कोरबा। कलेक्टर कुणाल दुदावत के निर्देश एवं उप संचालक खनिज प्रशासन प्रमोद नायक के मार्गदर्शन में जिला खनिज जाँच अमला द्वारा आज अवैध उत्खनन, परिवहन एवं भंडारण के विरुद्ध संयुक्त कार्यवाही की गई। कार्रवाई के दौरान कुल 9 वाहनों को जप्त किया गया, जिनमें 2 ट्रक, 4 हाइवा, 1 जेसीबी, 1 चैन माउंट मशीन एवं 1 टिप्पर शामिल है।
साथ ही दो अलग-अलग स्थानों में अवैध रेत भंडारण पाए जाने पर लगभग 700 घनमीटर रेत जप्त करते हुए खनिज नियमों के अंतर्गत आवश्यक कार्रवाई प्रारंभ की गई है। आज की कार्यवाही में मिट्टी, रेत एवं कोयला खनिज से संबंधित अवैध गतिविधियों पर प्रभावी कार्रवाई करते हुए आवश्यक दंडात्मक प्रक्रिया प्रचलन में लाई गई है। जिला प्रशासन द्वारा अवैध खनन पर सख्त निगरानी रखी जा रही है तथा भविष्य में भी ऐसी कार्यवाहियाँ निरंतर जारी रहेंगी।
बिलासपुर/कोरबा। 31.07.2026 को एसईसीएल मुख्यालय बिलासपुर से सेवानिवृत्त हुए 05 कर्मियों को मुख्यालय बिलासपुर स्थित सीएमडी कक्ष में उन्हें शाल, श्रीफल, पुष्पहार से सम्मानित कर समस्त भुगतान का चेक प्रदान कर भावभीनी विदाई दी गयी।
मुख्यालय प्रशासनिक भवन के कान्फ्रेन्स हाल में निदेशक तकनीकी (संचालन) एन फ्रैंकलिन जयकुमार के मुख्य आतिथ्य, निदेशक (वित्त) डी सुनील कुमार , निदेशक तकनीकी (योजना/परियोजना) रमेश चन्द्र महापात्र, विभीन्न विभागाध्यक्षों, श्रमसंघ प्रतिनिधियों, अधिकारियों-कर्मचारियों की उपस्थिति में प्रसन्न कुमार निगम, मुख्य प्रबंधक (खनन), योजना-परियोजना विभाग , सनत कुमार तिवारी, मुख्य प्रबंधक (खनन), खान सुरक्षा एवं बचाव विभाग , राकेश कुमार सरकार, कार्यालय अधीक्षक (ए-1), कंपनी सचिव सचिवालय, सुर्यकांत पाण्डेय, कार्यालय अधीक्षक, केंद्रीय आवक-जावक विभाग, रामजी पाण्डेय, सहायक सुरक्षा उप निरीक्षक, सुरक्षा विभाग को सेवानिवृत्ति पर विदाई दी गयी।
इस अवसर पर शीर्ष प्रबंधन ने अपने-अपने उद्बोधन में कहा कि सेवानिवृत्त होने वाले अधिकारी-कर्मचारी के योगदान, कार्यकौशल से ही कम्पनी सफलता के मुकाम पर पहुँची है। सेवानिवृत्त कर्मियों के योगदान को सदैव स्मरण किया जाएगा। अंत में उन्होंने सेवानिवृत्त कर्मियों के सपरिवार उज्जवल भविष्य की ईश्वर से कामना की।
सेवानिवृत्त अधिकारियों-कर्मचारियों ने कम्पनी के प्रति आभार प्रकट करते हुए कहा कि यहां के कर्मचारियों में कार्य के प्रति बहुत ही निष्ठा है। यहाँ के अधिकारी-कर्मचारी कंधे से कंधा मिलाकर साथ में कार्य करते हैं ।
कार्यक्रम में सेवानिवृत्त कर्मियों का परिचय पढ़ते हुए सफलतापूर्वक उद्घोषणा का दायित्व प्रबंधक (राजभाषा) श्रीमती सविता निर्मलकर ने निभाया।
कोरबा। नगर पालिका निगम कोरबा के वार्ड क्रमांक-4 राताखार स्थित बजरंग चौक के समीप शिव मंदिर के पास सड़क पर बना गहरा गड्ढा स्थानीय लोगों और राहगीरों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बन गया है। लगातार हो रही बारिश के कारण यह गड्ढा पूरी तरह पानी से भर जाता है, जिससे इसकी गहराई का अंदाजा लगाना मुश्किल हो जाता है। परिणामस्वरूप दोपहिया, चारपहिया और अन्य छोटे-बड़े वाहन चालक अनजाने में गड्ढे में उतर जाते हैं और वाहन फंसने की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।
बारिश के मौसम में जलभराव के कारण सड़क और गड्ढे में अंतर दिखाई नहीं देता। विशेषकर रात के समय या तेज बारिश के दौरान यहां से गुजरने वाले वाहन चालकों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई बार दोपहिया वाहन चालक संतुलन खोकर गिर चुके हैं, जबकि चारपहिया वाहनों के भी गड्ढे में फंसने की शिकायतें सामने आई हैं। इससे लोगों को अनावश्यक परेशानी के साथ आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ रहा है।
स्थानीय रहवासियों का कहना है कि यह मार्ग क्षेत्र का प्रमुख आवागमन मार्ग है, जहां दिनभर लोगों और वाहनों की आवाजाही बनी रहती है। शिव मंदिर होने के कारण सुबह-शाम श्रद्धालुओं का भी यहां आना-जाना लगा रहता है। ऐसे में सड़क पर बना यह गहरा गड्ढा किसी बड़े हादसे को न्योता दे रहा है। लोगों का कहना है कि संबंधित विभाग और नगर निगम के अधिकारियों को कई बार इस समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन अब तक मरम्मत की दिशा में कोई ठोस पहल नहीं की गई है।
