Connect with us

छत्तीसगढ़

रायपुर : ’छत्तीसगढ़ की अमूल्य धरोहर ‘अवलोकितेश्वर’ कांस्य प्रतिमा फिर सजेगी प्रदेश के संग्रहालय में’

Published

on

’संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल ने केंद्र सरकार को लिखा पत्र, अमेरिका से भारत लाई जा रही दुर्लभ प्रतिमा’
रायपुर। विश्व संग्रहालय दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत से जुड़ी एक बड़ी और गौरवपूर्ण खबर सामने आई है। रायपुर स्थित महंत घासीदास स्मारक संग्रहालय से चोरी हुई भगवान अवलोकितेश्वर की दुर्लभ कांस्य प्रतिमा छत्तीसगढ़ लौटने की तैयारी में है। लगभग 19 करोड़ रुपये मूल्य की यह ऐतिहासिक प्रतिमा अमेरिका से भारत लाई जा रही है और राज्य सरकार इसे फिर से रायपुर स्थित संग्रहालय में स्थापित करने की दिशा में सक्रिय पहल कर रही है।

            पर्यटन, संस्कृति एवं धर्मस्व मंत्री राजेश अग्रवाल ने केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत को पत्र लिखकर प्रतिमा को छत्तीसगढ़ वापस भेजने का आग्रह किया है। जानकारी के अनुसार प्रतिमा अभी भारत नहीं पहुंची है, लेकिन उसके भारत आगमन के बाद राज्य शासन उसे रायपुर लाने और पुनर्स्थापित करने की प्रक्रिया को शीघ्र आगे बढ़ाएगा। संस्कृति मंत्री श्री अग्रवाल प्रतिमा की रिसीविंग के लिए दिल्ली जाने की तैयारी में हैं।
          बताया जा रहा है कि अमेरिका ने हाल के वर्षों में भारत को करीब 1.4 करोड़ डॉलर मूल्य की 657 प्राचीन और ऐतिहासिक कलाकृतियां लौटाई हैं। इन्हीं बहुमूल्य धरोहरों में महंत घासीदास स्मारक संग्रहालय से चोरी हुई ‘अवलोकितेश्वर’ की यह दुर्लभ कांस्य प्रतिमा भी शामिल है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सांस्कृतिक विरासत संरक्षण और चोरी हुई भारतीय धरोहरों की वापसी की दिशा में इसे एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।

’सिरपुर की गौरवशाली विरासत की प्रतीक है यह प्रतिमा’
         यह प्रतिमा वर्ष 1939 में महासमुंद जिले के विश्वविख्यात पुरातात्विक स्थल सिरपुर स्थित लक्ष्मण मंदिर परिसर के पास मिली थी। यह उस क्षेत्र में प्राप्त कांस्य प्रतिमाओं के एक बड़े भंडार का हिस्सा थी। बाद में इसे सुरक्षित संरक्षण के लिए रायपुर स्थित महंत घासीदास स्मारक संग्रहालय में रखा गया था, लेकिन प्रतिमा चोरी हो गई और बाद में यह प्रतिमा अमेरिका पहुंच गई।
           इतिहासकारों के अनुसार प्रतिमा पर अंकित शिलालेख में ‘द्रौणग्रिदत्त’ नाम का उल्लेख मिलता है, जो प्राचीन श्रीपुर, वर्तमान सिरपुर, का निवासी था। इससे इस प्रतिमा का ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व और अधिक बढ़ जाता है।
            अवलोकितेश्वर की यह कांस्य प्रतिमा छत्तीसगढ़ की समृद्ध बौद्ध परंपरा, प्राचीन शिल्पकला और सांस्कृतिक पहचान की जीवंत प्रतीक है। सिरपुर, जो प्राचीन काल में बौद्ध संस्कृति, स्थापत्य और कला का प्रमुख केंद्र रहा है, वहां से प्राप्त यह प्रतिमा प्रदेश की ऐतिहासिक समृद्धि का महत्वपूर्ण प्रमाण मानी जाती है।

