थाना उरगा क्षेत्र में तिहरे हत्याकांड का खुलासा तंत्र-मंत्र के नाम पर की गई तीन हत्याओं का पुलिस ने किया पर्दाफाश 5 लाख रुपये को 2 करोड़ 50 लाख रुपये करने का लालच देकर रची गई साजिश
कोरबा/उरगा। पुलिस अधीक्षक कोरबा सिद्धार्थ तिवारी के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नीतिश ठाकुर, नगर पुलिस अधीक्षक कोरबा भूषण एक्का तथा नगर पुलिस अधीक्षक दर्री विमल पाठक के मार्गदर्शन में थाना उरगा क्षेत्र की एक अत्यंत गंभीर तिहरी हत्या की घटना होने पर एक विशेष जांच टीम द्वारा जांच की गई।
गत 11 दिसम्बर 2025 को थाना उरगा अंतर्गत ग्राम कुदरी स्थित एक फार्म हाउस में तीन व्यक्तियों की संदिग्ध मृत्यु की सूचना प्राप्त होते ही पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुँचा। घटना की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए विशेष जांच टीम गठित कर घटनास्थल निरीक्षण, शव पंचनामा, साक्ष्य संकलन एवं गवाहों से पूछताछ की कार्यवाही प्रारंभ की गई।
जांच में यह तथ्य सामने आया कि मुख्य आरोपी तांत्रिक आशीष दास द्वारा तंत्र-मंत्र के माध्यम से 5 लाख रुपये को 2 करोड़ 50 लाख रुपये करने का झांसा देकर मृतक नितेश रात्रे, असरफ मेमन एवं सुरेश साहू को ग्राम कुदरी स्थित असरफ मेमन के फार्म हाउस में तंत्र-मंत्र की प्रक्रिया के नाम पर बुलाया गया।
गत 10 दिसम्बर 2025 की रात्रि को आरोपी तांत्रिक आशीष दास अपने साथ नायलॉन की रस्सी, नींबू, नारियल, अगरबत्ती एवं अन्य तंत्र-मंत्र सामग्री लेकर फार्म हाउस पहुँचा। उसने मृतकों एवं अन्य सह-आरोपियों को कमरे के बाहर रस्सी पकड़कर खड़े रहने को कहा तथा तंत्र-मंत्र की प्रक्रिया के बहाने एक-एक कर मृतकों को कमरे के अंदर बुलाया।
सर्वप्रथम मृतक नितेश रात्रे को कमरे के अंदर बैठाकर उसके गले में नायलॉन की रस्सी डाली गई तथा बाहर खड़े सह-आरोपियों द्वारा रस्सी खींचकर उसका गला घोंट दिया गया, जिससे उसकी मौके पर ही मृत्यु हो गई। इसी प्रकार क्रमशः मृतक असरफ मेमन एवं सुरेश साहू को भी तंत्र-मंत्र की प्रक्रिया के बहाने कमरे के अंदर बुलाकर नायलॉन रस्सी से गला घोंटकर उनकी हत्या की गई।
घटना के पश्चात मृतकों के परिजनों एवं स्थानीय लोगों द्वारा तीनों को उपचार हेतु अस्पताल ले जाया गया, जहाँ चिकित्सकों द्वारा परीक्षण उपरांत तीनों को मृत घोषित कर दिया गया। प्रारंभिक रूप से थाना सिविल लाइन, रामपुर द्वारा मेमो रिपोर्ट के आधार पर मर्ग कायम किया गया, परंतु घटनास्थल थाना उरगा क्षेत्रांतर्गत होने के कारण प्रकरण थाना उरगा स्थानांतरित किया गया।
मामले में थाना उरगा में अपराध क्रमांक 544/2025 धारा 103(1), 61(2), 3(5) भारतीय न्याय संहिता (BNS) के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध किया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में तीनों मृतकों की मृत्यु का कारण Asphyxia due to ligature strangulation (नायलॉन रस्सी से गला घोंटने के कारण दम घुटना) तथा मृत्यु की प्रकृति Homicidal (हत्या) पाई गई।
उक्त संपूर्ण घटनाक्रम की विवेचना के दौरान विशेष जांच टीम द्वारा भौतिक साक्ष्य, तकनीकी विश्लेषण एवं आरोपियों के मेमोरेंडम कथन के आधार पर कुल 06 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त नायलॉन रस्सी, तंत्र-मंत्र सामग्री, मोबाइल फोन, मोटरसाइकिल, स्कूटी, इनोवा कार एवं नगद राशि 5 लाख रुपये सहित अन्य आपत्तिजनक सामग्री जब्त की गई है।
Balconagar, October 28, 2026: Bharat Aluminium Company Limited (BALCO), India’s iconic aluminium producer and a unit of Vedanta Aluminium, concluded Sustainability Month 2026, bringing together over 2,600 employees, business partners, families, students and community members in a month-long celebration of awareness, action and collective responsibility. Through a diverse mix of learning sessions, community initiatives and interactive engagements, the campaign encouraged participants to explore sustainability not as a standalone topic, but as a way of thinking, working and living.