क्षेत्रवासियों ने नगर निगम प्रशासन से मांग की है कि जनहित और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इस गड्ढे की तत्काल मरम्मत कराई जाए। जब तक स्थायी मरम्मत नहीं होती, तब तक यहां बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था की जाए ताकि वाहन चालकों को पहले से सतर्क किया जा सके। नागरिकों का कहना है कि बरसात के मौसम में ऐसी लापरवाही किसी भी समय गंभीर दुर्घटना का कारण बन सकती है। लोगों ने प्रशासन से शीघ्र कार्रवाई कर आमजन को राहत दिलाने की मांग की है।
गुणवत्तायुक्त कार्य निश्चित समयावधि में पूर्ण करने के दिए निर्देश
स्व-सहायता समूह की महिलाओं से चर्चा कर किया उत्साहवर्धन
विशेष ग्राम सभा झाबर में हुए शामिल, रंजना के अमृत सरोवर परिसर में किया पौधरोपण
कोरबा। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रतीक जैन ने गुरुवार को जनपद पंचायत कटघोरा अंतर्गत ग्राम पंचायत ढेलवाडीह, चाकाबुड़ा, देवगांव, बतारी, रंजना, झाबर एवं घुंचापुर का दौरा कर विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्ता के साथ पूर्ण किए जाएं तथा कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही न बरती जाए।
निरीक्षण की शुरुआत ग्राम ढेलवाडीह से हुई, जहां सीईओ ने प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट, सामुदायिक शौचालय, कचरा छटाई शेड एवं अटल डिजिटल सेवा केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने आसपास की पंचायतों से प्लास्टिक अपशिष्ट एकत्रित कर यूनिट की क्षमता बढ़ाने तथा सामुदायिक शौचालय के नियमित संचालन की जिम्मेदारी स्व-सहायता समूह को सौंपने के निर्देश दिए।
ग्राम चाकाबुड़ा में नवनिर्मित पीडीएस गोदाम, निर्माणाधीन पंचायत भवन एवं आंगनबाड़ी भवन का निरीक्षण करते हुए गोदाम परिसर में पौधरोपण एवं भवन के सामने सुरक्षा दीवार (रेट प्रोटेक्शन) निर्माण कराने के निर्देश दिए। इसी दौरान खुशी महिला स्व-सहायता समूह द्वारा कोकून से धागा निकालने की प्रक्रिया का अवलोकन कर समूह की महिलाओं से चर्चा की तथा उनकी नई मशीन एवं शेड की मांग पर आर.एफ. एवं सी.आई.एफ. मद से प्रस्ताव तैयार कर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश जनपद पंचायत को दिए, ताकि महिलाएं आजीविका गतिविधियों से जुड़कर और अधिक आत्मनिर्भर बन सकें।
प्राथमिक एवं पूर्व माध्यमिक शाला चाकाबुड़ा के निरीक्षण के दौरान अध्ययन समय में अनुपस्थित पाए गए शिक्षकों के विरुद्ध जिला शिक्षा अधिकारी को कारण बताओ सूचना पत्र जारी करने के निर्देश दिए।
ग्राम देवगांव में प्रधानमंत्री आवास योजना के अधूरे आवासों का निरीक्षण करते हुए हितग्राहियों को शीघ्र निर्माण कार्य प्रारंभ कर समय पर पूर्ण करने के लिए प्रेरित किया। ग्राम बतारी के बरेली हाट बाजार में निर्माणाधीन सामुदायिक शौचालय का निरीक्षण कर गुणवत्ता के साथ शीघ्र निर्माण पूर्ण करने के निर्देश दिए। इसके पश्चात राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान के क्लस्टर संगठन की बैठक में शामिल होकर समूह की महिलाओं से योजनाओं एवं आजीविका गतिविधियों पर चर्चा की तथा उनका उत्साहवर्धन किया। निर्माणाधीन महतारी सदन का निरीक्षण करते हुए समय पर कार्य पूर्ण करने तथा परिसर में बच्चों के लिए सुविधायुक्त क्रीड़ा स्थल विकसित करने के निर्देश दिए।
ग्राम रंजना में अमृत सरोवर परिसर में आम एवं जामुन सहित फलदार पौधों का रोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इसके बाद रूरल इंडस्ट्रियल पार्क (रीपा) का निरीक्षण कर मशीनों की उपयोगिता एवं वर्तमान स्थिति का अवलोकन किया तथा ग्राम पुस्तकालय का निरीक्षण करते हुए भवन के भीतर आकर्षक चित्रकारी कराने के निर्देश एसडीओ आरईएस को दिए।
सीईओ श्री जैन ग्राम झाबर में आयोजित विशेष ग्राम सभा में भी शामिल हुए। उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और कहा कि एसईसीएल के समन्वय से समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक पहल की जाएगी।
सीईओ ने ग्राम मोहनपुर के आश्रित ग्राम घुंचापुर स्थित गोबर गैस संयंत्र का निरीक्षण कर उसे शीघ्र क्रियाशील बनाने के लिए पंचायत को आवश्यक निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जनपद पंचायत कटघोरा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी यशपाल सिंह, एसडीओ आरईएस ए.के. भार्गव, कार्यक्रम अधिकारी वीबी-जी राम जी योगेश चंद्रा, प्रधानमंत्री आवास बीसी श्रीमती शालिनी कंवर, उप अभियंता इन्द्र भूषण टेकाम एवं रामकुमार पोर्ते, क्षेत्रीय समन्वयक एनआरएलएम के. कश्यप, एसबीएम के अधिकारी तथा संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।