अयोध्या, एजेंसी। पूर्व एयर मार्शल जीतेंद्र मिश्रा अयोध्या राम मंदिर ट्रस्ट के पहले CEO होंगे। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने बुधवार को इसका ऐलान किया। मिश्रा ने ऑपरेशन सिंदूर में पश्चिमी वायु कमान को लीड किया और एयरफोर्स में 39 साल काम किया।
ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि को नया महासचिव बनाया गया है। बैठक में ट्रस्टी बनाए गए महेश भागचंदका को कोषाध्यक्ष का चार्ज दिया गया। नए CEO और कोषाध्यक्ष महासचिव गोविंद देव गिरि को ही रिपोर्ट करेंगे।
ट्रस्ट में दिल्ली के महेश भागचंदका समेत 3 नए सदस्य भी बनाए गए हैं। इनमें अयोध्या के एडवोकेट मदन मोहन पांडेय और RSS समर्थक शिकोहाबाद की निर्मला यादव शामिल हैं। निर्मला यादव ट्रस्ट की पहली महिला ट्रस्टी होंगी।
यह बदलाव मंदिर में चढ़ावे की चोरी के मामला सामने आने के 3 महीने के बाद हुआ। इस मामले में 8 आरोपी जेल में हैं। इसके बाद 2 जुलाई को ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने इस्तीफा दे दिया था। उनके इस्तीफे के बाद रिटायर्ड IFS कृष्ण मोहन को कार्यवाहक महासचिव बनाया गया था। वह 58 दिनों तक पद रहे।
जीतेंद्र मिश्रा ही क्यों बनाए गए सीईओ
ऑपरेशन सिंदूर में हीरो इमेज: जीतेंद्र मिश्रा ऑपरेशन सिंदूर में वेस्टर्न एयर कमांड के प्रमुख थे। उन्हें इस भूमिका के लिए सर्वोच्च युद्ध सेवा मेडल (SYSM) भी मिला।
यूपी से कनेक्शन: वे देवरिया, उत्तर प्रदेश से ताल्लुक रखते हैं। यानी राम मंदिर ट्रस्ट के CEO की नियुक्ति में उनका यूपी कनेक्शन भी है।
सैन्य अनुभव का इस्तेमाल: करीब 40 साल वायुसेना में रहे और कई महत्वपूर्ण कमांड संभाले। ऐसे में मंदिर के बढ़ते प्रशासन, सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और बड़े स्तर के ऑपरेशनल कामकाज के लिए उनका सैन्य प्रशासनिक अनुभव महत्वपूर्ण माना जा सकता है।
ब्राह्मण चेहरा– यूपी में करीब 13% आबादी ब्राह्मणों की है। जीतेंद्र मिश्रा इसी वर्ग से आते हैं। प्रदेश में सरकार बनाने में ब्राह्मण वोट निर्णायक भूमिका निभाते हैं।
मुंबई, एजेंसी। बॉम्बे हाईकोर्ट ने बुधवार को एक्टर सुशांत सिंह राजपूत की पूर्व मैनेजर दिशा सालियान की मौत की जांच CBI को सौंप दी। कोर्ट ने यह फैसला दिशा के पिता की याचिका पर सुनाया। इसमें उन्होंने पुलिस की जांच पर सवाल उठाए थे।
दिशा की मौत 8 जून 2020 को मुंबई के मलाड में एक इमारत की 14वीं मंजिल से गिरने से हुई थी। घटना के छह दिन बाद, 14 जून 2020 को सुशांत सिंह भी मुंबई के बांद्रा स्थित अपने अपार्टमेंट में मृत मिले थे।
दिशा केस की शुरुआती जांच करीब तीन महीने में बंद कर दी गई थी, लेकिन सोशल मीडिया पर अलग-अलग दावे सामने आने के बाद 2023 में इसे दोबारा खोला गया और SIT बनाई गई। तब से जांच जारी है।
हाईकोर्ट बोला- वरिष्ठ अधिकारी जांच करे
जस्टिस एसवी कोतवाल और आरआर भोसले की बेंच ने 28 अगस्त को दिशा मामले की जांच हत्या के एंगल से कराने की मांग वाली याचिका पर फैसला सुरक्षित रख लिया था।
हाईकोर्ट ने आज अपने फैसले में CBI के एक वरिष्ठ अधिकारी को मामले की जांच की जिम्मेदारी देने का निर्देश दिया है।
