रायपुर,एजेंसी। छत्तीसगढ़ विधानसभा का शीतकालीन सत्र आज (सोमवार) से शुरू हो गया है। सदन में विधायक सुशांत शुक्ला ने सरकारी जमीनों पर कब्जे का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के समय अफसरों से मिलीभगत कर 13 हजार से अधिक अवैध कब्जे हुए हैं। इसकी जांच होनी चाहिए।
इस पर राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ने तथ्य उपलब्ध करवाने पर जांच करके कार्रवाई करने की बात कही है। वहीं विधायक शुशांत ने कहा कि पिछले 5 साल में जो भूमि पुराण लिखा गया है, उसके चक्कर में कई परिवारों को गरुड़ पुराण सुनना पड़ गया। शासकीय जमीनों पर कब्जे के आधार पर क्या कार्रवाई की गई।
अवैध कब्जा निर्माण की 563 शिकायतें मिली
राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ने जवाब देते हुए कहा कि बिलासपुर जिले में 2021 से 25 नवंबर 2024 तक सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा निर्माण की कुल 563 शिकायतें मिली हैं। हमारी सरकार आने पर कोई पट्टे नहीं दिए गए हैं। अगर गलत पट्टा बंटा है, तो उसकी जांच कराएंगे। कार्रवाई करेंगे।
सत्र के हंगामेदार होने के आसार
वहीं सदन में अरपा पैरी के धार गीत गाया गया। इसके साथ ही कार्यवाही शुरू हो गई है। रायपुर दक्षिण से चुने गए नए विधायक सुनील सोनी का डॉक्टर रमन सिंह ने स्वागत किया। 20 दिसंबर तक चलने वाले इस सत्र के हंगामेदार होने के आसार हैं।
कांग्रेस मनपसंद शराब ऐप, धान खरीदी, कानून व्यवस्था और अनियमितता को लेकर राज्य सरकार को घेरने की कोशिश करेगी। सत्र के दौरान विधायक अपनी तनख्वाह बढ़वाने की मांग कर सकते हैं। 4 संशोधन बिल पेश किए जाएंगे।
मिंज बोले- अनापत्ति जारी नहीं हुई, तो कैसे चौड़ी हुई सड़क
वहीं कांग्रेस विधायक प्रबोध मिंज ने वन मंत्री केदार कश्यप से पूछा कि सरगुजा जिले में 2021-22 तक किन सड़कों के निर्माण के लिए वन विभाग से अनुमति मांगी गई। मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि सरगुजा जिले में 25 मार्गों के निर्माण के लिए अनापत्ति मांगी गई है। किसी भी प्रकार के अनापत्ति जारी नहीं की गई है।
इसके बाद प्रबोध मिंज ने कहा कि कई सड़क चौड़ी हो गई हैं, अगर किसी भी प्रकार की अनापत्ति जारी नहीं की गई है, तो यह सड़क कैसे चौड़ी हुई। इसकी जांच की जानी चाहिए। इस मांग के होते-होते प्रश्न कल के खत्म होने का समय हो गया था। डॉक्टर रमन सिंह ने प्रश्न काल समाप्त करने की घोषणा कर दी।
विधायक शुशांत बोले-भूमि पुराण के चक्कर में कई परिवारों को सुनना पड़ा गरुड़ पुराण
विधायक शुशांत ने कहा कि पिछले 5 साल में जो भूमि पुराण लिखा गया है, उसके चक्कर में कई परिवारों को गरुड़ पुराण सुनना पड़ गया। शासकीय जमीनों पर कब्जे के आधार पर क्या कार्रवाई की गई।
गोपाल व्यास ने देहदान करके समाज को प्रेरणा दी- महंत
