प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) अंतर्गत आवास मेला समारोह का किया गया आयोजन
उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन भी हुए शामिल
कोरबा । टीपी नगर के राजीव गांधी आडिटोरियम में आयोजित प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) अंतर्गत आवास मेला समारोह में मुख्य अतिथि प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री अरूण साव ने कहा कि हमारे छत्तीसगढ़ राज्य के समग्र विकास की परिकल्पना को केन्द्र व राज्य सरकार मिलकर साकार कर रही है। हमारा संकल्प था कि छत्तीसगढ़ राज्य को ’’हमने बनाया है – हम ही संवारेंगे’’ और आज यह संकल्प तेजी के साथ पूरा हो रहा है। प्रदेश में विकास के हर मोर्चे पर व्यापक स्तर पर कार्य हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गरीबी को अत्यंत निकट से देखा है, उन्होंने गरीबों के दर्द को समझा तथा गरीबों के हित में अनेक योजनाएं संचालित कराया। उप मुख्यमंत्री श्री साव ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत देश में 04 करोड़ गरीब परिवारों को पक्के मकान मिल चुके हैं, वहीं 03 करोड़ परिवारों को पक्के मकान दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कोरबा जिले में 60 हजार पक्के आवास बनाए जा चुके हैं तथा वर्तमान में 27 हजार हितग्राहियों के खाते में आवास की पहली किश्त के रूप में राशि डाली जा चुकी है। उन्होने कहा कि छत्तीसगढ़ में सभी गरीब परिवारों को पक्के मकान मिले, इसके लिए हमारी सरकार बनी तो मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने शपथ ग्रहण के दूसरे ही दिन प्रदेश में 18 लाख आवासगृहों के निर्माण की स्वीकृति पर हस्ताक्षर कर दिए। उन्होंने आगे कहा कि मोदी की सभी गारंटी तेजी के साथ पूरी की जा रही है। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री श्री साव ने योजना के हितग्राहियों को नवीन आवास स्वीकृत पत्र, पूर्ण आवासगृहों की चाबी, वन अधिकार पट्टा सहित अन्य सामग्रियों का वितरण किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रदेश के उद्योग, वाणिज्य व श्रम मंत्री लखनलाल देवांगन ने की।
सरगुजा से लेकर बस्तर तक बह रही विकास की बयारः मंत्री देवांगन – समारोह में प्रदेश के उद्योग, वाणिज्य व श्रम मंत्री लखनलाल देवांगन ने अपने उद्बोधन में कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ राज्य का तेजी से विकास किया जा रहा है, सरगुजा से लेकर बस्तर तक विकास की बयार बह रही है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के निर्देश पर भ्रष्टाचार मुक्त सरकार व भ्रष्टाचार मुक्त प्रशासन की तर्ज पर पूरे प्रदेश में पूरी गुणवत्ता के साथ कार्य हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार बनते ही मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने 18 लाख गरीब परिवारों के आवासगृहों की स्वीकृति पर हस्ताक्षर किए, इसके अंतर्गत केन्द्र सरकार द्वारा प्रथम चरण में साढे 08 लाख आवासगृहों की स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। वहीं निगम आयुक्त व जिला पंचायत की सी.ई.ओ. सुश्री प्रतिष्ठा ममगाई ने प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। इस अवसर पर कटघोरा विधायक प्रेमचन्द पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गरीब और जरूरतमंद लोगों को पक्के आवास बनाने का कार्य आंदोलन के रूप में लिया है, और इसे पूर्ण किया जा रहा है। जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती शिवकला छत्रपाल सिंह कंवर ने कहा अपना पक्का मकान बनाना किसी भी व्यक्ति का सपना होता है। शासन से दी जा रही राशि से आप अपना सपना पूरा कीजिए। उन्होंने सभी हितग्राहियों को आवास स्वीकृत होने एवं पूर्ण होने पर शुभकामनाएं दी। प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत जिला स्तरीय आवास मेला में कलेक्टर अजीत वसंत ने कहा जिले में 07 हजार से ज्यादा आवास पूर्ण कर लिए गए हैं। 