जिला प्रशासन व नगर पालिक निगम कोरबा द्वारा आयोजित किया गया पीएम स्वनिधि महोत्सव व लोक कल्याण मेला
कोरबा। महापौर श्रीमती संजूदेवी राजपूत ने आज कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की महती योजना प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना सड़क व फुटपाथ पर एवं गली-मोहल्ले में फेरी लगाकर व्यवसाय करने वाले शहरी पथ विक्रेताओं, लघु व्यवसायियों को उनके व्यवसाय हेतु सुगम रूप से आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का सशक्त माध्यम है। उन्होने कहा कि नगर पालिक निगम कोरबा द्वारा भी सड़क किनारे व्यवसाय करने वाले पथ विक्रेताओं को उनके व्यवसाय हेतु सुविधायुक्त एवं स्थाई स्थल उपलब्ध कराने के लिये वेंडिंग जोन बनाये गये हैं, साथ ही आगे भी इस दिशा में लगातार कार्य किये जा रहे हैं।
उक्त बातें महापौर श्रीमती संजूदेवी राजपूत ने आज पीएम स्वनिधि महोत्सव व लोक कल्याण मेला के आयोजन के दौरान कही। यहॉं उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ शासन नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग से प्राप्त दिशा निर्देशों के अनुरूप जिला प्रशासन व नगर पालिक निगम कोरबा द्वारा पीएम स्वनिधि महोत्सव का आयोजन इस पूरे जून माह में किया जा रहा है तथा निर्धारित कार्यक्रम के तहत जोन कार्यालयो में शिविर आयोजित हो रहे हैं। इस कड़ी में आज निगम के पं.जवाहरलाल नेहरू सभागार में पीएम स्वनिधि महोत्सव व लोक कल्याण मेला का वृहद आयोजन किया गया।
महापौर श्रीमती संजूदेवी राजपूत ने आयोजन को संबोधित करते हुये आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने दर्जनों महत्वपूर्ण व जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित कराई हैं, उन्ही में से एक महत्वपूर्ण योजना है, पीएम स्वनिधि योजना, जो शहरी पथ विक्रेताओं के लिये वरदान बन चुकी है। इस योजना के तहत इन लघु व्यवसायियों को बड़ी आसानी से कम से कम ब्याज पर ऋण उपलब्ध कराया जाता है, उन्होने कार्यक्रम में उपस्थित स्ट्रीट वेंडर्स लघु व्यवसायियों को संबोधित करते हुये आगे कहा कि कोरबा में ही अनेक ऐसे उदाहरण है कि पूर्व में छोटा-मोटा व्यवसाय करने वाले व्यक्ति आज अपनी मेहनत से बडे़ व प्रतिष्ठित व्यवसायी हो चुके हैं, अतः आप लोग भी प्रधानमंत्री जी की इस योजना का लाभ लें तथा अपने व्यवसाय को बहुत आगे तक ले जाएं, मैं यह कामना करती हूॅं। उन्होने आगे कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मार्गदर्शन में राज्य सरकार गरीबों के हित में लगातार कार्य कर रही है, उन्होने कहा कि नगर निगम कोरबा द्वारा पथ विक्रेताओं के हितों की रक्षा करते हुये वेंडिंग जोन का निर्माण कराया गया है, तथा आगे भी इस दिशा में लगातार कार्य किये जा रहे हैं।
योजना का लाभ पहुंचाने बैंकर्स करें पूर्ण सहयोग
इस अवसर पर निगम के सभापति नूतन सिंह ठाकुर ने अपने उद्बोधन में कहा कि मैं बैंकों से आग्रह करता हूूं कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की महती योजना पीएम स्वनिधि योजना का अधिक से अधिक लाभ पहुंचाने के लिये बैंकर्स पूरी इच्छाशक्ति के साथ कार्य करें। उन्होने कहा कि छोटे व्यवसायी हों या बडे़ व्यवसायी वे देश व प्रदेश के विकास की रीढ़ की हड्डी होते हैं, व्यवसाय बढ़ने से रोजगार बढ़ता है, आत्मनिर्भरता में वृद्धि होती है तथा स्वावलंबन का मार्ग प्रशस्त होता है।
