कोरबा
पुरखा के सुरता: ग्रामीण परिवेश की दिखी झलक
कोरबा। करतला ब्लॉक के गवर्नमेंट कॉलेज करतला में जनजातीय गौरव माह के तहत पुरखा के सुरता कार्यक्रम में ग्रामीण परिवेश की झलक आकर्षण का केन्द्र रहा।
कार्यक्रम जनजातीय समाज के गौरवशाली अतीत, ऐतिहासिक, सामाजिक, आध्यात्मिक योगदान विषय पर आधारित रहा। जनजाति समाज के जनजीवन में उपयोग की सामान व उनके संस्कृति के सुरता के रूप में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ विद्या भारती के प्रांताध्यक्ष जुड़ावन सिंह ठाकुर, रघुराज सिंह उईके व वनवासी कल्याण आश्रम के संगठन मंत्री बीरबल सिंह ने किया। सभी ने मां सरस्वती, छत्तीसगढ़ महतारी, भगवान बिरसामुंडा, शहीद वीर नारायण सिंह, रानी दुर्गावती के तैल चित्र पर माल्यार्पण किया। इसके बाद राजकीय गीत का सामूहिक गायन किया।
प्राचार्य मृगेश कुमार यादव ने कार्यक्रम को नवाचार के क्षेत्र में विशिष्ट उपलब्धि बताई। कॉलेज में जनजाति गौरव समिति के संयोजक डॉ. सपना मिश्रा, मनीषा मिंज समेत अन्य प्राध्यापकों ने छात्रों के साथ मिलकर कार्यक्रम को सफल बनाया। विद्या भारती के प्रांताध्यक्ष ठाकुर ने कहा कि जनजाति समाज की संस्कृति समृद्धि और विविधताओं से भरा है। अलग-अलग नृत्य, संगीत और कला समाई हुई है। जनजातीय समाज के लोगों ने पारंपरिक जीवन शैली को अपनाकर प्रकृति के साथ सामंजस्य बनाए रखा है। समाज के लोग समुदाय के विकास व उत्थान पर काम करते हुए शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक विकास के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।
कोरबा
सीएम हेल्पलाइन का शुभारंभ शीघ्र- कलेक्टर कुणाल दुदावत
सीएम हेल्पलाइन के प्रभावी संचालन के हेतु जिला स्तरीय अधिकारियों की कलेक्टर ने ली बैठक
पोर्टल से प्राप्त आवेदनों को गम्भीरता से लेने व समयसीमा में गुणवत्तापूर्ण निराकरण के दिए निर्देश
आमजन की शिकायतों का सीएम हेल्पलाइन से होगा समयबद्ध समाधान, 24 घंटे सातों दिन सक्रिय रहेगी हेल्पलाइन
कोरबा। राज्य में शीघ्र प्रारंभ होने वाले मुख्यमंत्री हेल्पलाइन एवं शिकायत प्रबंधन प्रणाली के जिले में प्रभावी क्रियान्वयन हेतु कलेक्टर कुणाल दुदावत की अध्यक्षता में आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक आयोजित हुई। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को पोर्टल से प्राप्त आवेदनों का समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने निर्देशित किया। इस हेतु विभाग प्रमुखों को अपने कार्यालयों में पोर्टल संचालन हेतु एक कर्मचारी की जिम्मेदारी तय करने की हिदायत दी। साथ ही आवेदनों के निराकरण में समयावधि पर विशेष ध्यान देने के लिए कहा। जिला कार्यालय के शिकायत शाखा में सीएम हेल्पलाइन प्रकोष्ठ तैयार करने हेतु निर्देशित किया।

बैठक में कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन एवं शिकायत प्रबंधन प्रणाली के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान करते हुए ऑनलाईन शिकायत पंजीयन एवं विभिन्न स्तर पर मॉनिटरिंग व निराकरण की चरणबद्ध प्रक्रिया को समझाया एवं पोर्टल के विभिन्न लेयर व उनके कार्यों की भी जानकारी दी।

