Connect with us

कोरबा

पद्म पुरस्कार-2026 के लिये नामांकन की अंतिम तिथि 15 अगस्त तक

Published

on

कोरबा। पद्म पुरस्कार-2026 के लिये नामांकन/सिफारिशें जमा करने की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2025 से बढ़ाकर 15 अगस्त 2025 कर दी गई है। पद्म पुरस्कारों के लिये नामांकन/सिफारिशें केवल राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल- (https://awards.gov.in)  पर ऑनलाईन प्राप्त की जाएंगी। गणतंत्र दिवस 2026 के अवसर पर घोषित किये जाने पद्म पुरस्कार 2026 के लिये नामांकन/सिफारिशें 15 अगस्त 2025 तक बढ़ा दी गई हैं।
पद्म पुरस्कार, अर्थात् पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्म श्री, देश के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कारों में से है। 1954 में स्थापित, इन पुरस्कारों की घोषणा हर साल गणतंत्र दिवस के अवसर पर की जाती है। यह पुरस्कार ‘विशिष्ट कार्य‘ को मान्यता देने के लिये दिया जाता है और कला, साहित्य और शिक्षा, खेल, चिकित्सा, सामाजिक कार्य, विज्ञान और इंजीनियरिंग जैसे सभी क्षेत्रों/विषयों में विशिष्ट और असाधारण उपलब्धियों/सेवाओं के लिये दिया जाता है। सार्वजनिक मामले, सिविल सेवा, व्यापार और उद्योग आदि। जाति, व्यवसाय, पद या लिंग के भेदभाव के बिना सभी व्यक्ति इन पुरस्कारों के लिये पात्र हैं इसी तरह महिलाओं, समाज के कमजोर वर्गों, अनुसूचित जातियों और जनजातियों, दिव्यांगजनों में से ऐसे प्रतिभाशाली व्यक्तियों की पहचान करने के लिये ठोस प्रयास किये जा सकते हैं, जिनकी उत्कृष्टता और उपलब्धियां वास्तव में मान्यता के योग्य हैं और जो समाज की निस्वार्थ सेवा कर रहे हैं, वह सभी व्यक्ति भी इन पुरस्कारों के लिये पात्र हैं।
नामांकन/सिफारिशों में उपर्युक्त पोर्टल पर उपलब्ध प्रारूप में निर्दिष्ट सभी प्रासंगिक विवरण शामिल होने चाहिए, जिसमें वर्णात्मक रूप में उद्धरण (अधिकतम 800 शब्द) भी शामिल होना चाहिए, जिसमें अनुशंसित व्यक्ति की उसके संबंधित क्षेत्र/विषय में विशिष्ट और असाधारण उपलब्धियों/सेवाओं का स्पष्ट रूप से उल्लेख हो।
उक्त संबंध में विस्तृत जानकारी गृह मंत्रालय की वेबसाइट (https://mha.gov.in)  और पद्म पुरस्कार पोर्टल(https://padmaawards.gov.in) पर ‘‘पुरस्कार और पदक‘‘ शीर्षक के अंतर्गत उपलब्ध है। इन पुरस्कारों से संबंधित नियम वेबसाइट परhttps://padmaawards.gov.in/AboutAwards.aspx लिंक पर उपलब्ध है।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

कोरबा

गुरु पूर्णिमा पर 29 जुलाई को माँ सर्वमंगला मंदिर घाट कोरबा में हसदेव आरती का होगा भव्य आयोजन

Published

on

नमामि हसदेव सेवा समिति ने मासिक हसदेव आरती में नदी संरक्षण के संकल्प के साथ नागरिकों से सहभागिता की अपील की
कोरबा। नमामि हसदेव सेवा समिति द्वारा कोरबा जिले की जीवनदायिनी हसदेव नदी, उसकी सहायक नदियों तथा अन्य प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण, प्रदूषण में कमी लाने और नदी तटों के सौंदर्यीकरण के उद्देश्य से निरंतर जनजागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के अंतर्गत प्रत्येक माह की पूर्णिमा को माँ सर्वमंगला मंदिर घाट, कोरबा में सायं 5 बजे हसदेव आरती का आयोजन किया जाता है।
समिति ने बताया कि गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर 29 जुलाई 2026 (बुधवार) को सायं 5 बजे माँ सर्वमंगला मंदिर घाट, कोरबा में विशेष हसदेव आरती का आयोजन किया जाएगा। आयोजन का उद्देश्य हसदेव नदी एवं अन्य प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करना और जनसहभागिता को बढ़ावा देना है।
नमामि हसदेव सेवा समिति का कहना है कि हसदेव नदी को स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त बनाए रखने के साथ-साथ उसकी सहायक नदियों एवं प्राकृतिक जल स्रोतों का संरक्षण समय की आवश्यकता है। समिति लगातार सामाजिक सहभागिता के माध्यम से नदी संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास कर रही है।
इस आयोजन के मुख्य यजमान के रूप में डॉ. किरण चौहान, प्राचार्य, ज्योति भूषण प्रताप सिंह विधि महाविद्यालय, कोरबा उपस्थित रहेंगे, वहीं विशिष्ट यजमान के रूप में राजकुमार देवांगन, प्राचार्य, सरस्वती उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, सी.एस.ई.बी., कोरबा पूर्व, श्रीमती इंदु अग्रवाल, प्राचार्य, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, कोरबा, नरसिंह शास्त्री, व्याख्याता, दयानंद एंग्लो वैदिक विद्यालय, एस.ई.सी.एल., कोरबा तथा श्रीमती सविता पाठक, व्याख्याता, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय साडा कन्या, कोरबा अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराएंगे।
नमामि हसदेव सेवा समिति ने जिले के नागरिकों से अपील की है कि वे गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर आयोजित हसदेव आरती में सपरिवार शामिल होकर नदी संरक्षण के इस जनअभियान का हिस्सा बनें तथा पर्यावरण संरक्षण के संकल्प को मजबूत करें।

