कोरबा
पांच कुण्डीय श्री लक्ष्मीनारायण महायज्ञ और हसदेव महाआरती का आयोजन संपन्न
भव्य देव दीपावली महोत्सव में मां सर्वमंगला घाट हजारों दीपों से हुआ आलोकित, भक्तिमय वातावरण में हुई महाआरती

कोरबा। नमामि हसदेव सेवा समिति द्वारा कोरबा जिले की जीवनदायिनी हसदेव नदी, हसदेव नदी की सहायक नदियों तथा अन्य प्राकृतिक जल स्त्रोतों के प्रदूषण को कम करने, संरक्षण करने एवं तट का सौंदर्यीकरण करने के उद्देश्य से विगत कई वर्षों से प्रत्येक मास की पूर्णिमा को हसदेव आरती एवं अन्य कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में कार्तिक मास के पावन अवसर पर देवउठनी एकादशी 1 नवंबर 2025 से देव दीपावली 5 नवंबर 2025 तक आयोजित श्री लक्ष्मीनारायण महायज्ञ एवं देव दीपावली को हसदेव महाआरती का भव्य आयोजन मां सर्वमंगला घाट पर संपन्न हुआ। संत राम बालक दास महात्यागी (कौशल्या धाम, बालोद, छ.ग.) के पावन सान्निध्य में पूरे आयोजन में श्रद्धा और आस्था का अभूतपूर्व संगम देखने को मिला।

कलश यात्रा से प्रारंभ हुआ भव्य आयोजन

देवउठनी एकादशी 1 नवम्बर 2025 को भव्य कलश यात्रा के साथ महोत्सव का शुभारंभ हुआ। सुबह 9 बजे आरंभ हुई इस कलश यात्रा में नगर की सैकड़ों मातृशक्तियों ने सिर पर कलश रखकर नगर भ्रमण किया। श्री शिव मंदिर प्रांगण से प्रारंभ होकर यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से होती हुई माँ सर्वमंगला घाट पहुँची, जहाँ वैदिक मंत्रोच्चार के बीच कलश स्थापना और ज्योत प्रज्वलन किया गया। इसके साथ ही महायज्ञ का शुभारंभ हुआ।
वैदिक हवन और भजन-कीर्तन में शामिल हुए श्रद्धालु

2,3 और 4 नवम्बर को यजमानों ने वैदिक विधि से वेदी पूजन, हवन और यज्ञ में आहुतियाँ अर्पित कीं। श्रद्धालुओं ने घाट पर पहुँचकर पुण्यलाभ अर्जित किया। संध्या को दीपदान और भजन-कीर्तन से घाट का वातावरण भक्तिमय हो गया।
देव दीपावली पर दीये की रोशनी से जगमगाया हसदेव घाट

5 नवम्बर को देव दीपावली पर्व के अवसर पर माँ हसदेव की आराधना और दीपोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। सुबह 9 बजे से हवन पूर्णाहुति और सहस्त्रधारा संपन्न हुई। सायं 5:30 बजे से आरंभ हुए दीपोत्सव में हजारों श्रद्धालुओं ने दीपदान किया और हजारों दीपों से हसदेव घाट आलोकित हुआ। घाट पर आकर्षक रंगोली सजाई गई। मंच पर राम बालक दास महात्यागी , कौशिल्या धाम, बालोद के सान्निध्य में मुख्य यजमान के रूप में जुड़ावन सिंह ठाकुर (उपाध्यक्ष, विद्या भारती, मध्य क्षेत्र) और विशिष्ट यजमानों के रूप में श्रीमती संजू देवी राजपूत (महापौर, नगर पालिक निगम, कोरबा), धीर सिंह पवैया (संयोजक, पर्यावरण गतिविधि, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, मध्य क्षेत्र), देवेन्द्र पाण्डेय (पूर्व अध्यक्ष, अपेक्स बैंक), बसंत अग्रवाल (समाजसेवी, रायपुर), शुभम कुमार नाग (प्रदेश संयोजक, बजरंग दल, विश्व हिन्दू परिषद, छ.ग.), ज्योति पाण्डेय (शिवशक्ति माँ भवानी मंदिर, कोरबा), डॉ. अन्नपूर्णा बोर्डे (अध्यक्ष, आईएमए, कोरबा), योगेश जैन (अध्यक्ष, जिला चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री, कोरबा), संतोष दास महंत (जिलाध्यक्ष, संयुक्त मानिकपुरी पनिका समाज, कोरबा), राजेन्द्र प्रसाद तिवारी (अध्यक्ष, ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन कोरबा), अरूण कुमार शर्मा (अध्यक्ष, पीठ परिषद, कोरबा), श्रीमती भारती अरोरा (अधिवक्ता, कोरबा) का आगमन हुआ।