150 आवासों पर 01 आवास मित्र की नियुक्ति की जा रही, जिसमे से आज आवास मित्रों को नियुक्ति पत्र प्रदाय किए जा रहे है. कलेक्टर ने आवास के हितग्राहियों से आग्रह किया कि आगामी 04 माह में अपना पक्का आवास बना लेवे, शासन से इसके लिए राशि उपलब्ध कराई जा रही है. उन्होंने कहा कि किसी भी शासकीय, गैर शासकीय, असामाजिक तत्वों की बातों में न आए और किसी को आवास निर्माण के लिए एक रुपया भी न दें। आवास निर्माण की राशि के दुरुपयोग को रोकने के लिए जिला प्रशासन प्रतिबद्ध है।
जिले के नगरीय निकायों को 16 करोड रू. के विकास कार्यो की सौगात – उपमुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री साव के मुख्य आतिथ्य एवं उद्योग, वाणिज्य व श्रम मंत्री श्री देवांगन की अध्यक्षता में आयोजित भूमिपूजन व लोकार्पण कार्यक्रम में जिले के नगरीय निकायों को लगभग 16 करोड़ रूपये के विकास कार्यो की सौगात प्रदान की गई। जिसमें नगर पालिक निगम कोरबा के 12 करोड़ 80 लाख 38 हजार रूपये की लागत वाले 20 विकास कार्यो का भूमिपूजन व लोकार्पण, नगर पालिका दीपका के 1.54 लाख 34 हजार रूपये की लागत के 03 विकास कार्यो, नगर पंचायत पाली के 01 करोड 26 लाख 28 हजार रूपये की लागत वाले 03 विकास कार्यो तथा नगर पंचायत छुरी के 10 लाख 25 हजार रूपये की लागत के 01 विकास कार्य शामिल है।
हितग्राहियों को मिली पक्के मकान की चाबी – आवास मेला में उपमुख्यमंत्री श्री साव व उद्योग मंत्री श्री देवांगन ने हितग्राहियों को उनके पक्के मकान की चाबी प्रदान की। भुलसीडीह निवासी रघुवर प्रसाद व धनसाय तथा बेला निवासी रामकुमार, ललितराम, गुरूवारी बाई को उनके पूर्ण आवास की चाबी सांकेतिक रूप से प्रदान की गई। इसी प्रकार ग्राम पंचायत औराई निवासी रामलाल, फिरताराम, सावन सिंह, सोहागपुर निवासी बट्टूलाल व पचपेड़ी निवासी दादूराम को नवीन आवास स्वीकृत पत्र प्रदान किया गया।
10 हितग्राहियों को मिला वन अधिकार पट्टा – कार्यक्रम में पाली विकासखंड के ग्राम ईरफ निवासी सुकलाल, हेरपाल, रतिराम, शिवपाल, सुनहर तथा भंडारखोल निवासी राजकुमार, सुनील कंवर, थानसिंह, भजन सिंह व इन्द्रभान को वन अधिकार पट्टा प्रदान किया गया। इसी प्रकार विभिन्न क्लस्टरों के लिए चयनित आवासमित्रों को भी सम्मान पत्र प्रदान किए गए।
कोरबा। जिला जल एवं स्वच्छता समिति की बैठक में कलेक्टर ने लोक स्वास्थय यांत्रिकी विभाग को निर्देशित किया कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत पूर्ण हो चुके कार्यों को संबंधित ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित किया जाए तथा जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) उनका क्रॉस वेरिफिकेशन करें। उन्होंने निर्देश दिए कि मार्च 2028 तक सभी लंबित कार्य पूर्ण कर लिए जाएं। कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि जिन योजनाओं में नल से नियमित रूप से पानी की आपूर्ति सुनिश्चित होगी, उन्हीं कार्यों का भुगतान किया जाएगा। उन्होंने ग्राम स्तर पर जल एवं स्वच्छता समितियों की नियमित बैठक आयोजित करने के भी निर्देश दिए। पाली के वनांचल क्षेत्र में योजना की दुर्गति कोरबा जिले के पाली ब्लाक के सुदूर वनांचल क्षेत्रों में जल जीवन मिशन के कार्यों की दुर्गति है। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी खण्ड कोरबा के कार्यपालन अभियंता रमन उरांव को जानकारी देने के बाद भी साल भर से निरीक्षण करने का समय तक नहीं मिला। क्षेत्र में काम करने वाले ठेकेदारों ने केन्द्र की इस महत्वाकांक्षी योजना का बंटाधार कर दिया है और यदि सही जांच कराई जाए तो करोड़ों का भ्रष्टाचार निकलेगा। जल जीवन मिशन में कार्य करने वाले ठेकेदार करोड़पति बन गए और इनके तथा अधिकारियों की मिलीभगत से जहां योजना का लाभ अधिकांश एवं गांवों को नहीं मिल पा रहा है, वहीं गुणवत्ताहीन निर्माण कार्यों से योजना प्रारंभ होने से पहले ही दम तोड़ रही है और ठेकेदार भी कार्यवाही के अभाव में मदमस्त हैं।