कोर्ट ने यह भी साफ किया कि सिर्फ FIR में नाम होने से कोई व्यक्ति आरोपी नहीं माना जाएगा। अगर जांच में कुछ नहीं मिलता है तो CBI को समरी रिपोर्ट दाखिल करनी होगी।
हाईकोर्ट ने CCTV फुटेज, गवाहों के बयान, पंचनामा और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट समेत जांच के कई पहलुओं पर सवाल उठाए। कोर्ट ने पूछा कि परिवार के संदेह जताने के बावजूद FIR क्यों दर्ज नहीं की गई। पुलिस ने पहले एक्सिडेंटल डेथ रिपोर्ट (ADR) दर्ज की थी और बाद में मौत को आत्महत्या बताया। कोर्ट ने यह भी सवाल किया कि ADR की जांच इतनी लंबी क्यों चली।
दिशा के पिता का बयान पढ़ने से पहले जानिए भास्कर नॉलेज
ADR क्या है: ADR दर्ज करने का मकसद मौत की वजह पता करना होता है। यह संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में दर्ज की जाती है, जैसे- दुर्घटना, आत्महत्या या अचानक मौत।
पुलिस CrPC की धारा 174 के तहत ADR दर्ज करती है। जांच में हत्या या कोई और अपराध सामने आए तो ADR के आधार पर FIR दर्ज की जा सकती है।
ADR में पुलिस घटनास्थल का पंचनामा, शव का पोस्टमॉर्टम और गवाहों के बयान दर्ज करती है। अपराध का सबूत न मिलने पर मामला बंद किया जा सकता है। जांच पर सवाल होने पर कोर्ट के आदेश से आगे की जांच या FIR हो सकती है।
FIR क्या होती है: FIR संज्ञेय अपराध की सूचना मिलने पर दर्ज होती है और पुलिस अपराध की जांच करती है। संज्ञेय अपराध वह होता है जिसमें पुलिस बिना कोर्ट की अनुमति के सीधे कार्रवाई और गिरफ्तारी कर सकती है
पोस्टमॉर्टम में चोटों की जांच के मायने क्या हैं?
चोटों का पूरा पैटर्न देखकर फॉरेंसिक विशेषज्ञ तय करते हैं कि मौत गिरने से हुई या हमले से।
गिरने पर: जमीन से टकराने वाले हिस्सों पर चोट और फ्रैक्चर ज्यादा मिलते हैं।
हमले में: सिर, गर्दन जैसे संवेदनशील हिस्सों पर चोट या हाथों पर डिफेंस इंजरी मिल सकती है।
पिता का आरोप- केस को दबाने की कोशिश की गई
दिशा के पिता सतीश सालियान ने हाईकोर्ट में नए सिरे से जांच की मांग की थी। उनका आरोप है कि दिशा के साथ गैंगरेप और हत्या हुई और मामले को दबाने की कोशिश की गई।
उन्होंने आदित्य ठाकरे समेत अन्य लोगों के खिलाफ FIR की मांग की थी। हाईकोर्ट के आदेश के बाद दिशा के पिता सतीश सालियान भावुक नजर आए। उन्होंने कहा-
मैं 6 साल से इसका इंतजार कर रहा था। खुश होने की कोई वजह नहीं है। मैंने अपनी बेटी को खोया है। आज मुझे राहत महसूस हो रही है। मैंने हाथ जोड़कर जज के प्रति आभार जताया।
वकील बोले- आदित्य ठाकरे, सूरज पंचोली जैसे नामों FIR में होगी
सतीश सालियान के वकील निलेश ओझा ने कहा कि जिन लोगों के खिलाफ जांच में सबूत मिलेगा, उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। अगर किसी व्यक्ति के खिलाफ सबूत नहीं मिलता है तो उसे आरोपी नहीं बनाया जाएगा। अगर CBI की रिपोर्ट नकारात्मक आती है, तो परिवार को उस पर आपत्ति जताने और प्रोटेस्ट पिटीशन दाखिल करने का अधिकार रहेगा।
