छत्तीसगढ़
कांग्रेस नेताओं की संतों से मुलाकात और बयानबाजी:सत्ता में रहते धीरेंद्र शास्त्री को भगवान बताया, फिर BJP का एंजेट, रामभद्राचार्य को जगद्गुरु मानने से इनकार
रायपुर, एजेंसी। छत्तीसगढ़ के चिरमिरी में रामकथा का भव्य मंच सजा था। हजारों की भीड़ मौजूद थी। जगद्गुरु रामभद्राचार्य कथा सुना रहे थे। इसी दौरान उन्होंने अचानक कहा, ‘कोई मेरे जगद्गुरुत्व को चुनौती देगा, तो मैं स्वीकार नहीं करूंगा।’
उनका यह बयान नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत की उस टिप्पणी के बाद आया, जिसमें महंत ने कहा था, ‘मैं रामभद्राचार्य को जगद्गुरु नहीं मानता, वे BJP के प्रचारक हैं।’ चरणदास महंत के इस बयान के बाद धर्म और राजनीति को लेकर बहस तेज हो गई है।

भाजपा ने इसे सनातन का अपमान बताया, जबकि कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यह बयान राजनीतिक संदर्भ में दिया गया था।

रामभद्राचार्य बोले- ‘कोई मेरे जगद्गुरुत्व को चुनौती देगा, तो मैं स्वीकार नहीं करूंगा।’
संतों से मुलाकात और बयानबाजी के कई किस्से
छत्तीसगढ़ की राजनीति में यह पहला मौका नहीं है, जब किसी बाबा, कथावाचक या संत को लेकर राजनीतिक टकराव सामने आया हो। पिछले कुछ सालों में धार्मिक मंच और राजनीतिक बयान कई बार आमने-सामने दिखाई दिए हैं।

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने धीरेंद्र शास्त्री पर अंधविश्वास फैलाने का आरोप लगाया था।
भूपेश बघेल ने धीरेंद्र शास्त्री को बताया था BJP एजेंट
साल 2025 में भिलाई में आयोजित बागेश्वर बाबा धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की कथा के दौरान बड़ा विवाद सामने आया था। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने धीरेंद्र शास्त्री पर अंधविश्वास फैलाने का आरोप लगाया था। इसके जवाब में धीरेंद्र शास्त्री ने मंच से कहा था कि “अगर हिंदू समाज को जोड़ना अंधविश्वास है, तो ऐसे लोग देश छोड़ दें।”
वहीं, भूपेश बघेल ने पलटवार करते हुए कहा था कि “जब धीरेंद्र शास्त्री पैदा भी नहीं हुए थे, तब से मैं हनुमान चालीसा पढ़ रहा हूं।” उन्होंने धीरेंद्र शास्त्री को BJP का एजेंट तक बता दिया था। इसके बाद BJP ने कांग्रेस पर हिंदू विरोधी राजनीति करने का आरोप लगाया था।

विकास उपाध्याय ने धीरेंद्र शास्त्री को भगवान का स्वरूप बताया था।
धीरेंद्र शास्त्री को बताया था भगवान का स्वरूप
इससे पहले साल 2023 में रायपुर में आयोजित बागेश्वर धाम सरकार के दरबार में विकास उपाध्याय आयोजन के प्रमुख चेहरों में शामिल थे। वह मंच पर मौजूद रहे थे और खुले मंच से धीरेंद्र शास्त्री को भगवान स्वरूप कहा था।

धीरेंद्र शास्त्री ने कहा था- हिंदू समाज को जोड़ना अंधविश्वास है, तो ऐसे लोगों को देश छोड़ देना चाहिए।
संतों के मंच पर भी दिखते रहे कांग्रेस के बड़े चेहरे
कांग्रेस और संत समाज के रिश्ते हमेशा टकराव वाले नहीं रहे हैं। साल 2022 में मुख्यमंत्री रहते हुए भूपेश बघेल रायपुर में आयोजित प्रदीप मिश्रा की शिव महापुराण कथा में पहुंचे थे। उन्होंने मंच साझा किया और आशीर्वाद भी लिया था। इस दौरान की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुए थे।
