राजनांदगांव,एजेंसी। राजनांदगांव में शिकायत लेकर पहुंची छात्राओं को DEO (जिला शिक्षा अधिकारी) ने जेल भेजने की धमकी दे डाली। छात्राओं का आरोप है कि DEO अभय जायसवाल ने उनसे बदसलूकी भी की। मामला डोंगरगढ़ स्थित सरकारी स्कूल का है।
छात्राओं का रोते हुए वीडियो भी आया है। इसमें छात्राएं बता रही हैं कि, DEO ने उनसे कहा- इस तरह किसने कहा था ऐप्लीकेशन लिखने के लिए? फिर डरा-धमकाकर भगा दिया। पिछले 4 दिनों में टीचर की बदसलूकी के कई मामले सामने आ चुके हैं।
बलरामपुर और जांजगीर-चांपा में भी शिक्षकों ने छात्रों से बदसलूकी की थी। बलरामपुर में स्टूडेंट्स ने पानी की समस्या बताई तो नाली का पानी पीने और पेशाब पीने को कह दिया। वहीं जांजगीर-चांपा में टीचर की पिटाई से एक छात्र के कान पर्दा फट गया।
DEO पर छात्राओं के आरोप और क्या लिखा है ऐप्लीकेशन में?
छात्रा आरती साहू ने बताया कि, DEO अभय जायसवाल सर ऐप्लीकेशन देखकर भड़क गए। उन्होंने कहा, ये चिट्ठी लिखना किसने सिखा दिया। इसके लिए जिंदगी भर जेल की हवा खाओगी। इसके बाद हम लोगों को चैंबर से बाहर निकाल दिया।
छात्रा ने बताया कि, पिछले साल भी बिना टीचर के पास हुए हैं। अब बोर्ड परीक्षा है, कैसे एग्जाम देंगे। ऐप्लीकेशन में स्कूली बच्चों लिखा है- ‘3 दिन के अंदर शिक्षक व्यवस्था नहीं करने पर स्कूल में धरना प्रदर्शन करेंगे। स्कूल में ताला जड़ देंगे।’
DEO के पास क्यों गए स्टूडेंट्स?
दरअसल, डोंगरगढ़ के आलिवारा हायर सेकेंडरी स्कूल में 11वीं और 12वीं क्लास में पढ़ाने के लिए टीचर नहीं हैं। जबकि 9वीं-10वीं में 110 और 11वीं-12वीं में 56 छात्र हैं। ऐसे में आवेदन लेकर छात्र-छात्राएं कलेक्टर के जनदर्शन कार्यक्रम में पहुंची थी। वहां से कलेक्टर ने छात्र-छात्राओं को DEO के पास भेज दिया था।
वहीं बच्चों के अभिभावकों का कहना है कि, पिछले 2 साल से स्कूल में टीचर नहीं हैं, जिसके कारण बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। हाईस्कूल के शिक्षक पढ़ा रहे हैं, लेकिन कई विषय के टीचर नहीं हैं। कलेक्टर ने 2 दिन में व्यवस्था करने का आश्वासन दिया है।
आलिवारा हायर सेकेंडरी स्कूल के छात्र-छात्रा और परिजन कलेक्टर के जनदर्शन में जाते हुए।
अब जानिए क्या कहते हैं DEO?