ओझा के मुताबिक, FIR में आदित्य ठाकरे, सूरज पंचोली, डीनो मोरिया, आदित्य ठाकरे के बॉडीगार्ड, रिया चक्रवर्ती, परमबीर सिंह, उद्धव ठाकरे, सचिन वाजे और पिछली SIT के उन सदस्यों के नाम भी आरोपी के तौर पर दिए गए हैं, जिन पर मामले को दबाने का आरोप है।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सिर, हाथ और छाती पर चोटों का जिक्र था
कोर्ट को बताया गया कि दिशा का पोस्टमॉर्टम एक डॉक्टर ने किया था, जबकि दिशानिर्देशों के मुताबिक दो डॉक्टर होने चाहिए थे। रिपोर्ट में सिर, हाथ, पैर और छाती पर चोटों का जिक्र था।
वहीं, पुलिस ने कहा कि रेप या यौन हमले के सबूत नहीं मिले और गवाहों व फॉरेंसिक जांच के आधार पर दिशा के खुद इमारत से छलांग लगाने की बात सामने आई थी। 2025 के हलफनामे में भी पुलिस ने इसे आत्महत्या बताते हुए साजिश से इनकार किया था।
पुलिस का पुराना दावा- आत्महत्या हुई थी
मुंबई पुलिस ने अक्टूबर 2020 में दिशा की मौत को आत्महत्या मानकर जांच बंद कर दी थी। बाद में 2025 में हाईकोर्ट में दाखिल हलफनामे में भी पुलिस ने कहा कि जांच में किसी तरह की साजिश नहीं मिली।
पुलिस के मुताबिक, दिशा तनाव में थीं, घटना से पहले शराब के नशे में थीं और उनके मंगेतर ने भी किसी तरह की गड़बड़ी से इनकार किया था। 2023 में बनाई गई SIT के निष्कर्ष भी शुरुआती जांच से मेल खाते बताए गए थे।
भाजपा नेता नितेश राणे ने भी CBI जांच की मांग की थी
दिशा सालियान केस में महायुति के नेता लगातार आदित्य ठाकरे पर सवाल उठाते रहे हैं। भाजपा नेता और मंत्री नितेश राणे ने दिशा के साथ गैंगरेप के बाद हत्या का आरोप लगाया था और मामले की CBI जांच की मांग भी की थी।
वहीं, भाजपा सांसद नारायण राणे ने आरोप लगाया था कि तत्कालीन मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने उनसे दिशा सालियान केस में उनके बेटे आदित्य ठाकरे का नाम नहीं लेने को कहा था। उन्होंने मामले को दबाने की कोशिश किए जाने का भी आरोप लगाया था।
काठमांडू/नई दिल्ली, एजेंसी। नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन शाह ने बाढ़ राहत और बचाव कार्यों में मदद के लिए संसद में भारत और चीन को धन्यवाद दिया। बुधवार को संसद को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि दोनों पड़ोसी देशों ने समय पर राहत सामग्री, तकनीकी टीमें और आपात मदद भेजी।
भारत ने राहत सामग्री की पांचवीं खेप भेजी है। भारतीय टीमें सुरंगों में सर्च ऑपरेशन और शवों की पहचान में मदद कर रही हैं। वहीं, चीन ने ग्यिरोंग बॉर्डर तक जाने वाला हाईवे खोल दिया है, जिससे राहत दल प्रभावित इलाकों तक पहुंच रहे हैं।
बाढ़ में अब तक 1127 लोगों की मौत हो चुकी है और 4800 से ज्यादा लोग लापता हैं। कई हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स के कर्मचारी भी गायब हैं। आशंका है कि कुछ लोग अब भी सुरंगों में फंसे हो सकते हैं।
नेपाल त्रासदी की तस्वीरें…
काठमांडू में लापता परिजनों की फोटो लगाने में लोगों की मदद करता एक बच्चा।
रहवासी इलाकों से बाढ़ के बाद के मलबे को हटाया जा रहा है।
बाढ़ में मृत लोगों के शवों के दफनाया गया है।
भारतीय टीम शवों के अवशेषों की DNA जांच कर रही है। ताकि शव परिजनों को सौंपे जा सकें।
नेपाली PM बोले- जलवायु परिवर्तन से हिमालय में खतरा बढ़ा
नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन शाह ने 26 अगस्त को भोटेकोशी नदी में आई बाढ़ को हिमालयी क्षेत्र में बढ़ते जलवायु खतरों की गंभीर चेतावनी बताया।
संसद को संबोधित करते हुए शाह ने बुधवार को कहा कि एक्सपर्ट्स के मुताबिक ऊंचे हिमालयी इलाके में बर्फ और चट्टानों का बड़ा हिस्सा टूटने से यह आपदा आई। इससे साफ है कि जलवायु परिवर्तन के साथ हिमालयी क्षेत्र में आपदाओं का खतरा लगातार बढ़ रहा है।
शाह ने कहा कि जलवायु परिवर्तन पूरी दुनिया की गतिविधियों का नतीजा है। इसलिए इसके असर को कम करना और इससे पैदा होने वाले खतरों से निपटना भी पूरी दुनिया की साझा जिम्मेदारी है।
नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन शाह ने बुधवार को संसद को संबोधित किया।
चितवन में नारायणी और त्रिशूली नदियों का जलस्तर बढ़ा
नेपाल में बाढ़ के बाद चितवन में नारायणी (गंडक) और त्रिशूली नदियों का जलस्तर बढ़ा हुआ है।
बुधवार, 2 सितंबर को इन नदियों का एरियल व्यू सामने आया, जिसमें बाढ़ के बाद इलाके में फैली तबाही साफ दिखाई दे रही है।
भारत ने नेपाल को अब तक क्या-क्या मदद भेजी?
26 अगस्त – पहली C-130J फ्लाइट से करीब 10 टन राहत सामग्री भेजी गई। इसमें कंबल, तिरपाल, हाइजीन किट और जरूरी सामान शामिल था।
27 अगस्त – C-17 ग्लोबमास्टर विमान से 37.5 टन सहायता भेजी गई। इसमें राहत सामग्री, दवाइयां और फूड पैकेट शामिल थे।
28 अगस्त – तीसरी खेप में करीब 10 टन राहत सामग्री और 11 सदस्यीय मेडिकल व टनल-रेस्क्यू विशेषज्ञों की टीम भेजी गई।
30 अगस्त – चौथी फ्लाइट से 11 टन राहत सामग्री पहुंचाई गई। इसके साथ डीएनए फोरेंसिक विशेषज्ञ और टनल रेस्क्यू उपकरण भी भेजे गए।
2 सितंबर – पांचवीं फ्लाइट से 11 सदस्यीय विशेष बचाव दल और अतिरिक्त तकनीकी सहायता नेपाल भेजी गई। भारत ने शवों की पहचान के लिए डीएनए टेस्टिंग विशेषज्ञों की टीम भी तैनात की है।
4 दिन मलबे में दबा रहा 5 साल का बच्चा, जिंदा बचाया गया
नेपाल में बाढ़ के मलबे में चार दिन तक दबे रहने के बाद एक 5 साल के बच्चे को जिंदा बचा लिया गया। बचाव के बाद बच्चा इतना थका हुआ था कि ठीक से बोल भी नहीं पा रहा था।
एक वीडियो में नेपाल सेना का जवान बच्चे को खिचड़ी और पानी पिलाता नजर आया। जवान ने उसे दिलासा देते हुए कहा कि वह जल्द अपने परिवार से मिलेगा और फिर स्कूल जा सकेगा।
नेपाल पीएम बोले- 95 शव परिजनों को सौंपे गए
नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन्द्र शाह ने संसद में बताया कि बाढ़ के बाद अब तक 95 शव परिजनों को सौंपे गए हैं।
शाह ने कहा कि बाढ़ 26 अगस्त की सुबह करीब 8:30 बजे आई थी। जानकारी मिलते ही सरकार ने राहत-बचाव अभियान शुरू किया। 9:15 बजे आपात बैठक बुलाई गई और 10:30 बजे तक हेलिकॉप्टर व बचाव दल तैनाती के लिए तैयार थे।
बाढ़ संकट पर संसद में जानकारी देते हुए नेपाल के पीएम बालेन्द्र शाह।
शव नहीं मिला, पुतले से किया अंतिम संस्कार
नेपाल की विनाशकारी बाढ़ में लापता हुए सूरज तिमिल्सिना का शव अब तक नहीं मिल सका है। काठमांडू के पशुपतिनाथ मंदिर में सूरज तिमिल्सिना के परिजनों ने उनका अंतिम संस्कार पुतले के जरिए किया है।