पीएम स्वनिधि में कोरबा प्रदेश में नम्बर-वन
आयुक्त आशुतोष पाण्डेय ने इस मौके पर कहा कि यह हम सबके लिये प्रसन्नता का विषय है कि प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के क्रियान्वयन एवं लक्ष्य प्राप्ति में नगर निगम कोरबा प्रदेश में प्रथम स्थान पर है, वर्ष 2030 तक हमें जो लक्ष्य दिया गया था, उस लक्ष्य का 85 प्रतिशत हम प्राप्त कर चुके हैं, हमें विश्वास है कि हम प्रदत्त लक्ष्य से बहुत आगे तक जाएगें। उन्होने कहा कि प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना शहरी पथ विक्रेताओं व लघु व्यवसायियों को अपना व्यवसाय प्रारंभ करने में मील का पत्थर साबित हो रही है। उन्होने कहा कि जिला प्रशासन एवं नगर निगम कोरबा द्वारा प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि योजना के अंतर्गत शहरी पथ विक्रेताओं व असंगठित श्रमिकों को वित्तीय समावेशन, डिजिटल सशक्तिकरण एवं सामाजिक सुरक्षा लाभों से जोड़ने तथा पथ विक्रेताओं के लिये सूक्ष्म ऋण पहुंच, सामाजिक कल्याण सुनिश्चित करने आदि से जुडे़ विभिन्न कार्य लगातार सम्पन्न कराये जा रहे हैं।
लघु व्यवसायियों के आर्थिक ढांचे को मजबूत करती है यह योजना
इस अवसर पर वरिष्ठ पार्षद नरेन्द्र देवांगन ने अपने उद्बोधन में कहा कि शहरी पथ विक्रेताओं, लघु व्यवसायियों के आर्थिक ढांचे को पीएम स्वनिधि योजना मजबूती प्रदान करती है, इन लघु व्यवसायियों को आर्थिक सहायता प्रदान कर उन्हें व्यवसाय संचालन में सक्षम बनाना इस योजना का प्रमुख उद्देश्य है। उन्होने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी समाज के सभी वर्ग के लोगों के हितों की चिंता करते हैं, तथा प्रत्येक वर्ग के हितों की रक्षा हेतु उनके द्वारा योजनाएं संचालित की गई हैं। उन्हेाने कहा कि पीएम स्वनिधि योजना स्वरोजगार व आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है।
ऋण राशि का सदुपयोग कर बढ़ायें अपना व्यवसाय
इस अवसर पर निगम के पूर्व सभापति एवं वरिष्ठ पार्षद अशोक चावलानी ने उपस्थित पथ विक्रेताओं, लघु व्यवसायियों को प्रोत्साहित करते हुये कहा कि प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के अंतर्गत प्राप्त ऋण राशि का सदुपयोग करते हुये वे अपने व्यवसाय को आगे तक ले जाएं, मैं यह कामना करता हूॅं। उन्होने कहा कि पूर्व में बैंक से ऋण लेना अत्यंत कठिन कार्य था, किन्तु अब सरलता से ऋण प्राप्त हो जाता है, अतः इस सुविधा का वे भरपूर लाभ उठायें। उन्होने आगे कहा कि निगम का कोसाबाड़ी वेंडिंग जोन मेेरे ही वार्ड में आता है, वहॉं पर पथ विक्रेताओं को शिफ्ट किया गया है तथा किस को भी व्यवसाय से बेघर नहीं किया गया है।
दी गई योजनाओं की जानकारी
आयोजित पीएम स्वनिधि महोत्सव व लोक कल्याण मेला के दौरान काफी संख्या में आये शहरी पथ विक्रेताओं व अन्य नागरिकों को प्रधानमंत्री जनआरोग्य योजना आयुष्मान भारत योजना, पीएम सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, अटल पेंशन योजना, प्रधानमंत्री जनधन योजना, प्रधानमंत्री उज्जवला योजना, स्वच्छ भारत अभियान योजना, बचत खाता खुलवाना, बी.ओ.सी.डब्ल्यू. के तहत पंजीकरण, पीएम मातृत्व वंदना योजना, प्रधानमंत्री श्रमिक पंजीयन योजना सहित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तार से जानकारी प्रदान की गई।
पीएम स्वनिधि योजना के हितग्राहियों को किया गया सम्मानित
