बालकोनगर। वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने 76वां गणतंत्र दिवस बालको स्टेडियम में बड़े उत्साह और धूमधाम के साथ मनाया। कार्यक्रम में 9000 से अधिक लोगों ने जोश और उत्साह के साथ हिस्सा लिया। समारोह की शुरूआत बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक राजेश कुमार के ध्वज फहराने और राष्ट्रगान के साथ हुआ। उन्होंने परेड का निरीक्षण कर अनुशासित मार्च पास्ट की सलामी ली। ग्रांउड में शांति और स्वतंत्रता के प्रतीक के गुब्बारे भी हवा में छोड़े गए। सीईओ राजेश ने बालको द्वारा हासिल किए गए सभी महत्वपूर्ण उपलब्धियों को भी दोहराया और सभी से विकास यात्रा में सक्रिय भागीदार बनने का आग्रह किया।
बालको और टाउनशिप की सुरक्षा में हमेशा तत्पर रहने वाले सुरक्षाकर्मियों ने परेड में उत्कृष्ट प्रदर्शन दिया। 15 स्कूलों के लगभग 2000 बच्चों ने पी.टी. ड्रिल, परेड, नृत्य प्रदर्शन और सांस्कृतिक कार्यक्रम में भागीदारी की। दर्शकों ने राष्ट्र की समृद्ध संस्कृति और विविधता का जश्न मनाते हुए बालको के प्रचालन क्षेत्र के पास के स्कूलों के जीवंत सांस्कृतिक प्रदर्शनों का आनंद लिया।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण देश की सांस्कृतिक विविधता एवं आत्मनिर्भर भारत को प्रदर्शित करने वाली झांकियों का जीवंत प्रदर्शन रहा। समुदाय के साथ संयुक्त उत्सव में बालको के विभिन्न विभाग पॉटलाइन, पॉवर प्लांट, रेलवे लॉजिस्टिक्स, एफ.एल.ए., मानव संसाधन, फायर, कॉरपोरेट अफेयर्स और सीएसआर कार्यों सहित विभिन्न व्यावसायिक कार्यों का प्रतिनिधित्व करने वाली मनोरम झांकियाँ प्रस्तुत कीं। आकर्षित रूप से डिजाइन की गई झांकियां बालको के संचालन के विविध पहलुओं को प्रस्तुत करने के साथ ही समुदायों को सशक्त बनाने की उसकी प्रतिबद्धता को भी प्रदर्शित कर रही थी। कार्यक्रम की सराहना करते हुए उत्कृष्ट झांकियों एवं सांस्कृतिक प्रस्तुति को सम्मानित भी किया गया।
देश की एकता, अखंडता एवं विश्व बंधुत्व के मूल्यों और सामूहिक प्रगति के प्रति बालको के समर्पण को दोहराते हुए सीईओ राजेश कुमार ने कहा कि बालको में हम अपनी वृद्धि और विकास की यात्रा के बीच औद्योगिक कौशल, पर्यावरण प्रबंधन और सामुदायिक विकास के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम कर्मचारियों और समुदायों के विकास को महत्व देते हैं। राष्ट्र निर्माण और दुनिया को सभी के लिए एक सस्टेनेबल भविष्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित वेदांता रिसोर्स, लंदन की मुख्य कार्यकारी अधिकारी देशनी नायडू ने कहा कि गणतंत्र दिवस समारोह में शामिल होना मेरे लिए गर्व की बात है। बालको औद्योगिक क्षेत्र के विकास के साथ ही सामुदायिक विकास को महत्व देता है। उन्होंने कहा कि बालको औद्योगिक क्षेत्र में एक लीडर की भूमिका में है जो विविधता एवं समावेशी कार्यस्थल को बढ़ावा देने की दिशा निरंतर आगे बढ़ रहा है।
पांच विद्यार्थियों को मिला नगर गौरव पुरस्कार-