Continue Reading

कोरबा

कोरबा कार्बन फैक्ट्री में लापरवाही का दूसरा मामला:ब्लास्ट के बाद बिना सुरक्षा सफाई,जहरीले धुएं की चपेट में आने से एक मजदूर की हालत बिगड़ी

Published

on

कोरबा। कोरबा जिले के इंडस्ट्रियल एरिया स्थित अंकुश अग्रवाल की कार्बन फैक्ट्री में हुए बायलर ब्लास्ट के बाद सुरक्षा मानकों की अनदेखी का मामला सामने आया है। हादसे के अगले ही दिन फैक्ट्री संचालक ने नियमित कर्मचारियों की जगह दिहाड़ी मजदूरों से बिना किसी सुरक्षा उपकरण के राख और जले हुए मलबे की सफाई कराई।

इस दौरान जहरीले धुएं की चपेट में आने से एक मजदूर की तबीयत बिगड़ गई, जबकि अन्य मजदूरों के भी प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है।

बायलर ब्लास्ट से मची थी अफरा-तफरी

शनिवार को फैक्ट्री में बायलर में पिच अनलोडिंग के दौरान अचानक जोरदार ब्लास्ट हो गया। विस्फोट के बाद हाई टेम्परेचर का कच्चा मटेरियल बाहर निकल आया और फैक्ट्री में आग लग गई। आग की लपटों और धुएं का गुबार करीब दो किलोमीटर दूर से दिखाई दे रहा था। हादसे के समय मौजूद मजदूर जान बचाकर बाहर भागे।

तीन घंटे बाद आग पर पाया गया काबू

घटना की सूचना मिलते ही नगर सेना, बालको, सीएसईबी और अन्य औद्योगिक इकाइयों की दमकल टीमें मौके पर पहुंचीं। करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। आग में फैक्ट्री के भीतर रखा रॉ मटेरियल, बोरियां और अन्य सामान जलकर राख हो गया। पुलिस और प्रशासन के अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया।

अगले दिन दिहाड़ी मजदूरों से कराई सफाई

हादसे के बाद डरे हुए नियमित मजदूर रविवार को काम पर नहीं पहुंचे। इसके बाद फैक्ट्री प्रबंधन ने उषा कॉम्प्लेक्स रेलवे फाटक क्षेत्र से 10 से 11 दिहाड़ी मजदूर बुलाकर सफाई का काम शुरू करा दिया। आरोप है कि उस समय तक राख पूरी तरह ठंडी भी नहीं हुई थी।

बिना मास्क और दस्तानों के कराया काम

सफाई में लगाए गए मजदूरों को न मास्क दिए गए, न दस्ताने और न ही कोई अन्य सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराया गया। सुरक्षा मानकों की अनदेखी के बीच मजदूरों से जहरीले मलबे और राख की सफाई कराई गई।

मजदूर की बिगड़ी तबीयत, अस्पताल पहुंचा

सफाई के दौरान कथरीमाल निवासी मजदूर शिवशंकर साहू को गले में खराश और सांस लेने में परेशानी महसूस होने लगी। घर पहुंचने के बाद उसकी हालत और बिगड़ गई। परिजन उसे रात करीब 8:30 बजे मेडिकल कॉलेज अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उसने गले में तेज दर्द और नस खिंचने की शिकायत बताई।

इलाज के बाद रात में घर भेजा गया

परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में देर रात तक इलाज के नाम पर केवल औपचारिक कार्रवाई की गई। रात करीब 1:30 बजे कुछ लोगों के अस्पताल पहुंचने के बाद कर्मचारियों ने मरीज को ठीक बताते हुए छुट्टी दे दी। परिजनों ने घर दूर होने और मरीज की खराब हालत का हवाला दिया, लेकिन इसके बावजूद उसे आधी रात में घर भेज दिया गया।

अन्य मजदूरों के प्रभावित होने की भी आशंका

जानकारी के अनुसार, सफाई में लगे कुछ अन्य मजदूर भी जहरीले धुएं के संपर्क में आने से प्रभावित हुए हैं। हालांकि, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

