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छत्तीसगढ़

किसानों को जल्द मिलेगी धान खरीदी की अंतर राशि

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बिजली बिल हाफ योजना के लिए 32 करोड़ का प्रावधान, बीएसपी क्षेत्र को भी लाभ
रायपुर एलेंसी। छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार ने बिजली बिल हाफ योजना के लिए 32 करोड़ का प्रावधान किया है। 3 हजार 487 करोड़ रुपए का तृतीय अनुपूरक बजट मंगलवार को विधानसभा में पारित हो गया। वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने सोमवार को विधानसभा में तृतीय अनुपूरक बजट पेश किया था। कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों को अंतर की राशि का भुगतान जल्द किया जाएगा।
अनुपूरक बजट पारित होने के बाद वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि मोदी की एक और गारंटी को पूरा करने के लिए तृतीय अनुपूरक अनुमान में राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी कृषक उन्नति योजना के लिए 12 हजार करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। वर्तमान में धान की खरीदी समर्थन मूल्य पर की गई है।
जनमन योजना के अंतर्गत 200 करोड़ का प्रावधान
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका के लिए 195 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। अनुपूरक बजट में श्रीराम लला (अयोध्या धाम) दर्शन योजना के लिए 15 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। इसी प्रकार बिजली बिल हाफ योजना के लिए 32 करोड़ 32 लाख रूपए, आयुष्मान भारत जन आरोग्य प्रधानमंत्री योजना के लिए 350 करोड़ रूपए
सिम्स में आवश्यक निर्माण कार्य के लिए 15 करोड़ रूपए, नगरीय निकायों में सेंट्रल लाइब्रेरी सह रीडिंग जोन निर्माण के लिए 20 करोड़ रुपए, प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के लिए 38 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।

 प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना अंतर्गत 75 करोड़ रूपए से अधिक की चतुर्थ किस्त जारी

