डीएमएफ और विभागीय योजनाओं के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश
सभी प्रगतिरत कार्य समयसीमा में गुणवत्ता के साथ पूरा करने व पूर्ण कार्यों के पूर्णता प्रमाण पत्र शीघ्र प्रस्तुत करने के निर्देश
निर्धारित लक्ष्यानुसार राजस्व कर संग्रह सुनिश्चित करने हेतु किया निर्देशित
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने नगरीय निकायों की ली समीक्षा बैठक
आदिवासी विकास विभाग, जलसंसाधन, हसदेव बैराज और गृह निर्माण मंडल के कार्यों की भी की समीक्षा
कोरबा। कलेक्टर कुणाल दुदावत की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिले के नगरीय निकायों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। उन्होंने विभागीय योजनाओं के तहत संचालित कार्यो के क्रियान्वयन स्थिति, डीएमएफ के स्वीकृत कार्यो तथा महत्वपूर्ण विकास कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। साथ ही आगामी वित्तीय वर्ष के लिए निकायों में प्रस्तावित विकास कार्यों पर भी चर्चा की। इस दौरान निगम आयुक्त आशुतोष पाण्डेय, अपर आयुक्त विनय मिश्रा सभी नगरीय निकायों के सीएमओ सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
बैठक में नगरीय निकायों में पेयजल आपूर्ति, स्वच्छ भारत मिशन, मोर मकान मोर चिन्हारी, प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी), राजस्व वसूली, सामाजिक पेंशन के ई-केवाईसी सहित डीएमएफ अंतर्गत स्वीकृत कार्यों तथा अधोसंरचना मद के लंबित कार्यों की स्थिति की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने डीएमएफ के अंतर्गत नगरीय निकायों में वर्ष 2016-17 से अब तक स्वीकृत, पूर्ण और प्रगतिरत निर्माण कार्यों की क्रमवार जानकारी ली। उन्होंने निकायों में पूर्ण हो चुके कार्यों के पूर्णता प्रमाण पत्र शीघ्र प्रस्तुत करने के लिए कहा। साथ ही प्रगतिरत निर्माण कार्यों को गुणवत्ता के साथ तेजी से पूर्ण कराने तथा अप्रारंभ कार्यों को जल्द से जल्द प्रारंभ करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी निकायों में स्वीकृत नए आंगनबाड़ी भवनों के निर्माण कार्य को शीघ्रता से पूरा करने को कहा। स्कूल-कॉलेज में स्वीकृत सायकल स्टैंड, विभिन्न शेड, डोम तथा बालक-बालिका शौचालय निर्माण, स्वास्थ्य विभाग के अंतर्गत ब्लड बैंक, रेडक्रॉस सोसायटी जैसे आवश्यक सुविधाओं के कार्य भी शीघ्र पूर्ण कराने हेतु निर्देशित दिए। उन्होंने गर्मी के मौसम को ध्यान में रखते हुए सभी शहरी क्षेत्रों में नियमित पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने हेतु सभी सीएमओ को निर्देशित किया। कलेक्टर ने कहा कि कहीं भी पानी की समस्या नहीं आनी चाहिए। विशेष रूप से स्लम एरिया एवं खदान प्रभावित क्षेत्रों में सतर्कता बरतने की बात कही। आवश्यक स्थानों में टैंकर से पानी सप्लाई कराने के लिए कहा। उन्होंने सभी सीएमओ को समय रहते अपने क्षेत्र के जलस्रोतों बोर का परीक्षण, टैंकर की उपलब्धता, मोटर की स्तिथि की जांच पूर्ण करने एवं सबमर्सिबल पंप का अतिरिक्त बैकअप तैयार रखने एवं आवश्यक स्थानों पर बोर कराने के निर्देश दिए। बैठक में शहरी क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने हेतु आवश्यक निर्देश दिए गए। डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण बढ़ाने, नियमित साफ-सफाई बनाए रखने तथा शौचालय निर्माण कार्यों को भी शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के कार्यों में प्रगति लाने तथा मोर मकान मोर चिन्हारी के तहत पूर्ण हो चुके मकानों को पात्र हितग्राहियों को शीघ्र