ग्रामीणों के बीच बैठकर सुनी समस्याएं, गांव के विकास के लिए पंचायतों से मांगी समग्र कार्ययोजना
बुनियादी सुविधाओं के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य और आजीविका को बेहतर बनाने पर जोर
स्वीकृत कार्यों की प्रगति की समीक्षा कर अपूर्ण कार्य शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश कोरबा, 06 सितंबर 2026। कलेक्टर कुणाल दुदावत ने जिले के कोयला उत्खनन से प्रभावित ग्रामों को आदर्श ग्राम के रूप में विकसित करने की दिशा में पहल शुरू की है। इसी क्रम में उन्होंने ग्राम पंचायत ढेलवाडीह, जवाली, डोंगरी, रंजना, बतारी और ग्राम बेलटिकरी का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों के बीच बैठकर सीधे संवाद किया, उनकी समस्याएं जानीं और गांव के समग्र विकास के लिए ग्रामीणों से सुझाव एवं प्रस्ताव लिए। कलेक्टर ने संबंधित ग्राम पंचायतों के सरपंचों से कहा कि वे सभी पंचों एवं ग्रामीणों के साथ बैठक कर गांव की प्राथमिक आवश्यकताओं और विकास कार्यों की समग्र कार्ययोजना तैयार कर प्रस्तुत करें। उन्होंने कहा कि खनन प्रभावित ग्रामों में प्रत्येक परिवार को बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। इसके लिए आवश्यकतानुसार राशि की कमी नहीं होने दी जाएगी। उन्होंने पेयजल, सड़क, बिजली, स्कूल, स्वास्थ्य केंद्र और आंगनबाड़ी जैसी मूलभूत सुविधाओं के साथ-साथ शिक्षा, स्वास्थ्य एवं आजीविका के क्षेत्र में भी बेहतर कार्य करने पर जोर दिया।
खनिज न्यास के कार्यों को समय पर पूरा करने के निर्देश
कलेक्टर श्री दुदावत ने खनन प्रभावित ग्रामों में जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) के अंतर्गत स्वीकृत कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि प्रत्यक्ष रूप से खनन प्रभावित क्षेत्रों एवं बसाहटों में रहने वाले लोगों को बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना सर्वाेच्च प्राथमिकता है। उन्होंने पुराने स्वीकृत कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने तथा नए स्वीकृत कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्वीकृत कार्य समय पर पूर्ण करने वाली ग्राम पंचायतों को आगे नए कार्यों के लिए प्राथमिकता दी जाएगी। ग्रामीण क्षेत्रों में आवागमन सुगम बनाने सड़कों की मरम्मत, पेयजल के लिए बोर एवं सोलर ड्यूल पंप सिस्टम के माध्यम से पानी की टंकियों की व्यवस्था, जर्जर स्कूल एवं आंगनबाड़ी भवनों की मरम्मत, आवश्यकतानुसार नए आंगनबाड़ी भवन तथा सामुदायिक भवन निर्माण जैसे कार्यों को प्राथमिकता देने की बात कही।
बिजली बिल की शिकायतों की जांच के लिए गांव में लगेगा शिविर
ग्रामीणों ने कलेक्टर को अधिक बिजली बिल आने की शिकायत से अवगत कराया। कलेक्टर ने विद्युत विभाग के अधिकारियों को गांव में शिविर लगाकर बिजली बिलों की जांच करने के निर्देश दिए। उन्होंने ग्रामीणों को सौर ऊर्जा के उपयोग के लिए प्रोत्साहित करते हुए कहा कि जिन परिवारों के पास घर की छत उपलब्ध है और वे अपने घर में सोलर सिस्टम लगाना चाहते हैं, वे ग्राम पंचायत के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। वहीं खपरैल अथवा अन्य कारणों से घर की छत पर सोलर सिस्टम स्थापित नहीं कर पाने वाले परिवार 8 से 15 लोगों का समूह बनाकर सामूहिक सोलर सिस्टम के लिए भी आवेदन कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि इसके लिए किसी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाएगा। सोलर ऊर्जा के उपयोग से ग्रामीणों को बिजली बिल में राहत मिलने के साथ ही अतिरिक्त विद्युत उत्पादन को ग्रिड में बेचकर आय अर्जित करने का अवसर भी मिल सकता है। बच्चों की पढ़ाई पर दें विशेष ध्यान, उच्च शिक्षा के लिए जिला प्रशासन देगा सहयोग