रायपुर,

प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण (मध्यान्ह भोजन) योजना अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए 75 करोड़ 88 लाख 58 हजार रूपए की चतुर्थ किस्त सिंगल नोडल एजेंसी के खाते में आबंटित कर दी है।
    लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा जिलों को जारी चतुर्थ किस्त में से मटेरियल कास्ट के लिए 33 करोड़ 77 लाख 31 हजार रूपए, रसोईया मानदेय 40 करोड़ 75 लाख 84 हजार रूपए और एम.एम.ई. (प्रबंधन) के लिए एक करोड़ 35 लाख 43 हजार रूपए की राशि आबंटित की गई है।
लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा जिला शिक्षा अधिकारियों को जारी पत्र में कहा है कि आबंटित राशि का व्यय पी.एफ.एम.एस पोर्टल से किया जाना है। जिस मद (कम्पोनेंट) में जो राशि आबंटित है, उससे अधिक का खर्च नहीं किया जाए। इस राशि को तत्काल अनिवार्य रूप से व्यय किया जाना सुनिश्चित करें।
प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना अंतर्गत मटेरियल कास्ट (कुकिंग कास्ट) एवं रसोईया मानदेय में से जिला बालोद को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 4 लाख 14 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 21 लाख 85 हजार रूपए, जिला बलौदाबाजार को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 73 लाख 42 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 63 लाख 49 हजार रूपए, जिला बलरामपुर को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 32 लाख 91 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 69 लाख 80 हजार रूपए, जिला बस्तर को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 18 लाख रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 86 लाख 9 हजार रूपए, जिला बेमेतरा को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 25 लाख 31 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 19 लाख 50 हजार रूपए, जिला बीजापुर को कुकिंग कास्ट के लिए 58 लाख 51 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 70 लाख 4 हजार रूपए, जिला बिलासपुर को कुकिंग कास्ट के लिए 2 करोड़ 3 लाख 33 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 2 करोड़ 3 लाख 82 हजार रूपए, जिला दंतेवाड़ा को कुकिंग कास्ट के लिए 44 लाख 98 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 61 लाख 30 हजार रूपए, जिला धमतरी को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 3 लाख 18 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 20 लाख 78 हजार रूपए, जिला दुर्ग को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 33 लाख 41 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 3 लाख 55 हजार रूपए, जिला गरियाबंद को कुकिंग कास्ट के लिए 94 लाख 24 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 18 लाख 70 हजार रूपए, जिला गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही को कुकिंग कास्ट के लिए 44 लाख 33 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 68 लाख 69 हजार रूपए, जिला जांजगीर-चांपा को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 8 लाख 55 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 27 लाख 48 हजार रूपए, जिला जशपुर को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 26 लाख 12 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 71 लाख 51 हजार रूपए, जिला कवर्धा को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 40 लाख 78 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 39 लाख 75 हजार रूपए, जिला कांकेर को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 9 लाख 82 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 64 लाख 88 हजार रूपए, जिला खैरागढ़-छुईखदान-गंडई को कुकिंग कास्ट के लिए 58 लाख 42 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 66 लाख 56 हजार रूपए, जिला कोण्डागांव को कुकिंग कास्ट के लिए 96 लाख 33 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 51 लाख 76 हजार रूपए, जिला कोरबा को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 33 लाख 35 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 89 लाख 86 हजार रूपए, जिला कोरिया को कुकिंग कास्ट के लिए 28 लाख 64 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 39 लाख 85 हजार रूपए आबंटित किया गया है।
इसी प्रकार जिला महासमुंद को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 47 लाख 85 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 70 लाख 80 हजार रूपए, जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर को कुकिंग कास्ट के लिए 48 लाख 67 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 68 लाख 78 हजार रूपए, जिला मोहला-मानपुर-चौकी को कुकिंग कास्ट के लिए 46 लाख 22 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 59 लाख 91 हजार रूपए, जिला मुंगेली को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 17 लाख 69 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 9 लाख 79 हजार रूपए, जिला नारायणपुर को कुकिंग कास्ट के लिए 27 लाख 43 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 41 लाख 70 हजार रूपए, जिला रायगढ़ को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 21 लाख 46 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 84 लाख 72 हजार रूपए, जिला रायपुर को कुकिंग कास्ट के लिए 2 करोड़ 6 लाख 19 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 51 लाख 85 हजार रूपए, जिला राजनांदगांव को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 19 लाख 63 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 23 लाख 65 हजार रूपए, जिला सक्ती को कुकिंग कास्ट के लिए 75 लाख 15 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 5 लाख दो हजार रूपए, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ को कुकिंग कास्ट के लिए 70 लाख 97 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 8 लाख 95 हजार रूपए, जिला सुकमा को कुकिंग कास्ट के लिए 48 लाख 84 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए 66 लाख 43 हजार रूपए, जिला सूरजपुर को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 8 लाख 72 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 69 लाख 69 हजार रूपए, जिला सरगुजा को कुकिंग कास्ट के लिए एक करोड़ 72 हजार रूपए और रसोईया मानदेय के लिए एक करोड़ 55 लाख 29 हजार रूपए की राशि आबंटित की गई है।

वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए 13 हजार 487 करोड़ रुपए का तृतीय अनुपूरक अनुमान विधानसभा में ध्वनिमत से पारित

मोदी जी की गारंटी पूरी करने के लिए एक और बड़ी पहल :  कृषक उन्नति योजना के लिए 12 हजार करोड़ रूपए का प्रावधान

श्री रामलला (अयोध्या धाम) दर्शन योजना के लिए 15 करोड़ रुपए का प्रावधान

विशेष रूप से पिछड़ी जनजाति के लोगों की कनेक्टिविटी के लिए जनमन योजना में 200 करोड़ रूपए का प्रावधान

रायपुर

छत्तीसगढ़ विधानसभा में आज वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए 13 हजार 487 करोड़ रुपए का तृतीय अनुपूरक अनुमान ध्वनिमत से पारित कर दिया गया। वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने सोमवार को विधानसभा में तृतीय अनुपूरक अनुमान प्रस्तुत किया था जिसे आज सदन में चर्चा के बाद ध्वनि मत से पारित कर दिया गया।

