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एलजी का भारत समेत तीन प्रमुख ‘ग्लोबल साउथ’ बाजारों से 2030 तक राजस्व दोगुना करने का लक्ष्य

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नई दिल्ली, एजेंसी। दक्षिण कोरिया की इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र की दिग्गज कंपनी एलजी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) ल्यू जे-चोल ने कहा कि कंपनी भारत सहित तीन उच्च संभावनाओं वाले ‘ग्लोबल साउथ’ बाजारों से अपना कुल राजस्व साल 2030 तक दोगुना करने की योजना बना रही है। उन्होंने कहा कि भारत में मजबूत वृहद आर्थिक वृद्धि, ब्रांड के प्रति उपभोक्ताओं की पसंद तथा रेफ्रिजरेटर, वॉशिंग मशीन और एयर कंडीशनर जैसी प्रमुख श्रेणियों में घरेलू उपकरणों की अपेक्षाकृत कम पहुंच के कारण बड़े अवसर मौजूद हैं। 

एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स के सीईओ ने कहा कि भारत, सऊदी अरब और ब्राजील कंपनी की दीर्घकालिक वृद्धि की रणनीति के केंद्र में हैं। कंपनी का लक्ष्य 2030 तक इन तीनों बाजारों से संयुक्त राजस्व को दोगुना करना है और इसके लिए वह इन उच्च संभावनाओं वाले बाजारों में अपने कारोबार का तेजी से विस्तार कर रही है। जे-चोल ने कहा, ”2025 में इन क्षेत्रों से हमारा संयुक्त राजस्व 6.2 लाख करोड़ कोरियाई वॉन रहा, जो 2023 की तुलना में 20 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्शाता है। यह कंपनी की वैश्विक वृद्धि से दोगुना से भी अधिक है।” 

एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स का 2025 में एकीकृत राजस्व 89.2 लाख करोड़ कोरियाई वॉन रहा। उन्होंने कहा कि भारत जैसे प्रमुख उभरते बाजारों में तेज वृद्धि केवल कारोबार का विस्तार नहीं, बल्कि दक्षिण कोरिया, उत्तरी अमेरिका और यूरोप में कंपनी की मजबूत उपस्थिति के पूरक के रूप में संतुलित और मजबूत क्षेत्रीय पोर्टफोलियो तैयार करने की रणनीति का हिस्सा है। कंपनी की ‘ग्लोबल साउथ’ रणनीति के तहत अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी के जरिये उत्पाद नेतृत्व को मजबूत करने तथा सह-विनिर्माण और आपूर्ति श्रृंखला के अनुकूलन के माध्यम से लागत प्रतिस्पर्धा बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा। 

कंपनी की मध्यम से दीर्घावधि की रणनीति के बारे में विस्तार से बताते हुए, एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स की निवेशक संबंध (आईआर) संचार टीम के प्रमुख एयरोन किम ने कहा कि कंपनी अपने मुख्य कारोबार को मजबूत करने पर ध्यान दे रही है, जिसमें घरेलू उपकरण, वाहन तथा मीडिया एवं मनोरंजन समाधान शामिल हैं। भारत में योजनाओं के बारे में किम ने कहा कि कंपनी यहां अपनी उत्पादन क्षमता दोगुनी करेगी और अतिरिक्त क्षमता का उपयोग निर्यात बढ़ाने के लिए किया जाएगा। 

वर्तमान में एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया के कुल राजस्व में निर्यात की हिस्सेदारी छह से सात प्रतिशत है और कंपनी एशिया तथा अफ्रीका के बाजारों को सेवाएं दे रही है। कंपनी दोहरे बाजार और दोहरे खंड वाले निर्यात मॉडल पर काम कर रही है, जिसके तहत विकसित देशों को प्रीमियम उत्पाद तथा उभरते बाजारों को भारत में डिजाइन किए गए ‘एसेंशियल सीरीज’ उत्पाद भेजे जाएंगे। 

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अभिनेता Dev Anand के बेटे Sunil Anand का निधन, उसी अस्पताल में ली आखिरी सांस जहां पिता ने कहा था दुनिया को अलविदा