इसके उपरांत मंचस्थ अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया। तत्पश्चात् कार्यकारी अध्यक्ष रणधीर पाण्डेय ने नमामि हसदेव के उद्देश्यों और पूर्व में आयोजित कार्यक्रमों की जानकारी दी। उद्बोधन की श्रृंखला में मुख्य यजमान जुड़ावन सिंह ठाकुर ने अपने उद्बोधन मेें कहा कि पर्यावरण का संरक्षण आज के समय की मांग है। नमामि हसेदव सेवा समिति द्वारा कम समय में भव्य आयोजन की तैयारी की गई। इसके लिए समिति बधाई की पात्र है। कोरबा के संपूर्ण विकास के आधार हसदेव नदी के प्रदूषण को कम करने का प्रयास सराहनीय है।
महापौर श्रीमती संजूदेवी राजपूत ने कहा कि नमामि हसदेव सेवा समिति के द्वारा जो कार्य किया जा रहा है, वह सराहनीय और प्रेरणादायी है। वर्तमान में आप जिस स्थान पर आज बैठे हैं, उस स्थान पर कभी खड़े होने तक की जगह नहीं हुआ करती थी। नमामि हसदेव सेवा समिति के द्वारा इस स्थान पर विद्यमान गड्ढों में मिट्टी डलवाकर समतलीकरण कराया गया, जिसके कारण आज यहां भव्य आयोजन संभव हो सका। नगर पालिक निगम नमामि हसदेव सेवा समिति के कार्यों में हरसंभव सहयोग करेगी।

