देश
राहुल गांधी ने म्यूनिख में BMW प्लांट देखा:कहा- भारत में मैन्युफैक्चरिंग में गिरावट आ रही: जर्मनी के तीन दिन के दौरे पर हैं
नई दिल्ली/ म्यूनिख,एजेंसी। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बुधवार को जर्मनी में कहा, ‘मैन्युफैक्चरिंग मजबूत अर्थव्यवस्थाओं की रीढ़ होती है। दुर्भाग्य से भारत में मैन्युफैक्चरिंग में गिरावट आ रही है। विकास को तेज करने के लिए हमें ज्यादा से ज्यादा उत्पादन करना होगा। मैन्युफैक्चरिंग का इकोसिस्टम बनाना होगा।’
राहुल गांधी प्रोग्रेसिव अलायंस के आमंत्रण पर तीन दिन के दौरे पर आज जर्मनी पहुंचे। ये अलायंस दुनियाभर की 117 प्रगतिशील राजनीतिक पार्टियों का एक प्रमुख समूह है।
राहुल ने पहले दिन म्यूनिख स्थित ऑटोमोबाइल कंपनी BMW के मुख्यालय का दौरा किया। यहां उन्होंने विभिन्न कारों और मोटरसाइकिलों के बारे में जानकारी ली। राहुल देर रात बर्लिन में IOC कार्यक्रम में भाग लेंगे।
BMW प्लांट के दौरे की फोटोज

राहुल ने BMW इसेट्टा देखी। यह 1950 के दशक की आइकॉनिक माइक्रो कार है, जो इटालियन Iso के डिजाइन पर BMW ने 1955-62 तक लाइसेंस पर बनाई। 2 सीटर छोटी कार फ्यूल एफिशिएंट होने से यूरोप में हिट हुई। इसमें 13hp पावरफुल इंजन आता था। इसकी टॉप स्पीड 90kmph थी। इसकी कुल 1,61,000 यूनिट्स बिकीं थीं।

BMW और TVS ने पार्टनशिप में 450cc की यह एडवेंचर बाइक बनाई है। राहुल इस बाइक पर बैठे भी। उन्होंने कहा- यह कमाल है। भारतीय इंजीनियरिंग पर हमें गर्व है। राहुल ने स्टाफ से इस बाइक की खासियत भी जानी। भारत में इसे अगले साल तक लॉन्च किया जा सकता है।

राहुल ने बीएमडब्ल्यू iX3 नई जनरेशन की फुली इलेक्ट्रिक स्पोर्ट्स कार भी देखी। ये सिर्फ 4.9 सेकंड में 0-100kmph की स्पीड पर दौड़ सकती है। इसकी टॉप स्पीड 210kmph है। इसमें 108.7 kWh बैटरी से WLTP रेंज 679-805 km मिलती है। भारत में ये 2026 में लॉन्च होगी।

राहुल ने रोल्स-रॉयस फैंटम को भी देखा। यह दुनिया की सबसे लग्जरी कारों में से एक मानी जाती है, जो 2003 से बिक रही है। 2025 मॉडल में 6.75-लीटर ट्विन-टर्बो V12 इंजन है, जो 563 hp पावर देता है। स्टारलाइट हेडलाइनर, कस्टम इंटीरियर और साइलेंट राइड के साथ शुरुआती कीमत 4.68 करोड़ रुपए है।
राहुल गांधी का पिछले 6 महीनों में यह चौथा विदेश दौरा
राहुल 19 दिसंबर तक जर्मनी में ही रहेंगे। उनका जर्मनी दौरा ऐसे समय में हो रहा है, जब देश में संसद का शीतकालीन सत्र (1 से 19 दिसंबर तक) चल रहा है। इसको लेकर भाजपा ने राहुल के जर्मनी दौरे पर निशाना साधा था।
राहुल गांधी का पिछले 6 महीनों में यह चौथा विदेश दौरा है। इससे पहले जुलाई से लेकर सितंबर के बीच वे लंदन, मलेशिया, ब्राजील-कोलंबिया की यात्रा पर गए थे।
राहुल के जर्मनी पहुंचने के बाद की तस्वीरें…

लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी बुधवार को जर्मनी की राजधानी बर्लिन पहुंचे। इस दौरान उनके साथ भारतीय विदेश कांग्रेस (IOC) के पदाधिकारी।

राहुल गांधी का बर्लिन पहुंचने पर कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया और उनके साथ फोटो खिंचवाई।
भाजपा बोली थी- उनके लिए ‘LoP’ लीडर ऑफ पर्यटन
राहुल गांधी की जर्मनी यात्रा पर भाजपा नेता शहजाद पूनावाला ने कहा था- राहुल गांधी ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि ‘LoP’ का मतलब ‘लीडर ऑफ पर्यटन’ होता है। वे लीडर ऑफ पार्टींइंग (पार्टी करने वाले नेता हैं)।
इधर, कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने राहुल गांधी का बचाव करते हुए कहा था- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने काम का आधा समय विदेश में बिताते हैं। फिर भाजपा की ओर से विपक्ष के नेता की विदेश यात्रा पर सवाल क्यों उठाए जा रहे हैं?
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Citroen Cars Discount : कार खरीदने का शानदार मौका! Citroen ने इन गाड़ियों पर किया डिस्काउंट का ऐलान
मुंबई, एजेंसी। Citroen ने अपने ग्राहकों के लिए चुनिंगा गाड़ियों पर डिस्काउंट का ऐलान किया है। ये डिस्काउंट मॉडल के आधार पर दिए जाएंगे और ग्राहक इसका फायदा 30 जून तक उठा सकते हैं। डिटेल में जानते हैं इन डिस्काउंट के बारे में-

Citroen Basalt
Basalt कूप-SUV पर इस महीने 1.4 लाख रुपये तक का डिस्काउंट मिल रहा है। इसमें 82hp, 115Nm वाला 1.2-लीटर नैचुरली एस्पिरेटेड (NA) पेट्रोल इंजन या 110hp, 190Nm वाला 1.2-लीटर टर्बोचार्ज्ड पेट्रोल इंजन मिलता है। NA इंजन के साथ 5-स्पीड मैनुअल ट्रांसमिशन मिलता है, जबकि टर्बो-पेट्रोल इंजन 6-स्पीड मैनुअल या 6-स्पीड ऑटोमैटिक गियरबॉक्स के साथ आता है। ऑटोमैटिक गियरबॉक्स के साथ, टर्बो-पेट्रोल इंजन 205Nm का ज़्यादा टॉर्क देता है। मार्केट में इसकी कीमत 8.55 लाख रुपये से 13.75 लाख रुपये की के बीच है।

Citroen Aircross
Citroen Aircross पर कंपनी इस महीने 1.4 लाख रुपये तक का डिस्काउंट दे रही है। अपने सेगमेंट में यह एकमात्र 7 सीटर एसयूवी है। इसकी कीमत 8.89 लाख रुपये से 13.99 लाख रुपये तक जाती है।
Citroen C3
Citroen C3 की खरीदी करने पर आप 1.1 लाख रुपए तक की बचत कर सकते हैं। इसकी कीमत 4.99 लाख रुपये से 9.60 लाख रुपये के बीच की है।
देश
Tata के iPhone प्लांट पर पर्यावरण नियमों के उल्लंघन का आरोप, बंद हो सकती है फैक्ट्री
मुंबई, एजेंसी। भारत में iPhone निर्माण से जुड़े एक प्रमुख संयंत्र को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। तमिलनाडु के होसुर स्थित टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स के प्लांट पर आसपास की कृषि भूमि और भूजल को प्रदूषित करने के आरोप लगे हैं। मामले की जांच के बाद राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कंपनी से जवाब मांगा है और संतोषजनक स्पष्टीकरण न मिलने पर फैक्ट्री बंद करने तक की चेतावनी दी है।
यह प्लांट Apple के iPhone के लिए बैक पैनल और अन्य महत्वपूर्ण पुर्जों का निर्माण करता है। पिछले कई महीनों से प्लांट के आसपास के किसानों ने शिकायत की थी कि फैक्ट्री से निकलने वाला अपशिष्ट जल के कारण उनकी खेती और जल स्रोत को प्रभावित कर रहा है। किसानों की शिकायत के बाद राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने जांच शुरू की और अब मामला गंभीर रूप ले चुका है।