कलेक्टर श्री दुदावत ने कहा मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मंशानुरूप प्रदेश के नागरिकों को शासकीय सेवाओं एवं योजनाओं तक सरल पहुंच और उनकी शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए राज्य सरकार द्वारा सीएम हेल्पलाइन एवं शिकायत प्रबंधन प्रणाली प्रारंभ की जा रही है। सुशासन एवं अभिसरण विभाग के अंतर्गत संचालित इस प्रणाली का उद्देश्य नागरिकों को शिकायत दर्ज कराने, शासकीय योजनाओं एवं सेवाओं की जानकारी उपलब्ध कराने तथा समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के लिए एकीकृत, सुलभ और विश्वसनीय माध्यम उपलब्ध कराना है। उन्होंने निर्देशित किया कि नागरिकों की समस्याओं का त्वरित एवं संतोषजनक निराकरण सभी अधिकारियों की सर्वाेच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। साथ ही पात्र हितग्राहियों को शासन की योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ समय पर उपलब्ध कराने और शिकायतों के समाधान में गुणवत्ता सुनिश्चित करने की बात कही। श्री दुदावत ने बताया कि सीएम हेल्पलाइन सेंटर सप्ताह के सातों दिन और 24 घंटे संचालित रहेगा। इसके माध्यम से प्रदेश का कोई भी नागरिक टोल फ्री नंबर 1076 सहित वेब पोर्टल, मोबाइल ऐप और व्हाट्सएप जैसे आधुनिक मल्टी चैनल के किसी भी माध्यम से कॉल करके, 24 x7 दिन अपनी शिकायत आसानी से दर्ज करा सकता है। शिकायत दर्ज होते ही उन्हें एक विशिष्ट पहचान संख्या मिलेगी। जिसके माध्यम से शिकायतकर्ता को अपनी शिकायत की पूरी स्थिति किस विभाग में, किस अधिकारी के पास लंबित है और कार्यवाही हुई या नहीं, इसके साथ ही समाधान में कितना समय लगेगा इसके बारे में विस्तृत जानकारी मिलेगी। शिकायत दर्ज होने के बाद उसे संबंधित विभाग और अधिकारी तक तुरंत पहुंचाया जाएगा। यह पूरी प्रक्रिया तकनीक आधारित मॉनिटरिंग सिस्टम से जुड़ी होगी, जिसमें हर स्तर पर अधिकारियों की जवाबदेही तय होगी और शिकायतों के अनावश्यक लंबित रहने की संभावना नहीं होगी। उन्होंने कहा कि इसमें नागरिकों का फीडबैक की सुविधा होगी। समाधान होने के बाद संबंधित नागरिक से सीधे संपर्क कर उसकी प्रतिक्रिया ली जाएगी, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि समस्या का वास्तव में समाधान हुआ है या नहीं। व्यक्ति अगर समाधान से संतुष्ट होता है, तभी शिकायत का पूर्ण निराकरण माना जाएगा। लेकिन यदि कोई असंतुष्ट है तो शिकायत स्वतः सक्रिय हो जाएगी। इस पूरी व्यवस्था की निगरानी सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय और संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की जाएगी। रियल टाइम मॉनिटरिंग की इस व्यवस्था से प्रशासन अधिक जवाबदेह, पारदर्शी और सक्रिय बनेगा। जिससे आम नागरिकों की समस्याओं का तेजी से निराकरण सुनिश्चित होगा।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी, वनमण्डलाधिकारी कटघोरा कुमार निशांत, निगमायुक्त आशुतोष पाण्डेय, डीएफओ कोरबा श्रीमती प्रेमलता यादव, सीईओ जिला पंचायत दिनेश नाग, अपर कलेक्टर देवेंद्र पटेल, एसडीएम कटघोरा तन्मय खन्ना, ओएसडी तरुण किरण, सहित सभी विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