नेता प्रतिपक्ष चरण दास महंत ने कहा कि मैं गोपाल व्यास के साथ रायपुर से भोपाल की यात्राएं की हैं। उनके साथ बात करके कभी नहीं लगा कि वह अलग पार्टी के हैं। मैं अलग पार्टी का हूं हम लोग पारिवारिक सदस्य की तरह हमेशा मिलते रहे। हमेशा चर्चा करते रहे उनमें साधु का जो भाव उभर कर आया था उन्होंने यह मान लिया था कि शरीर नश्वर है हमको अकेले जाना है और शायद यही कारण है कि उन्होंने देहदान करके समाज को प्रेरणा दी है।
डिप्टी सीएम साव ने दिवंगत नेताओं को दी श्रद्धांजलि
डिप्टी सीएम अरुण साव ने कहा कि सरलता से लोगों की समस्याओं का समाधान गोपाल व्यास किया करते थे, उन्होंने जीवन का एक-एक पल एक-एक समय समाज के लिए समर्पित किया। नंदराम सॉरी को लेकर अरुण साहब ने कहा कि एक गांव से निकलकर किसान परिवार में जन्मे और संघर्ष करते हुए विधानसभा तक पहुंचे हमेशा लोगों से सहजता से मिलते थे। लोगों की समस्याओं का समाधान करते थे।
डॉ रमन ने पूर्व राज्यसभा सदस्य गोपाल व्यास के निधन पर जताया दुख
स्पीकर डॉ रमन ने पूर्व राज्यसभा सांसद और वरिष्ठ भाजपा नेता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंसेवक गोपाल व्यास के निधन पर दुख जताया है। 7 नवंबर 2024 को रायपुर में उनका निधन हो गया था। गोपाल व्यास का जन्म 15 फरवरी 1932 को हुआ था उन्होंने जबलपुर से इंजीनियरिंग कॉलेज में अपनी पढ़ाई पूरी की।
भिलाई स्टील प्लांट में इंजीनियर के पद पर काम भी किया। 1975 से 77 तक आपातकाल के खिलाफ संघर्ष किया और इस दौरान जेल में बंद रहे। साल 2006 में 2012 तक छत्तीसगढ़ से राज्यसभा सदस्य रहे। राज्यसभा में सदस्य रहते हुए उन्होंने सांसद निधि का लोक कल्याण के लिए बेहतर उपयोग किया, अपनी वेतन भी सामाजिक कार्यों के लिए समर्पित कर दी।
स्पीकर रमन सिंह ने नए विधायक सुनील सोनी का किया स्वागत
स्पीकर डॉ रमन बोले- रायपुर दक्षिण से चुने गए नए विधायक सुनील सोनी का स्वागत करता हूं।
रायपुर, एजेंसी। रायपुर के एक कार्यक्रम में सरेंडर नक्सली महिलाओं ने रैंप वॉक किया। राष्ट्रीय हथकरघा दिवस के अवसर पर प्रदेश स्तरीय बुनकर सम्मेलन और स्वदेशी एक्सपो आयोजित किया गया था। जहां पूर्व महिला नक्सलियों ने कोसा साड़ी पहनकर हैंडलूम कपड़ों का प्रदर्शन किया।
यह फैशन शो सिर्फ पारंपरिक परिधानों का प्रदर्शन नहीं था, बल्कि बदलते बस्तर और मुख्यधारा से जुड़कर नई जिंदगी शुरू कर रही महिलाओं की प्रेरक कहानी भी सामने लेकर आया। कभी बंदूक और हिंसा के साए में जीवन बिताने वाली इन महिलाओं ने आत्मविश्वास के साथ रैंप पर कदम रखा।
रैंप वॉक की तस्वीरें देखें…
कोसा सिल्क पहनकर उतरीं सरेंडर नक्सली महिलाएं।
रैंप पर छत्तीसगढ़ की समृद्ध हथकरघा परंपरा की झलक दिखी।
रैंप वॉक करने वाली सभी महिलाएं पहली बार रायपुर पहुंची थीं।
रैंप वॉक के जरिए दिया संदेश
स्वदेशी फैशन शो में आत्मसमर्पित महिलाओं ने पूरे आत्मविश्वास के साथ रैंप वॉक किया। उन्होंने छत्तीसगढ़ की पारंपरिक बुनाई और कोसा सिल्क से तैयार आकर्षक परिधानों को प्रदर्शित किया।
सरेंडर नक्सलियों ने रैंप वॉक के जरिए यह संदेश देने का प्रयास किया कि हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में लौटने के बाद सम्मानजनक और आत्मनिर्भर जीवन की नई शुरुआत संभव है।
