Connect with us

देश

जनवरी 2025 के बाद जनगणना शुरू हो सकेगी:सीमाएं सील करने की रोक हटी, 31 दिसंबर तक राज्य बॉर्डर बदल सकते हैं

Published

on

नई दिल्ली,एजेंसी। देशव्यापी जनगणना अब 2025 में ही शुरू हो पाएगी। जनगणना रजिस्ट्रार ने एक आदेश जारी कर राज्यों को अपने मंडलों, जिलों, सब-डिवीजनों, तहसीलों और गांवों की सीमाएं 31 दिसंबर 2024 तक बदलने की छूट दे दी है। पहले यह सीमा 30 जून तक ही थी।

दरअसल, जनगणना शुरू कराने के लिए सरकारी सीमाएं सील करना पहली शर्त है। सूत्रों के अनुसार, अब 1 जनवरी 2025 के बाद कभी भी जनगणना शुरू हो सकेगी।

सरकारी सीमाएं सील करने के आदेश पिछले दो साल से बढ़ रहा है। इसे देखते हुए उम्मीद जाहिर की जा रही थी कि जनगणना सितंबर में शुरू हो पाएगी।

OBC से जुड़ा कॉलम जोड़े जाने पर संशय

जातीय गिनती करने की राजनीतिक मांग को भी जनगणना शुरू होने के मार्ग की बाधा बताया जा रहा है। केंद्र को इस बारे में निर्णय लेना है कि जनगणना में ओबीसी संबंधी सवाल जोड़ा जाए या नहीं। सूत्रों का कहना है कि अगर यह सवाल जोड़ना है तो जनगणना एक्ट में संशोधन करना पड़ सकता है।

जनगणना जल्दी पूरी करने के 2 बड़े कारण

पहला: साल 2026 में गठित होने वाले डिलिमिटेशन कमिशन के आधार पर लोकसभा और विधानसभा सीटों का नए सिरे से सीमांकन होना है। 2026 तक लोकसभा, राज्यसभा और विधानसभाओं के निर्वाचन क्षेत्रों की संख्या पर फ्रीज लगा था। आबादी के नए आंकड़ों के हिसाब से इन निर्वाचन क्षेत्रों का नए सिरे से सीमांकन होगा। संसद की सीटों की संख्या भी बढ़ेगी।

दूसरा: इन बढ़ी सीटों के हिसाब से महिलाओं के लिए लोकसभा व विधानसभाओं में एक तिहाई सीटें आरक्षित की जाएंगी। इसके लिए ऐतिहािसक िवधेयक सितंबर 23 में पारित किया जा चुका है।

अगली जनगणना 2035 में होगी

2025 की जनगणना से नया सेंसस चक्र शुरू होगा। 2025 के बाद 2035 और 2045 में जनगणना होगी। 1881 से हर दस साल बाद होने वाली जनगणना 2021 में होनी थी, जो 3 साल की देरी से शुरू होगी। पूरी कवायद 2 से ढाई साल में पूरी होगी।

ऐसे में इस डेटा को 2031 तक सीमित रखना तार्किक नहीं होगा। इस बार की जनगणना डिजिटल होगी और सेल्फ इन्यूमिरेशन ऐप का सहारा भी लिया जाएगा। जनगणना की जो कवायद 3 साल में फैली होती है, उसे 18-24 महीनों में पूरा करने का प्रयास किया जाएगा।

जनगणना निर्वाचन क्षेत्रों का परिसीमन और योजनाएं-नीतियां बनाने के लिए जरूरी

शासन-प्रशासन के लिए जनगणना का बेसिक डेटा बहुत जरूरी है। जनगणना में जुटाए गए आंकड़ों के आधार पर यह तय होता है की विधानसभाओं और लोकसभा में कितनी सीटें आरक्षित होंगी। जनगणना के आधार पर ही सरकार समाज कल्याण संबंधी नीतियां बनाती है। जनगणना के बाद ही संसदीय और विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों का परिसीमन होगा।