सीएम बनने के बाद भूपेश बघेल रितेश्वर महाराज से मिलने भी पहुंचे थे। उस समय रितेश्वर महाराज ने शराबबंदी और गरीबों के हित में काम करने को लेकर उन्हें सलाह दी थी। भूपेश बघेल ने सार्वजनिक रूप से उनका सम्मान भी किया था। हालांकि बाद के सालों में कथावाचकों और धार्मिक मंचों को लेकर कांग्रेस नेताओं के सुर बदलते नजर आए।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कथा वाचक प्रदीप मिश्रा से आशीर्वाद लिया था।
महंत बोले- मैं रामभद्राचार्य को जगतगुरु नहीं मानता
दरअसल, 25 मई 2026 को नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत और सांसद ज्योत्सना महंत मनेंद्रगढ़ पहुंचे थे। मीडिया से बातचीत के दौरान चरणदास महंत ने कहा कि रामभद्राचार्य धर्म के नाम पर राजनीति करने आए हैं और वे भाजपा के प्रचारक हैं। मैं उनको न जगतगुरु मानता हूं और न गांव का गुरु मानता हूं।
इसी मुद्दे पर कोरबा सांसद ज्योत्स्ना महंत ने भी अपनी राय रखी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि धर्म की आड़ में राजनीति नहीं होनी चाहिए। मैं काम को ही धर्म मानती हूं। मेरे लिए जनता की सेवा सबसे महत्वपूर्ण है। मैं उनसे मिल चुकी हूं, उनकी कथा भी सुन चुकी हूं, लेकिन जनप्रतिनिधियों को सेवा भाव में रहना चाहिए।
संतों को लेकर महंत के बयान पर भाजपा का पलटवार
वहीं, भाजपा के मुख्य प्रदेश प्रवक्ता और सांसद संतोष पांडेय ने नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत का ‘सनातन विरोधी’ और ‘मानसिक दिवालियापन’ से भरा बयान बताया है। उन्होंने कहा कि तुष्टिकरण की राजनीति और गांधी परिवार की गुलामी में अंधे होकर कांग्रेस नेता महंत अपनी मर्यादा खो चुके हैं।
करोड़ों हिंदुओं की आस्था के केंद्र जगद्गुरु रामभद्राचार्य और धीरेंद्र शास्त्री समेत देश के प्रतिष्ठित संतों को ‘फर्जी’ कहना और उन्हें ‘बाबा’ कहकर संबोधित करना बेहद शर्मनाक और निंदनीय है। छत्तीसगढ़ की धर्मप्राण जनता संतों का यह अपमान कतई बर्दाश्त नहीं करेगी।
राहुल गांधी और सनातन विरोधी नेताओं से तुलना
संतोष पांडेय ने कहा कि चरणदास महंत अब कांग्रेस आलाकमान की नजरों में नंबर वन बनने की होड़ में शामिल हो गए हैं। राहुल गांधी, उदयनिधि स्टालिन और ममता बनर्जी जैसे नेताओं के नक्शे-कदम पर चलते हुए महंत भी ‘सनातन उन्मूलन’ वाली मानसिकता का हिस्सा बन चुके हैं।
उन्होंने कहा कि दिल्ली के आकाओं को खुश करने के लिए महंत छत्तीसगढ़ की पावन धरा पर संतों का अपमान कर रहे हैं।
‘कण-कण में भगवान’ वाले बयान पर तंज
सांसद संतोष पांडेय ने चरणदास महंत के ‘कण-कण में भगवान’ वाले बयान पर कहा कि जिन कांग्रेस नेताओं को भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाते समय और रामलला मंदिर के आमंत्रण को ठुकराते समय शर्म तक नहीं आई, आज वही नेता राजनीतिक लाभ के लिए छद्म ज्ञान बांट रहे हैं।
उन्होंने सवाल किया कि यदि कांग्रेस नेताओं के कण-कण में भगवान हैं, तो उन्हें सनातन संस्कृति को आगे बढ़ाने वाले संतों और कथावाचकों से इतनी आपत्ति क्यों है? क्या संतों का अपमान करना और सनातन संस्कृति को नीचा दिखाना ही कांग्रेस का असली एजेंडा है?