संत राम बालक दास महात्यागी ने अपने उद्बोधन में नदियों की महत्ता बताते हुए कहा कि नदियों के कारण ही स्थान की पहचान होती है। हमारे धर्मस्थलों पर अनेक आक्रांताओं ने लूटमार और तोडफ़ोड़ किया, लेकिन वह स्थान नदियों के कारण पहचाने जाने से हिन्दू समाज ने पुन: धर्मस्थलों को सजाया-संवारा। सरयू जी के कारण अयोध्या है और यमुना जी के कारण वृन्दावन है, गंगा के कारण काशी की पहचान है। जैसे अयोध्या में भगवान राम का भव्य मंदिर बना, उसी प्रकार आने वाले भविष्य में वृन्दावन में भगवान श्रीकृष्ण का भव्य मंदिर निर्माण होगा।
उन्होंने कहा कि हसदेव नदी भी छत्तीसगढ़ की प्रमुख नदियों में से एक नदी है। नमामि हसदेव सेवा समिति के द्वारा हसदेव नदी के प्रदूषण को कम करने के लिए जो कार्य किया जा रहा है, वह सराहनीय है। जिस स्थान पर यज्ञ होता है, वह स्थान तीर्थ हो जाता है। मां सर्वमंगला के इस घाट पर यज्ञ के आयोजन होने के कारण श्री प्रयागराज की तरह तीर्थ स्थान हो गया है। मैं इस कार्यक्रम में नमामि हसदेव सेवा समिति के कार्यों के समर्थन करने आया हूं। जहां भी अच्छे कार्य होते हैं, उनका मैं समर्थन करता हूं।
उद्बोधन के उपरांत हसदेव माता को श्रद्धालुओं ने 251 मीटर चुनरी चढ़ाई। तत्पश्चात् भगवान श्री लक्ष्मीनारायण जी का नौकाविहार से मां सर्वमंगला घाट पर आगमन हुआ तथा आगमन के दौरान शंखनाद और डमरूवादन हुआ। इस दृश्य ने देव दीपावली उत्सव का वातावरण और भी मंगलमय बना दिया और उपस्थित जनसमूह भावविभोर हो गये।
108 लीटर दूध से दुग्धाभिषेक और 11 वैदिक पुरोहितों ने की हसदेव महाआरती
भगवान श्री लक्ष्मीनारायण का 108 लीटर दूध से दुग्धाभिषेक किया गया। इसके उपरांत आचार्य पं. रविशंकर मिश्रा, पं. मोहनधर दीवान, पं. भरत तिवारी एवं पं. भास्कर धर दीवान सहित 11 वैदिक पुरोहितों द्वारा एक समान वेशभूषा में वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ भव्य हसदेव महाआरती प्रारंभ की गई, जिससे वातावरण प्रकाशित हो गया। तत्पश्चात् भव्य आतिशबाजी, डीजे साउंड और लाईट शो से वातावरण दिव्य प्रकाश से नहा उठा। श्री लक्ष्मीनारायण महायज्ञ एवं हसदेव महाआरती के आयोजन को कम समय में सफल बनाने के लिए नमामि हसदेव सेवा समिति के संरक्षक श्रेष्ठ सिह ठाकुर, अध्यक्ष- चन्द्र किशोर श्रीवास्तव, कार्यकारी अध्यक्ष – रणधीर पाण्डेय, उपाध्यक्ष- नरेश कुमार अरोरा, उपाध्यक्ष – रविन्द्र कुमार पारासर, उपाध्यक्ष – शैलेश पाण्डेय, सचिव – यशवंत कुमार मिश्रा, संयुक्त सचिव – सुखविन्दर सिंह धंजल, संयुक्त सचिव- कीर्ति कुमार अग्रवाल, संयुक्त सचिव- विजय कुमार राठौर, कोषाध्यक्ष – दीपक कुमार अग्रवाल, सह कोषाध्यक्ष- शिवम पाण्डेय, आचार्य प्रमुख- पं. रविशंकर मिश्रा, आचार्य सह प्रमुख – पं. मोहनधर दीवान, पर्यावरण प्रमुख – प्रकाश सिंह चाहल, स्वच्छता प्रमुख – संजय पाण्डेय, आरोग्य जनजागरण प्रमुख – डॉ. नागेन्द्र नारायण शर्मा, हनुमान चालीसा पाठ प्रमुख- अखिलेश भारती, श्री हनुमान चालीसा पाठ सह प्रमुख- मनीष मैत्री ने अथक परिश्रम किया। आयोजन में कोरबा जिले के अनेक धार्मिक, सामाजिक एवं अन्य संगठनों के प्रमुख के साथ-साथ जिले के हजारों सम्माननीय नागरिक शामिल हुए।
कोरबा
55 बंदियों ने जेल में साक्षर बनने हेतु दी उल्लास महापरीक्षा
पूरे जिले में 17305 लोगो ने दी महापरीक्षा
कोरबा। ‘उल्लास – नवभारत साक्षरता कार्यक्रम’ के अंतर्गत आयोजित बुनियादी साक्षरता एवं संख्यात्मक ज्ञान आकलन में कोरबा जिला जेल 30 एवं कटघोरा उपजेल के कुल 25 बंदियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर साक्षर बनने उल्लास महापरीक्षा में शामिल हुए।