कलेक्टर श्री दुदावत ने ग्रामीणों से कहा कि वे अपने बच्चों को नियमित रूप से स्कूल भेजें और उनकी पढ़ाई पर विशेष ध्यान दें। उन्होंने बताया कि खनन प्रभावित क्षेत्रों के सभी वर्गों के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए जिला प्रशासन द्वारा आवश्यक सहयोग प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि कक्षा 10वीं उत्तीर्ण विद्यार्थियों को डॉक्टर, इंजीनियर सहित अन्य व्यावसायिक क्षेत्रों में जाने के लिए नीट एवं जेईई जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी हेतु आवासीय कोचिंग की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। इसी प्रकार 12वीं के बाद देश के किसी भी मेडिकल, इंजीनियरिंग कॉलेज अथवा अन्य पाठ्यक्रम में बड़े शासकीय शिक्षण संस्थान में प्रवेश लेने वाले पात्र विद्यार्थियों की फीस संबंधित संस्था को जिला प्रशासन द्वारा वहन किए जाने की व्यवस्था है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की शिक्षा और बेहतर भविष्य के लिए जिला प्रशासन हरसंभव सहयोग के लिए तत्पर है।
महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने पर जोर
कलेक्टर ने ग्रामीण महिलाओं से महतारी वंदन योजना के लाभ की जानकारी ली। उन्होंने योजना से वंचित पात्र महिलाओं को बताया कि शासन द्वारा आवेदन लिए जाने की प्रक्रिया के माध्यम से उनके नाम जोड़े जा सकते हैं। उन्होंने महिलाओं को लाइवलीहुड कॉलेज के माध्यम से सिलाई सहित विभिन्न ट्रेडों में दिए जा रहे कौशल विकास प्रशिक्षण की जानकारी दी और इच्छुक महिलाओं से प्रशिक्षण लेकर स्वरोजगार से जुड़ने का आह्वान किया। कलेक्टर ने कहा कि स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को उनकी मांग एवं आवश्यकता के आधार पर ई-रिक्शा, दोना-पत्तल निर्माण मशीन, मिनी राइस मिल, आटा चक्की, कोसा धागाकरण, स्कूल ड्रेस, सिलाई कार्य, प्रिंटिंग प्रेस संचालन तथा कचरा संग्रहण जैसे कार्यों के लिए आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जा सकता है। उन्होंने महिला समूहों द्वारा भवन की मांग पर भी नियमानुसार विचार करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि महिलाओं को आर्थिक रूप से सक्षम बनाना और उन्हें स्थायी स्वरोजगार से जोड़ना जिला प्रशासन की प्राथमिकताओं में शामिल है।
धान विक्रय के लिए समय पर किसान पंजीयन कराने की अपील
कलेक्टर ने किसानों को धान विक्रय के लिए चल रहे डिजिटल सर्वे एवं गिरदावरी की जानकारी दी। उन्होंने नए किसानों से 30 सितंबर तक पंजीयन कराने की अपील की। उन्होंने बताया कि जिन किसानों का पिछले वर्ष पंजीयन हो चुका है, उन्हें दोबारा पंजीयन कराने की आवश्यकता नहीं है। लेकिन जिन किसानों का नया शासकीय अथवा वन पट्टा बना है, रकबे में संशोधन हुआ है, जो पिछले वर्ष धान विक्रय के लिए पंजीयन नहीं करा पाए थे अथवा इस वर्ष धान विक्रय करना चाहते हैं, वे निर्धारित समय-सीमा में पंजीयन अवश्य करा लें, ताकि धान विक्रय के समय किसी प्रकार की परेशानी न हो। उन्होंने किसानों से 2 अक्टूबर को आयोजित होने वाली ग्राम सभा में उपस्थित रहने और गिरदावरी सूची में नामों के पठन के दौरान जानकारी का मिलान करने कहा। किसी प्रकार की त्रुटि अथवा आपत्ति होने पर समय रहते उसमें सुधार कराने की अपील भी की।