लोकसभा, राज्यसभा और विधानसभाओं के निर्वाचन क्षेत्रों की संख्या 2026 तक बढ़-घट नहीं सकती। वर्ष 2021 की आबादी के हिसाब से निर्वाचन क्षेत्रों का नए सिरे से सीमांकन होना है। इसके हिसाब से सीटें बढ़ सकती हैं। बढ़ी सीटों पर महिलाओं के लिए लोकसभा और विधानसभाओं में एक-तिहाई सीटें आरक्षित होनी हैं।

जातियों की गिनती के लिए एक्ट में संशोधन करना होगा

जनगणना एक्ट 1948 में एससी- एसटी की गणना का प्रावधान है। ओबीसी की गणना के लिए इसमें संशोधन करना होगा। इससे ओबीसी की 2,650 जातियों के आंकड़े सामने आएंगे। 2011 की जनगणना के अनुसार, मार्च 2023 तक 1,270 एससी, 748 एसटी जातियां हैं। 2011 में एससी आबादी 16.6% और एसटी 8.6% थी।

सामाजिक-आर्थिक गणना के आंकड़े जारी ही नहीं हुए

मनमोहन सिंह सरकार के दौरान 2011 में सामाजिक-आर्थिक और जातिगत जनगणना करवाई गई थी। इसे ग्रामीण विकास मंत्रालय, शहरी विकास मंत्रालय और गृह मंत्रालय ने करवाया था। हालांकि इस सर्वेक्षण के आंकड़े कभी भी सार्वजनिक नहीं किए गए। ग्रामीण विकास मंत्रालय की वेबसाइट पर इसके एससी-एसटी हाउसहोल्ड के आंकड़े ही जारी किए गए हैं।

ऐसे में माना जा रहा है कि जनगणना का चक्र बदल सकता है। इससे जनगणना की नई साइकल 2025 के बाद 2035 और 2045 की होगी। सूत्रों ने बताया, जनगणना डिजिटल होगी और सेल्फ एन्यूमरेशन एप का सहारा लिया जाएगा। ऐसे संकेत हैं कि सितंबर 2024 में जनपदों की प्रशासनिक इकाइयों की सीमाएं सील करने के तीन महीने के भीतर जनगणना के पहले चरण में हाउस लिस्टिंग का काम शुरू हो जाएगा।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

देश

मोदी बोले- TMC घुसपैठियों को वोटर बना रही:इन्हें बसाकर गरीबों का हक छीना जा रहा, भाजपा इन्हें देश से निकालेगी

Published

on

कोलकाता/गुवाहाटी,एजेंसी। पश्चिम बंगाल के मालदा में शनिवार को पीएम मोदी ने कहा कि बंगाल के सामने एक बड़ी चुनौती घुसपैठ की है। बंगाल के कई इलाकों में आबादी का संतुलन बिगड़ रहा है। टीएमसी घुसपैठियों को वोटर बना रही। गरीबों का हक छीना जा रहा है। भाजपा सरकार बनते ही घुसैपठियों पर एक्शन लिया जाएगा।

आयुष्मान भारत योजना पर बात करते हुए पीएम ने कहा कि टीएमसी वालों को आपकी तकलीफ की कोई चिंता नहीं है। यहां आयुष्मान योजना लागू नहीं होने दी गई है। ऐसी पत्थर दिल सरकार की बंगाल से विदाई जरूरी है।

पीएम ने मालदा में भारत की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का उद्घाटन किया। यह ट्रेन हावड़ा से गुवाहाटी के बीच चलेगी। उन्होंने ट्रेन के ड्राइवर से मुलाकात और उसके बारे में जाना। पीएम ने ट्रेन में मौजूद बच्चों से भी बात की।