आबंटित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने सभी नगरीय निकायों को राजस्व वसूली बढ़ाने, निर्धारित लक्ष्य के अनुसार संपत्ति कर की वसूली करने तथा सामाजिक पेंशन योजना के छूटे हुए हितग्राहियों का ई-केवाईसी जल्द पूरा कराने के लिए भी निर्देशित किया। उन्होंने निकायों में अधोसंरचना मद अंतर्गत लंबित कार्यों की समीक्षा करते हुए सभी निर्माण कार्यों को समयावधि में गुणवत्ता के साथ पूर्ण कराने के निर्देश दिए। समीक्षा बैठक में नगरीय निकायों द्वारा आगामी वित्तीय सत्र के लिए डीएमएफ से प्रस्तावित कार्यों का भी प्रस्तुतिकरण किया गया। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि प्राप्त प्रस्तावों का जिला स्तर पर परीक्षण कर प्राथमिकता के आधार पर आवश्यक कार्यों को स्वीकृति दी जाएगी।
लंबित कार्यों को शीघ्र पूर्ण करेंः कलेक्टर
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने आज आदिवासी विकास विभाग, जल संसाधन विभाग, हसदेव बैराज तथा गृह निर्माण मंडल अंतर्गत स्वीकृत निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने खनिज संस्थान न्यास (डीएमएफ) और विभागीय कार्यों की समीक्षा करते हुए निर्देश दिया कि सभी लंबित निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के साथ शीघ्र पूरा किया जाए। कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक पूर्ण कार्य के साथ फोटोग्राफ अनिवार्य रूप से प्रस्तुत किए जाएं। इसके साथ ही उन्होंने विभागीय कार्यों की प्रगति से संबंधित समस्त जानकारी को पोर्टल में दर्ज करने तथा आगामी दिनों में सभी कार्यों के फोटोग्राफ पोर्टल पर अपलोड करने हेतु आवश्यक तैयारी करने के निर्देश भी विभागों को प्रदान किए। कलेक्टर ने कहा कि समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण कार्य प्रगति प्रशासन की शीर्ष प्राथमिकता है तथा सभी विभाग यह सुनिश्चित करें कि निर्धारित समय-सीमा के भीतर कार्य पूर्ण हों।
40 वर्षों बाद भी रोजगार और मूलभूत सुविधाओं के लिए तरस रहे सुवाभोड़ी सिरकी खुर्द चैनपुर झाबर और बेलटिकरी के ग्रामीण
ऊर्जाधानी भूविस्थापित किसान कल्याण समिति के बैनर तले संपन्न हुआ महासम्मेलन
कोरबा/दीपका। साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड SECL और स्थानीय प्रशासन की तानाशाहीपूर्ण नीतियों के कारण दीपका क्षेत्र के भू-विस्थापित परिवारों का जीवन संकट में आ पड़ा है भूमि अर्जन और विस्थापन के 40 वर्ष बीत जाने के बाद भी विस्थापितों की समस्याओं का अंत नहीं हो सका है और रोजगार व पुनर्वास की मांगें आज भी अधर में लटकी हुई हैं एसईसीएल प्रबंधन की इस वादाखिलाफी और उपेक्षा के विरोध में ऊर्जाधानी भूविस्थापित किसान कल्याण समिति के तत्वाधान में आज 22 अक्टूबर 2026 गुरुवार को प्रातः 11:00 बजे ग्राम पंचायत अंडीकछार स्थित टिनठिकिया स्थान पर एक विशाल भू-विस्थापित महासम्मेलन का आयोजन किया गया ।
इस महासम्मेलन में दीपका क्षेत्र के अर्जित एवं पुनर्वासित गांवों सुवाभोड़ी सिरकी खुर्द चैनपुर झाबर और बेलटिकरी के प्रभावित ग्रामीण युवा बुजुर्ग और महिलाएं एकजुट होकर एसईसीएल प्रशासन के खिलाफ हुंकार भरें ।
महासम्मेलन के मुख्य मुद्दे
ग्राम सुवाभोड़ी की प्रमुख मांगें पर लंबित मुआवजा एवं परिसंपत्तियों का अविलंब भुगतान 5 लाख की अतिरिक्त प्रोत्साहन राशि बसाहट पात्रता दस्तावेजों में व्याप्त नाम व जाति संबंधी त्रुटियों का तत्काल सुधार स्थानीय युवाओं एवं महिलाओं को प्राथमिकता के आधार पर रोजगार का अधिकार के विषयों पर विशेष चर्चा पर प्रस्ताव पारित किया गया !