ग्रामसभा के प्रस्ताव से जाति प्रमाणपत्र बनाने की जानकारी दी
जाति प्रमाणपत्र नहीं होने से होने वाली समस्याओं के संबंध में ग्रामीणों से मिली शिकायत पर कलेक्टर ने बताया कि जिन लोगों के जाति संबंधी दस्तावेज अथवा रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं हैं, वे निर्धारित प्रक्रिया के तहत ग्रामसभा के प्रस्ताव के आधार पर जाति प्रमाणपत्र बनवाने की कार्यवाही कर सकते हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इस संबंध में ग्रामीणों को आवश्यक जानकारी एवं सहयोग उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
बुजुर्गों और विद्यार्थियों के आवागमन के लिए ई-रिक्शा की पहल
कलेक्टर ने बुजुर्गों तथा स्कूली विद्यार्थियों को आवागमन में होने वाली परेशानियों को भी गंभीरता से लिया। उन्होंने ग्रामीणों से कहा कि वे गांव में किसी उपयुक्त युवक का चयन करें, जो ई-रिक्शा का संचालन कर सके। यह ई-रिक्शा गांव से दूसरे गांव तक विद्यार्थियों एवं जरूरतमंद लोगों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा उपलब्ध कराने में उपयोग किया जा सकेगा। कलेक्टर ने इसके लिए ई-रिक्शा उपलब्ध कराने की बात कही।
स्ट्रीट लाइट, कचरा संग्रहण और पेयजल व्यवस्था के लिए सामुदायिक भागीदारी जरूरी
ग्रामीणों द्वारा स्ट्रीट लाइट, कचरा संग्रहण, नियमित कचरा उठाव एवं पेयजल की मांग रखी गई। इस पर कलेक्टर ने कहा कि नगरीय क्षेत्रों में आमतौर पर इन सेवाओं के संचालन के लिए कर अथवा शुल्क लिया जाता है। ग्राम पंचायतों में भी व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए सामुदायिक भागीदारी जरूरी है। उन्होंने कहा कि स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था कराई जा सकती है, लेकिन उसके बिजली बिल का भुगतान ग्राम पंचायत को करना होगा। इसी तरह कचरा संग्रहण एवं उठाव के लिए ई-रिक्शा सहित आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जा सकते हैं। कचरा संग्रहण का कार्य करने वाले समूहों अथवा महिलाओं को आजीविका के लिए आवश्यक राशि की व्यवस्था ग्राम पंचायत को करनी होगी। उन्होंने कहा कि यदि ग्रामीण हर माह नाममात्र की राशि देने के लिए तैयार हों तो यह व्यवस्था लंबे समय तक सुचारू रूप से संचालित की जा सकती है।
तीन माह में पेयजलापूर्ति शुरू करने के निर्देश
कलेक्टर ने जल जीवन मिशन के अंतर्गत चल रहे कार्यों की जानकारी लेते हुए बताया कि संबंधित ठेकेदारों को तीन माह के भीतर पेयजलापूर्ति शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि घर-घर पानी पहुंचने के बाद ही कार्यों का सत्यापन एवं भुगतान किया जाएगा। उन्होंने ग्राम पंचायतों से भी अपील की कि पेयजलापूर्ति शुरू होने के बाद बिजली बिल एवं पंप में खराबी जैसी आकस्मिक आवश्यकताओं के लिए आवश्यक राशि की व्यवस्था हेतु नियमानुसार शुल्क का प्रावधान किया जा सकता है। शिकायतों की जांच और कार्रवाई के निर्देश