मानदेय शिक्षकों की भर्ती में गड़बड़ी की शिकायत पर प्रधानपाठकों की वेतनवृद्धि रोकने के निर्देश कोरबा। समय सीमा की बैठक में मंगलवार को कलेक्टर कुणाल दुदावत के तेवर सख्त दिखे। उन्होंने शिक्षा विभाग की समीक्षा में विभाग की लापरवाही देखी। शिक्षा विभाग के अंतर्गत स्कूलों में पाठ्यपुस्तकों के वितरण एवं स्कूलवार स्कैनिंग कार्य की समीक्षा की। मानदेय शिक्षकों की भर्ती में गड़बड़ी संबंधी प्राप्त शिकायतों के निराकरण में प्रगति नहीं होने पर कलेक्टर ने संबंधित प्रधानपाठकों की वेतनवृद्धि रोकने तथा जिला शिक्षा अधिकारी को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने विकासखंड कोरबा एवं पोड़ी-उपरोड़ा में स्कैनिंग की धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए 31 जुलाई तक सभी विकासखंडों में शत-प्रतिशत स्कैनिंग पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने वेंडर से समन्वय कर सरस्वती साइकिल योजना के अंतर्गत बालिकाओं को शीघ्र साइकिल वितरण सुनिश्चित करने तथा स्कूली विद्यार्थियों को गणवेश का दूसरा सेट उपलब्ध कराने के लिए उच्च अधिकारियों से समन्वय करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने पीएम पोषण गार्डन के लिए विद्यालयों की जानकारी 31 जुलाई तक उपलब्ध कराने, अहाताविहीन विद्यालयों की सूची तैयार करने तथा संबंधित जनपद पंचायतों के सीईओ को सरपंच एवं सचिव के माध्यम से उसका सत्यापन कराने के निर्देश दिए। उन्होंने अपार आईडी से वंचित विद्यार्थियों के लिए 1 अगस्त से 31 अगस्त तक विशेष शिविर आयोजित कर अपार आईडी बनाने तथा आधार एवं यू-डाइस से संबंधित त्रुटियों का निराकरण करने के निर्देश दिए। छात्र सुरक्षा बीमा की राशि समय पर उपलब्ध नहीं कराए जाने की शिकायत के मामले में कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के संबंधित शाखा प्रभारी के विरुद्ध कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए।
कोरबा। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी कुणाल दुदावत ने विकासखंड कटघोरा अंतर्गत संचालित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय, छुरीकला में विद्यार्थियों द्वारा विद्यालय की व्यवस्थाओं एवं सुविधाओं से संबंधित प्राप्त गंभीर शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए चार सदस्यीय जांच समिति गठित की है। समिति को प्रकरण की निष्पक्ष एवं तथयपरक जांच कर एक सप्ताह के भीतर अपना प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्राचार्य को हटाने बच्चों ने विधायक पटेल और जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन के काफिले का कर दिया था घेराव
गठित जांच समिति में सहायक आयुक्त आदिवासी विकास कोरबा, तहसीलदार कटघोरा, सहायक लेखा अधिकारी तथा कनिष्ठ लेखा अधिकारी (कार्यालय सहायक आयुक्त आदिवासी विकास, कोरबा) को सदस्य बनाया गया है। समिति विद्यालय में उपलब्ध व्यवस्थाओं, विद्यार्थियों को प्रदत्त सुविधाओं तथा शिकायतों से जुड़े सभी बिंदुओं की विस्तृत जांच करेगी। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने स्पष्ट किया है कि विद्यार्थियों के हितों एवं गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। शिकायतों की निष्पक्ष जांच के आधार पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
सहायक आयुक्त की कार्यशैली पर भी सवाल!
एकलव्य आवासीय विद्यालय में बच्चों ने कुछ दिन पूर्व पुलिस में शिकायत की थी, लेकिन सहायक आयुक्त को निरीक्षण करने का समय ही नहीं मिला। महीनों से बच्चों को दूषित भोजन दिया जा रहा, लेकिन सहायक आयुक्त को कुछ पता ही नहीं।