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कोरबा

बालको की ‘कनेक्ट कोचिंग प्रोग्राम’ मेधावी युवाओं के सपने को कर रहा साकार

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बालकोनगर। वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) के सामुदायिक विकास का उद्देश्य केवल शिक्षा सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर युवाओं को सशक्त बनाकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना भी है। इसी सोच के साथ बालको सामुदायिक विकास द्वारा समर्थित भोरमदेव विद्यापीठ के माध्यम से कबीरधाम जिले के दूरस्थ और संसाधन-विहीन क्षेत्रों के युवाओं को निःशुल्क कोचिंग, मार्गदर्शन एवं अध्ययन सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं, ताकि वे अपने सपनों को साकार कर सकें।

इस पहल के अंतर्गत चयनित सभी 20 अभ्यर्थियों को अनुभवी शिक्षकों का निरंतर मार्गदर्शन मिल है। लाभान्वित अभ्यर्थी विभिन्न गांव और साधारण परिवार से आते हैं। किसी के माता-पिता खेती और मजदूरी पर निर्भर हैं, तो किसी के पास पढ़ाई के लिए सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं थीं। कई विद्यार्थियों ने प्रतिदिन 10 से 15 किलोमीटर तक की दूरी तय कर बालको संचालित कोचिंग सेंटर में भाग लिया और कठिन परिस्थितियों के बावजूद अपनी तैयारे जारी रखी। संस्थान द्वारा उपलब्ध कराए गए सहयोगपूर्ण और प्रेरणादायक वातावरण ने उनके आत्मविश्वास को मजबूत किया और उन्हें अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ने की नई दिशा दी। आर्थिक सीमाएं, दूर-दराज से रोज़ाना यात्रा और संसाधनों की कमी उनके लिए बड़ी चुनौती थीं, लेकिन आगे बढ़ने का जज़्बा सभी में समान था।

किसान परिवार से आने वाली अनुपा के लिए सीमित संसाधनों के कारण प्रतियोगी परीक्षाएं कभी एक दूर का सपना हुआ करती थीं। यह सपना तब साकार होने लगा, जब उन्हें बालको कनेक्ट कोचिंग पहल द्वारा संचालित भोरमदेव विद्यापीठ कोचिंग कार्यक्रम से जुड़ने का अवसर मिला। कवर्धा जिले के छोटे से गांव मंझोली से निकलकर अनुपा ने अपने समाज की पहली बेटी बनकर सरकारी परीक्षा में सफलता हासिल की है। उन्होंने एसएससी-जीडी परीक्षा के माध्यम से सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) में चयन पाकर एक नई मिसाल कायम की है।

अनुपा कहती हैं कि ग्रामीण पृष्ठभूमि से सरकारी परीक्षा की तैयारी करना आसान नहीं होता, खासकर तब जब संसाधन और सही मार्गदर्शन उपलब्ध न हों। बालको के कनेक्ट कोचिंग पहल द्वारा समर्थित भोरमदेव विद्यापीठ कार्यक्रम ने मुझे एक व्यवस्थित वातावरण, निरंतर मेंटरशिप और अपने लक्ष्य पर केंद्रित रहने का आत्मविश्वास दिया। मैं बालको की बेहद आभारी हूं कि उन्होंने यह केंद्र शुरू किया और मुझ जैसी छात्राओं पर भरोसा किया। इस अवसर ने मेरी ज़िंदगी बदल दी है और मुझे उम्मीद है कि मेरे जैसे गांवों की और भी बेटियां बड़े सपने देखने का साहस करेंगी।

चयनित युवाओं ने अपनी सफलता का श्रेय बालको सामुदायिक विकास तथा भोरमदेव विद्यापीठ के शिक्षकों और प्रबंधन को देते हुए आभार व्यक्त किया है। साथ ही उन्होंने नौकरी के साथ-साथ भविष्य में उच्च स्तरीय प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी जारी रखने का संकल्प भी लिया है।