ग्रामीणों द्वारा रखी गई विभिन्न शिकायतों पर कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने वन पट्टों से संबंधित मामलों की जांच, बिजली बिलों की जांच, अवैध शराब एवं गांजा बिक्री की शिकायतों की जांच तथा डोंगरी उच्चतर विद्यालय के स्वीकृत भवन का निर्माण अधूरा छोड़ने के मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने ग्राम बेलटिकरी में मानदेय शिक्षक की भर्ती में कथित अनियमितता की शिकायत की भी जांच करने के निर्देश दिए। गांवों में विकास कार्यों को प्राथमिकता से पूरा करने का भरोसा
ग्रामीणों द्वारा पानी की समस्या, भारी वाहनों के आवागमन वाले मार्गों पर स्ट्रीट लाइट, बाजार शेड, उप स्वास्थ्य केंद्र में पेवर ब्लॉक, जर्जर मिडिल स्कूल भवन की मरम्मत, सीसी सड़क निर्माण, जाम नालियों की सफाई, ढपढप में सीसी सड़क निर्माण और देवगुड़ी के विकास सहित विभिन्न मांगें रखी गईं। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को इन मांगों का परीक्षण कर आवश्यकतानुसार कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि खनन प्रभावित एवं बसाहट ग्रामों में बिजली, पानी, सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने ग्रामीणों से भी विकास कार्यों में सक्रिय सहभागिता निभाने और अपने गांव को आदर्श ग्राम बनाने में प्रशासन का सहयोग करने का आह्वान किया। इस दौरान जिला पंचायत सीईओ प्रतीक जैन, एसडीएम कटघोरा विपिन दुबे, अपर कलेक्टर श्रीमती माधुरी सोम ठाकुर, जनपद सीईओ, बीईओ, तहसीलदार एवं संबंधित ग्राम पंचायतों के सरपंच सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रधानमंत्री आवास, विकसित भारत-जी राम जी एवं आजीविका गतिविधियों को गति देने पर जोर
नवाचार : क्यूआर कोड स्कैन प्रणाली के एक वर्ष पूर्ण होने पर ग्रामीणों को किया गया जागरूक
‘मेरी बेटी, मेरा अभिमान’ अभियान के तहत शत-प्रतिशत बालिका शौचालय निर्माण पर हुई चर्चा
चावल महोत्सव के माध्यम से रोजगार एवं आवास योजनाओं का किया गया प्रचार-प्रसार
कोरबा, 07 सितंबर 2026। जिले की सभी ग्राम पंचायतों में सोमवार को चावल महोत्सव के साथ रोजगार दिवस एवं आवास दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण एवं विकसित भारत-जी राम जी से संबंधित हितग्राहियों की समस्याओं के निराकरण के साथ योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, पारदर्शिता और जनजागरूकता को लेकर विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गईं। वहीं ग्रामीणों को योजनाओं की जानकारी मोबाइल पर सहजता से उपलब्ध कराने के लिए लागू की गई क्यूआर कोड स्कैन प्रणाली के एक वर्ष पूर्ण होने पर इसके महत्व की जानकारी देते हुए अधिक से अधिक उपयोग के लिए प्रेरित किया गया।
उल्लेखनीय है कि ग्रामीणों को शासन की योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने, हितग्राहियों की समस्याओं का स्थानीय स्तर पर समाधान करने तथा योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की निरंतर समीक्षा के उद्देश्य से प्रत्येक माह की 7 तारीख को ग्राम पंचायतों में चावल महोत्सव के साथ रोजगार दिवस एवं आवास दिवस का आयोजन किया जाता है। इस अवसर पर योजनाओं की प्रगति की समीक्षा के साथ आगामी कार्यों के लिए आवश्यक कार्ययोजना तैयार की गई।
आवास निर्माण में तेजी लाने पर विशेष जोर
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण सहित अन्य आवास योजनाओं के अंतर्गत स्वीकृत सभी आवासों का निर्माण शीघ्र पूर्ण कराने के लिए ग्राम पंचायत स्तर पर कार्ययोजना तैयार की गई। हितग्राहियों को नियमानुसार समय पर राशि हस्तांतरण, भुगतान की स्थिति एवं आवास निर्माण से संबंधित समस्याओं के त्वरित निराकरण पर विस्तार से चर्चा की गई।