इसके साथ ही पुनर्वासित क्षेत्रों की मूलभूत सुविधाएं सिरकी खुर्द चैनपुर झाबर बेलटिकरी ग्रामीणों को भूमि पट्टे का आवंटन पक्की सड़कें नाली पुल-पुलिया गार्डन सामुदायिक भवन मुक्तिधाम तालाब और स्ट्रीट लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएं लंबित मुआवजा व पुनर्वास नीति के तहत सभी पात्रताओं का पारदर्शी निपटारा भू-विस्थापित कोटा टेंडर व स्वरोजगार अधिकार वैकल्पिक स्वरोजगार हेतु निर्धारित 5 लाख की टेंडर सीमा को बढ़ाकर 20 लाख स्थानीय भू-विस्थापित ठेकेदारों के साथ किए जा रहे भेदभाव को तुरंत समाप्त के संबंध में भी निर्णय व प्रस्ताव पारित किये गये !
संगठन का आह्वान
ऊर्जाधानी भूविस्थापित किसान कल्याण समिति के अध्यक्ष सपुरन कुलदीप ने दीपका क्षेत्र के समस्त प्रभावित ग्रामों के निवासियों माताओं-बहनों बुजुर्गों और विशेष रूप से युवाओं से अपील की है कि वे अपने हक और अधिकार की इस निर्णायक लड़ाई में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें।
अध्यक्ष सपुरन कुलदीप ने कहा वर्षों से अपनी जमीन देकर देश को रोशन करने वाले किसान आज अपने ही हक के लिए तरस रहे हैं एसईसीएल की इस तानाशाही रवैये को अब बर्दाश्त नहीं की जायेगा और महासम्मेलन में अन्य समस्याओं का भी ऐतिहासिक निर्णय व प्रस्ताव लिया गया तथा इसी मंच से एसईसीएल प्रबंधन के खिलाफ आगामी लड़ाई व संघर्ष की तैयारी की जाएगी !
कोरबा। कांग्रेस संगठन द्वारा जिले में चल रही संगठनात्मक गतिविधियों एवं आगामी कार्यक्रमों को लेकर 23 अक्टूबर, शुक्रवार को शाम 3 बजे टी.पी. नगर स्थित जिला कांग्रेस कमेटी कार्यालय, कोरबा में जिला स्तरीय महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई है। बैठक को छत्तीसगढ़ शासन के पूर्व मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता जयसिंह अग्रवाल संबोधित करेंगे। बैठक में जिले में संगठन की गतिविधियों, सेक्टर, मंडल, वार्ड एवं बूथ स्तर पर संगठन को सक्रिय एवं मजबूत बनाने तथा आगामी संगठनात्मक कार्ययोजना को लेकर विस्तार से चर्चा की जाएगी। जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा सभी मंडल अध्यक्षों, सेक्टर प्रभारियों, वार्ड अध्यक्षों, बूथ पदाधिकारियों सहित कांग्रेस के समस्त पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं को बैठक में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं। कांग्रेस संगठन द्वारा विभिन्न वार्डों में सेक्टर स्तर की बैठकों का आयोजन भी किया जा रहा है। इसी क्रम में 23 अक्टूबर को अलग-अलग क्षेत्रों में सेक्टर बैठकों के पश्चात जिला स्तर पर यह महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जा रही है। जिला कांग्रेस कमेटी ने सभी संबंधित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं से निर्धारित समय पर बैठक में उपस्थित होकर संगठनात्मक चर्चा में भाग लेने की अपील की है। दिनांक 29 अक्टूबर को AICC द्वारा नियुक्त केंद्रीय पर्यवेक्षक नवज्योत पटनायक और पी.सी.सी. पर्यवेक्षक एवं प्रदेश के पूर्व मंत्री व् खरसिया विधायक उमेश पटेल द्वरा कोरबा जिला के कांग्रेस पदाधिकारियों एवं कांग्रेस पार्टी के संगठन एवं मोर्चा से सम्बंधित समस्त पधिकारी एवं कार्यकर्ताओं को बैठक में उपस्थित रहना अनिवार्य रहेगा.