इन सभी की यह सफलता इस बात का प्रमाण है कि जब बालको की सामुदायिक विकास पहल समुदाय की वास्तविक आकांक्षाओं को समझकर काम करती हैं, तो वे केवल सफलता का रास्ता नहीं खोलतीं, बल्कि ग्रामीण भारत की बेटियों के लिए नई संभावनाओं की परिभाषा ही बदल देती हैं। सही मार्गदर्शन, संसाधन और विश्वास मिल जाए, तो ग्रामीण पृष्ठभूमि से आने वाले युवा भी अपने सपनों को साकार कर सकते हैं। बालको सामुदायिक विकास भविष्य में भी ऐसे प्रतिभाशाली युवाओं को अवसर प्रदान कर समाज में सकारात्मक बदलाव लाने और एक सशक्त एवं आत्मनिर्भर भारत के निर्माण की दिशा में निरंतर कार्य करता रहेगा।

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कोरबा

कोरबा में घर के छज्जे पर लटका मिला कोबरा:रेस्क्यू के लिए तोड़ना पड़ा छज्जा, 1 घंटे की मशक्कत के बाद पकड़ा गया

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कोरबा। कोरबा जिले के बरमपुर गांव में गुरुवार देर रात एक घर में कोबरा घुस गया। करीब 5 फीट लंबा कोबरा कच्चे मकान के छज्जे पर लटका फुंकार रहा था। सांप को देखकर घर में मौजूद महिलाएं और बच्चे डर गए और बाहर भाग गए। सूचना मिलने पर स्नेक कैचर की टीम ने करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद कोबरा का सुरक्षित रेस्क्यू किया।

घटना रात करीब 11 बजे की है। प्रकाश यादव का परिवार सोने की तैयारी कर रहा था, तभी कमरे के छज्जे से सरसराहट की आवाज सुनाई दी। टॉर्च की रोशनी में देखने पर करीब 5 फीट लंबा कोबरा छज्जे से लटका दिखाई दिया और फुंकार मार रहा था।

मकान कच्चा और खपरैल का होने के कारण कोबरा आसानी से अंदर घुस आया। सूचना मिलने पर स्नेक कैचर मानस यादव और उमेश यादव की टीम मौके पर पहुंची। जांच में पता चला कि कोबरा छज्जे की दरार में छिपा हुआ था, जिससे रेस्क्यू करना चुनौतीपूर्ण हो गया।

17 फीट ऊंचाई पर चढ़कर किया रेस्क्यू

रेस्क्यू टीम को करीब 17 फीट की ऊंचाई पर चढ़कर जोखिम उठाना पड़ा। सांप तक पहुंचने के लिए घर के एक हिस्से को हल्का तोड़ना भी पड़ा। करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने कोबरा को सुरक्षित पकड़ लिया।

जंगल में छोड़ा गया कोबरा

रेस्क्यू के बाद वन विभाग को सूचना दी गई। इसके बाद कोबरा को उसके प्राकृतिक आवास में सुरक्षित छोड़ दिया गया।

बरसात में बढ़ जाती हैं ऐसी घटनाएं

स्नेक कैचर उमेश यादव ने बताया कि बरसात के मौसम में सांप सूखी और सुरक्षित जगह की तलाश में घरों की छत, स्टोर रूम, अनाज रखने की जगह और छज्जों में पहुंच जाते हैं।

लोगों से की अपील

स्नेक कैचर ने लोगों से अपील की कि घर में सांप दिखने पर घबराएं नहीं। उसे मारने या खुद पकड़ने की कोशिश न करें। तुरंत प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम या वन विभाग को सूचना दें।

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कोरबा

पिता से पूछा-मां मुझसे नाराज क्यों है, फिर फूट-फूटकर रोया:सुबह किराए के कमरे में फंदे पर लटका मिला बेटा, सेलून में करता था काम

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कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा में किराए के मकान में रहने वाले एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। आत्महत्या से पहले उसने अपने पिता को फोन कर पूछा, “मां मुझसे नाराज क्यों है?” इसके बाद वह फूट-फूटकर रोने लगा। कुछ देर बाद उसने कॉल काट दी।

शुक्रवार सुबह जब उसके माता-पिता किराए के कमरे पर पहुंचे, तो युवक फांसी के फंदे पर लटका मिला। फिलहाल आत्महत्या की वजह सामने नहीं आई है। पुलिस मामले की हर एंगल से जांच कर रही है। यह मामला सीएसईबी पुलिस चौकी क्षेत्र का है।