PM के संबोधन की बड़ी बातें…

  • पूर्वी भारत के लोगों का विश्वास भाजपा के नाम: हमारा देश 2047 तक विकसित होने पर काम कर रहा है। इसलिए लिए पूर्वी भारत का विकास होना जरूरी है। पूर्वी भारत को दशकों तक नफरत करने वालों ने जकड़ रखा था। भाजपा ने नफरत की राजनीति करने वालों से पूर्वी भारत को मुक्त किया है। पूर्वी भारत के लोगों का विश्वास भाजपा के नाम है। उनका विश्वास भाजपा के साथ है।
  • पत्थरदिल सरकार की बंगाल से विदाई जरूरी: टीएमसी वालों को आपकी तकलीफ की कोई चिंता नहीं है। वो अपनी तिजोरी भरने में जुटे हैं। मैं चाहता हूं कि देश की तरह बंगाल के गरीबों को 5 लाख का मुफ्त इलाज मिले, यहां आयुष्मान भारत योजना लागू हो। बंगाल देश का एक मात्र ऐसा राज्य है। यहां ये योजना लागू नहीं होने दी गई है। ऐसी पत्थर दिल सरकार, ऐसी निर्मम सरकार की बंगाल से विदाई जरूरी है।
  • बंगाल की हर दिशा में सुशासन की सरकार: कुछ दिन पहले बिहार में बीजेपी-एनडीए की सरकार बनी है। यानी बंगाल की हर दिशा में बीजेपी के सुशासन की सरकार है। अब बंगाल की बारी है। इसलिए बिहार चुनाव की जीत के बाद मैंने कहा था- मां गंगा के आर्शीवाद से अब बंगाल में भी विकास की गंगा बहेगी। बीजेपी ये काम करके रहेगी।
  • महिला पत्रकार के साथ टीएमसी के गुंडों ने अभद्रता की: बंगाल के युवा साथियों, माता-बहनों की बड़ी जिम्मेदारी है। एक महिला पत्रकार के साथ टीएमसी के गुंडों ने कितनी अभद्रता की। स्कूल, कॉलेज, यूनिवर्सिटी में बेटियां सुरक्षित नहीं। निर्ममता ऐसी की बेटियों की सुनवाई नहीं होगी। पीड़ितों को बात-बात पर कोर्ट जाना पड़ता है। इसे बदलना होगा। ये काम कौन करेगा- ये काम आपका एक वोट करेगा।
  • बंगाल के सामने एक बड़ी चुनौती घुसपैठ की है: आप देखिए दुनिया के जो विकसित देश हैं, समृद्ध देश हैं, जिन्हें पैसों की कमी नहीं, वे भी घुसपैठियों को निकाल रहे हैं। प. बंगाल में भी घुसपैठियों को बाहर करना जरूरी है। एक एक घुसपैठिए को निकालना जरूरी है। टीएमसी के रहते ये संभव नहीं है। ये जमीन-हक, बहन-बेटियों की रक्षा नहीं करेंगे। इन्हें सत्ता से बाहर निकालना चाहिए।
    बाढ़ पीड़ितों को यहां पैसा तक नहीं मिलता: मैं मालदा की बाढ़ राहत की CAG रिपोर्ट देख रहा था। टीएमसी के चहेतों के खातों में 40-40 बार बाढ़ राहत का पैसा भेजा गया। जो इसके हकदार नहीं थे, उन्हें लाखों रुपए दिया गया। जिन पर संकट आया उन्हें कुछ नहीं मिला। भाजपा की सरकार बनते ही, टीएमसी के ऐसे सारे काले कारनामें बंद किए जाएंगे।
    मुंबई में बीजेपी की ऐतिहासिक जीत: कल ही महाराष्ट्र में शहरी निकाय के नतीजे आए, इसमें बीजेपी को एतिहासिक जीत हासिल हुई। खासतौर पर महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में पहली बार बीजेपी को रिकॉर्ड जीत मिली है। जहां कभी बीजेपी के लिए चुनाव जीतना असंभव माना जाता था, वहां भी आज बीजेपी अभूतपूर्व समर्थन मिल रहा है।
    वंदे भारत के उद्घाटन की तस्वीरें…


    पीएम ने मालदा टाउन से पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का इनॉगरेशन किया।
    पीएम ने मालदा टाउन से पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का इनॉगरेशन किया।


