रायपुर,एजेंसी। विधानसभा में वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 का 1 लाख 72 हजार करोड़ रुपए का बजट पेश कर ‘संकल्प’ थीम के साथ विकास का रोडमैप रखा। बजट में किसानों को ब्याज मुक्त कर्ज देने की घोषणा की गई, वहीं 18 वर्ष पूरे होने पर बालिकाओं को डेढ़ लाख रुपए दिए जाएंगे। प्रदेश में 23 नए उद्योग खुलेंगे और पांच शहरों के एयरपोर्ट पर शोरूम बनाए जाएंगे।
रायपुर में 200 बिस्तर वाले अस्पताल, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी में जिला अस्पताल और 15 नए थाने खोले जाएंगे। ई-वाहनों (EV) में सब्सिडी दी जाएगी। नवा रायपुर में राष्ट्रीय तीरंदाजी अकादमी स्थापित होगी और कर्मचारियों के लिए कैशलेस उपचार योजना के लिए 100 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।
इसके अलाव बस्तर के अंदरूनी इलाकों में बस सेवा शुरू की जाएगी और अबूझमाड़-जगरगुंडा में दो एजुकेशन सिटी बसाई जाएंगी। स्कूल शिक्षा विभाग को सबसे ज्यादा 22 हजार करोड़ की राशि मिली है। स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट शाला योजना के लिए 100 करोड़ का प्रावधान है। वनों के संरक्षण के लिए 930 करोड़ का प्रावधान किया गया है। 1 हजार पदों पर भर्ती होगी।
छत्तीसगढ़ सरकार अब 5 प्रमुख मिशन पर काम करेगी। इनमें मुख्यमंत्री एआई मिशन, मुख्यमंत्री पर्यटन विकास मिशन, मुख्यमंत्री खेल उत्कृष मिशन, मुख्यमंत्री अधोसंरचना मिशन और मुख्यमंत्री स्टार्टअप और निपुण मिशन शामिल हैं। हर मिशन के लिए 100 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह स्वाथ्यगत कारणों से राज्य से बाहर हैं। डॉ रमन सिंह की अनुपस्थिति में धर्मजीत सिंह सभापति के तौर पर आसंदी में रहे। डॉ रमन सिंह सर्वाइकल की दिक्कत से जूझ रहे हैं। इसके चलते कोयंबटूर में भर्ती में किए गए। कल उनकी सर्जरी होगी। धरमलाल कौशिक कार्यवाहक विधानसभा अध्यक्ष होंगे।
बजट पेश करने से पहले बंगले में स्थित मंदिर में ब्रिफ केस के साथ पूजा करते नजर आए वित्त मंत्री चौधरी।
‘संकल्प’ मिशन 2047 का रोड मैप- श्यामबिहारी जायसवाल
स्वास्थमंत्री श्यामबिहारी जायसवाल ने बजट को मिशन 2047 का रोड मैप बताया है। ये संकल्प का बजट है। भास्कर रिपोर्टर देवव्रत भगत ने उनसे खास बातचीत की
ज्ञान का अल्पज्ञान हो गया, गति की दुर्गति हो गई- बैज
बजट को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा- ज्ञान का अल्पज्ञान हो गया, गति की दुर्गति हो गई और अब संकल्प के बजट पर भी मुझे भरोसा नहीं है, रोजगार, धान, किसान किसी पर बात नहीं हुई है।
स्कूल शिक्षा विभाग को सबसे ज्यादा 22 हजार करोड़ मिले-गजेंद्र यादव
बजट पर रिएक्शन देते हुए स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने बताया कि स्कूल शिक्षा विभाग को 22 हजार करोड़ से ज्यादा की राशि मिली है। जो सभी विभागों में सबसे ज्यादा है।