यह परीक्षा 22 मार्च, रविवार को प्रातः 10:00 बजे से सायं 5:00 बजे तक जिले के सभी प्राथमिक शाला में आयोजित की गई।
इस बार साक्षरता विभाग द्वारा परीक्षा के माध्यम से जेल के बंदियों में भी शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने एवं उन्हें साक्षर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई।

जेल प्रशासन एवं शिक्षा विभाग के समन्वय से आयोजित इस परीक्षा में बंदियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और सीखने के प्रति अपनी रुचि प्रदर्शित की। जिला परियोजना अधिकारी श्रीमती ज्योति शर्मा ने बताया कि इस प्रकार के प्रयास बंदियों के पुनर्वास एवं समाज की मुख्यधारा से जोड़ने में सहायक सिद्ध होंगे।
इस नवभारत उल्लास महा परीक्षा में पूरे जिले में लगभग 17 हजार 305 लोगो ने साक्षर बनने हेतु अपना काम धाम छोड़कर परीक्षा में शामिल हुए। असाक्षरो ने प्राथमिक शाला में आयोजित परीक्षा में शामिल होकर शिक्षा की अलख जागने और साक्षर बनने की दिशा में एक कदम बढ़ाया । इस महा परीक्षा में 15 साल से 75 साल के लोगों ने परीक्षा दिलाया । जिसमें कहीं पर देरानी- जेठानी, सास- बहू ,देवर – भाभी भी शामिल हुए।
विकासखंड पोड़ी – उपरोड़ा के प्राथमिक शाला में अपने दो बच्चों को साथ में लेकर पति-पत्नी ने परीक्षा दिलाई।
इस अवसर पर जिला कलेक्टर कुणाल दुदावत, मुख्य कार्यपालन अधिकारी दिनेश कुमार नाग, जिला शिक्षा अधिकारी तामेश्वर भारद्वाज एवं जिला साक्षरता अधिकारी ज्योति शर्मा द्वारा आयोजित उल्लास महापरीक्षा से जेल के बंदियों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया गया।
जिला प्रशासन द्वारा जेल के बंदियों के द्वारा महापरीक्षा में शामिल होने पर सराहना करते हुए भविष्य में भी ऐसे शैक्षणिक कार्यक्रमों को निरंतर जारी रखने की बात कही है।
कोरबा
शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में इलेक्ट्रॉनिक दुकान में आग:कोरबा में CISF की त्वरित कार्रवाई से बड़ा हादसा टला, दुकानें खाली कराई गईं
कोरबा/दीपका। कोरबा के दीपका थाना क्षेत्र स्थित शक्तिनगर शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में रविवार दोपहर एक इलेक्ट्रॉनिक मरम्मत की दुकान में आग लग गई। सीआईएसएफ (CISF) की त्वरित कार्रवाई से बड़ा हादसा टल गया और आसपास की दुकानें सुरक्षित बच गईं। घटना में कोई जनहानि नहीं हुई।

यह घटना रविवार दोपहर लगभग 2 बजे सामने आई। सीआईएसएफ को सूचना मिली कि शक्तिनगर स्थित शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में एक इलेक्ट्रॉनिक सामान की मरम्मत की दुकान में अचानक आग लग गई है। सूचना मिलते ही स्थानीय दुकानदारों और नागरिकों में चिंता फैल गई।