समारोह में बालकोनगर क्षेत्र में संचालित सेंट्रल बोर्ड और छत्तीसगढ़ बोर्ड के विद्यार्थियों को उत्कृष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन के लिए पुरस्कार दिए गए। कक्षा 10वीं में टॉप करने वाले 3 विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक तथा 10 हजार रुपए नगद तथा कक्षा 12वीं के 2 टॉपर विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक तथा लैपटॉप प्रदान कर उनके परिवारजनों की उपस्थिति में सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के अंत में परेड प्रस्तुतियों और झांकियों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली टीमों को पुरस्कृत किया गया।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में बालको अधिकारी, कर्मचारी एवं उनके परिवारजन, व्यवसाय के साझेदार, विभिन्न श्रमिक संघों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में बालकोनगरवासी कार्यक्रम में मौजूद थे। बालको के मुख्य मानव संसाधन अधिकारी श्रीमती प्रज्ञा पाण्डे ने गंणतंत्र दिवस के सफल आयोजन के लिए सभी के प्रति आभार जताया।
गणतंत्र दिवस उत्सव के उपरांत बालको के सीईओ एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों सहित बालको अस्पताल गए। जहां सभी ने समुदाय के प्रति कंपनी की प्रतिबद्धता स्वास्थ्य और कल्याण के महत्व पर जोर देते हुए मरीजों के बीच फल वितरित किए।
बालकोनगर, 5 सितंबर 2026। वेदांता एल्यूमिनियम मेटल लिमिटेड की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने कर्मचारी कल्याण और टाउनशिप विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए ‘वरदान’ अपार्टमेंट का शुभारंभ किया। इस अवसर पर बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं पूर्णकालिक निदेशक राजेश कुमार सिंह और वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में युवा कर्मचारियों को उनके नए आवास की चाबियां सौंपी गईं।
‘वरदान’ अपार्टमेंट को बालको के युवा कर्मचारियों की आवासीय जरूरतों को ध्यान में रखते हुए बनाया गया है। ‘वरदान’ नाम शुभता और समृद्धि का प्रतीक है। इसी भावना के साथ इस आवासीय परिसर को आधुनिक जीवनशैली और बेहतर सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है। जी+9 संरचना वाले ‘वरदान’ अपार्टमेंट में कुल 172 सुसज्जित आवास हैं। प्रत्येक आवास को वन बीएचके स्टूडियो अपार्टमेंट की अवधारणा पर तैयार किया गया है, जो खास तौर पर युवा कर्मचारियों की जरूरतों को ध्यान में रखता है।
इस अवसर पर राजेश कुमार सिंह ने कहा, “बालको की प्रगति में हमारे कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका है। उनका कल्याण हमारी विकास यात्रा का एक अहम हिस्सा है। हमारा प्रयास है कि ऐसा वातावरण बनाया जाए, जहाँ कर्मचारी कार्यस्थल के साथ-साथ अपने घर और समुदाय में भी बेहतर जीवन जी सकें। ‘वरदान’ अपार्टमेंट इसी दिशा में एक कदम है। यह हमारे युवा कर्मचारियों को सुविधाजनक और बेहतर आवास उपलब्ध कराएगा, जिससे उनकी रोजमर्रा की जरूरतें आसानी से पूरी हो सकेंगी। हमें विश्वास है कि यह बालकोनगर में बेहतर जीवनशैली और सुखद आवासीय वातावरण बनाने के हमारे प्रयासों को और मजबूती देगा।”
प्रत्येक आवास में मॉड्यूलर किचन, टेलीविजन, फर्निश्ड अलमारी, सोफा-कम-बेड तथा फ्रिज और वॉशिंग मशीन जैसी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। इन सुविधाओं से कर्मचारियों को अपने नए घर में आराम और सुविधा के साथ रहने में मदद मिलेगी। परिसर में तीन लिफ्ट, आधुनिक कचरा संग्रहण एवं पृथक्करण की व्यवस्था, सुरक्षित वातावरण और लगभग 35,000 वर्गफुट का हरित एवं मनोरंजन क्षेत्र विकसित किया गया है। इसके अलावा कैफेटेरिया-कम-डाइनिंग स्पेस और बैंक्वेट हॉल जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। ये सुविधाएं कर्मचारियों को साथ एक साथ विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए बेहतर स्थान उपलब्ध कराएंगी।