बजट केवल मायाजाल- चरण दास महंत
बजट को लेकर रिएक्शन भी आने लगे हैं। नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने बजट को मायाजाल बताया। महंत के मुताबिक बजट में किसानों, युवाओं और आम लोगों के लिए कुछ भी नहीं है।
15 नए पुलिस थाना खुलेंगे
5 नए साइबर थानों का प्रदेश में होगा निर्माण
15 नए पुलिस थाना बनेंगे
महिला थानों की संख्या बढ़ेगी
तेलीबांधा रायपुर थाना का होगा नवीनीकरण
सीन ऑफ क्राइम यूनिट की स्थापना के लिए 3 करोड़
वनो के संरक्षण के लिए 930 करोड़ का प्रावधान, 1 हजार पदों की होगी भर्ती
अभ्यारण्यों के विकास के लिए 11 हजार करोड़ का प्रावधान
शक्तिपीठ भ्रमण योजना शुरु होगा 5 करोड़ का प्रावधान
शक्तिपीठ सर्किट बनेगा प्रदेश में
राजिम में कास्य प्रतिमा स्थापित करने के लिए 5 करोड़
सिरपुर के विकास के लिए प्रावधान 36 करोड़ रीवर फ्रंट, मेडिटेशन सेंटर बनेगा
ईको टूरिज्म के लिए फिक्की से एमओयू, 500 करोड़
सरकारी स्कूली छात्रों को भ्रमण कराने युवा दर्शन योजना, 5 करोड़ का प्रावधान
रायपुर देवभवन स्वामी विवेकानंद निवास को राष्ट्रीय स्मारक घोषित करने 5 करोड़
पत्रकार को घुमाने के लिए बजट का प्रावधान
साहित्य महोत्सव हर साल होगा
अप्रवासी छत्तीसगढ़ियों का एनआईआर सम्मेल हर साल होगा।
जनसंपर्क विभाग का बजट 475 करोड़ होगा
ईवी वाहनों की सब्सिडी हेतु 100 करोड़ का
नवा रायपुर में राष्ट्रीय तीरंदाजी अकादमी की स्थापना
नवा रायपुर में स्पोर्टस कांप्लेक्स का निर्माण
क्रीडा प्रोत्साहन योजना के लिए 57 करोड़
कर्मचारियों के लिए कैशलेस उपचार योजना, 100 करोड़
हर मिशन के लिए 100 करोड़ राशि का प्रावधान
रायपुर में 200 बिस्तर का अस्पताल बनेगा
5 प्रमुख शहरों के एयरपोर्ट पर शोरूम खोले जाएंगे।
नमक के लिए 1 हजार करोड़ का प्रावधान
पेंशन के लिए 1400 करोड़
सयानगुडी को प्रदेश भर में विकसित किया जाएगा, 5 हजार करोड़ का प्रावधान
रायपुर मठपुरैना दृष्टिबाधित शाला के लए 2 करोड़ 50 लाख
नशा मुक्ति केंद्रों के संचालन के लिए 20 करोड़
अनुसूचित जाति के छात्रों के लिए हॉस्टल-स्कूल निर्माण का अनुदान
OBC छात्राओं के लिए 200 सीट का छात्रावास रायपुर में बनेगा
अन्य पिछड़ा वर्ग विकास प्राधिकारण के लिए 80 करोड़
भूमिहीन कृषि परिवारों के लिए 600 करोड़
कृषक उन्नति योजना के लिए 10 हजार करोड़
मार्कफेड को 6 हजार करोड़ का प्रावधान
नेचुरल फॉर्मिंग के लिए 40 करोड़
कृषि पंपों के लिए 5500 करोड़
रायपुर के कालीबाड़ी में 200 बिस्तरों वाला MCH (मदर चाइल्ड हॉस्पिटल) और चिरमिरी में जिला अस्पताल के निर्माण का प्रावधान
डेयरी समग्र विकास योजना प्रारंभ 90 करोड़
शिल्पकारों को राष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रमों में शामिल करवाने के लिए वित्तीय सहयोग देगी सरकार