शिवहर, सीतामढ़ी एवं मधुबनी पूर्व-पश्चिम जिलों के कांग्रेस पदाधिकारियों के साथ करेंगे संगठनात्मक बैठक कोरबा। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) द्वारा चलाए जा रहे दो माह के राष्ट्रव्यापी “वोट बचाओ–देश बचाओ” अभियान को जमीनी स्तर तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल को बिहार के शिवहर, सीतामढ़ी तथा मधुबनी पूर्व एवं मधुबनी पश्चिम संगठनात्मक जिलों का केंद्रीय पर्यवेक्षक (AICC Observer) नियुक्त किया गया है। AICC के निर्देशानुसार श्री अग्रवाल शीघ्र ही बिहार के इन जिलों का दौरा करेंगे। इस दौरान वे प्रत्येक जिले में जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्षों, वरिष्ठ पदाधिकारियों, ब्लॉक अध्यक्षों, बूथ लेवल एजेंटों (BLA), फ्रंटल संगठनों एवं अभियान से जुड़े प्रमुख कार्यकर्ताओं के साथ अलग-अलग बैठक कर अभियान की तैयारियों की समीक्षा करेंगे तथा आगामी कार्यक्रमों की जिम्मेदारियां तय करेंगे। बैठकों में विशेष रूप से मतदाता सूची के सत्यापन, SIR के माध्यम से हटाए गए या प्रभावित मतदाताओं की पहचान, “Vote Rakshak” पोर्टल के उपयोग, बूथ स्तर पर सत्यापन, ग्राम स्तरीय चौपालों तथा जनजागरूकता अभियान को प्रभावी बनाने पर चर्चा की जाएगी। श्री अग्रवाल यह भी सुनिश्चित करेंगे कि AICC द्वारा निर्धारित कार्यक्रम प्रत्येक जिले में निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरी गंभीरता और सक्रियता के साथ संचालित हों। अभियान के आगामी चरण में 25 अक्टूबर से “वोट बचाओ–देश बचाओ चौपाल” का आयोजन प्रस्तावित है। इसके अंतर्गत जिला मुख्यालयों पर संयुक्त प्रेस वार्ता, ब्लॉक स्तर की बैठकें, बूथ लेवल एजेंटों एवं “Vote Rakshak” कार्यकर्ताओं का प्रशिक्षण तथा बूथवार मतदाता सूची का सत्यापन किया जाएगा। इसके बाद गांव-गांव चौपाल आयोजित कर प्रभावित एवं हटाए गए मतदाताओं की जानकारी एकत्रित की जाएगी। जयसिंह अग्रवाल ने कहा कि मतदाता सूची केवल कागज का दस्तावेज नहीं, बल्कि लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक के अधिकार और उसकी राजनीतिक भागीदारी का आधार है। यदि किसी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से हटता है अथवा चुनावी प्रक्रिया में किसी प्रकार की अनियमितता होती है, तो यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर विषय है। कांग्रेस पार्टी का उद्देश्य प्रत्येक पात्र मतदाता के मताधिकार की रक्षा करना है। उन्होंने कहा कि AICC द्वारा उन्हें सौंपी गई जिम्मेदारी को वे पूरी गंभीरता के साथ निभाएंगे तथा बिहार के संबंधित जिलों में कांग्रेस संगठन के सभी स्तरों के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय स्थापित कर “वोट बचाओ–देश बचाओ” अभियान को बूथ और गांव के स्तर तक मजबूत एवं प्रभावी बनाने का प्रयास करेंगे। उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे आपसी समन्वय, अनुशासन और पूरी सक्रियता के साथ अभियान में जुटें तथा हर पात्र मतदाता के मताधिकार की रक्षा को अपना संगठनात्मक दायित्व समझकर कार्य करें।