छत्तीसगढ़
GGU लॉ डिपार्टमेंट पेपर लीक मामला, री-एग्जाम का नोटिफिकेशन रद्द:छात्रों के विरोध के बाद यूनिवर्सिटी प्रबंधन का फैसला, 27 जुलाई से होना था एग्जाम
बिलासपुर, एजेंसी। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर स्थित गुरु घासीदास सेंट्रल यूनिवर्सिटी (GGU) ने 27 जुलाई को होने वाली BA-LLB के छठे सेमेस्टर की परीक्षा का नोटिफिकेशन रद्द कर दिया है। छात्रों के विरोध के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने यह फैसला लिया। अब इस परीक्षा का नोटिफिकेशन भी रद्द कर दिया है।
छात्रों ने जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने और री-एग्जाम के फैसले पर पुनर्विचार की मांग की। रजिस्ट्रार प्रो. अश्वनी दीक्षित और अन्य अधिकारियों ने छात्रों को समझाइश दी।
दोबारा परीक्षा के लिए समय नहीं, इसलिए विरोध
छात्रों का कहना था कि दोबारा परीक्षा के लिए उन्हें पर्याप्त समय नहीं दिया गया है, जिससे तैयारी करना संभव नहीं होगा। दोपहर से ही छात्र-छात्राएं अपनी मांगों को लेकर विभागाध्यक्ष (HOD) से चर्चा कर रहे थे।
हालांकि कोई समाधान नहीं निकलने पर उनका आक्रोश बढ़ गया। इसके बाद बड़ी संख्या में छात्र प्रशासनिक भवन पहुंच गए और विश्वविद्यालय प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने चेतावनी दी कि यदि री-एग्जाम का नोटिफिकेशन वापस नहीं लिया गया तो वे उग्र आंदोलन करेंगे। छात्रों के बढ़ते विरोध और हंगामे को देखते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन ने आखिरकार री-एग्जाम की अधिसूचना निरस्त करने की घोषणा कर दी।
रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग
बीए-एलएलबी के विद्यार्थियों ने विश्वविद्यालय प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर परीक्षा दोबारा कराने पर आपत्ति जताई थी। छात्रों का कहना था कि जिस फैक्ट फाइंडिंग रिपोर्ट के आधार पर परीक्षा रद्द करने का फैसला लिया गया है, उसे पारदर्शिता के लिए सार्वजनिक किया जाए। साथ ही री-एग्जाम संबंधी अधिसूचना वापस लेने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की गई है।
डेढ़ महीने तक दबी रही जांच रिपोर्ट
पेपर लीक मामले की जांच के लिए गठित पांच सदस्यीय फैक्ट फाइंडिंग कमेटी ने 6 जून को अपनी रिपोर्ट विश्वविद्यालय प्रशासन को सौंप दी थी। इसके बावजूद करीब डेढ़ महीने तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
कुलपति प्रो. आलोक चक्रवाल को कार्यकाल विस्तार मिलने के बाद मंगलवार (21 जुलाई) को अचानक परीक्षा निरस्त करने का आदेश जारी कर दिया गया। इसे लेकर भी छात्र सवाल उठा रहे हैं कि आखिर कार्रवाई में इतनी देरी क्यों हुई।
समर्थ पोर्टल हैक नहीं, लॉगिन आईडी से लीक हुआ था पेपर
फैक्ट फाइंडिंग कमेटी की जांच में सामने आया कि समर्थ पोर्टल हैक नहीं हुआ था, बल्कि लॉगिन आईडी और पासवर्ड के जरिए प्रश्नपत्र और अन्य डेटा लीक किया गया। कमेटी ने मामले की पुलिस जांच कराने की भी अनुशंसा की है।
जिसके बाद यूनिवर्सिटी ने विभागीय जांच समिति बनाई है, जिसमें प्रो. एससी श्रीवास्तव, प्रॉक्टर प्रो. मुकेश कुमार सिंह, प्रो. खेमचंद देवांगन, ओएसडी प्रो. भारती अहिरवार और असिस्टेंट रजिस्ट्रार (परीक्षा) टी.पी. सिंह शामिल हैं।