उपहार प्लेटफार्म के लिए 25 करोड़ का प्रावधान
50 लाख तक के काम की एजेंसी ग्राम सभाए रहेगी।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत 1700 करोड़ का प्रावधान।
नवा रायपुर -राजनांदगांव में इंडस्ट्रिएल कॉप्लेक्स के लिए 10 करोड़
छत्तीसगढ़ में 23 उद्योंगों की स्थापना होगी
भिलाई में व्यावसायिक परिसर के लिए 10 करोड़
नवा रायपुर -राजनांदगांव में इंडस्ट्रिएल कॉप्लेक्स के लिए 10 करोड़
बस्तर चेंबर ऑफ कॉमर्स के भवन का निर्माण होगा
उद्योगों के बजट में तीन गुना वृद्धि, अनुदान के लिए 750 करोड़
खनिज ऑनलाइन 2.2 के लिए 35 करोड़
उधोग विभाग का बजट पहले 248 करोड़ था अब 775 करोड़ हो गया
रायपुर में बनेगा मेगा परीक्षा केंद्र
रायपुर मठपुरैना दृष्टिबाधित शाला के लए 2 करोड़ 50 लाख
गिरौदपुरी मेले को अनुदान मिलेगा अब 50 लाख
5 नालंदा लाइब्रेरी के लिए 22 करोड़ का प्रावधान
5 नालंदा लाइब्रेरी के लिए 22 करोड़ का प्रावधान
मुख्यमंत्री आदर्श शहर समृद्धि योजना लागू होगी 200 करोड़ बजट का प्रावधान
शहीद वीरनारायण सिंह आयुष्मान योजना के माध्यम से सरकार और गैर सरकारी अस्पतालों में इलाज के लिए 5 लाख रू तक की इलाज के लिए डेढ़ हजार करोड़ का प्रावधान ।
मुख्यमंत्री सड़क योजना के लिए 200 करोड़ का प्रावधान
मुख्यमंत्री सड़क योजना के लिए 200 करोड़ का प्रावधान किया गया है। इसमें छत्तीसगढ़ की 36 सड़कें शामिल की गई हैं।
बच्चियों को 18 साल पूरे होने पर डेढ़ लाख मिलेंगे
रानी दुर्गावती योजना का ऐलान, बच्चियों के 18 साल पूरे होने पर डेढ़ लाख रू की राशि दी जाएगी।
शहीद वीरनारायण सिंह आयुष्मान योजना के माध्यम से सरकार और गैर सरकारी अस्पतालों में इलाज के लिए 5 लाख रू तक की इलाज के लिए डेढ़ हजार करोड़ का प्रावधान ।
250 महतारी सदन बनेंगे, 75 करोड़ का प्रावधान
मैनपाट और जशपुर के कोतेबेरा में पर्यटन स्थल के लिए प्रावधान
रायपुर में खाद लैब का निर्माण
कांकेर, कोरबा, महासमुंद में नर्सिंग कॉलेज बनेंगे
मेकाहारा में एआई के उपयोग किया जाएगा, 10 करोड़ का प्रावधान
मितानिन कल्याण निधि के लिए 350 करोड़
प्रदेश 250 महतारी सदन बनेंगे, 75 करोड़ का प्रावधान
मुख्यमंत्री लखपति दीदी भ्रमण योजना लागू होगी
बस्तर और सरगुजा में डॉक्टरों की भर्ती होगी। बस्तर और सरगुजा में रोड नेटवर्क कनेक्टिविटी से जोड़ने के लिए प्रावधान
इंद्रावती बैराज बनाने 68 करोड़ का प्रावधान
इंद्रावती में मटनार और देउरगांव में 24 करोड़ की लागत से बैराज निर्माण के साथ 68 करोड़ की स्वीकृति की गई है।
बस्तर के लिए 100 करोड़ का प्रावधान
बस्तर और सरगुजा में आजीविका के लिए अलाइट, कृषि, एग्रो फॉरेस्ट प्रोसेसिंग जैसे रोजगार आधारित सेक्टर के लिए राइस मिल , पोट्री फॉर्म जैसे उद्योगों के लिए 100 करोड़ के निवेश का प्रावधान किया गया है।
ज्ञान-गति के बाद इस बार संकल्प थीम