कभी बंदूक के साए में जीवन बिताने वाली इन महिलाओं ने आत्मविश्वास के साथ रैंप पर कदम रखा।
सभी महिलाएं पहली बार रायपुर पहुंची
कार्यक्रम की खास बात यह रही कि रैंप वॉक करने वाली लगभग सभी महिलाएं पहली बार रायपुर पहुंची थीं। उनके लिए यह अनुभव बेहद खास और यादगार रहा। पारंपरिक परिधानों में रैंप पर चलती महिलाओं के चेहरे पर आत्मविश्वास और उत्साह साफ नजर आया।
कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भी आत्मसमर्पित महिलाओं से आत्मीय संवाद किया और उनका उत्साह बढ़ाया। उन्होंने महिलाओं को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
मुख्यधारा में लौट रहे लोगों के लिए शो
यह फैशन शो सरकार की पुनर्वास नीति के तहत मुख्यधारा में लौट रहे लोगों के सम्मान, आत्मनिर्भरता और नए अवसरों की दिशा में सकारात्मक संदेश के रूप में सामने आया।
राष्ट्रीय हथकरघा दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के कोसा और पारंपरिक हथकरघा उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाने पर भी जोर दिया गया। इसी अवसर पर मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ के प्रीमियम हैंडलूम ब्रांड ‘कोशल फैब’ का शुभारंभ किया।
रैंप वॉक पर दिखी हथकरघा परंपरा की झलक
रैंप पर कोसा सिल्क पहनकर उतरीं आत्मसमर्पित महिलाओं ने एक तरफ छत्तीसगढ़ की समृद्ध हथकरघा परंपरा की झलक दिखाई, वहीं दूसरी ओर बदलते बस्तर की ऐसी तस्वीर पेश की, जिसमें बंदूक की जगह हुनर और हिंसा की जगह आत्मनिर्भरता नजर आई।
‘लोकल टू ग्लोबल’ की ओर बढ़ते छत्तीसगढ़ में इन महिलाओं की मौजूदगी ने यह संदेश भी दिया कि पुनर्वास और अवसर मिलने पर वे अपनी नई पहचान और सम्मानजनक भविष्य बना सकती हैं।
जांजगीर-चांपा। भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा, जिला जांजगीर-चांपा की प्रथम परिचयात्मक बैठक गुरुवार, 13 अगस्त को जिला कार्यालय जांजगीर-चांपा में आयोजित की गई। बैठक भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती विभा अवस्थी के निर्देशानुसार एवं जिला अध्यक्ष श्रीमती संतोषी सिंह के नेतृत्व में संपन्न हुई।
बैठक का उद्देश्य महिला मोर्चा को जिले में और अधिक सशक्त एवं सक्रिय बनाना तथा संगठनात्मक गतिविधियों को बूथ एवं मंडल स्तर तक प्रभावी रूप से पहुंचाना रहा। बैठक में महिला कार्यकर्ताओं की अधिक से अधिक भागीदारी, संगठन विस्तार तथा आगामी कार्यक्रमों को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
कार्यक्रम में जिला संगठन प्रभारी रामदेव कुमावत, जिला संगठन सह प्रभारी राजेंद्र वैष्णव, जिला भाजपा अध्यक्ष अंबेश जांगड़े, प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
वहीं विशेष अतिथि के रूप में महिला मोर्चा भाजपा जिला प्रभारी श्रीमती पुनिता डहरिया, जिला सह प्रभारी श्रीमती विभा गौरहा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सत्यालता मीरी, बलौदा जनपद पंचायत, जिला महामंत्री श्रीमती नन्दनी राजवाड़े, जिला महामंत्री शक्ति श्रीमती मोहन कुमारी साहू, अध्यक्ष श्रीमती शारदा सनत देवांगन, नवागढ़ जनपद अध्यक्ष श्रीमती प्रीति देवी सिंह, नपा अध्यक्ष श्रीमती रेखा गढ़वाल, नपं अध्यक्ष श्रीमती अर्चना देवांगन, जिला पंचायत सभापति श्रीमती प्रियंका सिंह, श्रीमती संतोषी रात्रे की गरिमामयी उपस्थिति रही।