CISF की त्वरित और प्रभावी कार्रवाई से आग पर जल्द काबू पा लिया गया।
CISF ने तुरंत कार्रवाई कर बुझाई आग
सूचना मिलते ही सहायक कमांडेंट सुमन सिंह के नेतृत्व में सीआईएसएफ के बल सदस्य तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना हुए। मौके पर पहुंचकर उन्होंने स्थिति का आकलन किया और बिना समय गंवाए राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया।
बल सदस्यों ने बाल्टियों से पानी डालकर आग बुझाने शुरू किया। साथ ही, आग को फैलने से रोकने के लिए आसपास की दुकानों को भी तुरंत खाली कराया गया।
सीआईएसएफ की त्वरित और प्रभावी कार्रवाई के कारण आग पर जल्द ही पूरी तरह काबू पा लिया गया। इससे शॉपिंग कॉम्प्लेक्स की अन्य दुकानें आग की चपेट में आने से बच गईं। स्थानीय लोगों के अनुसार, दोपहर के समय दुकान बंद थी और आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी।
इस घटना में दुकान संचालक को काफी नुकसान हुआ है, जहां इलेक्ट्रिक सामान जल गए हैं। यह राहत की बात है कि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। सीआईएसएफ की इस कार्रवाई की स्थानीय नागरिकों और दुकानदारों ने सराहना की है, जो उनकी कर्तव्यनिष्ठा और आपदा प्रबंधन क्षमता को दर्शाती है।
कोरबा
पत्रकारों के मान-सम्मान और अधिकारों का सजग प्रहरी बना सर्व पत्रकार एकता महासंघ छत्तीसगढ़
कोरब। छत्तीसगढ़ प्रदेश में पत्रकारों के हितों की रक्षा उनके मान-सम्मान को अक्षुण्ण बनाए रखने और मीडिया जगत की समस्याओं के निराकरण हेतु सर्व पत्रकार एकता महासंघ एक सशक्त आवाज़ बनकर उभरा है, प्रमोद कुमार बंजारे प्रदेशाध्यक्ष सर्व पत्रकार एकता महासंघ छत्तीसगढ़ के नेतृत्व में महासंघ राज्य के पत्रकारों के साथ होने वाले शोषण और अन्याय के विरुद्ध एक अभेद्य महा संगठन के रूप में अपनी पहचान स्थापित कर रहा है ।

संगठन के मुख्य उद्देश्य और संकल्प
- सुरक्षा और सम्मान की प्राथमिकता:- महासंघ का प्राथमिक लक्ष्य पत्रकारों को कार्यक्षेत्र में सुरक्षा प्रदान करना है, उत्कृष्ट और निष्पक्ष पत्रकारिता करने वाले साथियों के मनोबल को बढ़ाने के लिए संगठन समय-समय पर सम्मान समारोह आयोजित करता है ।
- अन्याय के विरुद्ध ‘ढाल’:- पत्रकारों के विरुद्ध होने वाली किसी भी प्रकार की प्रताड़ना या द्वेषपूर्ण कार्यवाही के खिलाफ महासंघ एक ढाल की तरह खड़ा रहता है ।
- भ्रष्टाचार पर प्रहार:- राज्य में हो रहे अवैध कार्यों के विरुद्ध बुलंद आवाज़ उठाना और शासन-प्रशासन तक धरातल की समस्याओं को पहुँचाना संगठन की प्राथमिकता में शामिल है ।
- विस्तृत नेटवर्क:- वर्तमान में महासंघ कोरबा सहित जांजगीर-चांपा, सक्ती, बिलासपुर, मुंगेली, बेमेतरा, महासमुंद, बलौदाबाजार, कोरिया और राजधानी रायपुर जैसे महत्वपूर्ण जिलों में सक्रिय है ।
एकता में ही शक्ति है
जब हम संगठित होंगे तभी हमारे अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित हो सकेगी। सर्व पत्रकार एकता महासंघ का उद्देश्य हर उस पत्रकार की आवाज़ बनना है जो समाज के हित में कार्य कर रहा है ।
सदस्यता अभियान, एक बनें सशक्त बनें
महासंघ छत्तीसगढ़ के समस्त पत्रकार साथियों से अपील करता है कि वे अपने अधिकारों की रक्षा और संगठन की मजबूती के लिए अधिक से अधिक संख्या में इस मुहिम से जुड़ें। एक बड़ा और एकजुट संगठन ही पत्रकारों के उज्ज्वल भविष्य की नींव रख सकता है ।

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