पंखे से लटकर युवक से आत्महत्या कर ली।

पंखे से लटकर युवक से आत्महत्या कर ली।

सेलून में करता था काम

जानकारी के मुताबिक युवक का नाम रोहन उर्फ अमन श्रीवास (24) है, जो ट्रेंड्ज़ स्टूडियो सैलून में काम करता था। रोहन टीपी नगर में किराए के मकान में रहता था। मूल रूप से वह बरपाली का रहने वाला था। वह अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। उसकी एक बहन भी है।

देर रात पिता को किया था फोन

रिश्तेदारों ने बताया कि गुरुवार रात करीब 9 बजे रोहन की पिता से सामान्य बातचीत हुई थी। इसके बाद रात करीब 2:30 बजे उसने फिर कॉल किया। कॉल पर वह रो रहा था और बार-बार पूछ रहा था, “मां मुझसे नाराज क्यों है?” इसके बाद उसने फोन काट दिया।

सुबह कमरे में फंदे पर लटका मिला

शुक्रवार सुबह जब रिश्तेदारों ने कई बार फोन किया तो कॉल रिसीव नहीं हुई। अनहोनी की आशंका पर माता-पिता तुरंत उसके कमरे पहुंचे। दरवाजा खोलने पर रोहन का शव फांसी के फंदे पर लटका मिला। इसके बाद फौरन पुलिस को सूचना दी गई।

पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया शव

सूचना मिलते ही सीएसईबी चौकी पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा किया और पोस्टमॉर्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। घटना के बाद पूरे परिवार में मातम पसरा हुआ है।

माता-पिता और रिश्तेदारों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है।

जांच के बाद सामने आएगी वजह

सीएसईबी चौकी प्रभारी राजेश तिवारी ने बताया कि आत्महत्या की वजह अभी स्पष्ट नहीं है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही मौत का सही कारण पता चल सकेगा। पुलिस रिश्तेदारों और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है।

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कोरबा

कोरबा के सिंचाई कॉलोनी में लाखों की चोरी:सूने मकान का ताला तोड़कर सोना, चांदी, नकदी ले उड़े चोर, पुलिस जांच में जुटी

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कोरबा। कोरबा सिविल लाइन थाना क्षेत्र के रामपुर स्थित सिंचाई कॉलोनी में चोरों ने सूने मकान का ताला तोड़कर लाखों रुपये की चोरी की वारदात को अंजाम दिया। चोर घर से सोना-चांदी के गहने, नगदी और अन्य कीमती सामान लेकर फरार हो गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

पीड़ित भारत लाल साहू, जो सिंचाई विभाग में कर्मचारी हैं, सिंचाई कॉलोनी के क्वार्टर नंबर एचपीटी A2/25 में रहते हैं। वह किसी काम से घर से बाहर गए थे और मकान में ताला लगा था। इसी दौरान चोरों ने मुख्य गेट का ताला तोड़कर घर में प्रवेश किया।

पुलिस सीसीटीवी और फिंगरप्रिंट के आधार पर कर रही जांच

पुलिस सीसीटीवी और फिंगरप्रिंट के आधार पर कर रही जांच

अलमारी तोड़कर ले गए गहने और नकदी

शुक्रवार (24 जुलाई ) सुबह घटना की जानकारी मिलने पर भारत लाल साहू घर पहुंचे तो मुख्य गेट का ताला टूटा मिला। घर के अंदर अलमारी भी तोड़ी गई थी और सामान बिखरा पड़ा था। चोर अलमारी में रखे सोने-चांदी के गहने, करीब 30 से 35 हजार रुपये नकद और अन्य कीमती सामान चोरी कर ले गए। पीड़ित के अनुसार कुल नुकसान करीब 2 से 2.5 लाख रुपये का हुआ है।

सोना-चांदी और नकदी लेकर फरार हुए चोर

सोना-चांदी और नकदी लेकर फरार हुए चोर

पुलिस ने शुरू की जांच

सूचना मिलते ही सिविल लाइन थाना प्रभारी आस्था शर्मा पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचीं। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है। फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट की मदद से भी साक्ष्य जुटाए गए हैं।

बढ़ती चोरी की घटनाओं से लोग चिंतित

स्थानीय लोगों का कहना है कि कोरबा जिले में हाल के दिनों में चोरी और लूट की घटनाएं बढ़ी हैं। सूने मकानों को लगातार निशाना बनाया जा रहा है। पीड़ित ने पुलिस से जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी और चोरी गया सामान बरामद करने की मांग की है। पुलिस अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच में जुटी है।

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