अनुपूरक अनुमान पारित होने के बाद वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि हमारी सरकार लोगों के लिए समर्पित सरकार है और हमारे बजट में हर वर्ग के उत्थान और समाज के कल्याण की भावना समाहित है। मोदी जी की एक और गारंटी को पूरा करने के लिए तृतीय अनुपूरक अनुमान में राज्य सरकार की महत्वकांक्षी कृषक उन्नति योजना के लिए 12 हजार करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। मोदी जी की गारंटी में किसानों से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान 3100 रूपए प्रति क्विंटल के मान से खरीदने का वादा किया गया था। वर्तमान में धान की खरीदी समर्थन मूल्य पर की गई है। कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों को अंतर की राशि का भुगतान जल्द किया जाएगा। वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने तृतीय अनुपूरक अनुमान चर्चा पर अपनी बात रखते हुए  मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को महत्वपूर्ण सुझाव देने के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की बड़ी महत्वाकांक्षी “जनमन योजना” के अंतर्गत हमारे विशेष रूप से पिछड़ी जनजाति के लोगों की कनेक्टिविटी के लिए 200 करोड़ का प्रावधान किया गया है तथा राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका के लिए 195 करोड रुपए का प्रावधान किया गया है।  अनुपूरक अनुमान में श्री रामलला (अयोध्या धाम) दर्शन योजना के लिए 15 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। इसी प्रकार बिजली बिल हाफ योजना के लिए 32 करोड़ 32 लाख रूपए, आयुष्मान भारत जन आरोग्य प्रधानमंत्री योजना हेतु 350 करोड़ रूपए, सिम्स में आवश्यक निर्माण कार्य के लिए 15 करोड़ रूपए, नगरीय निकायों में सेंट्रल लाइब्रेरी सह रीडिंग जोन निर्माण के लिए 20 करोड़ रुपए,  प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के लिए 38 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।

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कोरबा

माखनलाल पाण्डेय संयुक्त संचालक अभियोजन (बिलासपुर संभाग) की सेवानिवृत्ति पर गरिमामयी विदाई समारोह आयोजित

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पुलिस महानिरीक्षक राम गोपाल गर्ग ने किया अभिनंद

माखन लाल पाण्डेय को पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय में दी गई आत्मीय विदाई

कोरबा। आज दिनांक 30.03.2026 को पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय बिलासपुर में माखन लाल पाण्डेय, संयुक्त संचालक अभियोजन (बिलासपुर संभाग) के सेवानिवृत्ति के अवसर पर एक गरिमामय एवं आत्मीय विदाई समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम राम गोपाल गर्ग पुलिस महानिरीक्षक बिलासपुर रेंज, के गरिमामयी सानिध्य में संपन्न हुआ। जिसमें संयुक्त संचालक अभियोजन माखन लाल पाण्डेय, उप संचालक श्रीमती कंचन पाटिल एवं पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय के सभी अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित रहे। समारोह के दौरान पुलिस महानिरीक्षक श्री गर्ग ने श्री पाण्डेय के कुशल कार्यकाल की सराहना करते हुए उन्हें श्रीफल, पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।

अनुकरणीय सेवा सफरः-
माखन लाल पाण्डेय का कार्यकाल उपलब्धियों भरा रहा है

अपनी सेवाकाल फरवरी 1995 जिला रायपुर से प्रारंभ कर विभिन्न जिलों दुर्ग, महासमुंद, धमतरी, जांजगीर चांपा में सेवा देते हुए फरवरी 2023 से 30 मार्च 2026 तक बिलासपुर संभाग में संयुक्त संचालक अभियोजन के पद पर पदस्थ होकर न्याय प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने पुलिस विभाग के साथ समन्वय कर विवेचना और दोषमुक्ति प्रकरणों की समीक्षा में अपना अमूल्य मार्गदर्शन दिया, तथा उनके द्वारा हमेशा प्रभावी कार्य सदैव संपादित किया गया।

इस अवसर पर आईजी श्री गर्ग ने कहा कि, एक सफल अभियोजन अधिकारी न केवल कानून का ज्ञाता होता है, बल्कि वह पीड़ित को न्याय दिलाने की महत्वपूर्ण कड़ी है। पाण्डेय जी ने अपने पूरे कार्यकाल में अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा की मिसाल पेश करते हुये सदा अभियोजन और पुलिस विभाग के लिये अपना विशेष योगदान दिया है। उनके आगामी सुखद भविष्य की शुभकामनाए देते आईजीपी श्री गर्ग ने आशा व्यक्त की, कि सेवानिवृत्ति के पश्चात भी श्री पाण्डेय अपने विशाल अनुभव और कानूनी ज्ञान के आधार पर पुलिस विभाग को आवश्यकतानुसार सहायता, मार्गदर्शन ,परामर्श और प्रशिक्षण देते रहेंगे।