अंतिम संस्कार के दौरान परिवार के सदस्य और रिश्तेदार भावुक नजर आए। सूरज के बेटे ने भी पिता के अंतिम संस्कार की रस्मों में हिस्सा लिया।
सूरज तिमिल्सिना के पुतले के साथ अंतिम संस्कार की रस्में निभाते परिजन।
अंतिम संस्कार की रस्मों में शामिल उनकी पत्नी और बेटा।
पिता के अंतिम संस्कार में शामिल होता उनका बेटा।
नेपाल की तीन प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर
नेपाल में बाढ़ और लगातार बारिश के बाद सुन कोशी, बूढ़ी गंडकी और महाकाली नदियों का जलस्तर चेतावनी स्तर से ऊपर पहुंच गया है।
प्रशासन ने मध्य, पश्चिमी और पूर्वी नेपाल के निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने को कहा है, और तुरंत सुरक्षित और ऊंचे स्थानों पर जाने की अपील की है।
नेपाल के लिए भारत ने भेजी पांचवीं राहत उड़ान
नेपाल में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्यों के लिए भारत ने अपनी पांचवीं सहायता उड़ान रवाना की है।
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने एक्स पर पोस्ट कर इसकी जानकारी दी। इस विमान में 11 सदस्यीय विशेष रेस्क्यू टीम, अत्याधुनिक बचाव उपकरण और 5.5 टन आवश्यक दवाइयां भेजी गई हैं।
इससे पहले भारत चार राहत उड़ानों के जरिए नेपाल को करीब 68.5 टन राहत सामग्री भेज चुका है। इनमें दवाइयां, खाद्य सामग्री, कंबल, स्लीपिंग बैग, तिरपाल, हाइजीन किट, और अन्य जरूरी राहत सामग्री शामिल हैं।
बाढ़ प्रभावित नेपाल के लिए राहत सामग्री लेकर रवाना हुआ भारतीय विमान।
बाढ़ प्रभावित नेपाल के लिए भारत ने भेजी जरूरी दवाइयां।
नेपाल भेजी गई राहत सामग्री के साथ भारतीय रेस्क्यू टीम।
बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए काठमांडू पहुंचे सोनू सूद
बॉलीवुड अभिनेता सोनू सूद नेपाल में बाढ़ से प्रभावित लोगों की मदद के लिए काठमांडू पहुंचे। इस दौरान उन्होंने राहत सामग्री का वितरण किया और पीड़ित परिवारों से मुलाकात की।
सोनू सूद ने कहा कि राहत सामग्री में बड़ी संख्या में कंबल और खाद्य सामग्री शामिल है। उन्होंने कहा, “हम बाढ़ पीड़ितों से मिलने और उन्हें राहत सामग्री देने आए हैं। हम उनकी जिंदगी को फिर से पटरी पर लाने की कोशिश करेंगे।”
सोनू सूद ने यह भी कहा कि उनकी टीम आने वाले महीनों में भी नेपाल के लिए राहत सहायता जारी रखने का प्रयास करेगी, ताकि प्रभावित लोगों को लंबे समय तक मदद मिल सके।
काठमांडू पहुंचकर बाढ़ पीड़ित बच्चों से मुलाकात करते सोनू सूद।
नेपाल में बाढ़ प्रभावित बच्चों के साथ समय बिताते अभिनेता सोनू सूद।
नेपाल में राहत अभियान के दौरान बच्चों के साथ नजर आए अभिनेता सोनू सूद।
नेपाल में शव जलाने की बजाय दफनाए जा रहे
नेपाल में बाढ़ के बाद सैकड़ों अज्ञात शवों को जलाने के बजाय दफनाया जा रहा है। ऐसा इसलिए किया जा रहा है ताकि शवों के अवशेष सुरक्षित रहें और DNA जांच से पहचान कर परिजनों को सौंपे जा सकें।
दरअसल, पानी और कीचड़ में लंबे समय तक दबे रहने से शवों की हालत बहुत खराब हो चुकी है। कई शव पानी में फूल गए हैं और तेजी से सड़ रहे हैं। इससे उनकी पहचान करना मुश्किल हो गया है।
