स्कूल और आंगनबाड़ी में गैस से खाना पकाने और गैस की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के निर्देश युक्ति युक्तकरण अंतर्गत जॉइनिंग नहीं करने वाले शिक्षकों पर कार्यवाही के दिए निर्देश डीएमएफ अंतर्गत स्वीकृत कार्यों को आगामी दस दिवस में प्रारंभ करने के कलेक्टर ने दिये निर्देश पीएम आवास चौपाल लगाकर हितग्राहियों को प्रोत्साहित करने के निर्देश समय सीमा की बैठक में हुई विभागीय कामकाज की समीक्षा
कोरबा। कलेक्टर अजीत वसंत ने आज समय सीमा की बैठक लेकर विभागीय कामकाज की समीक्षा की। उन्होंने टीएल के लंबित प्रकरणों को समय सीमा के भीतर निराकृत करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री वसंत ने कहा कि किसानों को खाद और यूरिया के लिए किसी तरह की समस्या न आएं इसके लिए विभागीय अधिकारी फील्ड पर विजिट करने के साथ ही किसानों से चर्चा करें। उन्होंने सभी एसडीएम को निर्देशित भी किया कि खाद-यूरिया के कालाबजारी या अन्य शिकायत आने पर संबंधित के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही की जाए। उन्होंने युक्ति युक्तकरण अंतर्गत निर्धारित विद्यालयों में अभी तक जॉइन नहीं करने वाले शिक्षकों के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही के निर्देश जिला शिक्षा अधिकारी को दिए।
कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय सीमा की बैठक में कलेक्टर श्री वसंत ने लंबित प्रकरणों की समीक्षा की। उन्होंने बाल संप्रेक्षण गृह के कार्य को 30 सितंबर तक पूर्ण करने, आंगनबाड़ी निर्माण हेतु दूसरी किश्त की राशि जारी करते हुए कार्य में प्रगति लाने, बन्द हो चुकी योजनाओं की राशि को शासन के संचित निधि में जमा कराने, आयुष्मान-व्यवन्दन के अंतर्गत शेष बचे हितग्राहियों के कार्ड बनाने, आत्मानंद विद्यालय अंतर्गत शिक्षको की भर्ती बिना किसी त्रुटि के पारदर्शिता से करने के संबंध में निर्देश दिए। कलेक्टर श्री वसंत ने डीइओ, डीपीओ और खाद्य विभाग के अधिकारी को निर्देशित किया किया जिले के सभी आंगनबाड़ी और स्कूलों में गैस सिलेंडर की उपलब्धता समय पर होने के साथ ही भोजन भी गैस से ही पकाया जाना सुनिश्चित करें। उन्होंने स्कूलों, आंगनबाड़ी सहित स्वास्थ्य केंद्रों में डीएमएफ-सीएसआर से क्रय सभी सामग्रियों का रिकॉर्ड रखने और जिन कार्यों के लिए सामग्री उपलब्ध कराई गई है उसके लिए उपयोग में लाने के निर्देश भी दिए। कलेक्टर ने सभी विभागीय अधिकारियों को ई आफिस के माध्यम से फ़ाइल प्रस्तुत करने और विभागीय अधिकारियों को शासन के नियमों के अनुसार किसी कार्य को करने के निर्देश दिये। उन्होंने किसी अधिकारी का अन्यत्र स्थानान्तरण होने पर अनुसूचित जिला को ध्यान रखते हुए तथा कार्य को देखते हुए बिना एवजीदार के रिलीव नहीं करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री वसंत ने शासन के निर्देशानुसार पुरानी सामग्रियों को विनष्टीकरण के निर्देश दिए। इस दौरान निगम आयुक्त आशुतोष पांडेय, जिला पंचायत सीईओ दिनेश नाग, अपर कलेक्टर देवेंद्र पटेल, एसडीएम कटघोरा तन्मय खन्ना, जनपद सीईओ कोरबा क्षितिज गुरभेले सहित सभी अधिकारी उपस्थित थे।
प्रस्तावित रेल लाइन को ध्यान रखकर योजना बनाएं कलेक्टर श्री वसंत ने रेलवे के अधिकारियों के साथ हुई बैठक के पश्चात नेशनल हाइवे, वन विभाग, विद्युत विभाग सहित अन्य विभागों को निर्देशित किया कि रेलवे द्वारा कोरबा से अम्बिकापुर के लिए सर्वे कर अलायमेंट तैयार किया जा रहा है। इसलिए भविष्य में योजना तैयार करने के दौरान नई रेल लाइन के वस्तुस्थिति को ध्यान रखा जाए।
सचिव का इंक्रीमेंट रोकने और समय पर कार्य पूर्ण नहीं करा पाने वालों पर कार्यवाही के दिये निर्देश