आयोजन के दौरान महापौर श्रीमती संजूदेवी राजपूत सहित उपस्थित अतिथियों ने पीएम स्वनिधि योजना के हितग्राही उमा द्विवेदी, सावित्री यादव, अनीता कुर्रे, पवन कुमार, चन्द्रशेखर सारथी, प्रकाश तिवारी, रेहाना खान, कुसुम शुक्ला, सदाम हुसैन, सुब्रत साह, सावित्री जायसवाल, अमित कुमार, अनु तिवारी, शांति खडिया, पूर्णिमा सिदार, ज्योति सिंह, दीपक तिवारी, कविता बेला, प्रेमलता राठौर, जलेश्वर प्रसाद श्रीवास आदि को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ शिक्षक श्री घनश्याम श्रीवास के द्वारा किया गया, जबकि निगम के अपर आयुक्त श्री विनय मिश्रा ने आभार प्रदर्शन किया।
आयोजित पीएम स्वनिधि महोत्सव एवं लोक कल्याण मेला के दौरान सभापति नूतन सिंह ठाकुर, वरिष्ठ पार्षद नरेन्द्र देवांगन व अशोक चावलानी, नेता प्रतिपक्ष कृपाराम साहू, एमआईसी सदस्य अजय कुमार चन्द्रा, फिरतराम साहू, ममता यादव, धनकुमारी गर्ग, अजय गोंड़, सरोज शांडिल्य, पार्षद लक्ष्मण श्रीवास, गोपाल कुर्रे, रामकुमार साहू, सीमा कंवर, मंगलराम बंदे, रूबीदेवी सागर, चेतन सिंह मैत्री, राधा महंत, प्रीति दिनेश शर्मा, बद्रीकिरण, पंकज देवांगन, राकेश वर्मा, प्रताप सिंह कंवर, मुकुंद सिंह कंवर, कल्याणी यादव, रामाधार पटेल, सुनीता चौहान, रजत खुंटे, सुलोचना यादव, चंदा देवी, चन्द्रकली जायसवाल, प्रेमकुमार साहू आदि के साथ निगम के अधिकारी कर्मचारीगण, विभिन्न बैंकों के अधिकारी कर्मचारी एवं काफी संख्या में शहरी पथ विक्रेता, लघु व्यवसायी उपस्थित थे।
दीपका महाप्रबंधक कार्यालय में तालाबंदी आंदोलन के बाद बिलासपुर में सीएमडी सभागार में हुई मैराथन चर्चा
बसाहट, मुआवजा, मकान नापी, सोलसियम और अविलंब नौकरी जैसी प्रमुख मांगों पर SECL प्रबंधन के साथ बनी सकारात्मक सहमति
बिलासपुर/कोरबा। कटघोरा विधायक प्रेमचंद पटेल के कुशल नेतृत्व में हरदीबाजार, रेंकी और सराईसिंगार के भूविस्थापितों की वर्षों पुरानी जायज मांगों को लेकर एसईसीएल (SECL) मुख्यालय बिलासपुर स्थित सीएमडी सभागार में एक महत्वपूर्ण व उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई ।
उल्लेखनीय है कि 19 सितंबर को भूविस्थापितों ने अपनी मांगों के समर्थन में दीपका महाप्रबंधक के मुख्य गेट पर 8 घंटे तक ऐतिहासिक तालाबंदी आंदोलन किया था, तीन दौर की वार्ता के बाद एसडीएम कटघोरा नितिन दुबे और जीएम दीपका की मध्यस्थता से आज 21 सितंबर सोमवार को बिलासपुर मुख्यालय में बैठक आयोजित करने की सहमति बनी थी।
सोमवार को आयोजित इस उच्चस्तरीय बैठक में एसईसीएल प्रबंधन की ओर से निदेशक (कार्मिक/डीएचआर) बीरंची दास निदेशक (तकनीकी/पीएंडपी), मोहपात्रा जीएम (एलएंडआर), बिपिन कुमार लाल और दीपका जीएम अशोक कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे ।
बैठक में निम्नलिखित प्रमुख बिंदुओं और भूविस्थापितों की मांगों पर गंभीरता से चर्चा हुई, तथा सहमति बनी:-
पूर्ण विकसित बसाहट:- सुपेतपारा बाईपास के पास उतरदा की जमीन पर सहमति न बनने के पश्चात, जयंती नगर को ही पूर्ण रूप से सर्वसुविधायुक्त विकसित कर भूविस्थापितों को बसाहट देने पर सहमति बनी ।
मकान नापी एवं सोलसियम मुआवजा:- 2004-2010 अधिग्रहण के पश्चात खरीदी-बिक्री के बाद बने मकानों के नापी के आधार पर मकान मालिकों को सोलसियम सहित मुआवजा देने पर गहन विचार हुआ ।
ड्रोन सर्वे के मकानों पर 100% मुआवजा:- ड्रोन सर्वे के बाद बने मकानों को नया मानकर की गई 60% कटौती के निर्णय पर पुनर्विचार करते हुए, उन्हें पूर्ण सोलसियम के साथ 100% मुआवजा राशि स्वीकृत करने पर सार्थक चर्चा हुई ।