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मुंबई, एजेंसी। हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के महान अभिनेता देव आनंद के बेटे, अभिनेता और निर्देशक सुनील आनंद अब इस दुनिया में नहीं रहे। 70 वर्ष की आयु में उन्होंने उस अस्पताल में अंतिम सांस ली, जहां कभी उनके पिता देव आनंद का भी निधन हुआ था। इस दुखद खबर की पुष्टि उनके परिवार ने आधिकारिक बयान जारी कर की। परिवार की तरफ से जारी सन्देश में कहा गया कि सुनील आनंद के निधन से पूरा परिवार गहरे शोक में है। उन्होंने इस कठिन समय में मिले सभी लोगों के प्यार, प्रार्थनाओं और सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। साथ ही परिवार ने सभी से अपील की कि उनके निजी समय और भावनाओं का सम्मान करें ताकि वे इस दुःख की घडी से एकजुट होकर उबर सकें। 
 भतीजी जीना नारंग की तरफ से यह जानकारी दी गई है। फिलहाल परिवार की ओर से सुनील आनंद के निधन की वजह का खुलासा नहीं किया गया है। इसके अलावा उनके अंतिम संस्कार की तारिख, समय यह अन्य व्यवस्थाओं को लेकर भी अभी कोई आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की गई है। 

‘आनंद और आनंद’ फिल्म से बॉलीवुड में रखा था कदम 
सुनील आनंद ने अपनी फ़िल्मी करियर की शुरुआत वर्ष 1984 में रिलीज हुई फिल्म आनंद और आनंद से की थी, जिसका निर्देशन उनके पिता देव आनंद ने किया था। इसी फिल्म के जरिए उन्होंने पड़े पर्दे पर बतौर अभिनेता डेब्यू किया। इसके बाद वह कार थीफ और मैं तेरे लिए जैसी फिल्मों में भी नजर आए। 

हालांकि, अभिनय के क्षेत्र में उन्हें वह लोकप्रियता और सफलता हासिल नहीं हो सकी, जो उनके पिता देव आनंद को मिली थी। इसके बाद उन्होंने अभिनय से दूरी बनाकर फिल्म निर्माण और प्रोडक्शन के काम पर ध्यान देना शुरू किया। सुनील आनंद लंबे समय तक अपने परिवार के प्रतिष्ठित बैनर नवकेतन फिल्म्स  से जुड़े रहे और उसके संचालन व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। 

पिता की विरासत को हमेशा आगे बढ़ाया 
सुनील आनंद ने भले ही अपने करियर में कम फिल्मों में काम किया हो लेकिन उन्होंने हमेशा अपने पिता देव आनंद की विरासत को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी निभाई। नवकेतन फिल्म्स के माध्यम से वह उनके सपनों और सिनेमा से जुड़े काम को आगे ले जाने में लगातार सक्रीय रहे। 

उनके निधन की खबर सामने आने के बाद फिल्म जगत और देव आनंद के चाहने वालों में गहरा शोक है। सोशल मीडिया पर फैंस उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं और परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त कर रहे हैं। वहीं, परिवार ने सभी से अपील की है कि इस मुश्किल समय में उनकी निजता का सम्मान करें और उन्हें शांति के साथ इस दुख से उबरने का अवसर दें।

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प्रियंका का प्रह्लाद जोशी पर कमेंट, संसद में हंगामा:रिजिजू बोले– शिक्षामंत्री का चरित्र हनन करने की कोशिश, माफी मांगें, प्रियंका का जवाब– सबूत दूंगी

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नई दिल्ली, एजेंसी। लोकसभा में दोपहर 2 बजे से पेपर लीक से जुड़े ‘पब्लिक एग्जामिनेशन (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026’ पर चर्चा शुरू हो गई है।

विधेयक में 2024 में बने कानून में बदलाव का प्रस्ताव है। केंद्रीय राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा इससे पेपर लीक रोकने में मदद मिलेगी।

प्रियंका गांधी ने सरकार से सवाल किया कि छात्रों पर लाठीचार्ज और पैलेट गन चलाने का अधिकार किसने दिया। प्रियंका ने कहा- एक ऐसे व्यक्ति को शिक्षामंत्री बनाया जिसने गर्भवती महिला के बलात्कारियों की रिहाई पर सहमति व्यक्त की। इसके बाद सत्ता पक्ष ने हंगामा किया।

रिजिजू निशिकांत दुबे और जोशी ने विरोध किया और कहा कि पहले प्रियंका इस बात का सबूत दें और माफी मांगे।

  • स्पीकर बोले- मैं प्रियंका जी से कहूंगा कि बिना तथ्यों से इस तरह की बातें सदन में करें।
  • प्रियंका का जवाब- जोशी जी ने बिल्किस बानो के बलात्कारियों पर बयान दिया उसका प्रमाण मैं भेज दूंगी।
  • केसी वेणुगोपाल ने कहा- इन्होंने इंदिरा गांधी का नाम लिया है। आप हटा नहीं सकते हैं।
  • निशिकांत बोले- मैंने नेहरू जी का नाम लिया था और आज भी अपने बयान पर कायम हूं।
  • प्रह्लाद जोशी ने कहा- मेरे बारे में जो बोला गया उस पर मुझे पहले से नहीं बताया गया।
  • स्पीकर ने टोका- सदन में इस बिल पर ही चर्चा होगी। आप सिर्फ विधेयक पर ही बोलें।