कोरबा
अंधेरों में भी रोशनी खोजती शिवांगी, हौसलों की वो उड़ान जो कई जिंदगियाँ रोशन करेगी
कलेक्टर ने कम्प्यूटर सेट देकर दृष्टिबाधित शिवांगी का हौसला बढ़ाया
कोरबा। जिले के गेवरा बस्ती की दृष्टिबाधित दिव्यांग शिवांगी आज उन सभी लोगों के लिए मिसाल बन चुकी है जो जीवन की कठिनाइयों के सामने हार मान लेते हैं। बचपन में खिलखिलाती शिवांगी को क्या पता था कि बढ़ती उम्र के साथ उसकी आँखों की रोशनी धीरे-धीरे हमेशा के लिए धुंधली होती जाएगी। मासूम उम्र में शुरू हुआ यह संघर्ष समय के साथ पहाड़ सा बन गया, लेकिन शिवांगी का हौसला कभी नहीं टूटा।

शिवांगी ने बाकी बच्चों की तरह स्कूल जाना शुरू किया था, पर कुछ वर्षों बाद उसे महसूस होने लगा कि दृश्यों की दुनिया उससे दूर जा रही है। आर्थिक तंगी से जूझ रहे माता-पिता उसे लेकर जगह-जगह अस्पतालों में गए, दिल्ली तक ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने साफ शब्दों में कह दिया कि रेटिना की समस्या के कारण धीरे-धीरे दृष्टि पूरी तरह चली जाएगी। और एक दिन ऐसा भी आया जब कक्षा दसवीं में पहुंचते-पहुंचते उसकी आँखों की रोशनी पूरी तरह बुझ गई।
सपने केवल उसके नहीं टूटे, बल्कि उसके माता-पिता के भी बिखर गए। दसवीं की परीक्षा उसने सहयोगी लेखक की मदद से पास की, लेकिन आगे का रास्ता और कठिन होता जा रहा था। वह आगे बढ़ना चाहती थी, अपने पैरों पर खड़ा होना चाहती थी, पर परिवार की आर्थिक परिस्थितियाँ उसके हर सपने पर विराम लगा देती थीं। फिर भी शिवांगी ने हार नहीं मानी। उसने रायपुर जाकर कंप्यूटर प्रशिक्षण लिया, जहाँ उसने एमएस ऑफिस, पॉवर पॉइंट, एक्सेल जैसी तकनीकें सीखी और एनबीडीए सॉफ्टवेयर के माध्यम से कमांड सुनकर कंप्यूटर चलाने की कला भी सीखी। अंधेरा था, पर उसके भीतर का उजाला उससे कहीं अधिक चमक रहा था।
अपनी संघर्ष-कथा और आगे बढ़ने की इच्छाशक्ति को लेकर जब शिवांगी जनदर्शन में कलेक्टर कुणाल दुदावत के पास पहुंची, तो उसने स्वरोजगार के लिए एक कंप्यूटर की मांग रखी। कलेक्टर दुदावत ने उसकी लगन, संघर्ष और आत्मनिर्भर बनने की इच्छा को देखकर न केवल उसकी बात सुनी बल्कि उसे पूरा करने का आश्वासन भी दिया। यह आश्वासन जल्द ही हकीकत में बदल गया और शिवांगी को कंप्यूटर सेट प्रदान किया गया।
आज शिवांगी के लिए यह कंप्यूटर केवल मशीन नहीं, बल्कि नई जिंदगी की नई शुरुआत है। यह उसके अंधेरे में बुझी उम्मीदों को फिर से जगाने वाला दीपक है। वह अब प्रिंटिंग से संबंधित काम शुरू करके आत्मनिर्भर बनने की तैयारी में है। उसकी माँ राजेश्वरी सारथी, जो वर्षों से बेटी और बेटे की बीमारी को लेकर चिंतित रहती थीं, आज आश्वस्त हैं कि उनकी बेटी अब अपने पैरों पर खड़े होने की राह पर है। उनका कहना है कि कलेक्टर ने उनकी फरियाद सुनी और उनकी बेटी को नई दिशा दी, जिसके लिए वे आभारी हैं। शिवांगी खुद कहती है कि कंप्यूटर पाकर वह बेहद खुश है और इससे वह अपना छोटा व्यवसाय शुरू कर सकेगी।