Throughout the month, participants engaged in a range of initiatives that brought sustainability to life through learning, action and collaboration. From the WADI Plantation Drive, Pond Restoration Activity, Seed Ball Making Activity and Mausam Ka Hisab a nukkad natak to interactive safety engagements and community-focused programmes, the campaign encouraged greater awareness, participation and shared responsibility across key sustainability themes. Building on this momentum, the month-long journey culminated in the Sustainability Carnival, bringing together students for an immersive experience centred on learning, discovery and action.
Welcoming over 800 students, the carnival introduced participants to sustainability through a range of interactive activities, including waste segregation challenges, biodiversity awareness sessions, seed ball making and Environmental, Social and Governance- themed engagements. Conducted in collaboration with the Forest Department, horticulture awareness sessions highlighted the importance of native and medicinal plants, while experiences such as pottery making and Kosa weaving showcased the connection between traditional knowledge, sustainable livelihoods and local heritage. Community exhibitions featuring products created by women entrepreneurs, self-help groups and local producer collectives further demonstrated how sustainability can strengthen livelihoods while preserving cultural traditions.
Emphasizing the importance of collective action, Mr. Rajesh Singh, CEO & Whole-time Director, BALCO, said, “Sustainability is ultimately about the choices we make today and the legacy we leave behind. As India continues its growth journey, businesses have a critical role in creating progress that is economically strong, socially inclusive and environmentally responsible. At BALCO, we believe sustainability goes beyond processes and targets. It is a mindset that guides how we operate, innovate and create value for our people, communities and the nation. Sustainability Month reflects this belief, encouraging each of us to contribute to a more responsible and resilient future.”
Through Sustainability Month 2026, BALCO reinforced its commitment to creating lasting impact by encouraging informed choices, inspiring collective participation and embedding sustainability into everyday actions across its operations and neighbouring communities.
बालकोनगर, 28 अक्टूबर 2026। वेदांता एल्युमिनियम मेटल लिमिटड की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने सस्टेनेबिलिटी माह 2026 के समापन कार्यक्रम का आयोजन किया। महीने भर चले अभियान में 2,600 से अधिक कर्मचारियों, बिजनेस पार्टनर्स, उनके परिवारजन, विद्यार्थियों और समुदाय के सदस्यों ने भाग लिया। विभिन्न जागरूकता कार्यक्रमों, सामुदायिक गतिविधियों और रोचक आयोजन के माध्यम से लोगों को पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास के प्रति जागरूक किया गया। अभियान का उद्देश्य सस्टेनेबिलिटी को केवल एक विषय तक सीमित न रखकर, इसे अपने काम और दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित करना था।
पूरे माह के दौरान कई गतिविधियों का आयोजन किया गया। इनमें वाड़ी पौधरोपण अभियान, तालाब पुनर्जीवन गतिविधि, सीड बॉल बनाने की पहल और नुक्कड़ नाटक ‘मौसम का हिसाब’ प्रमुख रहे। इसके साथ ही सुरक्षा से जुड़ी रोचक गतिविधियों और सामुदायिक कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को पर्यावरण संरक्षण, जिम्मेदार व्यवहार और सामूहिक भागीदारी का महत्व समझाया गया। इन गतिविधियों के बाद सस्टेनेबिलिटी कार्निवल के साथ इस अभियान का समापन हुआ, जिसमें विद्यार्थियों को सीखने और पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझने का अवसर मिला।