ज्ञान और गति के बाद इस बार संकल्प थीम पर बजट पेश किया जा रहा है। S – समावेशी विकास A – अधोसंरचना N – निवेश K – कुशल मानव संसाधन A – अन्त्योदय L – लाइवलीहुड P – पॉलिसी से परिणाम तक
मंत्री ओपी को पत्नी ने माटी का तिलक लगाया
बजट पेश करने से पहले मंत्री ओपी चौधरी को उनकी पत्नी अदिति ने माटी का तिलक लगाकर रवाना किया।
कोरबा। आज दिनांक 04/09/2026 को 06:00 AM बजे से मिनीमाता बांगो बांध का जलस्तर 358.70M एवं 94.24% होने पर 8:00 AM बजे निम्नानुसार गेटों को कम कर बाढ़ के पानी को नियंत्रित किया जा रहा है गेट न.1 nil गेट न.2 nil गेट न.3 nil गेट न.4 nil गेट न.5 को 0.10M गेट न.6 को 0.30M गेट न.7 को 0.10M गेट न.8 n गेट न.9 nil गेट न.10 nil गेट न.11 nil (Total Gate opening 0.50mtr) कुल Radial गेट से 3017 Cusec तथा पॉवर प्लांट हाइडल के द्वारा 9000 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है इस प्रकार बांध से कुल 12017 Cusec पानी हसदेव नदी में छोड़ा जा रहा है तथा Inflow 14992 Cusec दर्ज की गयी है |
अनियमितता मिलने पर कई विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस, महेश राम कृषि केंद्र में कीटनाशक बिक्री पर तत्काल प्रतिबंध
कोरबा, 04 सितंबर 2026। कलेक्टर कुणाल दुदावत के निर्देश पर किसानों को गुणवत्तायुक्त उर्वरक एवं कीटनाशक दवाएं उपलब्ध कराने तथा कृषि आदानों की बिक्री में अनियमितता, कालाबाजारी एवं ओवर-रेटिंग पर प्रभावी नियंत्रण के उद्देश्य से जिला स्तरीय निरीक्षण दल द्वारा आज विकासखंड कटघोरा एवं पोड़ी-उपरोड़ा क्षेत्र में उर्वरक एवं कीटनाशक विक्रय प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान दुकानों में उपलब्ध उर्वरक एवं कीटनाशकों के स्टॉक, मूल्य सूची, विक्रय अभिलेख, लाइसेंस एवं भंडारण व्यवस्था की बारीकी से जांच की गई। जांच के दौरान कुछ प्रतिष्ठानों में अनियमितताएं एवं कमियां पाए जाने पर कृषि विभाग द्वारा नियमानुसार तत्काल कार्रवाई की गई।
सर्वमंगला खाद भंडार सहित कई दुकानों को नोटिस
निरीक्षण के दौरान सर्वमंगला खाद भंडार, बाकी मोगरा में अनियमितताएं पाए जाने पर संचालक को तत्काल कारण बताओ नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। इसी प्रकार सोनी कृषि केंद्र, शिव बीज भंडार एवं अंसारी कृषि केंद्र, कसनियां, पोड़ी उपरोड़ा में भी निरीक्षण के दौरान कमियां पाए जाने पर कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
दो कार्यदिवस में सुधार नहीं होने पर लाइसेंस निरस्तीकरण की चेतावनी
सोनी कृषि केंद्र कसनियां, शिव बीज भंडार कसनियां एवं अंसारी कृषि केंद्र कसनियां को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि निरीक्षण के दौरान पाई गई अनियमितताओं में दो कार्यदिवस के भीतर सुधार सुनिश्चित करें। निर्धारित अवधि में कमियों का निराकरण नहीं किए जाने पर संबंधित विक्रेताओं के विक्रय लाइसेंस निरस्त करने की नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