विशेषज्ञों की चिंता

जानकारों के मुताबिक, कार्बन और उसके यौगिकों से निकलने वाली गैसें स्वास्थ्य के लिए खतरनाक हो सकती हैं। इनके लगातार संपर्क में आने से सांस लेने में तकलीफ, गले में संक्रमण और फेफड़ों से जुड़ी गंभीर समस्याएं हो सकती हैं।

Continue Reading

कोरबा

बालको के माध्यम से क्षेत्र का सर्वांगीण विकास हो रहा है-लखन लाल देवांगन

Published

on

बालकोनगर। भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने स्थानीय समुदाय को समर्पित चिल्ड्रेंस पार्क का लोकार्पण किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ शासन के वाणिज्य, उद्योग एवं श्रम मंत्री लखन लाल देवांगन तथा विशिष्ट अतिथि कोरबा महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत ने फीता काटकर पार्क का लोकार्पण किया। इस अवसर पर बालको के मुख्य कॉर्पोरेट अफेयर्स एवं प्रशासन अधिकारी कैप्टन धनंजय मिश्रा, जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ अधिकारी एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

लगभग 13,000 वर्ग फुट में विकसित यह पार्क पहले एक अनुपयोगी एवं कचरा-प्रभावित क्षेत्र था, जिसे विकसित कर बच्चों, युवाओं एवं वरिष्ठ नागरिकों के लिए सुरक्षित और आधुनिक सामुदायिक स्थल के रूप में परिवर्तित किया गया है। पार्क में बच्चों के लिए झूले, ओपन जिम, एक्यूप्रेशर पाथवे, हरित लॉन तथा परिसर की सुंदरता बढ़ाने के लिए अरेका पाम का रोपण किया गया है। पार्क के रखरखाव को पर्यावरण-अनुकूल बनाने के उद्देश्य से सौर ऊर्जा संचालित जल आपूर्ति प्रणाली भी स्थापित की गई है।

लोकार्पण के पश्चात मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथि ने पार्क का भ्रमण कर बच्चों के खेल उपकरण, ओपन जिम, एक्यूप्रेशर पाथवे, हरित लॉन तथा अन्य सुविधाओं का अवलोकन किया। साथ ही समुदाय के लिए विकसित इस जनहितकारी पहल की सराहना की।

मुख्य अतिथि लखन लाल देवांगन ने कहा, “बालको के माध्यम से क्षेत्र का सर्वांगीण विकास हो रहा है। सड़क, स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण, सामुदायिक भवन, नाली निर्माण सहित अनेक विकास कार्यों के माध्यम से कंपनी क्षेत्र की उन्नति और तरक्की में महत्वपूर्ण योगदान दे रही है। कोरबा में औद्योगिक विकास के कारण प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार के नए अवसर सृजित हो रहे हैं।”

विशिष्ट अतिथि श्रीमती संजू देवी राजपूत ने कहा, “बालको निरंतर क्षेत्र के विकास को नई गति दे रहा है। सामुदायिक भवन, आधुनिक पार्क, सड़क निर्माण तथा अन्य आधारभूत सुविधाओं के विकास में कंपनी का महत्वपूर्ण योगदान है। कंपनी द्वारा किए गए कार्य क्षेत्र के प्रत्येक हिस्से में स्पष्ट रूप से दिखाई देते हैं।”

इस अवसर पर परसाभाठा के पार्षद बद्री किरण ने चिल्ड्रेंस पार्क को लेकर बालको के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि बालको आसपास के क्षेत्रों में निरंतर जनहितकारी कार्य कर रहा है। उन्नति परियोजना के माध्यम से महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा दिया जा रहा है तथा मशरूम उत्पादन, कोसाकारी सहित विभिन्न आजीविका कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। कंपनी स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के साथ-साथ आंगनवाड़ी एवं विद्यालयों के उन्नयन में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रही है। उन्होंने नागरिकों से पार्क को स्वच्छ, सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाए रखने में सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि यह सामुदायिक संपत्ति है और इसकी देखभाल हम सभी की साझा जिम्मेदारी है।

यह पहल समुदाय के लिए बेहतर सार्वजनिक सुविधाएँ उपलब्ध कराने तथा स्वस्थ एवं बेहतर जीवनशैली को प्रोत्साहित करने की दिशा में बालको की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। हाल के महीनों में कंपनी ने सामुदायिक भवन, सड़क, पार्क एवं अन्य आधारभूत संरचना विकास परियोजनाओं को पूर्ण कर स्थानीय प्रशासन एवं समुदाय को समर्पित किया है। इन पहलों के माध्यम से बालको आसपास के क्षेत्रों में जीवन की गुणवत्ता में सुधार तथा सतत एवं समावेशी विकास को बढ़ावा देने के लिए निरंतर कार्य कर रहा है।

Continue Reading
Advertisement

Trending

Copyright © 2020 Divya Akash | RNI- CHHHIN/2010/47078 | IN FRONT OF PRESS CLUB TILAK BHAVAN TP NAGAR KORBA 495677