कार्निवल में 800 से अधिक विद्यार्थियों ने भाग लिया। उनके लिए कचरे को अलग-अलग श्रेणियों में बांटने की गतिविधि, जैव विविधता के प्रति जागरूकता सत्र और सीड बॉल बनाने जैसे कार्यक्रम आयोजित किए गए। पर्यावरण, सामाजिक जिम्मेदारी और बेहतर कार्यप्रणाली से जुड़े विषयों पर भी रोचक गतिविधियां हुईं। वन विभाग के सहयोग से आयोजित बागवानी जागरूकता सत्र में स्थानीय, औषधीय और अन्य उपयोगी पौधों के महत्व की जानकारी दी गई। वहीं, मिट्टी के बर्तन बनाने और कोसा बुनाई जैसी गतिविधियों के माध्यम से पारंपरिक कला, स्थानीय संस्कृति और टिकाऊ आजीविका के बीच संबंध को समझाया गया।
कार्निवल में महिला उद्यमियों, स्वयं सहायता समूहों और स्थानीय उत्पादक समूहों द्वारा तैयार उत्पादों की प्रदर्शनी भी लगाई गई। इससे स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहन देने, महिलाओं की आजीविका को मजबूत बनाने और पारंपरिक कला एवं संस्कृति को संरक्षित करने में सस्टेनेबिलिटी की भूमिका सामने आई।
इस अवसर पर बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं पूर्णकालिक निदेशक राजेश सिंह ने कहा, “सस्टेनेबिलिटी का अर्थ है आज ऐसे फैसले लेना, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए बेहतर भविष्य सुनिश्चित करें। भारत की विकास यात्रा में उद्योगों की महत्वपूर्ण भूमिका है। हमें ऐसा विकास करना है, जो आर्थिक रूप से मजबूत होने के साथ-साथ समाज के लिए समावेशी और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार भी हो। बालको में हम मानते हैं कि सस्टेनेबिलिटी केवल प्रक्रियाओं और लक्ष्यों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह हमारी सोच और कार्यशैली का हिस्सा है। सस्टेनेबिलिटी माह इसी सोच को आगे बढ़ाने का प्रयास है, जो प्रत्येक व्यक्ति को एक जिम्मेदार और मजबूत भविष्य के निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित करता है।”
सस्टेनेबिलिटी माह 2026 के माध्यम से बालको ने अपने संचालन और आसपास के समुदायों में सतत विकास को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता दोहराई। इस पहल ने लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक निर्णय लेने, सामूहिक रूप से जिम्मेदारी निभाने और दैनिक जीवन में छोटे-छोटे बदलाव अपनाने के लिए प्रेरित किया।
कोरबा। कोरबा के कोतवाली थाना क्षेत्र के राताखार मार्ग पर तेज रफ्तार ट्रेलर की चपेट में आने से बाइक सवार युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे में युवक का एक पैर ट्रेलर के पिछले पहिये के नीचे फंस गया। बाइक भी पहिये के नीचे फंस गई। घायल को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया, जहां उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, युवक बाइक से राताखार मार्ग से गुजर रहा था। इसी दौरान पीछे से आ रहे ट्रेलर चालक ने तेज रफ्तार में ओवरटेक करने की कोशिश की। इस दौरान ट्रेलर ने बाइक को टक्कर मार दी। युवक बाइक समेत सड़क पर गिर गया और उसका पैर ट्रेलर के पिछले पहिये के नीचे फंस गया। हादसे के बाद चालक ट्रेलर को मौके पर छोड़कर उसकी चाबी लेकर फरार हो गया।
दूसरे ट्रेलर चालक ने युवक को निकाला
हादसे के बाद युवक दर्द से चीखने लगा। उसकी आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन पहिये के नीचे फंसे होने के कारण उसे निकालना मुश्किल हो रहा था। इसी दौरान पीछे से आ रहे दूसरे ट्रेलर के चालक ने सूझबूझ दिखाई। उसने अपना वाहन आगे बढ़ाकर घायल युवक को बाहर निकालने में मदद की। काफी मशक्कत के बाद बाइक को भी पहिये के नीचे से निकाला गया।
हादसे के बाद लगा जाम
घटना की सूचना मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। हादसे के कारण राताखार मार्ग के दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई और कुछ देर तक जाम की स्थिति बनी रही। स्थानीय लोगों ने घायल युवक को अस्पताल पहुंचाया।
भारी वाहनों की आवाजाही से हादसों का खतरा
स्थानीय लोगों के अनुसार, राताखार मार्ग पर दिन-रात बड़ी संख्या में ट्रेलर और ट्रक गुजरते हैं। भारी वाहनों का दबाव अधिक होने के साथ तेज रफ्तार और गलत तरीके से ओवरटेक करने के कारण हादसों का खतरा बना रहता है।