महेश राम कृषि केंद्र में कीटनाशक बिक्री पर प्रतिबंध
महेश राम कृषि केंद्र, रंजना में निरीक्षण के दौरान पाई गई खामियों को गंभीरता से लेते हुए उक्त प्रतिष्ठान से कीटनाशकों की बिक्री पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया गया है।
इसके अलावा निरीक्षण अभियान के तहत राजू कृषि केंद्र, रंजना में भी उर्वरक एवं कीटनाशकों के स्टॉक तथा संबंधित दस्तावेजों की विस्तृत जांच की गई।
किसानों के हितों से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
जिला प्रशासन एवं कृषि विभाग ने स्पष्ट किया है कि किसानों को गुणवत्तापूर्ण कृषि आदान उपलब्ध कराने में किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उर्वरक एवं कीटनाशकों की कालाबाजारी, ओवर-रेटिंग, अनियमित बिक्री तथा अमानक कृषि आदानों के विक्रय पर प्रभावी नियंत्रण के लिए जिले में निरीक्षण की कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी।
विभाग द्वारा कृषि आदान विक्रेताओं को नियमानुसार स्टॉक एवं विक्रय अभिलेख संधारित करने, निर्धारित मूल्य पर सामग्री का विक्रय करने तथा किसानों को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
छत्तीसगढ़ में नक्सलमुक्त क्षेत्रों में स्कूलों में बजने लगी घंटी
धनंजय राठौर
संयुक्त संचालक, जनसंपर्क
छत्तीसगढ़ के पूर्व नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में दो दशकों के लंबे इंतजार के बाद स्कूलों में घंटियां बजने लगी हैं, जो इस शिक्षक दिवस पर बस्तर और उसके आस-पास के क्षेत्रों के लिए एक ऐतिहासिक और भावुक बदलाव का प्रतीक है। जहाँ कभी बारूद की गंध और बंदूक की आवाजें हुआ करती थीं, वहाँ अब बच्चे राष्ट्रगान गा रहे हैं।
5 सितंबर को देशभर में डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती पर ‘शिक्षक दिवस’ की धूमधाम रहेगी। इस पावन अवसर पर छत्तीसगढ़ का बस्तर और अन्य दूरस्थ अंचल एक नई उम्मीद के साथ मुस्कुरा रहा है। कभी बंदूक के साए और नक्सली खौफ के कारण दशक भर से बंद पड़े स्कूल आज फिर से गुलजार हो चुके हैं। दूर-दराज के गांवों में जब वर्षों बाद फिर से स्कूल की घंटी बजती है, तो वह केवल पढ़ाई की शुरुआत नहीं होती, बल्कि उस क्षेत्र में लौटते लोकतंत्र, शांति और सुरक्षा की गूंज होती है।
बंद पड़े स्कूल फिर से हुए संचालित
छत्तीसगढ़ सरकार की पुनर्वास, सुरक्षा और जन कल्याणकारी नीतियों (‘नियद नेल्ला नार’ जैसी योजनाओं) के प्रभाव से दक्षिण बस्तर के सुदूर नक्सल प्रभावित इलाकों में अभूतपूर्व बदलाव देखने को मिल रहा है। बीजापुर, सुकमा, दंतेवाड़ा और नारायणपुर जैसे जिलों में लगभग दो से ढाई दशकों से बंद पड़े 600 से अधिक प्राथमिक और माध्यमिक स्कूलों को जिला प्रशासन और पुलिस बल के सहयोग से दोबारा खोल दिया गया है। जो इमारतें कभी नक्सलियों द्वारा ध्वस्त कर दी गई थीं या सुरक्षा बलों के कैंप के लिए इस्तेमाल होती थीं, उन्हें फिर से संवारकर बाल-सुलभ रूप दिया गया है।