पहले हटाए जा चुके हैं लॉ विभाग के डीन और एचओडी
पेपर लीक मामले में सवाल उठने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने पहले ही लॉ विभाग के तत्कालीन एचओडी एवं डीन प्रो. सुधांशु रंजन मोहापात्रा को पद से हटा दिया है। उनकी जगह इतिहास विभाग के प्रो. प्रवीण मिश्रा को लॉ विभाग का नया एचओडी और डीन बनाया गया है। छात्रों ने इस मामले की शिकायत राष्ट्रपति और विश्वविद्यालय के कुलाध्यक्ष तक भी पहुंचाई थी।
छत्तीसगढ़
शेयर ट्रेडिंग में रकम दोगुनी करने का झांसा:जांजगीर-चांपा में व्यापारी से 2.04 करोड़ की ठगी, आरोपी पति-पत्नी रायपुर से गिरफ्तार
जांजगीर-चांपा। जांजगीर-चांपा जिले में शेयर मार्केट में निवेश कर रकम दोगुनी करने का लालच देकर एक व्यापारी से 2 करोड़ 4 लाख 97 हजार 502 रुपये की ठगी करने वाले फरार पति-पत्नी को चांपा पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपी लंबे समय से फरार थे। पुलिस ने नया रायपुर से उन्हें पकड़कर लैपटॉप, टैबलेट, मोबाइल फोन और चेकबुक जब्त किए हैं।
पुलिस के अनुसार, चांपा निवासी बैटरी व्यापारी हेमदत्त केशरवानी ने 24 मई को थाना चांपा में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उनकी पहचान मारुति विहार कॉलोनी निवासी हरिशंकर गुप्ता और उनकी पत्नी रेखा गुप्ता से थी। हरिशंकर ने खुद को यूनियन बैंक चांपा का कर्मचारी बताया और शेयर ट्रेडिंग में निवेश करने पर रकम दोगुनी होने का भरोसा दिलाया।
2 करोड़ से ज्यादा निवेश कराया
आरोपियों के झांसे में आकर व्यापारी ने बैंक से लोन लेकर तथा अन्य लोगों के माध्यम से चेक और आरटीजीएस के जरिए 2.04 करोड़ रुपये से अधिक उनके खातों में जमा करा दिए। बाद में आरोपियों ने केवल 39 लाख 99 हजार 400 रुपये लौटाए और बाकी रकम देने में टालमटोल करते हुए फरार हो गए।
तकनीकी जांच से नया रायपुर में मिले
मामला दर्ज होने के बाद चांपा पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर आरोपियों की लोकेशन नया रायपुर में ट्रेस की। पुलिस टीम ने दबिश देकर हरिशंकर गुप्ता (43) और रेखा गुप्ता (42) को हिरासत में लिया। पूछताछ में दोनों ने ठगी की बात स्वीकार कर ली।
इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और चेकबुक जब्त
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लैपटॉप, टैबलेट, मोबाइल फोन और चेकबुक जब्त किए हैं। दोनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) एवं 3(5) के तहत कार्रवाई कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
कोरबा
कोरबा प्रेस क्लब में जयसिंह और अरुण साव आमने-सामने:शपथ ग्रहण समारोह में विकास पर सियासी बहस, उपलब्धियों और चुनावी नतीजों को लेकर तीखी नोकझोंक
कोरबा। कोरबा प्रेस क्लब के शपथ ग्रहण समारोह का मंच गुरुवार को उस समय राजनीतिक रंग में रंग गया, जब कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल ने प्रदेश सरकार के ढाई साल के कार्यकाल पर सवाल उठाए। कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री अरुण साव और उद्योग मंत्री तथा स्थानीय विधायक लखनलाल देवांगन भी मौजूद थे।