स्व-सहायता समूहों की दीदियों को आवास निर्माण में आवश्यक निर्माण सामग्री की आपूर्ति तथा विभिन्न आजीविका गतिविधियों से जोड़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया। आवास परिसरों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग को बढ़ावा देने तथा लंबित जियो-टैगिंग कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के लिए भी आवश्यक रणनीति तैयार की गई।
विकसित भारत-जी राम जी के कार्यों को समय-सीमा में पूर्ण करने की कार्ययोजना
विकसित भारत-जी राम जी के अंतर्गत ग्राम पंचायतों में संचालित सभी प्रगतिरत कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने तथा मांग आधारित नए कार्य प्रारंभ करने पर चर्चा की गई। ग्राम सभा के प्रस्तावों के अनुरूप संतृप्ति के आधार पर प्राथमिकता वाले कार्यों को दिसंबर 2026 तक पूर्ण कराने की कार्ययोजना तैयार की गई।
इसके साथ ही ‘मेरी बेटी, मेरा अभिमान’ अभियान के तहत मांग के अनुरूप शत-प्रतिशत शासकीय विद्यालयों में बालिका शौचालयों का निर्माण सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया।
आजीविका गतिविधियों को बढ़ावा देने की रणनीति
बैठक में निर्मित आजीविका डबरी एवं नवा तरिया के माध्यम से हितग्राहियों तथा क्लस्टर स्तरीय संघों के लिए आजीविका संवर्धन की कार्ययोजना तैयार करने पर विचार-विमर्श किया गया। साथ ही धार अपार अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने तथा ग्रामीण क्षेत्रों में उपलब्ध संसाधनों के बेहतर उपयोग से आजीविका के नए अवसर सृजित करने की रूपरेखा पर चर्चा हुई।
कार्यक्रम के दौरान ग्राम पंचायतों में संचालित कार्यों के प्रारंभ में जनप्रतिनिधियों की सहभागिता सुनिश्चित करने पर भी सहमति व्यक्त की गई, ताकि विकास कार्यों में पारदर्शिता एवं जनभागीदारी को और मजबूत किया जा सके।
क्यूआर कोड से योजनाओं की जानकारी, पारदर्शिता को बढ़ावा
ग्राम पंचायतों में लगाए गए क्यूआर कोड के माध्यम से ग्रामीणों को विकसित भारत-जी राम जी एवं प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण से संबंधित कार्यों और योजनाओं की जानकारी प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया गया। ग्रामीणों को बताया गया कि क्यूआर कोड स्कैन कर वे स्वीकृत कार्यों, उनकी प्रगति सहित योजनाओं से संबंधित आवश्यक जानकारी अपने मोबाइल पर प्राप्त कर सकते हैं।
क्यूआर कोड आधारित इस नवाचार के एक वर्ष पूर्ण होने पर इसके उपयोग की महत्ता बताते हुए ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों एवं हितग्राहियों को अधिक से अधिक इसका उपयोग करने के लिए प्रेरित किया गया। इस पहल का उद्देश्य योजनाओं में पारदर्शिता, जवाबदेही और जनभागीदारी को और मजबूत करना है।
रोजगार सह आवास दिवस के अवसर पर जनप्रतिनिधि, प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण एवं विकसित भारत-जी राम जी के हितग्राही, तकनीकी सहायक, रोजगार सहायक,स्व-सहायता समूह की महिला सदस्य सहित ग्रामीण उपस्थित रहे।