इससे पहले सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार वचन नहीं, जुमले देती है। दोपहर का सत्र शुरू होने पर स्पीकर ओम बिड़ला ने कहा कि मैंने चर्चा के लिए 6 घंटे का समय तय किया है। सत्ता पक्ष और विपक्ष चाहें तो समय बढ़ा सकते हैं।

इस पर केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि सरकार ने सभी दलों से बात की है। अब 8 घंटे चर्चा होगी। जरूरत होगी तो हम 10 घंटे भी चर्चा को तैयार हैं।

प्रह्लाद जोशी बोले- प्रियंका गांधी पर कार्रवाई हो

प्रह्लाद जोशी ने कहा- प्रियंका जी को अपने बयानों को प्रमाणित करना चाहिए था। फैलाई जा रही गलत सूचना के संबंध में कार्रवाई की जानी चाहिए। क्या कोई कुछ भी कह सकता है और इससे बच सकता है?

सत्ता पक्ष ने कहा कि प्रियंका आरोप लगाए जा रही हैं। रिजिजू ने कहा- प्रियंका ने शिक्षा मंत्री पर जो टिप्पणी की वह चरित्र हनन है। इस तरह की भाषा का इस्तेमाल न करें। वह सीनियर लीडर हैं उन्हें जिम्मेदारी के साथ बोलना चाहिए।

प्रियंका बोली- दिल का एंगल बदलना पड़ेगा

फास्ट ट्रैक कोर्ट का रिकॉर्ड पहले से ही खराब है। कल की कार्रवाई में सीबीआई नहीं पहुंचे। संसद विपक्ष को दोषी ठहराने से काम नहीं चलेगा। जेन जी का भरोसा जीतना है तो प्रधानमंत्री जी नए एंगल से वीडियो बनाने से काम नहीं चलेगा।

पीएम मोदी को कैमरे का एंगल नहीं दिल का एंगल बदलना पड़ेगा। ये जेनरेशन झूठ पकड़ सकती है।

देश के नौजवान न्याय मांग रहे हैं भीख नहीं। वे सरकार गिराने नहीं अपना भरोसा बचाने आए हैं। सरकार अपनी नीयत ठीक करें, अपनी अकड़ का इलाज करें। वादों पर अमल करें। आपके शासन में हमने बड़ी बड़ी चोरियां देखीं, चुनाव में वोट चोरी, राम मंदिर में चंदा चोरी, किसानों की जमीन चोरी, फिर हंगामा होता है। शांति से सुन लीजिए। आप जितनी चोरी की बात करना चाहते हैं सब कर लीजिएगा। सबसे बड़ी चोरी देश के युवाओं के सपनों की चोरी है। स्पीकर सर भाषण खत्म, अब तो मुस्करा लीजिए। रिजिजू बोले- प्रियंका जी ने राहुल जी की स्पीच चुरा ली।

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टाटा केमिकल्स का पहली तिमाही का मुनाफा 81% घटकर 60 करोड़ रुपए पर

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नई दिल्ली, एजेंसी। टाटा केमिकल्स का चालू वित्त वर्ष की जून तिमाही का एकीकृत शुद्ध मुनाफा 81 प्रतिशत घटकर 60 करोड़ रुपए रहा है। खर्चे बढ़ने से कंपनी का मुनाफा घटा है। पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में उसका शुद्ध मुनाफा 316 करोड़ रुपए था। शेयर बाजार को भेजी सूचना में कंपनी ने कहा कि चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में उसकी कुल आय बढ़कर 4,311 करोड़ रुपए हो गई, जो पिछले साल इसी अवधि में 3,815 करोड़ रुपए थी। 

टाटा केमिकल्स ने बताया कि जून तिमाही में शुद्ध मुनाफा ”मुख्य रूप से कम प्राप्ति, कम अन्य आय और कम साझा उद्यम आय” के कारण घटा। परिणाम पर टिप्पणी करते हुए टाटा केमिकल्स के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) आर. मुकुंदन ने कहा कि कंपनी ने जून तिमाही में मजबूत प्रदर्शन किया, जिसमें ज्यादा बिक्री और उत्पादन मात्रा, मजबूत परिचालन क्षमता और अनुशासित लागत प्रबंधन का योगदान रहा। उन्होंने कहा, ”हालांकि, सोडा ऐश की कीमतों के लगातार कम रहने के कारण अमेरिका से दक्षिण-पूर्व एशिया में निर्यात पर दबाव बना रहा।” 

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