    पीएम मोदी ने ट्रेन के अंदर मौजूद बच्चों से बात की।
    पीएम मोदी ने ट्रेन के अंदर मौजूद बच्चों से बात की।


    पीएम मोदी ड्राइवर के केबिन पहुंचे, वहां उन्होंने ट्रेन के ड्राइवर से भी मुलाकात की।
    पीएम मोदी ड्राइवर के केबिन पहुंचे, वहां उन्होंने ट्रेन के ड्राइवर से भी मुलाकात की।


    इनॉगरेशन से पहले मालदा टाउन रेलवे स्टेशन पर वंदे भारत स्लीपर को सजाया गया।
    इनॉगरेशन से पहले मालदा टाउन रेलवे स्टेशन पर वंदे भारत स्लीपर को सजाया गया।


    मालदा टाउन स्टेशन पर खड़ी वंदे भारत स्लपीर ट्रेन।
    मालदा टाउन स्टेशन पर खड़ी वंदे भारत स्लपीर ट्रेन।
  • पीएम का 18 जनवरी का कार्यक्रम…
  • असम में दो अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को हरी झंडी दिखाएंगे
  • 17 जनवरी को रात में असम में रुकने के बाद पीएम 18 जनवरी को कालियाबोर जाएंगे और 6,957 करोड़ रुपये के काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर की आधारशिला रखेंगे। यह एक प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट है जिसका मकसद ट्रैफिक जाम को कम करना और UNESCO विश्व धरोहर स्थल के आसपास वन्यजीवों की रक्षा करना है।
  • पीएम यहां दो अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों- डिब्रूगढ़-गोमती नगर (लखनऊ) और कामाख्या-रोहतक को वर्चुअली हरी झंडी दिखाएंगे और एक जनसभा को संबोधित करेंगे।
  • असम की यह यात्रा मोदी के दिसंबर दौरे के बाद हो रही है। इस दौरान उन्होंने गुवाहाटी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के नए टर्मिनल का उद्घाटन किया था और डिब्रूगढ़ में 10,601 करोड़ रुपये के ब्राउनफील्ड अमोनिया-यूरिया प्लांट की आधारशिला रखी थी।
  • पश्चिम बंगाल के सिंगूर में रेल प्रोजेक्ट का इनॉगरेशन करेंगे
  • रविवार दोपहर बाद मोदी पश्चिम बंगाल लौटेंगे और सिंगूर जाएंगे। जहां वह बालागढ़ में एक्सटेंडेड पोर्ट गेट सिस्टम का इनॉगरेशन करेंगे। इसके अलावा रेलवे कनेक्टिविटी सहित 830 करोड़ रुपए के डेवलेपमेंट प्रोजेक्ट्स का इनॉगरेशन करेंगे। हावड़ा, सियालदह और संतरागाछी से तीन अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को भी हरी झंडी दिखाई जाएगी।

Continue Reading

देश

महाराष्ट्र नगर निगम रिजल्ट:29 में 23 निगमों में बीजेपी+ आगे, मुंबई-नागपुर-पुणे में बढ़त

Published

on

लातूर में कांग्रेस ने 70 में से 43 सीटें जीतीं

मुंबई,एजेंसी। महाराष्ट्र के नगर निगम चुनाव में भाजपा गठबंधन एकतरफा जीत की ओर है। रुझानों में 29 नगर निगमों में से 23 में भाजपा गठबंधन को बढ़त है।

मुंबई के बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) में भाजपा+शिवसेना (शिंदे) अलायंस कुल 227 सीटों में से 118 सीटों पर आगे चल रहा है।

इसके अलावा नागपुर, पुणे, ठाणे, नवी मुंबई, पिंपरी चिंचवाड और नासिक में भी भाजपा गठबंधन को बढ़त है। लातूर में कांग्रेस ने जीत हासिल की है। 70 में से 43 सीटें जीतीं।

चंद्रपुर में भी कांग्रेस लीड कर रही है। परभणी नगर निगम में शिवसेना (उद्धव) को बढ़त है। वसई विरार में बहुजन विकास अगाड़ी (VBA) और मालेगांव में शिवसेना (शिंदे) आगे चल रही है।