बैठक में जिला एवं मंडल स्तर की महिला मोर्चा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता बहनों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। उपस्थित अतिथियों ने महिला कार्यकर्ताओं को संगठन को मजबूत करने, सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने तथा महिलाओं को पार्टी की विचारधारा एवं संगठन से जोड़ने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम का मंच संचालन भाजपा महिला मोर्चा जिला जांजगीर-चांपा की जिला महामंत्री डॉ. धनेश्वरी जागृति ने किया। अंत में महिला मोर्चा की ओर से सभी अतिथियों एवं उपस्थित कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त जिला उपाध्यक्ष श्रीमती प्रतिमा डेहरे द्वारा किया गया।
बैठक में मुख्य रूप से उपस्थित रहे संतोष लहरे, अमर सुल्तानिया, रवि पाण्डेय, प्रदीप श्रॉफ, श्रीमती उमा सोनी, श्रीमती संगीता पाण्डेय, श्रीमती, पूजा राठौर, श्रीमती संजीत माली, श्रीमती प्रेमलता कौशिक, श्रीमती अन्नपूर्णा सोनी, श्रीमती मेघा यादव, श्रीमती संतोषी बरेठ, श्रीमती रोशनी राठौर, श्रीमती कल्याणी केशरवानी, श्रीमती शशि राठौर, श्रीमती पुष्पा सिंह, श्रीमती मनीषा गोपाल, श्रीमती पूनम राय,श्रीमती पूनम अग्रवाल सहित सभी मंडल के महिला मोर्चा की अध्यक्ष महामंत्री एवं जिला एवं मंडल पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में मातृशक्ति उपस्थित रहीं और महिला मोर्चा को जिले में और अधिक प्रभावी एवं सशक्त बनाने का संकल्प लिया।
कोरबा। कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थय अधिकारी, जिला कोरबा द्वारा जिला खनिज न्यास मद अंतर्गत पैरामेडिकल स्टॉफ के पद पर भर्ती हेतु विज्ञापन प्रकाषित कर आवेदन आमंत्रित किया गया था। कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थय अधिकारी से प्राप्त जानकारी के अनुसार विज्ञापित पद पर प्राप्त आवेदन के आधार पर स्टॉफ नर्स, डेªसर, ग्रामीण स्वास्थय संयोजक महिला एवं ग्रामीण स्वास्थय संयोजक पुरूष के पद पर पात्र/अपात्र की सूची कार्यालयीन सूचना पटल पर चस्पा तथा कोरबा जिले के शासकीय वेबसाईट www.korba.gov.in मे सर्व संबंधितों के अवलोकनार्थ एवं दावा आपत्ति हेतु अपलोड़ कर दिया गया है। सूची के समस्त कॉलमों का उम्मीद्वारों द्वारा सूक्ष्म अवलोकन कर दावा आपत्ति कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थय अधिकारी में 31 अगस्त 2026 समय 5ः00 बजे तक मय आवश्यक दस्तावेज सहित प्रस्तुत कर सकते हैं। निर्धारित तिथि एवं समय के पश्चात् किसी भी प्रकार का दावा आपत्ति स्वीकार नही किया जायेगा। निर्धारित समय पर प्राप्त दावा आपत्ति का नियमानुसार निराकरण कर पृथक से दावा आपत्ति निराकरण सूची एवं पात्र सूची कार्यालयीन सूचना पटल पर चस्पा तथा उक्त वेबसाईट पर अपलोड किया जायेगा।