कलेक्टर अजीत वसंत ने सीईओ दिनेश कुमार नाग की उपस्थिति में सभी जनपद सीईओ के कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने जनपद सीईओ को निर्देशित किया कि डीएमएफ अंतर्गत स्वीकृत कार्यों को आगामी दस दिवस के भीतर प्रारंभ किया जाए। उन्होंने कहा कि पूर्व में भी जनहित के अनेक कार्य स्वीकृत है लेकिन कार्य अपूर्ण है। कलेक्टर ने ग्राम मातिन में वर्ष 2021 में स्वीकृत सामुदायिक भवन के निर्माण कार्य अपूर्ण होने पर सचिव का इंक्रीमेंट रोकने और अन्य सभी जनपदों में वर्षों पुराने लंबित कार्यों की सूची तैयार कर सभी को नोटिस जारी करने, इंक्रीमेंट रोकने, सेवा पुस्तिका में दर्ज करने के निर्देश भी दिए।
आवास चौपाल लगाकर ग्रामीणों को प्रोत्साहित करने और सीईओ जनपद सीईओ को शामिल होने के निर्देश
कलेक्टर श्री वसंत ने जनपद सीईओ के कार्यों की समीक्षा करते हुए प्रधानमंत्री आवास योजना के प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने लंबित कार्यों को शीघ्रता से पूर्ण कराने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने आवास चौपाल लगाकर ग्रामीणों को प्रोत्साहित करने और जनपद सीईओ को सप्ताह में पांच दिवस फील्ड में जाकर निरीक्षण करने, आवास चौपाल में सीईओ और जनपद सीईओ को शामिल होने के निर्देश दिए। उन्होंने पीएम आवास का निर्माण गुणवत्तापूर्ण कराने, किसी तरह की शिकायत नहीं आने और द्वितीय अलॉटमेंट वाले हितग्राहियों के आवास का निर्माण लक्ष्य निर्धारित कर समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिये। कलेक्टर ने पीएम आवास के नाम पर किसी के द्वारा राशि की मांग किए जाने पर कड़ी कार्यवाही के निर्देश देते हुए आम नागरिकों से भी अपील की है कि पीएम आवास के लिए शासन द्वारा निर्धारित नियमों के अनुसार हितग्राहियों के खाते में राशि प्रदान की जाती है। इसलिए किसी के बहकावे में न आए और राशि की माँग कर आवास स्वीकृति का झांसा देने वाले के विरुद्ध शिकायत अवश्य करें। खनन प्रभावित ग्राम बुड़बुड़ और करतली में विकास कार्यों के लिए राशि स्वीकृत कलेक्टर अजीत वसंत ने पाली विकासखण्ड के अंतर्गत खनन प्रभावित क्षेत्र ग्राम बुड़बुड़ और करतली में विकास कार्यों के लिए डीएमएफ से राशि की स्वीकृति प्रदान की है। उन्होंने ग्राम बुड़बुड़ में सामुदायिक भवन, प्राथमिक शाला और माध्यमिक शाला भवन,आंगनबाड़ी भवन तथा ग्राम करतली में पुलिया और रिटर्निंग वॉल की स्वीकृति प्रदान की है।
कोरबा। जिला जल एवं स्वच्छता समिति की बैठक में कलेक्टर ने लोक स्वास्थय यांत्रिकी विभाग को निर्देशित किया कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत पूर्ण हो चुके कार्यों को संबंधित ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित किया जाए तथा जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) उनका क्रॉस वेरिफिकेशन करें। उन्होंने निर्देश दिए कि मार्च 2028 तक सभी लंबित कार्य पूर्ण कर लिए जाएं। कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि जिन योजनाओं में नल से नियमित रूप से पानी की आपूर्ति सुनिश्चित होगी, उन्हीं कार्यों का भुगतान किया जाएगा। उन्होंने ग्राम स्तर पर जल एवं स्वच्छता समितियों की नियमित बैठक आयोजित करने के भी निर्देश दिए। पाली के वनांचल क्षेत्र में योजना की दुर्गति कोरबा जिले के पाली ब्लाक के सुदूर वनांचल क्षेत्रों में जल जीवन मिशन के कार्यों की दुर्गति है। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी खण्ड कोरबा के कार्यपालन अभियंता रमन उरांव को जानकारी देने के बाद भी साल भर से निरीक्षण करने का समय तक नहीं मिला। क्षेत्र में काम करने वाले ठेकेदारों ने केन्द्र की इस महत्वाकांक्षी योजना का बंटाधार कर दिया है और यदि सही जांच कराई जाए तो करोड़ों का भ्रष्टाचार निकलेगा। जल जीवन मिशन में कार्य करने वाले ठेकेदार करोड़पति बन गए और इनके तथा अधिकारियों की मिलीभगत से जहां योजना का लाभ अधिकांश एवं गांवों को नहीं मिल पा रहा है, वहीं गुणवत्ताहीन निर्माण कार्यों से योजना प्रारंभ होने से पहले ही दम तोड़ रही है और ठेकेदार भी कार्यवाही के अभाव में मदमस्त हैं।