शुक्रवार को नगर निगम चुनाव की सुबह 10 से काउंटिंग जारी है। राज्य में निगम चुनाव के लिए 15 जनवरी को वोटिंग हुई थी।

893 वार्डों में कुल 15,931 उम्मीदवार मैदान में हैं। नगर निगम की कुल 2869 सीटें हैं। इनमें से 68 उम्मीदवार निर्विरोध जीत हासिल कर चुके हैं।

मुंबई में पहली बार बीजेपी का मेयर बन सकता है: चार साल से चुनाव न होने से पद खाली है; 30 साल से शिवसेना का कब्जा था

महाराष्ट्र की 5 प्रमुख नगर निगम के चुनाव का रुझान

मुंबई: कुल सीटें- 227, बहुमत: 114

BJP+उद्धव शिवसेना+कांग्रेसNCP (अजित)
118701200

पुणे: कुल सीटें- 165, बहुमत: 83

BJP+NCP+कांग्रेस+ UBTशिवसेनाअन्य
9020100200

ठाणे: कुल सीटें- 131, बहुमत:66

BJP+NCP (अजित)उद्धव शिवसेना+कांग्रेसअन्य
4908020209

नागपुर: कुल सीटें- 151, बहुमत: 76

BJP+कांग्रेसउद्धव शिवसेना+NCP (अजित)NCP (शरद)अन्य
1133001010006

नासिक: कुल सीटें- 122, बहुमत: 62

BJPMVA+MNSशिवसेना‌- शिंदे+ NCPअन्य
50124105

Continue Reading

देश

BJP को 20 जनवरी को नया अध्यक्ष मिलेगा:चुनाव नोटिफिकेशन जारी

Published

on

कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नबीन का चुना जाना लगभग तय

नई दिल्ली,एजेंसी। भाजपा को 20 जनवरी को नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिल जाएगा। पार्टी ने इसके लिए शुक्रवार को नोटिफिकेशन जारी किया। इसके मुताबिक 19 जनवरी को नामांकन भरा जाएगा। 20 जनवरी को नए पार्टी अध्यक्ष का ऐलान होगा।

अभी नितिन नबीन पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष हैं। पार्टी उन्हें ही निर्विरोध अध्यक्ष चुन सकती है।

न्यूज एजेंसी ANI ने 13 जनवरी को सूत्रों के हवाले से खबर दी थी कि नितिन नबीन 19 जनवरी को नामांकन भरेंगे। नितिन नबीन को 14 दिसंबर 2025 को पार्टी का कार्यकारी अध्यक्ष घोषित किया गया था।

भाजपा ने साल 2020 में जेपी नड्डा को राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया था। 2024 में उनका कार्यकाल खत्म हुआ था। तब से वे एक्सटेंशन पर थे। नड्डा अभी केंद्र में स्वास्थ्य मंत्रालय संभाल रहे हैं।

BJP के राष्ट्रीय रिटर्निंग ऑफिसर ने शेड्यूल जारी किया

बीजेपी के राष्ट्रीय रिटर्निंग ऑफिसर के लक्ष्मण ने चुनाव का शेड्यूल जारी किया। इसके मुताबिक, पार्टी प्रमुख के चुनाव के लिए नॉमिनेशन 19 जनवरी को दोपहर 2 बजे से 4 बजे के बीच भरे जाएंगे और उम्मीदवार उसी दिन शाम 5 बजे से 6 बजे के बीच अपना नॉमिनेशन वापस ले सकते हैं।

लक्ष्मण ने कहा कि अगर जरूरत पड़ी तो 20 जनवरी को वोटिंग होगी और उसी दिन नए चुने गए राष्ट्रीय अध्यक्ष की आधिकारिक घोषणा की जाएगी। पूरी चुनाव प्रक्रिया दिल्ली स्थित पार्टी मुख्यालय में ही होगी।

Continue Reading
Advertisement

Trending