श्री पाण्डेय ने इस अवसर पर अपने प्रति दिए गए सम्मान के लिए आईजीपी श्री गर्ग का आभार व्यक्त करते हुए,अपनी इस यात्रा के अनुभव साझा किए,और जिला अभियोजन अधिकारी से संयुक्त संचालक तकनीक सफर के दौरान पुलिस और न्यायालय के साथ अपने अनुभव साझा किए।इन भावुक पलों के श्री पाण्डेय ने,पुलिस विभाग के द्वारा कोई सहायता मांगे जाने पर, सेवानिवृत्ति के बाद भी , हमेशा स्वयं को उपलब्ध रहना बताया।

 इस विदाई समारोह में पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग के साथ उप पुलिस अधीक्षक (बिलासपुर रेंज) विवेक शर्मा, निरीक्षक अशोक वैष्णव, निरीक्षक धनेश्वरी दुबे, उपनिरीक्षक रामकुमार पटेल, शंकर कश्यप, संग्राम सिंह,संदीप ठाकुर, रेखा जायसवाल सहित कार्यालय के अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने श्री पाण्डेय को भावभीनी विदाई दी। इस गरिमामय कार्यक्रम का संचालन संजय रावत मुख्य लिपिक ने किया।
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छत्तीसगढ़

एमपी-छत्तीसगढ़, राजस्थान के युवा विधायकों का सम्मेलन:सीएम बोले- राजनीति में मर्यादा और अनुशासन जरूरी, राजस्थान के स्पीकर ने कहा- विरोध तार्किक हो

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भोपाल/रायपुर, एजेंसी। मध्य प्रदेश विधानसभा में चल रहे युवा विधायक सम्मेलन में 3 राज्यों के 50 से ज्यादा MLA मौजूद हैं। इनको संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा- जनता के बीच बने रहने के लिए विनम्रता बनाए रखें। इलाके की अच्छाई के साथ कमजोरी को भी समझें। राजनीति में मर्यादा और अनुशासन जरूरी है। आज के दौर में दुनिया हमारी तरफ देख रही है कि भारत किस तरह 2047 के अमृत काल की तरफ बढ़ रहा है।

वहीं, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने अपनी बात रखते हुए छात्र संघ चुनाव कराने की मांग रखी। उन्होंने कहा- हमारे यहां छात्र संघ चुनाव बंद हो गए। नेतृत्व की शुरुआत कॉलेज से होती है। कॉलेज के समय युवाओं के अंदर आग होती है सिस्टम से लड़ने की। वहां से शुरुआत होती है सोचविचार की और सिस्टम से लड़ने की। लोकतंत्र की जड़ें तभी मजबूत होंगी, जब इस देश में डेमोक्रेसी मजबूत रहेगी।

राजस्थान विधानसभा के अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने कहा- संसदीय लोकतंत्र में जो कठिनाई आती हैं, उनसे नई परिस्थितियों का निर्माण होता है। विरोध तार्किक प्रक्रिया होनी चाहिए। हमारा प्रतिनिधित्व सार्थक सेवा की ओर बढ़े। हम सब मिलकर नागरिकों और विधायिका के बीच संवाद करें। हम पूरा समय सदन में बैठने का स्वभाव बनाएं। अनुभवी लोगों के भाषण सुनें।

  • युवा विधायकों का स्वागत पारंपरिक लोक नृत्य से किया गया। इसके बाद ग्रुप फोटो खींचा गया। इसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, राजस्थान के विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी, मध्य प्रदेश के संसदीय कार्य मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार भी मौजूद रहे।
  • दो दिन तक चलने वाले युवा विधायक सम्मेलन में कुल पांच सत्र होंगे। पहले दिन यानी आज तीन सत्र होंगे। इनमें लोकतंत्र में नागरिकों की भागीदारी को मजबूत करने और विकसित भारत 2047 के विजन तक पहुंचने में युवा विधायकों की भूमिका जैसे विषयों पर चर्चा हो रही है।
  • 31 मार्च को सम्मेलन के दूसरे और आखिरी दिन ‘विकसित भारत 2047: युवा विधायकों के दायित्व एवं चुनौतियां’ विषय पर मंथन होगा। राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश समापन सत्र में शामिल होंगे। एमआईटी, पुणे के चेयरमैन डॉ. राहुल वी. कराड भी संबोधन देंगे।
युवा विधायकों का स्वागत लोक नृत्य से किया गया।