2004 अधिग्रहण नीति के तहत नौकरी:- वर्ष 2004 के अधिग्रहण के समय लागू नीतियों के तहत हर खाते पर नौकरी देने के विषय पर एसईसीएल प्रबंधन ने विचार कर सकारात्मक निर्णय लेने का आश्वासन दिया ।
अधिग्रहण एवं बसाहट:- शेष बचे 212 एकड़ भूमि के अधिग्रहण और बसाहट के संदर्भ में भी जल्द रुख स्पष्ट किया जाएगा ।
अन्य गांवों के लंबित मामले:- अमगांव, दर्राखांचा, जोकही, डबरी, मलगांव और सुवाभोड़ा के भूविस्थापितों के बचे हुए रोजगार, मुआवजा व बसाहट से जुड़े प्रकरणों को 15 दिनों के भीतर अविलंब निपटाने पर पूर्ण सहमति बनी ।
मकान न तोड़े जाने का निर्देश:- जब तक मुआवजा राशि का पूर्ण भुगतान नहीं हो जाता, तब तक हरदीबाजार में किसी भी मकान को नहीं तोड़ा जाएगा ।
बैठक के अंत में एसईसीएल निदेशकों की टीम ने आश्वस्त किया कि भूविस्थापितों द्वारा उठाए गए सभी विषयों पर गहराई से विचार कर आगामी 4 से 5 दिनों के भीतर लिखित में आधिकारिक निर्णय सौंप दिया जाएगा ।
बैठक में विधायक प्रेमचंद पटेल के साथ हरदीबाजार सरपंच लोकेश्वर कंवर, उपसरपंच रेखा जायसवाल, श्यामू जायसवाल, रघुराज सिंह उईके, नरेश टंडन, व्यास राठौर, महेंद्र राठौर, राजेश जायसवाल, शिव यादव, फिरोज खान, जगदीश अग्रवाल, अनिल टंडन, मन्नु राठौर, राजाराम राठौर, प्रदीप पांडेय, ममता ओग्ररे, प्रेम डिक्सेना, शशीधर सोनी, सुरेंद्र राठौर, प्रदीप राठौर, इंद्रभूषण ओढ़े, सुधीर कंवर, चंद्रिका प्रजापति, दिलीप राठौर, कमलेश राठौर, पंकज धुर्वा, रमन कुल्हाड़े ,गणेश श्रीवास सहित भारी संख्या में भूविस्थापित ग्रामीण उपस्थित रहे ।
25 सितंबर तक जिले के पांचों जनपद पंचायत क्षेत्रों में लगेंगे विशेष शिविर
कोरबा, 21 सितंबर 2026। कलेक्टर कुणाल दुदावत के निर्देशानुसार जिले के दिव्यांगजनों को आवश्यक सहायक उपकरण उपलब्ध कराने तथा दिव्यांगता प्रमाण पत्र एवं यूडीआईडी कार्ड बनाने के लिए जनपद पंचायतवार विशेष मूल्यांकन एवं परीक्षण शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इन शिविरों के माध्यम से दिव्यांगजनों को स्वास्थ्य परीक्षण, आवश्यक दस्तावेजों की प्रक्रिया तथा पात्रतानुसार सहायक उपकरण उपलब्ध कराने की सुविधा एक ही स्थान पर प्रदान की जाएगी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार जनपद पंचायत कटघोरा में 23 सितंबर, जनपद पंचायत पोड़ी-उपरोड़ा में 24 सितंबर तथा जनपद पंचायत कोरबा में 25 सितंबर 2026 को शिविर आयोजित किए जाएंगे। शिविर संबंधित मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत द्वारा चयनित स्थान पर आयोजित होंगे। शिविर में दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण हेतु उपस्थित कराने, दिव्यांगता प्रमाण पत्र एवं यूडीआईडी कार्ड के लिए पंजीयन कराने, शिविर स्थल तक दिव्यांगजनों को लाने-ले जाने की व्यवस्था करने तथा आवश्यक प्रचार-प्रसार की जिम्मेदारी संबंधित जनपद पंचायतों को सौंपी गई है। नगर पालिका, नगर पंचायत एवं नगर पंचायत क्षेत्रों के अधिकारियों को भी अपने क्षेत्र के दिव्यांगजनों की शिविर में उपस्थिति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग द्वारा शिविर स्थल पर चिकित्सकीय दल एवं विशेषज्ञों की ड्यूटी लगाकर चलित चिकित्सा इकाई के माध्यम से आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। समाज कल्याण विभाग द्वारा दिव्यांगजनों के लिए आवश्यक