अपने संबोधन में जयसिंह अग्रवाल ने कहा, “सरकार अपनी ढाई साल की सिर्फ ढाई उपलब्धियां ही बता दे।” उन्होंने कहा कि यदि विकास के दावे किए जा रहे हैं तो उन पर खुले मंच से सार्वजनिक बहस होनी चाहिए। साथ ही उन्होंने सरकार के किसी भी मंत्री को कोरबा के विकास कार्यों पर चर्चा की चुनौती दी।

डिप्टी सीएम अरुण साव ने चुनावी नतीजों का हवाला देकर किया पलटवार
कोरबा का दौरा करने की दी सलाह
जयसिंह अग्रवाल ने कहा कि उप मुख्यमंत्री अरुण साव लंबे समय बाद कोरबा आए हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि औपचारिक कार्यक्रमों तक सीमित रहने के बजाय कोरबा, कुसमुंडा, गेवरा, दीपका, कटघोरा और बालको का दौरा करें, ताकि जिले की वास्तविक स्थिति सामने आ सके।
महापौर पर नरमी, सरकार पर सवाल
पूर्व मंत्री ने कहा कि कोरबा महापौर संजू देवी राजपूत का कार्यकाल अभी केवल 16 महीने का है, इसलिए उनके कामकाज पर सवाल उठाना उचित नहीं होगा। वहीं उन्होंने राज्य सरकार के ढाई साल के कार्यकाल को लेकर सवाल खड़े करते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार के समय भी अधिकारियों की गड़बड़ी का खुले मंच से विरोध किया जाता था।
अरुण साव का पलटवार
जयसिंह अग्रवाल के बयान के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया। समारोह के बाद मीडिया से बातचीत में उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने पलटवार करते हुए कहा, “पहले जयसिंह अग्रवाल अपने कार्यकाल का आत्ममंथन करें। पांच साल कांग्रेस की सरकार रही, महापौर भी उनके घर से थी, लेकिन जनता ने चुनाव में जवाब दे दिया।”
उन्होंने दावा किया कि वर्तमान भाजपा सरकार ईमानदारी और प्रतिबद्धता के साथ कोरबा सहित पूरे छत्तीसगढ़ के विकास के लिए काम कर रही है।
-
Uncategorized10 months agoसुमेधा पुल पर लुट कांड सहित तीन अलग अलग जगह पर लुटकांड करने वाले आरोपी पुलिस के गिरफ्त में,,,दो आरोपी नाबालिक,,,देखे पूरी खबर
-
Uncategorized11 months agoबाँकी कॉलोनी के दुर्गा भवन क्लब का होगा नवनिर्माण, नपा अध्यक्षा ने दिया आश्वाशन….देखे पूरी खबर
-
बाँकी मोगरा10 months agoथाना बाँकी–दर्री के सीमा सुमेधा पुल पर हुई लूट कांड, प्रार्थी तीन दिनों से भटक रहा, अब तक नहीं हुई शिकायत दर्ज…..।
-
कोरबा6 months agoकोरबा बांकीमोंगरा क्षेत्र में युवती से दुष्कर्म – मुख्य आरोपी तरुण व एक सहयोगी हिरासत में। अन्य की तलाश जारी…..देखे पूरी खबर…।
-
कोरबा2 years agoमहतारी वंदन योजना से महिलाएं परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने सहित समाज की प्रगति में दे रही योगदान’
-
कोरबा12 months agoबांकीमोंगरा सड़क निर्माण गुणवत्ताहीन की शिकायत पर पहुंची न.प्रशा. विकास विभाग परीक्षण टीम, नवनिर्माण सीसी सड़क का किया कोर कटिंग परीक्षण…देखे पूरी खबर
-
कोरबा11 months agoअंकित सिंह बने श्रमजीवी पत्रकार संघ के जिला उपाध्यक्ष
-
Uncategorized1 year agoबाकी मोगरा में गूंजी या अली या हुसैन की सदाएं, मुहर्रम ताजिया जुलूस व झांकी निकाल इमाम हुसैन को याद कर मनाया मुहर्रम पर्व…..।