शिक्षकों का अदम्य साहस और समर्पण
नक्सलमुक्त होते क्षेत्रों में शिक्षा की लौ जलाने का वास्तविक श्रेय उन स्थानीय शिक्षकों को जाता है, जिन्होंने विपरीत और भयावह परिस्थितियों के बावजूद अपना कर्तव्य नहीं छोड़ा।
• स्थानीय भाषा में अध्यापन: दूरस्थ वनांचल में नियुक्त शिक्षक न केवल बच्चों को बुनियादी अक्षर ज्ञान दे रहे हैं, बल्कि गोंडी, हलबी और डोरली जैसी स्थानीय बोलियों में संवाद कर बच्चों का स्कूल से जुड़ाव मजबूत कर रहे हैं।
• समुदाय से संवाद: शिक्षकों ने ग्रामीणों और नक्सलियों के डर से सहमे अभिभावकों के बीच जाकर उनका विश्वास जीता, जिससे आज सैकड़ों बच्चे वापस ब्लैकबोर्ड और किताबों से जुड़ चुके हैं।
तकनीक और नवाचार से जुड़ रहा बस्तर का बचपन
बस्तर संभाग के बीजापुर (जैसे पीड़िया, गंपूर, तमोड़ी गांव) और सुकमा के कई अंदरूनी इलाकों में सालों से बंद पड़े स्कूलों को दोबारा खोला गया है। नक्सलियों द्वारा जिन पक्के स्कूल भवनों को आईईडी से उड़ा दिया गया था, वहाँ ग्रामीणों ने प्रशासन के साथ मिलकर अस्थायी बांस और तिरपाल की झोपड़ियां (छप्पर) तैयार की हैं ताकि बच्चों की पढ़ाई न रुके। स्थानीय भाषाओं (जैसे गोंडी, हल्बी) की चुनौती से निपटने और बच्चों में विश्वास जगाने के लिए स्थानीय शिक्षित युवाओं को शिक्षा दूत के रूप में नियुक्त किया गया है, जो इस शिक्षक दिवस के असली नायक हैं। पुनः संचालित हो रहे स्कूलों में अब केवल पुरानी लीक पर पढ़ाई नहीं हो रही है। राज्य शासन द्वारा इन स्कूलों में आधुनिक सुविधाएं सुनिश्चित की जा रही हैं:
• स्मार्ट क्लासेस और टैबलेट: कई वनांचल स्कूलों में डिजिटल कंटेंट और टैबलेट के माध्यम से बच्चों को पढ़ाया जा रहा है।
• खेलकूद और न्योता भोजन: स्कूलों में मध्याह्न भोजन (न्योता भोजन) के साथ-साथ खेल सामग्री उपलब्ध कराई गई है, जिससे बच्चों की उपस्थिति में भारी उछाल आया है।
• सुरक्षित माहौल: नियद नेल्ला नार (आपका अच्छा गांव) योजना के तहत कैंपों के आसपास सुरक्षा का दायरा बढ़ने से शिक्षक बिना किसी खौफ के रोजाना स्कूल पहुंच रहे हैं।
शिक्षक दिवस पर संदेश
छत्तीसगढ़ में इस बार का शिक्षक दिवस उन शिक्षकों को समर्पित है जो राज्य के सबसे कठिन और दुर्गम क्षेत्रों में ‘शिक्षादूत’ बनकर कार्य कर रहे हैं। बंदूक की आवाज को दबाकर जब कलम और किताब की ताकत आगे बढ़ती है, तो समाज की नई तस्वीर बनती है। छत्तीसगढ़ के नक्सलमुक्त इलाकों मं। गूंजती स्कूलों की घंटी इस बात का सबसे बड़ा सबूत है कि शिक्षा ही बदलाव और शांति की सबसे मजबूत नींव है।