दूसरी तरफ शवगृह और अस्थायी केंद्र भी शवों से भर चुके हैं। ऐसे में प्रशासन के लिए शवों को लंबे समय तक सुरक्षित रखना संभव नहीं है। यही वजह है कि अज्ञात शवों को सामूहिक कब्रों में दफनाया जा रहा है।
नेपाल के 5 लोगों के शव यूपी में मिले
उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले में गंडक नदी से मिले नेपाल के पांच नागरिकों के शव मंगलवार को सोनौली सीमा पर सौंपे गए। ये लोग नेपाल में आई अचानक बाढ़ में बह गए थे। शव नेपाल पुलिस को सौंपे गए। इनमें दो महिलाएं और तीन पुरुष हैं।
बिश्केक,एजेंसी। पीएम मोदी और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन की किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में SCO शिखर सम्मेलन के दौरान मुलाकात हुई। यह बैठक करीब 10 मिनट चली। दोनों नेताओं ने एक-दूसरे को गले लगाया। दोनों देशों की द्विपक्षीय बैठक में यूक्रेन युद्ध समेत वैश्विक हालात और भारत-रूस संबंधों पर चर्चा हुई। मोदी ने पुतिन से कहा- दुनिया को कभी न खत्म होने वाले युद्धों से आगे बढ़कर उन्हें खत्म करने की दिशा में प्रयास करना चाहिए। भारत भी शांति की दिशा में किए जा रहे सभी प्रयासों का समर्थन करता है। पुतिन से मुलाकात के दौरान मोदी ने उन्हें सितंबर में होने वाले BRICS शिखर सम्मेलन में शामिल होने का न्योता भी दिया। इसके बाद दोनों नेता एक ही गाड़ी में बैठकर 6वें वर्ल्ड नोमैड गेम्स के उद्घाटन में पहुंचे। इससे पहले मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान समेत कई देशों के नेताओं से द्विपक्षीय मुलाकात की। बिश्केक में हो रहे SCO शिखर सम्मेलन में भारत, चीन, रूस, पाकिस्तान और ईरान समेत 10 सदस्य देशों के नेता शामिल हो रहे हैं।
SCO समिट में मोदी की प्रमुख राष्ट्राध्यक्षों से मुलाकात की तस्वीरें…
SCO समिट में पीएम मोदी और रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने एक-दूसरे को गले लगा लिया।
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन और मोदी एक ही कार में बैठकर नोमैड गेम्स के लिए रवाना हुए।
अर्मेनिया के प्रधानमंत्री निकोल पशिन्यान ने मोदी से मुलाकात की।
किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सदिर जपरोव भी पीएम मोदी से मिले।
मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान से मुलाकात की।
मोदी ने पुतिन को ब्रिक्स समिट में शामिल होने का न्योता दिया
पीएम मोदी ने भारत में अगले महीने होने वाली ब्रिक्स समिट के लिए रूस के राष्ट्रपति पुतिन को न्योता दिया। मोदी ने कहा- “भारत कुछ दिनों बाद ब्रिक्स समिट का आयोजन कर रहा है। सभी सभी भारतीय आपका और आपके प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करने के लिए बहुत उत्सुक हैं।”
मोदी ने कहा- हमें युद्धों को खत्म करने की ओर बढ़ना चाहिए
मोदी बोले- “हमने हमेशा यूक्रेन की स्थिति पर चर्चा की है। पिछली बार जब हम मिले थे, तब भी आपने मुझे स्थिति के सभी पहलुओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी थी। हमें कभी न खत्म होने वाले युद्धों से हटकर युद्धों को खत्म करने की ओर बढ़ना चाहिए। भारत शांति की दिशा में सभी प्रयासों का समर्थन करता है। शांतिपूर्ण तरीकों से सभी मुद्दों का समाधान करना मानवता की पुकार है।”