प्रपत्रों की व्यवस्था तथा सहायक उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। जिला परियोजना समन्वयक, समग्र शिक्षा द्वारा शिविर में पंजीयन एवं आवश्यक समन्वय की व्यवस्था की जाएगी। जनसंपर्क विभाग द्वारा शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा। शिविर में आने वाले दिव्यांगजनों को दो रंगीन पासपोर्ट आकार के फोटो, आधार कार्ड एवं पेन कार्ड की छायाप्रति तथा दिव्यांगता प्रमाण पत्र की छायाप्रति साथ लाना होगा। दिव्यांगजनों से अपील की गई है कि वे निर्धारित तिथि को संबंधित शिविर में उपस्थित होकर शासन की सुविधाओं का लाभ उठाएं। दिव्यांगजनों के लिए यह शिविर प्रमाण पत्र से लेकर आवश्यक सहायक उपकरण तक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
सुश्री ज्योति कंवर को मिली उच्च शिक्षा के लिए रूपये 53 हजार 500 की आर्थिक सहायता कलेक्टरकुणाल दुदावत ने बढ़ाया मेधावी छात्रा का हौसला
कोरबा, 21 सितंबर 2026। कोरबा जिले के खनन प्रभावित क्षेत्रों के मेधावी विद्यार्थियों के उच्च शिक्षा के सपनों को साकार करने की दिशा में जिला प्रशासन द्वारा निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देशानुसार जिले में खनन प्रभावित क्षेत्रों के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए आर्थिक सहयोग प्रदान किया जा रहा है, ताकि आर्थिक परिस्थितियां उनकी प्रतिभा और लक्ष्य के मार्ग में बाधा न बनें। कैबिनेट मंत्री लखन लाल देवांगन एवं कलेक्टर कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन में डीएमएफटी कोरबा अंतर्गत स्वामी विवेकानंद जिला खनिज न्यास शिक्षा प्रोत्साहन योजना के माध्यम से जिले के अनेक मेधावी विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए आवश्यक आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। योजना का उद्देश्य विद्यार्थियों को उनकी प्रतिभा के अनुरूप बेहतर शिक्षा के अवसर उपलब्ध कराना और उन्हें अपने निर्धारित लक्ष्य तक पहुंचने के लिए आवश्यक सहयोग प्रदान करना है। इसी क्रम में आज विकासखंड पाली अंतर्गत ग्राम मुड़कछार निवासी सुश्री ज्योति कंवर को उच्च शिक्षा के लिए रूपये 53 हजार 500 की आर्थिक सहायता प्रदान की गई। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने ज्योति कंवर को सहायता राशि का चेक प्रदान करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी और उन्हें अपने लक्ष्य के प्रति निरंतर मेहनत एवं समर्पण के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया। सुश्री ज्योति कंवर ने कक्षा 12वीं की शिक्षा प्रयास आवासीय विद्यालय से पूर्ण करने के बाद राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा में सफलता हासिल की। उनकी मेहनत और प्रतिभा के परिणामस्वरूप उनका चयन शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय, महासमुंद में हुआ है। चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने के उनके इस सपने को पूरा करने में डीएमएफटी की शिक्षा प्रोत्साहन योजना के तहत मिली आर्थिक सहायता महत्वपूर्ण साबित होगी। आर्थिक सहयोग प्राप्त होने पर सुश्री ज्योति कंवर ने जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सहायता उन्हें अपनी उच्च शिक्षा जारी रखने और अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ने में महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान करेगी।