‘वरदान’ अपार्टमेंट में पर्यावरण संरक्षण का भी ध्यान रखा गया है। परिसर में 50 किलोवाट सौर ऊर्जा उत्पादन की व्यवस्था की गई है। यह बालको और वेदांता समूह के स्थायित्व लक्ष्यों की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। जल संरक्षण के लिए 80 किलोलीटर प्रतिदिन (80 हजार लीटर) क्षमता वाला सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट और तीन वर्षा जल संचयन संरचनाएं बनाई गई हैं। इन व्यवस्थाओं से पानी के बेहतर उपयोग और संरक्षण में मदद मिलेगी।
‘वरदान’ अपार्टमेंट केवल रहने की जगह नहीं है, बल्कि यह बालको की कर्मचारी-केंद्रित सोच का हिस्सा है। इसका उद्देश्य कर्मचारियों को काम के साथ-साथ बेहतर जीवन के लिए भी सुविधाजनक और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना है। आधुनिक सुविधाओं से तैयार यह परिसर कर्मचारियों को बेहतर जीवन, आपसी जुड़ाव और नई शुरुआत का अवसर प्रदान करता है। यह पहल बालको की कर्मचारी कल्याण और टाउनशिप में जीवन की गुणवत्ता को बेहतर बनाने की निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
कोरबा/पाली। इंडियन पब्लिक स्कूल में भारत के महान शिक्षाविद् एवं पूर्व राष्ट्रपति डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती के अवसर पर शिक्षक दिवस समारोह हर्षोल्लास एवं उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों और शिक्षकों ने पूरे उत्साह के साथ सहभागिता करते हुए दिन को यादगार बना दिया।
शिक्षक दिवस पर विद्यालय में ‘एक दिन शिक्षक के नाम’ की अनूठी गतिविधि आयोजित की गई, जिसमें विद्यार्थियों ने एक दिन के लिए शिक्षक की भूमिका निभाई। विद्यार्थियों ने कक्षा में पहुंचकर अपने सहपाठियों को पढ़ाया तथा शिक्षक की जिम्मेदारियों और अनुशासन को समझने का अनुभव प्राप्त किया। इस गतिविधि से विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता एवं जिम्मेदारी की भावना विकसित हुई।
समारोह का सबसे आकर्षक एवं मनोरंजक हिस्सा शिक्षकों के लिए आयोजित खेल प्रतियोगिताएं रहीं। इस दौरान सभी शिक्षक एक दिन के लिए विद्यार्थी बनकर विभिन्न खेल गतिविधियों में शामिल हुए। शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक प्रतियोगिताओं में हिस्सा लिया और अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन किया। खेल मैदान में शिक्षकों की हंसी-मजाक और उत्साह ने पूरे वातावरण को खुशनुमा बना दिया। विद्यार्थियों ने भी अपने शिक्षकों का उत्साहवर्धन किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डायरेक्टर राकेश मिश्रा ने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। शिक्षक विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान ही नहीं देते, बल्कि उन्हें संस्कार, अनुशासन और जीवन मूल्यों की सीख भी देते हैं। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों द्वारा शिक्षक की भूमिका निभाना और शिक्षकों द्वारा विद्यार्थी बनकर खेलों में भाग लेना एक सराहनीय पहल है।
एडमिनिस्ट्रेटर कुणाल महापात्र ने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ खेल, मनोरंजन और रचनात्मक गतिविधियां भी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि आज का आयोजन शिक्षक-विद्यार्थी के बीच आत्मीय संबंध को और मजबूत करने वाला रहा।
