहा- स्टूडेंट्स को गोली किसने मारी? स्टूडेंट्स को कीलों वाली लाठियों से पीटने का ऑर्डर किसने दिया? क्या अमित शाह ने हमारे बच्चों को गोली मारने का ऑर्डर दिया था? अगर उन्होंने दिया है, तो उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए।

राहुल ने आगे कहा- शाह घर के सामने हजार पुलिस वाले खड़े होते हैं। 30 गाड़ियां उनके आगे पीछे होती हैं कि कहीं कोई बच्चा न आ जाए। पिछले 20 दिनों से अमित शाह गायब हैं। गृह मंत्री में हिम्मत नहीं है। वह सदन में नहीं आ सकते।

Continue Reading

देश

कैश केस में हाईकोर्ट जस्टिस वर्मा पर लगे आरोप साबित:जांच समिति बोली- सबूतों से छेड़छाड़ हुई, नोटों की बोरी कहां से आई, नहीं बता पाए

Published

on

नई दिल्ली, एजेंसी। संसद की जांच समिति ने जस्टिस यशवंत वर्मा के ऊपर लगे तीनों आरोपों को सही पाया है। यह मामला 2025 में जस्टिस वर्मा के सरकारी आवास के स्टोररूम से नकदी मिलने से जुड़ा है।

पैनल की रिपोर्ट बुधवार, 12 अगस्त को लोकसभा और राज्यसभा में पेश की गई। रिपोर्ट के मुताबिक, स्टोररूम में 500 रुपए के नोटों की काफी मात्रा मिली थी।

लेकिन जस्टिस वर्मा नकदी के स्रोत, मालिकाना हक या वहां मौजूद होने की संतोषजनक वजह नहीं बता सके। जस्टिस वर्मा इस साल अप्रैल में हाईकोर्ट के जज पद से इस्तीफा दे चुके हैं।

जस्टिस वर्मा के घर 14 अगस्त 2025 को आग लगी थी, दमकल कर्मियों को यहां बोरियों में भरे हुए जले नोट मिले थे।

जस्टिस वर्मा के घर 14 अगस्त 2025 को आग लगी थी, दमकल कर्मियों को यहां बोरियों में भरे हुए जले नोट मिले थे।

जस्टिस वर्मा पर 3 आरोप क्या थे?

आरोप-1: घर में बड़ी मात्रा में बेहिसाब कैश मिला

जांच समिति ने पाया कि जस्टिस वर्मा के सरकारी आवास के स्टोर रूम में रू.500 के नोटों के बंडल और अधजले नोट मिले थे।

फायर सर्विस और पुलिस के कर्मचारियों ने जांच के दौरान बताया कि नोट सिर्फ एक जगह नहीं थे, बल्कि स्टोर रूम के बड़े हिस्से में फैले हुए थे।

दिल्ली फायर सर्विस के कर्मचारी अंकित सहगल ने बताया कि उसने रू.500 के नोटों के बंडल देखे थे, जो स्टोर रूम में 7-8 फीट तक फैले हुए थे।

पुलिस अधिकारी रूपचंद से जब पूछा गया कि क्या नकदी की मात्रा रू.5 लाख से ज्यादा थी, तो उन्होंने कहा कि यह आंकड़ा बहुत छोटा है।

हालांकि, नोटों को जब्त नहीं किया गया, उनकी गिनती नहीं हुई और न ही नोटों के नमूने सुरक्षित किए गए। इसी वजह से समिति यह निर्धारित नहीं कर सकी कि वहां वास्तव में कितनी नकदी थी।

नतीजा: आरोप साबित।

आरोप-2: आग के बाद सबूतों से छेड़छाड़ हुई

आग बुझने के बाद स्टोर रूम को तुरंत सील नहीं किया गया। सुरक्षा अधिकारी ने जस्टिस वर्मा के स्टाफ को वहां रात करीब 3 बजे सफाई करते देखा।

सुबह तक जला हुआ सामान बाहर निकाल दिया गया और कमरा साफ कर दिया गया। वहां मिले नोट भी सुरक्षित नहीं किए गए और बाद में मिले भी नहीं। कमेटी ने माना कि इस तरह महत्वपूर्ण सबूत सुरक्षित नहीं रखे गए और उनसे छेड़छाड़ हुई।

नतीजा: आरोप साबित।

आरोप-3: जस्टिस वर्मा के जवाब टालमटोल वाले और भ्रामक थे

शुरुआत में जस्टिस वर्मा ने कहा कि उन्हें कैश के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। बाद में बचाव में नकदी नकली होने, साजिश के तहत रखे जाने के बात कही।

लेकिन इन दावों के समर्थन में कोई FIR, शिकायत या ठोस सबूत सामने नहीं आया। जस्टिस वर्मा ने खुद भी गवाही नहीं दी और अपने परिवार या स्टाफ को गवाह के तौर पर पेश नहीं किया।

समिति ने जस्टिस वर्मा की सफाई को अधूरी, टालमटोल वाली और प्रभाव में भ्रामक माना।

नतीजा: आरोप साबित।

इसी साल 9 अप्रैल को जस्टिस यशवंत वर्मा ने इस्तीफा दिया

9 अप्रैल 2026 को जस्टिस वर्मा ने इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने लिखा था कि, मैं आपके सम्मानित कार्यालय को उन कारणों से परेशान नहीं करना चाहता, जिनकी वजह से मुझे यह पत्र लिखना पड़ रहा है। लेकिन गहरे दुख के साथ मैं इलाहाबाद उच्च न्यायालय के न्यायाधीश पद से तत्काल प्रभाव से इस्तीफा दे रहा हूं। इस पद पर सेवा करना मेरे लिए सम्मान की बात रही है।

Continue Reading
Advertisement

Trending

Copyright © 2020 Divya Akash | RNI- CHHHIN/2010/47078 | IN FRONT OF PRESS CLUB TILAK BHAVAN TP NAGAR KORBA 495677