जांच के दौरान बोर्ड ने नोटिस में कहा कि फैक्ट्री परिसर के एक तालाब से निकला पानी आसपास के कृषि क्षेत्रों तक पहुंचा, जिससे भूजल प्रदूषण की आशंका पैदा हुई। बोर्ड ने यह भी आरोप लगाया कि दिसंबर 2025 में जारी निर्देशों के बावजूद कंपनी ने जरूरी सुधारात्मक कदम नहीं उठाए। इसी वजह से मई में जारी नोटिस में पूछा गया कि आखिर क्यों न यूनिट की बिजली आपूर्ति काट दी जाए और संचालन बंद कर दिया जाए। यह चेतावनी टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए बड़ी चुनौती बनकर सामने आई है।
टाटा ने आरोपों को किया खारिज
वहीं, टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स ने इन सभी आरोपों को खारिज किया है। कंपनी का कहना है कि उसने एक मान्यता प्राप्त स्वतंत्र प्रयोगशाला द्वारा कराई गई जांच में संयंत्र को सभी पर्यावरणीय मानकों के अनुरूप पाया गया है। कंपनी ने दावा किया है कि वह पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय समुदायों के हितों के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है तथा प्रदूषण नियंत्रण अधिकारियों को अपना जवाब सौंप चुकी है।
पर्यावरण और उद्योग के बीच संतुलन की चुनौती
विशेषज्ञों का मानना है कि औद्योगिक विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन बनाए रखना जरूरी है। एक तरफ भारत वैश्विक कंपनियों के लिए उत्पादन केंद्र बनने की कोशिश कर रहा है, वहीं दूसरी तरफ स्थानीय समुदायों और किसानों की चिंताओं को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। अब सभी की नजर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स के बीच होने वाली आगे की कार्रवाई पर टिकी है।
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स्मार्टफोन की बिक्री में 35% की बड़ी गिरावट, कीमत बढ़ने से मांग पर दबाव
नई दिल्ली, एजेंसी। देश में स्मार्टफोन की बढ़ती कीमतों का असर अब बिक्री पर साफ दिखाई देने लगा है। रिटेलरों का कहना है कि मई में मोबाइल की बिक्री में सालाना आधार पर रिकॉर्ड 30-35 प्रतिशत की गिरावट आई है। इसकी वजह यह है कि मेमरी चिप की बढ़ती लागत की भरपाई के लिए कंपनियां नवंबर 2025 से लगातार कीमतों में बढ़ोतरी कर रही हैं। अभी कुल बिक्री में से 60 प्रतिशत हिस्सा ऑफलाइन का है, जबकि 40 प्रतिशत बिक्री ऑफलाइन के जरिए होती है। कुल मिलाकर ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह की बिक्री में भारी गिरावट आएगी।

काउंटरपॉइंट रिसर्च के अनुसार मई में शिपमेंट में सालाना आधार पर 15-20 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। जून में भी इसी तरह की कमजोरी बने रहने की संभावना जताई गई है। साल 2026 की पहली तिमाही में मोबाइल शिपमेंट में गिरावट 3 प्रतिशत रही थी लेकिन दूसरी तिमाही में यह गिरावट 15 प्रतिशत से ज्यादा रहने का अनुमान है।
रिपोर्ट के अनुसार, जनवरी और मई के बीच स्मार्टफोन की औसत कीमत में 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। यह बढ़ोतरी पिछले साल हुई कीमतों में वृद्धि के अलावा है। रिटेलरों का कहना है कि कीमतें बढ़ने के बाद से कुछ मामलों में कुल असर 40-45 प्रतिशत तक रहा है।
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