’राज्य सरकार ने शुरू की औपचारिक पहल’
         संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि यह प्रतिमा केवल छत्तीसगढ़ ही नहीं, बल्कि पूरे भारत की ऐतिहासिक और बौद्ध विरासत की अमूल्य धरोहर है। उन्होंने केंद्र सरकार से आग्रह किया है कि संस्कृति मंत्रालय एवं संबंधित एजेंसियों के माध्यम से सभी प्रशासनिक और औपचारिक प्रक्रियाएं शीघ्र पूरी कर प्रतिमा को छत्तीसगढ़ शासन को सौंपा जाए, ताकि इसे महंत घासीदास स्मारक संग्रहालय में सुरक्षित रूप से संरक्षित कर आमजन, शोधार्थियों और इतिहास प्रेमियों के अवलोकन हेतु उपलब्ध कराया जा सके। उन्होंने कहा कि विदेश पहुंच चुकी यह ऐतिहासिक धरोहर अब पुनः भारत लौट रही है, जो   सांस्कृतिक विरासत संरक्षण की दिशा में अत्यंत महत्वपूर्ण उपलब्धि है। राज्य शासन प्रतिमा के संरक्षण, सुरक्षा और प्रदर्शन हेतु सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करेगा, ताकि यह अमूल्य धरोहर अपने मूल स्थान और पहचान के अनुरूप सम्मान प्राप्त कर सके। 
          अवलोकितेश्वर प्रतिमा की वापसी प्रदेश की खोई हुई सांस्कृतिक विरासत को पुनः स्थापित करने और सिरपुर की ऐतिहासिक पहचान को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई प्रतिष्ठा दिलाने में मील का पत्थर साबित होगी।

Continue Reading

छत्तीसगढ़

सिंगल यूज प्लास्टिक…मोबाइल एप से होगी जांच और शिकायतों की निगरानी

Published

on

जांजगीर। सिंगल यूज प्लास्टिक के इस्तेमाल पर रोक को लेकर ​नगरीय निकायों में अभियान चलाया जाएगा। अभियान के दौरान सिंगल यूज प्लास्टिक के साथ 120 माइक्रोन से कम मोटाई वाले प्लास्टिक कैरी बैग के उपयोग पर भी विशेष नजर रखी जाएगी।

अब अभियान में फील्ड अधिकारियों को एसयूपी (फील्ड इंस्पेक्शन मोबाइल एप) के माध्यम से निरीक्षण करना होगा। इसे जिले के 11 नगरीय निकायों में लागू किया जाएगा। टीम द्वारा शहर में हुए निरीक्षण की रिपोर्ट तत्काल पोर्टल पर अपलोड की जाएगी। पोर्टल पर विक्रेताओं, उपयोगकर्ताओं, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से संबंधित जानकारी भी दर्ज की जाएगी। इसके साथ ही आम नागरिकों से एसयूपी एप के माध्यम से फीडबैक भी लिया जाएगा। इसके जरिए सिंगल यूज प्लास्टिक से जुड़ी शिकायतें भी दर्ज की जा सकेंगी। संबंधित स्थानीय निकाय को उनका निराकरण करना होगा।

Continue Reading

कोरबा

बिलासपुर जोन की 10 ट्रेनें कैंसिल:13-14 सितंबर को रायपुर-उरकुरा सेक्शन में काम, तीजा पर मायके जाने वाली महिलाओं की बढ़ी परेशानी

Published

on

बिलासपुर, एजेंसी। छत्तीसगढ़ में तीज पर्व पर मायके जाने की तैयारी कर रही महिलाओं और दूसरे यात्रियों की परेशानी बढ़ सकती है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के रायपुर मंडल में उरकुरा स्टेशन पर यार्ड रीमॉडलिंग के लिए प्री-नॉन इंटरलॉकिंग और नॉन-इंटरलॉकिंग का काम किया जाएगा।

इसके चलते 13 और 14 सितंबर को रायपुर, बिलासपुर, कोरबा, गेवरा रोड और इतवारी के बीच चलने वाली 10 ट्रेनें रद्द रहेंगी। वहीं 2 मेमू ट्रेनों का परिचालन बिलासपुर तक सीमित रहेगा। रेलवे के मुताबिक यह काम उरकुरा-रायपुर स्टोर डिपो के बीच दोहरीकरण परियोजना के तहत उरकुरा स्टेशन के यार्ड रीमॉडलिंग के लिए किया जा रहा है।

यात्रियों के लिए जरूरी बात

तीजा पर्व के दौरान बड़ी संख्या में महिलाएं और परिवार मायके आने-जाने के लिए ट्रेनों का इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में 13 और 14 सितंबर को यात्रा से पहले ट्रेन नंबर जरूर चेक कर लें। रद्द ट्रेन से यात्रा की योजना है तो वैकल्पिक ट्रेन या बस की व्यवस्था पहले कर लेना बेहतर होगा।

Continue Reading

छत्तीसगढ़

मंत्री खुशवंत के बड़े भाई ने ज्वॉइन की कांग्रेस:भूपेश बघेल ने कराया प्रवेश, ढालदास बोले- जनता जानती है कि भाजपा क्या कर रही है

Published

on

रायपुर, एजेंसी। छत्तीसगढ़ की राजनीति में शुक्रवार को बड़ा सियासी घटनाक्रम सामने आया। भाजपा सरकार में मंत्री खुशवंत साहेब के बड़े भाई और सतनामी समाज के धर्मगुरु गुरु बालदास के बड़े बेटे ढाल दास ने कांग्रेस ज्वॉइन कर ली। रायपुर में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने तीजा-पोरा कार्यक्रम के दौरान उन्हें कांग्रेस में प्रवेश कराया।