पुतिन बोले- रूस में पढ़ने वाले भारतीय छात्रों की संख्या 7 गुना बढ़ी
राष्ट्रपति पुतिन की बातों को ट्रांसलेट किया जा रहा है। ट्रांसलेटर ने कहा, “रूस में पढ़ने वाले छात्रों की संख्या के मामले में भारत टॉप लिस्ट में शामिल है। पिछले कुछ सालों में यह संख्या 7 गुना बढ़कर 40,000 हो गई है। हम नियमित रूप से भारत और रूस के सांस्कृतिक उत्सव आयोजित करते हैं। हमारे बीच पर्यटकों का आना-जाना भी काफी होता है, जिसमें 16% की वृद्धि देखी गई है। हम संयुक्त राष्ट्र, ब्रिक्स, G20 और SCO में अपने प्रयासों में करीबी तालमेल रखते हैं। आज हमारे पास रूस-भारत संबंधों के विकास के बारे में विचारों का आदान-प्रदान करने और भविष्य के सहयोग की रूपरेखा तैयार करने का अच्छा मौका है।”
मोदी बोले- दोनों देश लोगों की भलाई के लिए काम कर रहे
मोदी ने कहा- “पिछले साल आपकी भारत यात्रा बहुत सफल और सचमुच यादगार रही। हमारे लिए यह बहुत संतोष की बात है कि हमारा सहयोग नई ऊंचाइयां छू रहा है और हम दोनों देशों के लोगों की भलाई के लिए मिलकर काम कर रहे हैं। राष्ट्रीय हित को सबसे ऊपर रखना हमारा साझा दृष्टिकोण रहा है और भविष्य में भी यही हमारा मार्गदर्शक सिद्धांत बना रहेगा।”
पुतिन बोले- रूस और भारत के संबंध लगातार मजबूत हो रहे
मीटिंग के दौरान पुतिन ने कहा- मैं खुशी के साथ यह कहना चाहूंगा कि रूस और भारत के संबंध एक खास और विशेषाधिकार प्राप्त साझेदारी के सिद्धांतों के आधार पर लगातार मजबूत हो रहे हैं। माननीय प्रधानमंत्री जी, रूस-भारत संबंधों पर आपके विशेष ध्यान और हमारे बीच बने व्यापारिक और दोस्ताना रिश्तों से इसमें मदद मिली है। इसके लिए मैं आपका बहुत आभारी हूं।”
मोदी ने पुतिन से कहा- युद्ध का हर दिन मानवता को पीछे धकेल रहा
पुतिन और मोदी के बीच द्विपक्षीय बैठक शुरू हो गई है। इस दौरान पीएम मोदी ने पुतिन से कहा कि वे यूक्रेन और रूस के बीच चल रहे युद्ध को खत्म करने के पक्ष में हैं, क्योंकि युद्ध का हर दिन मानवता को पीछे धकेल रहा है।
पाकिस्तान के पीएम शहबाज और ईरान के राष्ट्रपति पजशकियान की मुलाकात
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने बिश्केक में SCO समिट के दौरान ईरान के राष्ट्रपति डॉ. मसूद पजशकियान से मुलाकात की।
रूस के राष्ट्रपति पुतिन और चीन के राष्ट्रपति जिनपिंग की मुलाकात
रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने बिश्केक SCO समिट में चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने बिना वीजा यात्रा का प्रस्ताव दिया।
पीएम मोदी ने अर्मेनिया के प्रधानमंत्री से मुलाकात की
पीएम मोदी और अर्मेनिया के प्रधानमंत्री निकोल पशिन्यान से बिश्केक में मुलाकात की। पीएम पशिन्यान के दोबारा प्रधानमंत्री बनने के बाद यह उनकी और पीएम मोदी की पहली मुलाकात थी।
बैठक के दौरान दोनों नेताओं ने रक्षा, अर्थव्यवस्था, फार्मा, माइनिंग, शिक्षा और संस्कृति जैसे क्षेत्रों में आपसी सहयोग पर चर्चा की।
पीएम पशिन्यान ने मोदी को आर्मेनिया-अजरबैजान शांति समझौते के लागू होने की मौजूदा स्थिति के बारे में जानकारी दी।