युवा विधायकों का स्वागत लोक नृत्य से किया गया।

विधानसभा के प्रवेश द्वार पर विधायकों को गमछा ओढ़ाया गया।

विधानसभा के प्रवेश द्वार पर विधायकों को गमछा ओढ़ाया गया।

विधायकों का सीएम डॉ. मोहन सिंह और स्पीकर नरेंद्र सिंह तोमर के साथ ग्रुप फोटो खींचा गया।

विधायकों का सीएम डॉ. मोहन सिंह और स्पीकर नरेंद्र सिंह तोमर के साथ ग्रुप फोटो खींचा गया।

सम्मेलन में तीन राज्यों के 45 विधायक मौजूद हैं।

सम्मेलन में तीन राज्यों के 45 विधायक मौजूद हैं।

सीएम मोहन यादव ने कहा- भारत 2047 के अमृत काल की तरफ बढ़ रहा है।

सीएम मोहन यादव ने कहा- भारत 2047 के अमृत काल की तरफ बढ़ रहा है।

नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा- नेतृत्व की शुरुआत कॉलेज से होती है।

नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा- नेतृत्व की शुरुआत कॉलेज से होती है।

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छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ के जेलों में कैदी वीडियो-कॉल पर कर पाएंगे बात:BSNL के साथ MoU, फर्स्ट फेज में 5 केंद्रीय जेलों में मिलेगी सुविधा

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रायपुर,एजेंसी। छत्तीसगढ़ जेल विभाग ने बीएसएनएल के साथ एक समझौता किया है। इसके तहत राज्य की 33 जेलों में वीडियो और ऑडियो कॉलिंग सिस्टम लग जाएगा। उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने जेल विभाग को इस काम को जल्द पूरा करने को कहा है।

इसके बाद बंदी अपने परिवार और वकील से चेहरा देखकर बात कर सकेंगे। अभी सिर्फ 17 जेलों में ऑडियो कॉलिंग है। किसी जेल में वीडियो कॉलिंग नहीं है। नई व्यवस्था से जेलों में पारदर्शिता बढ़ेगी।

मानसिक तनाव दूर रखने के लिए किया गया फैसला

जेल एडमिनिस्ट्रेशन का कहना है कि, परिवार से दूर रहने से कैदियों में तनाव और उदासी बढ़ जाती है। वीडियो कॉल से उनका मन बेहतर रहेगा, व्यवहार सुधरेगा और बाहर आने के बाद समाज में वापस बसने में आसानी होगी। परिवार वालों को भी जेल आने-जाने का खर्चा और समय बचेगा।

हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर मुफ्त में लगाएगा बीएसएनएल

  • MoU के तहत बीएसएनएल सारा हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर मुफ्त में लगाएगा।
  • हर बंदी को हफ्ते में एक बार 5 मिनट की कॉल मिलेगी।
  • जिसका खर्च ऑडियो कॉल 1 रुपए प्रति मिनट और वीडियो कॉल 5 रुपए प्रति मिनट आएगा।
  • पांच केंद्रीय जेलों में VC की सुविधा

पहले चरण में रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, अंबिकापुर, जगदलपुर इन 5 केन्द्रीय जेलों में वीडियो और ऑडियो सिस्टम लगेगा।

इसके बाद जशपुर, कबीरधाम, रायगढ़, जांजगीर, कोरबा, राजनांदगांव, दंतेवाड़ा, सुकमा, कांकेर, रामानुजगंज, धमतरी, महासमुंद, बलौदाबाजार, गरियाबंद, पेंड्रारोड, मुंगेली, बैकुण्ठपुर, सूरजपुर, संजारी-बालोद, बेमेतरा में भी सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।

वहीं कटघोरा, सक्ती, सारंगढ़, मनेन्द्रगढ़, डोंगरगढ़, खैरागढ़, नारायणपुर, बीजापुर के उप जेलों में ऑडियो सिस्टम लगेगा।

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