शिवांगी की कहानी हमें सिखाती है कि इंसान की आंखें भले न देख पाएं, पर उसका हौसला कभी अंधा नहीं होता। उसका साहस, उसकी ललक और सीखने की उसकी जिद हर उस व्यक्ति के लिए प्रेरणास्रोत है जो किसी कठिनाई के कारण अपने सपनों से दूर हो जाता है। शिवांगी ने साबित किया है कि अंधेरा बाहर हो सकता है, भीतर नहीं, और जब भीतर उजाला हो तो रास्ते खुद-ब-खुद रोशन होते जाते हैं। इस अवसर पर समाज कल्याण विभाग के अधिकारी श्री हरीश सक्सेना और मुकेश दिवाकर भी उपस्थित रहे।
कोरबा
विकास कार्यों के लिए आबंटित शासकीय पैसे का दुरुपयोग करने वालो के ऊपर करें एफआईआर-कलेक्टर
समय-सीमा की बैठक में कलेक्टर कुणाल दुदावत ने अधिकारियों को दिए दिशा-निर्देश
नए शिक्षा सत्र से पहले अधूरे स्कूल भवनों को पूर्ण करने, गणवेश और किताबों का वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश
राशन दुकानों में खाद्यान्न का भंडारण एवं वितरण, पेंशन के लिए वंचित 60 वर्ष से अधिक वृद्ध और विधवाओं का सर्वे कर सूची तैयार करने के निर्देश
खाद-बीज वितरण के लिए किसानों से समन्वय कर लाभान्वित करने के निर्देश
कोरबा। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने आज समय-सीमा की बैठक लेकर विभागीय कार्यों और टीएल के लंबित प्रकरणों की समीक्षा की। कलेक्टर ने गाँव के विकास कार्य के लिए आवंटित राशि को शासकीय कार्य में खर्च न कर राशि का गबन करने वाले सरपंच, सचिव और संबंधित ठेकेदारों पर एफआईआर दर्ज कर कार्यवाही करने के निर्देश एसडीएम को दिए। उन्होंने स्पष्ट संदेश दिया कि शासकीय कार्य के लिए आबंटित राशि को किसी भी परिस्थिति में अन्य प्रयोजन के लिए खर्च करने या दुरुपयोग किए जाने पर जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

समय-सीमा की बैठक में कलेक्टर श्री दुदावत ने सभी जनपद सीईओ और नगरीय निकायों के सीएमओ को बैंक से समन्वय कर प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना अंतर्गत हितग्राहियों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रगति नहीं होने पर कोरबा जनपद सीईओ और कटघोरा सीएमओ को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने निर्माण एजेंसियों को जिला प्रशासन द्वारा तैयार निर्माण पोर्टल में जानकारी दर्ज करने के निर्देश दिए। उन्होंने पीडब्ल्यूडी, आरईएस सहित अन्य एजेंसियों को स्वीकृत स्कूल भवनों के निर्माण कार्य को गुणवत्तापूर्ण तरीके से नए शिक्षा सत्र से पूर्व पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्वामी आत्मानंद विद्यालय भवन के निर्माण में लापरवाही पर पीडब्ल्यूडी के ईई, एसडीओ और उप अभियंता को शोकॉज जारी करने के निर्देश दिए।
उन्होंने स्कूल भवन, स्वास्थ्य केंद्र, आंगनबाड़ी भवन निर्माण के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारियों को भवन के आसपास पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु आपसी समन्वय बनाने तथा स्टीमेट में बोर की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए शामिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने डीईओ को शिक्षण सत्र प्रारंभ होने से पूर्व विद्यार्थियों को गणवेश और किताबों का वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने खाद्य अधिकारी को निर्देशित किया कि 30 जून तक अनिवार्य रूप से सभी जगह खाद्यान्न का भंडारण कराया जाए और 1 जुलाई से 10 जुलाई तक राशनकार्ड धारियों को चावल का वितरण सुनिश्चित किया जाए।