मामले में DEO अभय जायसवाल ने बताया कि, स्कूल में तालाबंदी की बात आवेदन में लिखी थी। मैंने बच्चों को समझाने की कोशिश की। स्कूल में तालाबंदी कानून के खिलाफ है। ऐसा करने पर आपके पालकों को परेशानी हो सकती है, लेकिन छात्राओं ने गलत ढंग से ले लिया। मैं खुद उनसे मिलूंगा और समझाउंगा। बच्चे हमारे हैं।
जानकारी के मुताबिक, स्कूल में 10 शिक्षकों की जरूरत है, जबकि 5 ही हैं। 5 शिक्षकों को पोस्ट खाली है। जो शिक्षक हैं, वे भी 9वीं से 10वीं तक के छात्र-छात्राओं को पढ़ाते हैं। वहीं 11वीं और 12वीं क्लास के एक भी शिक्षक नहीं हैं।
कलेक्टर ने कहा- जिले भर में शिक्षकों की कमी
राजनांदगांव कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कहा कि आलीवारा स्कूल में आज शिक्षक दे दिए जाएंगे। जिलेभर में शिक्षकों की कमी है, लेकिन वहां व्यवस्था बनाने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी स्कूल में गए हुए हैं।
कोरबा। आरजीआई पोर्टल से आनलाईन जन्म-मृत्यु पंजीयन हेतु 13 फरवरी को जनपद पंचायत पोंड़ी उपरोड़ा के सभाकक्ष में प्रातः 11 बजे से अपरांह 01 बजे तक तथा दोपहर 02 बजे से 04 बजे तक प्रशिक्षण का आयोजन किया गया है। प्रशिक्षण जिला योजना एवं सांख्यिकी कार्यालय के अधिकारियों द्वारा दिया जायेगा। जिला योजना एवं सांख्यिकी अधिकारी ने बताया कि प्रातः 11 बजे से अपरांह 01 बजे तक आयोजित प्रशिक्षण में जनपद पंचायत पोंड़ीउपरोड़ा अंतर्गत सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पोंड़ीउपरोड़ा, समस्त प्राथमिक एवं उप स्वास्थ्य केंद्र शामिल रहेंगे और दोपहर 02 बजे से 04 बजे तक आयोजित प्रशिक्षण में जनपद पंचायत पोंड़ीउपरोड़ा अंतर्गत समस्त ग्राम पंचायत सचिवों को प्रशिक्षण दिया जायेगा।
कोरबा। कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ,जिला कोरबा द्वारा जारी राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत विभिन्न रिक्त संविदा पदों पर पात्र इच्छुक अभ्यर्थियों से 27 फरवरी शाम 5.30 बजे तक आवेदन पत्र आमंत्रित किये गये हैं। इस संबंध में विस्तृत जानकारी कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के सूचना पटल पर देखा जा सकता है एवं जिला कोरबा के बेबसाईट www.korba.gov. in में उपलब्ध है जिसका अवलोकन किया जा सकता है।
रोजगार मूलक ट्रेड प्रारंभ कर प्रशिक्षण आयोजित करने के दिए निर्देश
कोरबा। भारत निर्वाचन आयोग नई दिल्ली तथा मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी छत्तीसगढ़ के निर्देशानुसार जिले के सभी मतदान केंद्रों, सभी हायर सेकेण्डरी स्कूलों, कॉलेजों, उच्च शैक्षणिक संस्थानों में इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब गठित की जा रही हैं। इसी कड़ी में आज 11 फरवरी को शासकीय नवीन महाविद्यालय पाली में सहायक जिला स्वीप नोडल अधिकारी सतीश प्रकाश सिंह की उपस्थिति में इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब (ई.एल.सी) का गठन किया गया। इस अवसर पर मतदाता साक्षरता क्लब (ई.एल.सी.) एवं विशेष गहन पुनरीक्षण (एस.आई.आर) के महत्व पर केंद्रित कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में उपस्थित ई.एल.सी. क्लब के मेंबर्स, युवा छात्र -छात्राओं को सम्बोधित करते हुए सहायक जिला स्वीप नोडल अधिकारी सतीश प्रकाश सिंह ने मतदाता साक्षरता क्लब के गठन के उद्देश्यों के बारें में बताया। उन्होंने विशेष गहन पुनरीक्षण (एस.आई.आर.) के महत्व के बारें में जानकारी देते हुए मज़बूत लोकतंत्र के निर्माण में युवाओं को एक मतदाता के रूप में पंजीकृत होकर अपनी जिम्मेदारी पूरी करने के लिए प्रेरित किये। सहायक जिला स्वीप नोडल अधिकारी ने नवीन मतदाता के रूप में पहली बार मतदाता बनने जा रहें सभी युवाओं को राष्ट्र के प्रति अपने कर्त्तव्य को निभाने के लिए एक मतदाता के रूप में अनिवार्य रूप से अपना नाम पंजीकृत करवाने के लिए अपील की।
इस अवसर पर डॉ. हर्ष पांडेय प्राध्यापक समाजशास्त्र एवं मतदाता साक्षरता क्लब के मेम्बर्स छात्र -छात्राओं ने भी अपने विचार प्रस्तुत किये। महाविद्यालय की छात्राओं के द्वारा आकर्षक रंगोली बनाई गई एवं हाथों में मेंहदी सजाकर मतदाता साक्षरता क्लब एवं एस.आई.आर.के महत्व को प्रदर्शित किया गया। कार्यक्रम का संचालन श्रीमती रीता पटेल महाविद्यालयीन स्वीप नोडल अधिकारी के द्वारा किया गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण – टी.आर. कश्यप, डॉ.शेख तस्लीम अहमद, डॉ. कविता ठक्कर, संत राम खांडेकर, वर्षा लकड़ा सहित बड़ी संख्या में महाविद्यालय के छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।