मानदेय शिक्षकों की भर्ती में गड़बड़ी की शिकायत पर प्रधानपाठकों की वेतनवृद्धि रोकने के निर्देश कोरबा। समय सीमा की बैठक में मंगलवार को कलेक्टर कुणाल दुदावत के तेवर सख्त दिखे। उन्होंने शिक्षा विभाग की समीक्षा में विभाग की लापरवाही देखी। शिक्षा विभाग के अंतर्गत स्कूलों में पाठ्यपुस्तकों के वितरण एवं स्कूलवार स्कैनिंग कार्य की समीक्षा की। मानदेय शिक्षकों की भर्ती में गड़बड़ी संबंधी प्राप्त शिकायतों के निराकरण में प्रगति नहीं होने पर कलेक्टर ने संबंधित प्रधानपाठकों की वेतनवृद्धि रोकने तथा जिला शिक्षा अधिकारी को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने विकासखंड कोरबा एवं पोड़ी-उपरोड़ा में स्कैनिंग की धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए 31 जुलाई तक सभी विकासखंडों में शत-प्रतिशत स्कैनिंग पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने वेंडर से समन्वय कर सरस्वती साइकिल योजना के अंतर्गत बालिकाओं को शीघ्र साइकिल वितरण सुनिश्चित करने तथा स्कूली विद्यार्थियों को गणवेश का दूसरा सेट उपलब्ध कराने के लिए उच्च अधिकारियों से समन्वय करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने पीएम पोषण गार्डन के लिए विद्यालयों की जानकारी 31 जुलाई तक उपलब्ध कराने, अहाताविहीन विद्यालयों की सूची तैयार करने तथा संबंधित जनपद पंचायतों के सीईओ को सरपंच एवं सचिव के माध्यम से उसका सत्यापन कराने के निर्देश दिए। उन्होंने अपार आईडी से वंचित विद्यार्थियों के लिए 1 अगस्त से 31 अगस्त तक विशेष शिविर आयोजित कर अपार आईडी बनाने तथा आधार एवं यू-डाइस से संबंधित त्रुटियों का निराकरण करने के निर्देश दिए। छात्र सुरक्षा बीमा की राशि समय पर उपलब्ध नहीं कराए जाने की शिकायत के मामले में कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के संबंधित शाखा प्रभारी के विरुद्ध कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए।
कोरबा। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी कुणाल दुदावत ने विकासखंड कटघोरा अंतर्गत संचालित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय, छुरीकला में विद्यार्थियों द्वारा विद्यालय की व्यवस्थाओं एवं सुविधाओं से संबंधित प्राप्त गंभीर शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए चार सदस्यीय जांच समिति गठित की है। समिति को प्रकरण की निष्पक्ष एवं तथयपरक जांच कर एक सप्ताह के भीतर अपना प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्राचार्य को हटाने बच्चों ने विधायक पटेल और जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन के काफिले का कर दिया था घेराव
गठित जांच समिति में सहायक आयुक्त आदिवासी विकास कोरबा, तहसीलदार कटघोरा, सहायक लेखा अधिकारी तथा कनिष्ठ लेखा अधिकारी (कार्यालय सहायक आयुक्त आदिवासी विकास, कोरबा) को सदस्य बनाया गया है। समिति विद्यालय में उपलब्ध व्यवस्थाओं, विद्यार्थियों को प्रदत्त सुविधाओं तथा शिकायतों से जुड़े सभी बिंदुओं की विस्तृत जांच करेगी। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने स्पष्ट किया है कि विद्यार्थियों के हितों एवं गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। शिकायतों की निष्पक्ष जांच के आधार पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
सहायक आयुक्त की कार्यशैली पर भी सवाल!
एकलव्य आवासीय विद्यालय में बच्चों ने कुछ दिन पूर्व पुलिस में शिकायत की थी, लेकिन सहायक आयुक्त को निरीक्षण करने का समय ही नहीं मिला। महीनों से बच्चों को दूषित भोजन दिया जा रहा, लेकिन सहायक आयुक्त को कुछ पता ही नहीं।