कलेक्टर ने जिले में सर्वे कर वृद्धा और विधवा पेंशन के लिए वंचित हितग्राहियों की सूची तैयार कर सेचुरेट करने के निर्देश जिला पंचायत सीईओ और नगर पालिक निगम आयुक्त को दिए, ताकि पात्र हितग्राहियों को लाभान्वित किया जा सके।
कलेक्टर श्री दुदावत ने जिले में मानसून से पहले खाद-बीज वितरण की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने अभी तक के भंडारण प्रतिशत पर नाराजगी जताते हुए कृषि एवं सहकारिता विभाग को किसानों से समन्वय बनाकर वितरण में प्रगति लाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने शेष बचे किसानों के एग्रिस्टेक में प्रगति के निर्देश दिए। उन्होंने पीएम जनमन अंतर्गत आवास निर्माण कार्य में प्रगति लाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने पीएम आवास 2.0 की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देशित किया कि आवास निर्माण के कार्य शीघ्र प्रारंभ हो जाने चाहिए। उन्होंने पीएम सूर्यघर योजना में प्रगति लाने, कौशल विकास योजना अंतर्गत जिले के बेरोजगार युवाओं को रोजगारमूलक प्रशिक्षण प्रदान करने, पीएम इंटर्नशिप से युवाओं को लाभान्वित करने, आभा आईडी, व्यबन्दन योजना और मातृत्व वंदन योजना में प्रगति लाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने सभी जनपद सीईओ को वॉक वेस्ट जेनरेटर के लिए चिन्हांकन और पंजीयन करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने आज समय-सीमा की बैठक में पीएमओ, मुख्यमंत्री जनदर्शन, मानवाधिकार, कलेक्टर जनदर्शन सहित अन्य लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए शीघ्र निराकरण तथा संबंधित आवेदकों को सूचना देने के निर्देश दिए। उन्होंने सुशासन तिहार अंतर्गत प्राप्त सभी आवेदनों का समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में डीएफओ, नगर निगम आयुक्त, सीईओ जिला पंचायत, अपर कलेक्टर, एसडीएम तथा सभी जिला अधिकारी उपस्थित थे।
-
Uncategorized8 months agoसुमेधा पुल पर लुट कांड सहित तीन अलग अलग जगह पर लुटकांड करने वाले आरोपी पुलिस के गिरफ्त में,,,दो आरोपी नाबालिक,,,देखे पूरी खबर
-
कोरबा3 years agoकटघोरा विधायक पुरूषोत्तम कंवर के गुर्गों द्वारा दिव्य आकाश कर्मियों पर हमला की कोशिश
-
कोरबा2 years agoग्राम पंचायत पोड़ी के पूर्व सरपंच सचिव पर गबन के आधार पर अधिरोपित राशि 3341972/- रुपये शीघ्र वसूल हो- कय्युम बेग
-
कोरबा2 years agoकुसमुंडा खदान में डंपर पलट कर लगी आग, सरकारी गाड़ी में कोयला और डीजल चोर सवार थे, जलने से दोनों गंभीर
-
कोरबा2 years agoश्रीमती स्वाति दुबे का निधन
-
छत्तीसगढ़2 years agoबिलासपुर में अपोलो अस्पताल के 4 सीनियर डॉक्टर अरेस्ट
-
कोरबा3 years agoकटघोरा जनपद की 25 करोड़ की जमीन उनके करीबी कांग्रेसियों की 25 लाख में कैसे हो गई?
-
कोरबा2 years agoदर्री में 1320 मेगावाट विद्युत परियोजना के लिए नई सरकार गठन के बाद होगी पर्यावरणीय जनसुनवाई