ढाल दास ने कहा कि जनता भी जानती है कि भाजपा क्या कर रही है। अगर कांग्रेस मुझे मौका देती है तो मैं मुंगेली विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ना चाहूंगा। पार्टी जहां से मुझे चुनाव लड़ने के लिए चयनित करेगी, मैं वहां से चुनाव लड़ने के लिए तैयार हूं।

उन्होंने कहा कि पार्टी में शामिल होने से पहले मैंने अपने भाई और पिताजी से बातचीत की थी और उन्हें इस बारे में बताया था। दोनों ने अपनी सहमति दे दी। वहीं उनके भाई मंत्री खुशवंत साहेब ने कहा कि कांग्रेस हमेशा तोड़ने की नीति से काम करती है।

रायपुर में पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने ढाल दास को कांग्रेस में प्रवेश कराया।

रायपुर में पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने ढाल दास को कांग्रेस में प्रवेश कराया।

सामाजिक-राजनीतिक रूप से प्रभावशाली है परिवार

ढाल दास के कांग्रेस में शामिल होने के बाद प्रदेश की राजनीति में चर्चाएं तेज हो गई हैं। उनका परिवार सामाजिक और राजनीतिक रूप से प्रभावशाली माना जाता है। ऐसे में एक ही परिवार के एक सदस्य के भाजपा सरकार में मंत्री होने और दूसरे के कांग्रेस में शामिल होने को सियासी तौर पर महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।

गुरु बालदास के 4 बेटे, ढाल दास सबसे बड़े

सतनामी समाज के प्रमुख धर्मगुरु गुरु बालदास साहेब का परिवार बाबा गुरु घासीदास की वंश परंपरा से जुड़ा हुआ है। गुरु बालदास के चार बेटे हैं- ढाल दास, सोमेश दास, खुशवंत दास और सौरभ दास। उनकी एक बेटी भी है। इनमें ढाल दास सबसे बड़े बेटे हैं।

गुरु परिवार का सतनामी समाज में धार्मिक और सामाजिक प्रभाव माना जाता है। गिरौधपुरी धाम और भंडारपुरी धाम से जुड़े प्रमुख आयोजनों में परिवार की सक्रिय भूमिका रहती है।

मंत्री के भाई का कांग्रेस में जाना क्यों अहम?

ढाल दास के कांग्रेस में शामिल होने को सिर्फ एक राजनीतिक ज्वाइनिंग के तौर पर नहीं देखा जा रहा है। वे मंत्री खुशवंत साहब के बड़े भाई हैं और गुरु बालदास के परिवार से आते हैं। ऐसे में उनके कांग्रेस में जाने से एक ही परिवार के राजनीतिक रूप से अलग-अलग दलों में होने का समीकरण सामने आया है।

ढाल दास ने मुंगेली विधानसभा सीट से चुनाव लड़ने की इच्छा जाहिर की है। मुंगेली विधानसभा क्षेत्र अनुसूचित जाति वर्ग के लिए आरक्षित है और इसे भाजपा के मजबूत प्रभाव वाली सीट माना जाता है। यहां भाजपा के पुन्नूलाल मोहले लंबे समय से प्रमुख राजनीतिक चेहरा हैं। 2023 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने लगातार चौथी बार जीत दर्ज की थी।

2023 के चुनाव में पुन्नूलाल मोहले को 85,429 वोट मिले थे, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी संजीत बनर्जी को 73,648 वोट मिले थे। दोनों के बीच जीत का अंतर 11,781 वोट रहा था। ऐसे में अगर भविष्य में कांग्रेस ढाल दास को मुंगेली से अपना प्रत्याशी बनाती है, तो चुनावी समीकरण कुछ बदले हुए नजर आ सकते हैं।

कांग्रेस तोड़ने के नीयत से काम करती है- मंत्री खुशवंत

मंत्री खुशवंत साहेब ने भाई के कांग्रेस प्रवेश को लेकर कहा कि वह मेरे भाई हैं। सुख-दुख हो या किसी तरह का तीज-त्योहार, हम हमेशा एक-दूसरे के साथ मिलते हैं और आगे भी मिलकर काम करेंगे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की नीयत ही समाज और परिवार को तोड़ने की रही है।

उन्होंने कहा कि एक धर्म को दूसरे धर्म से, एक समाज को दूसरे समाज से और एक परिवार को दूसरे परिवार से लड़ाने की कांग्रेस कितनी भी कोशिश कर ले, वह कभी सफल नहीं होगी।

Continue Reading
Advertisement

Trending

Copyright © 2020 Divya Akash | RNI- CHHHIN/2010/47078 | IN FRONT OF PRESS CLUB TILAK BHAVAN TP NAGAR KORBA 495677