प्रिंसिपल संतोष देवनाथ ने कहा कि शिक्षक का जीवन निरंतर सीखने और सिखाने की प्रक्रिया है। उन्होंने विद्यार्थियों को अपने शिक्षकों का सम्मान करने तथा उनके बताए मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि आज शिक्षकों ने विद्यार्थी बनकर खेलों में भाग लिया, जिससे विद्यालय परिवार में उत्साह और सकारात्मक ऊर्जा का संचार हुआ।
इस अवसर पर विद्यार्थियों ने शिक्षकों के सम्मान में शुभकामना संदेश, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां एवं मनोरंजक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए। शिक्षकों के लिए विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया तथा विजेता शिक्षकों को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय परिवार ने सभी शिक्षकों को शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं दीं। पूरा आयोजन सम्मान, मनोरंजन, आत्मीयता और उत्साह से भरा रहा तथा शिक्षक एवं विद्यार्थी दोनों के लिए यह दिन अविस्मरणीय बन गया।
शिक्षक के लिए विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास सर्वोपरि – सतीश प्रकाश सिंह
कोरबा । जिले के पोड़ी उपरोड़ा ब्लॉक के दूरस्थ वनाँचल स्थित शासकीय हायर सेकेण्डरी स्कूल सिमगा में 5 सितम्बर 2026 को देश के पूर्व राष्ट्रपति भारत रत्न डॉ. सर्वपल्ली राधा कृष्णन जी की जयंती शिक्षक दिवस के रूप में गरिमामयी स्वरूप में मनाया गई। कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन एवं पुष्पांजलि के साथ हुआ। तत्पश्चात प्राचार्य सतीश प्रकाश सिंह के द्वारा महान शिक्षाविद एवं भारत के पूर्व राष्ट्रपति भारत रत्न डॉ. सर्वपल्ली राधा कृष्णन जी के चित्र पर माल्यार्पण कर उनके देश के प्रति योगदान के बारें में बताया गया।
कार्यक्रम में प्राचार्य सतीश प्रकाश सिंह ने वर्तमान परिवेश में दुनियां के मौजूदा दौर में व्याप्त इंटरनेट, गूगल, ए आई, चैट जीपीटी की दुनियां में शिक्षक का महत्व बताते हुए एक शिक्षक को ही विद्यार्थियों के जीवन के सर्वांगीण विकास और समुचित कल्याण के लिए अग्रणी बताया। उन्होंने शिक्षक के द्वारा विद्यार्थियों को प्रतिदिन कक्षा कक्ष में दिए जाने वाले ज्ञान को शिक्षा प्रणाली के लिए आवश्यक बताया। प्राचार्य सतीश प्रकाश सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि शिक्षक केवल पाठ्यक्रम नहीं पढ़ाते, बल्कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व, संस्कार और भविष्य का निर्माण करते हैं। एक योग्य शिक्षक ही विद्यार्थियों के जीवन की उन्नति कर राष्ट्र के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता हैं। इस अवसर पर विद्यार्थियों ने प्राचार्य सतीश प्रकाश सिंह सहित सभी व्याख्याता, शिक्षक- शिक्षिकाओं को श्रीफल, पेन और उपहार भेंट कर आशीर्वाद लिया।
इस अवसर पर विद्यार्थियों एवं शिक्षक- शिक्षिकाओं के मध्य विविध कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। कार्यक्रम में व्याख्याता-शिक्षकगण-दिव्या कुजूर, मेलन कँवर,पुष्पा कुमारी, दीपक कुमारी, सोनम बालन, अनुराधा राठौर, उमाकांत टोंडे, रुपसाय बिंझवार, कमलेश्वर सिंह,छात्र- छात्राएं सोनल कुमारी, सतीश कुमार, सोनिया, नंदिनी कुमारी, साहिल कुमार, लक्ष्मी कुमारी, उमेश्वरी, मुकेश कुमार सहित पालकगण, ग्रामवासी उपस्थित थे।