कोरबा। जिले की होनहार छात्रा दुर्गेश कुमारी राजवाड़े का एमबीबीएस में चयन हुआ है। इस सफलता से माता-पिता, मित्रजन एवं समाज में खुशी की लहर हैं। दुर्गेश बचपन से ही मेधावी छात्रा रही है। इन्होंने दसवीं बोर्ड की परीक्षा केंद्रीय विद्यालय में उत्तीर्ण की है, जिसमें 92.8 प्रतिशत अंक प्राप्त हुआ था तथा 12वीं बोर्ड की परीक्षा केंद्रीय विद्यालय से 95.6′ अंक अर्जित कर पूरे जिले एवं समाज को गौरव दिलाई थी। इस बार भी नीट की परीक्षा में ओवरऑल 66556 रैंक हासिल किया है, जिसमें स्टेट रैंक 509 था। दुर्गेश का चयन स्वर्गीय बिसाहू दास महंत स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय कोरबा में हुआ है। दुर्गेश ने सफलता का श्रेय अपनी माँ चित्ररेखा, पिता जयराम प्रसाद राजवाड़े और गुरुजनों का आशीर्वाद और मार्गदर्शन को दिया है। राजवाड़े आदर्श केन्द्रीय समिति के अध्यक्ष कृपासिंधू राजवाड़े सहित समाज के वरिष्ठ सदस्यों ने दुर्गेश को सतत् सफलता की शुभकामनाएं दी और उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
शिक्षक भविष्य के शिल्पकार – लॉयन अग्रवाल कोरबा। प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी लायंस क्लब कोरबा गुरुकुल द्वारा नितेश कुमार मेमोरियल लायंस पब्लिक स्कूल खरहरकुडा मड़वारानी में शिक्षक दिवस के पावन अवसर पर गुरुजन सम्मान समारोह का आयोजन पीएमजेएफ लायन डॉ राजकुमार अग्रवाल (पूर्व प्रान्तपाल) के मुख्य आतिथ्य में संपन्न कराया गया। कार्यक्रम में एमजेएफ लायन पवन अग्रवाल-रीजन चेयरमेन व लायन मनोज गुप्ता-जोन चेयरमेन विशिष्ट आतिथि के रूप में उपस्थित थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता लायंस क्लब कोरबा गुरुकुल के अध्यक्ष लायन दर्शन अग्रवाल ने की।
सर्वप्रथम अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती जी एवं डॉ सर्वपल्ली राधाकृष्णन जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर दीप प्रज्ज्वलित किया गया। तत्पश्चात् विद्यालय की प्राचार्या श्रीमती शोमा सोनी के द्वारा स्वागत उदबोधन द्वारा अतिथि एवं लायन सदस्यों का स्वागत करते हुये विद्यालय की संक्षिप्त जानकारी प्रस्तुत की। इसके बाद छात्र-छात्राओं द्वारा शिक्षक दिवस से संबंधित विभिन्न सास्कृतिक कार्यक्रमों, भाषणों एवं गीतों की प्रस्तुति दी गई, जिसकी सभी ने बहुत प्रशंसा की।
अपने उद्बोधन में क्लब अध्यक्ष लायन दर्शन अग्रवाल ने सभी शिक्षकों को शिक्षक दिवस की बधाईयां प्रेषित करते हुये कहा कि यह दिन हमें यह याद दिलाता है कि हमारे जीवन में गुरू का स्थान कितना ऊँचा है। शिक्षक हमें सदैव आत्मविश्वास दिलाते हैं और सफलता की ओर बढ़ने की प्रेरणा देते हैं, इसलिए हमें सदैव अपने शिक्षकों का सम्मान करना चाहिए। इसके बाद रीजन चेयरमेन एमजेएफ लायन पवन अग्रवाल ने अपने उद्बोधन में बच्चों को जीवन में शिक्षकों के महत्व के बारे में बताते हुये सभी शिक्षकों को शिक्षक दिवस की बधाईयां दी। साथ ही विद्यालय के फाउंडर चेयरमेन एवं कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पीएमजेएफ लायन डॉ. राजकुमार अग्रवाल द्वारा शिक्षकों को शुभकामनाएँ देते हुये कहा कि शिक्षक भविष्य के शिल्पकार होते हैं। शिक्षक, बिना किसी भेदभाव के सभी छात्रों को समभाव रखते हुये शिक्षा प्रदान करते हैं। हम अपने जीवन में कहीं भी रहे हमें अपने शिक्षकों का सम्मान सदैव करना चाहिए। उद्बोधन पश्चात् अतिथि एवं लायन सदस्यों द्वारा शिक्षकों को सम्मान स्वरूप उपहार भेंट किया गया। उक्त समारोह में क्लब सचिव लायन सुरेन्द्र कुमार डनसेना, उप प्राचार्या श्रीमती मनोरमा शर्मा, लायन सुभाषचंद अनंत सहित समस्त शिक्षक एवं छात्रगण उपस्थित थे।